देर शाम गरज के साथ हुई तेज बारिश ने एक बार फिर कटिहार रेलवे स्टेशन की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी है। भारी बारिश के कारण स्टेशन परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। विशेष रूप से, प्लेटफॉर्म संख्या-01 पर स्थिति सबसे ज्यादा खराब दिखी, जहाँ यात्री शेड से पानी झरने की तरह तेजी से नीचे गिरने लगा। पानी की तेज धार अचानक ऊपर से गिरता देख यात्री इधर-उधर भागने लगे, जिससे कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। बारिश का पानी प्लेटफॉर्म परिसर में तेजी से जमा होने के कारण यात्रियों को आने-जाने में काफी कठिनाई हुई। कई यात्री अपने सामान को भीगने से बचाने के लिए सुरक्षित जगह तलाशते रहे, जबकि कुछ को पूरी तरह भीगने पर मजबूर होना पड़ा। इस जलजमाव से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय यात्रियों ने रेल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह कोई नई बात नहीं है, बल्कि हर बारिश में स्टेशन की यही तस्वीर सामने आती है, फिर भी स्थायी समाधान की दिशा में कोई गंभीर पहल नहीं की जाती। यात्रियों ने सवाल उठाया है कि पूर्वोत्तर रेलवे के महत्वपूर्ण स्टेशनों में से एक कटिहार जंक्शन पर यदि थोड़ी देर की बारिश में ही यह हाल हो जाता है, तो यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा की जिम्मेदारी आखिर कौन उठाएगा।
देर शाम गरज के साथ हुई तेज बारिश ने एक बार फिर कटिहार रेलवे स्टेशन की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी है। भारी बारिश के कारण स्टेशन परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। विशेष रूप से, प्लेटफॉर्म संख्या-01 पर स्थिति सबसे ज्यादा खराब दिखी, जहाँ यात्री शेड से पानी झरने की तरह तेजी से नीचे गिरने लगा। पानी की तेज धार अचानक ऊपर से गिरता देख यात्री इधर-उधर भागने लगे, जिससे कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। बारिश का पानी प्लेटफॉर्म परिसर में तेजी से जमा होने के कारण यात्रियों को आने-जाने में काफी कठिनाई हुई। कई यात्री अपने सामान को भीगने से बचाने के लिए सुरक्षित जगह तलाशते रहे, जबकि कुछ को पूरी तरह भीगने पर मजबूर होना पड़ा। इस जलजमाव से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय यात्रियों ने रेल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह कोई नई बात नहीं है, बल्कि हर बारिश में स्टेशन की यही तस्वीर सामने आती है, फिर भी स्थायी समाधान की दिशा में कोई गंभीर पहल नहीं की जाती। यात्रियों ने सवाल उठाया है कि पूर्वोत्तर रेलवे के महत्वपूर्ण स्टेशनों में से एक कटिहार जंक्शन पर यदि थोड़ी देर की बारिश में ही यह हाल हो जाता है, तो यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा की जिम्मेदारी आखिर कौन उठाएगा।
- पुलिस ने राजा सड़क मोड़ से चार व्यक्तियों को शराब के नशे में धूत अवस्था में गिरफ्तार किया है। इन नशेड़ियों को पुलिस ने कार्रवाई के दौरान पकड़ा।1
- देर शाम गरज के साथ हुई तेज बारिश ने एक बार फिर कटिहार रेलवे स्टेशन की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी है। भारी बारिश के कारण स्टेशन परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। विशेष रूप से, प्लेटफॉर्म संख्या-01 पर स्थिति सबसे ज्यादा खराब दिखी, जहाँ यात्री शेड से पानी झरने की तरह तेजी से नीचे गिरने लगा। पानी की तेज धार अचानक ऊपर से गिरता देख यात्री इधर-उधर भागने लगे, जिससे कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। बारिश का पानी प्लेटफॉर्म परिसर में तेजी से जमा होने के कारण यात्रियों को आने-जाने में काफी कठिनाई हुई। कई यात्री अपने सामान को भीगने से बचाने के लिए सुरक्षित जगह तलाशते रहे, जबकि कुछ को पूरी तरह भीगने पर मजबूर होना पड़ा। इस जलजमाव से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय यात्रियों ने रेल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह कोई नई बात नहीं है, बल्कि हर बारिश में स्टेशन की यही तस्वीर सामने आती है, फिर भी स्थायी समाधान की दिशा में कोई गंभीर पहल नहीं की जाती। यात्रियों ने सवाल उठाया है कि पूर्वोत्तर रेलवे के महत्वपूर्ण स्टेशनों में से एक कटिहार जंक्शन पर यदि थोड़ी देर की बारिश में ही यह हाल हो जाता है, तो यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा की जिम्मेदारी आखिर कौन उठाएगा।1
- कटिहार के कड़वा प्रखंड में एक स्कूल भवन का निर्माण बिना किसी जानकारी बोर्ड के कर दिया गया है। इस अजीबोगरीब निर्माण पर स्थानीय लोग और शिक्षा विभाग सवाल उठा रहे हैं।1
- कठिहार जिले के दंदखोरा प्रखंड की भमरेली पंचायत में एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान राजस्व, शिक्षा, स्वास्थ्य सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 300 आवेदनों का मौके पर ही निष्पादन कर लोगों को त्वरित राहत दी गई। बीडीओ ने बताया कि इस शिविर का उद्देश्य समस्याओं का तेजी से समाधान करना था।1
- कटिहार में एक नेता ने भीड़ बढ़ाने की राजनीति पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि जनता को दिखावा नहीं, बल्कि असल विकास चाहिए।1
- कटिहार जिले के आजमनगर थाना क्षेत्र के रामपुर नयाटोली गांव में एक 21 वर्षीय नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में गहरा शोक और आक्रोश व्याप्त है। मृतका की पहचान शमशेरपुर गांव निवासी जितेंद्र सिंह की पुत्री मम्पी कुमारी के रूप में हुई है, जिसकी शादी लगभग छह माह पूर्व रामपुर नयाटोली निवासी मिथुन सिंह के साथ हुई थी। जानकारी के अनुसार, मृतका गर्भवती भी थी। मृतका के मायके पक्ष ने पति मिथुन कुमार और उनके परिजनों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और हत्या कर शव को फंदे से लटकाने का गंभीर आरोप लगाया है। परिजनों के मुताबिक, विवाह के समय 15 लाख रुपये दहेज दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद व्यवसाय के लिए लगातार 5 लाख रुपये की अतिरिक्त मांग की जा रही थी। यह मांग पूरी न होने पर मम्पी कुमारी के साथ अक्सर मारपीट और उत्पीड़न किया जाता था। शनिवार देर रात घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे परिजनों ने शव को संदिग्ध अवस्था में पाया और हत्या की आशंका जताते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। घटना के बाद से आरोपी पति और उनके परिवार के सदस्य घर छोड़कर फरार बताए जा रहे हैं। सूचना पर पहुंची आजमनगर थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। एसआई सत्यम कुमार सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला फंदे से लटकने का प्रतीत हो रहा है, हालांकि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा।1
- वीडियो फुटेज के माध्यम से सभी हमलावरों की एक-एक करके पहचान की जा रही है।1
- पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए कालीगंज बगीचा से एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। इस दौरान, पुलिस ने तस्कर के पास से 35.625 लीटर विदेशी शराब भी बरामद की है।1