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आदरणीय नरेंद्र मोदी जी की विकास यात्रा के 12 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित एक क्विज में शामिल होने वाले एक प्रतिभागी को प्रमाण पत्र मिला है। यह सर्टिफिकेट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी और उनकी टीम की ओर से जारी किया गया है।
Jayprakash joshi
आदरणीय नरेंद्र मोदी जी की विकास यात्रा के 12 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित एक क्विज में शामिल होने वाले एक प्रतिभागी को प्रमाण पत्र मिला है। यह सर्टिफिकेट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी और उनकी टीम की ओर से जारी किया गया है।
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- देवी अहिल्या विश्वविद्यालय (डीएवीवी) में हुई जनसुनवाई में इस बार छात्रों की शैक्षणिक समस्याएँ मुख्य रूप से सामने आईं, जिनमें परीक्षा परिणाम और रिजल्ट से संबंधित शिकायतें सर्वाधिक रहीं। जनसुनवाई में उन कई छात्रों ने अपनी समस्या रखी, जिन्हें विभिन्न कंपनियों में प्लेसमेंट मिल चुका है, लेकिन परिणाम और मुख्य दस्तावेजों की आवश्यकता होने के बावजूद रिजल्ट जारी न होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि इन लंबित परिणामों को कुछ ही दिनों में जारी कर दिया जाएगा। इसी दौरान, बी.पी.एड. की एक छात्रा ने बताया कि चीन में आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता में डीएवीवी का प्रतिनिधित्व करने के कारण वह अपने तीसरे सेमेस्टर की परीक्षा में शामिल नहीं हो सकी थी। छात्रा की शिकायत सुनने के बाद, विश्वविद्यालय प्रशासन ने उसके शैक्षणिक सत्र को प्रभावित होने से रोकने के लिए नियमों के तहत एक विशेष परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया है, जो जल्द ही कराई जाएगी। अन्य छात्रों ने भी रिजल्ट, परीक्षा और डिग्री संबंधी समस्याओं को लेकर आवेदन प्रस्तुत किए। डीएवीवी इंदौर के परीक्षा नियंत्रक अशेष तिवारी ने बताया कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी शिकायतों का शीघ्र निराकरण करने और लंबित परिणामों को कुछ ही दिनों में जारी करने का आश्वासन दिया है।1
- QQRAYCH LI YLAFI QQRAYCH Indore is the largest and most populous city in the Indian state of Madhya Pradesh Indore is the largest and most populous city in the Indian state of Madhya Pradesh1
- सट्टेबाजी के जानलेवा परिणामों का एक और उदाहरण सामने आया है, जहाँ सट्टे ने एक पूरे परिवार की जान ले ली है। इस भयावह घटना ने एक बार फिर यह कड़ा संदेश दिया है कि सट्टा एक बेहद खराब और विनाशकारी लत है, जिससे दूर रहना ही समझदारी है।1
- इंदौर पुलिस ने दिल्ली के एक हार्डवेयर व्यापारी राहुल मित्तल का ₹3 लाख से भरा बैग और ज़रूरी कागजात चंद घंटों में ढूंढकर सुरक्षित वापस लौटा दिए, जिससे व्यापारी की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। राहुल मित्तल अपने व्यापार के सिलसिले में इंदौर के सियागंज आए हुए थे और उन्हें कुछ पेमेंट भी कलेक्ट करना था। सियागंज से पेमेंट इकट्ठा करने के बाद वे सिंधी कॉलोनी जा रहे थे, तभी हाथीपाला और सिंधी कॉलोनी के बीच ई-रिक्शा ऑटो से उनका पैसों से भरा बैग गिर गया। सिंधी कॉलोनी पहुँचने पर उन्हें बैग गिरने का आभास हुआ, जिसके बाद उन्होंने तत्काल रावजी बाजार थाने में इसकी सूचना दी। थाना प्रभारी उमेश यादव ने अपनी टीम के सदस्य मुकेश गायकवाड़ और प्रतिपाल सिंह चौहान को इस काम पर लगाया। टीम ने क्षेत्र के सभी सीसीटीवी कैमरों की तलाश की और कुछ ही घंटों के भीतर व्यापारी के ₹3 लाख और उनके महत्वपूर्ण कागजात उन्हें सौंप दिए। रुपए और कागजात मिलते ही व्यापारी राहुल मित्तल ने इंदौर पुलिस की त्वरित कार्यवाही की जमकर सराहना की। इस पूरी कार्यवाही में एसआई ललिता डावर, हेड कांस्टेबल प्रतिपाल सिंह और हेड कांस्टेबल मुकेश गायकवाड़ ने मुख्य भूमिका निभाई।1
- इंदौर की मशहूर सराफा चौपाटी में देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई जब हाथ धोने के दौरान पानी के छींटों को लेकर शुरू हुआ एक मामूली विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सराफा थाना क्षेत्र स्थित इस प्रसिद्ध व्यंजन स्थल पर दो पक्षों के बीच हुई यह कहासुनी कुछ ही मिनटों में इतनी बढ़ गई कि दोनों पक्ष एक-दूसरे के सामने आ गए और देखते ही देखते चौपाटी का शांत माहौल रणभूमि में तब्दील हो गया। इस दौरान युवकों ने अपना आपा खो दिया और एक-दूसरे पर कुर्सियों से हमला करते हुए जमकर मारपीट की। घटना से चौपाटी में मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई, और कई लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते दिखे। मौके पर मौजूद लोगों ने इस पूरी घटना को अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद सराफा थाना पुलिस हरकत में आई और तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू की। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मारपीट में शामिल छह युवकों को हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ मारपीट और शांति भंग करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की गहन जांच की जा रही है, और यदि जांच में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, सराफा चौपाटी में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और पुलिस स्थिति पर बारीकी से नजर रखे हुए है।1
- दिनांक 07.06.2026 को ढोढर स्थित परवलिया बाछडा डेरा में पुलिस चौकी ढोढर थाना रिंगनोद द्वारा एक सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत, 'अय्याशी' करने आए 32 युवकों पर प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की गई।1
- मोहन सिंह सोलंकी, एक पत्रकार हैं, जिन्होंने अपनी पहचान सनातनी के रूप में बताई है। उनसे 9131950957 और 9926446331 नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है।1
- मध्य प्रदेश में कांग्रेस नेता उमंग सिंघार ने निर्वाचन आयोग कार्यालय के सामने सड़क पर लेटकर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन निर्वाचन आयोग के दफ्तर के बाहर किया गया था।1
- इंदौर के एमवाय अस्पताल में एक बीमार बच्चे को उसके माता-पिता द्वारा करीब एक किलोमीटर तक स्ट्रेचर पर ले जाने की गंभीर घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग ने कठोर कार्रवाई की है। दरअसल, एक न्यूरोलॉजिकल बीमारी से पीड़ित बच्चे को इलाज के लिए सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल भेजा गया था। इस दौरान, भीषण गर्मी में परिजन बच्चे को स्ट्रेचर पर ही अस्पताल परिसर से दूसरे भवन तक पैदल लेकर गए थे। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला सुर्खियों में आया और उच्च स्तर पर इसकी जांच की गई। जांच रिपोर्ट में अस्पताल प्रबंधन और कर्मचारियों की घोर लापरवाही उजागर हुई। वायरल वीडियो की पड़ताल में यह भी सामने आया कि मरीज की स्थिति को देखते हुए विशेषज्ञ चिकित्सकों को मौके पर पहुंचकर उपचार देना चाहिए था, लेकिन निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। इन गंभीर अनियमितताओं के आधार पर, प्रशासन ने जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ दंडात्मक कदम उठाए हैं। इन कार्रवाइयों के तहत, हेल्प डेस्क प्रभारी और सिक्योरिटी ऑफिसर की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं। अस्पताल संचालन से जुड़ी बीवीजी कंपनी पर एक लाख रुपये का आर्थिक दंड लगाया गया है। इसके अतिरिक्त, एक डॉक्टर, तीन नर्स और एक वार्ड बॉय का एक दिन का वेतन काटा गया है। वहीं, अस्पताल अधीक्षक डॉ. अशोक यादव और विभागाध्यक्ष डॉ. परेश सोडिया को कारण बताओ नोटिस जारी कर उनसे जवाब माँगा गया है। इस पूरी घटना ने अस्पताल की सेवाओं को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं।1