बेंगलूरु में महाराणा प्रताप नवयुवक मंडल द्वारा आयोजित महाराणा प्रताप जयंती समारोह में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप के शौर्य, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का भावपूर्ण स्मरण किया गया। इस अवसर पर बेंगलूरु में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित करने और राजस्थान के लिए संचालित किसी ट्रेन का नाम "महाराणा प्रताप एक्सप्रेस" रखने की मांग प्रमुखता से उठी। समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद पूर्व मंत्री दिनेश गुंडूराव ने कहा कि महाराणा प्रताप किसी एक समाज तक सीमित न होकर पूरे राष्ट्र के आदर्श हैं, और उनका संघर्ष व त्याग भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने बेंगलूरु में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना के लिए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। राजस्थान पर्यटन विकास निगम के पूर्व अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने हल्दीघाटी के इतिहास को वीरता और बलिदान की अमर गाथा बताया, साथ ही आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के आरक्षण में व्यावहारिक सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया। जेवरगी विधायक अजय धरम सिंह ने महाराणा प्रताप नवयुवक मंडल के 22 वर्षों के समाज को एकजुट करने और संस्कृति संरक्षण के कार्यों की सराहना की। दक्षिण पश्चिम रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के सदस्य महेंद्र सिंधी ने बेंगलूरु-राजस्थान के बीच चलने वाली किसी ट्रेन का नाम "महाराणा प्रताप एक्सप्रेस" रखने और "महाराणा प्रताप एकता पुरस्कार" शुरू करने का सुझाव रखा। कांग्रेस नेता तनवीर अहमद, महावीर सिंह सुकरलाई, एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़, छात्र नेता अरविंद सिंह भाटी और उद्यमी रामसिंह कुल्हरी सहित कई अन्य वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के आदर्शों को समाज और नई पीढ़ी तक पहुंचाने का आह्वान किया। पुष्कर के संत समताराम ने अपने संदेश में समाज में भाईचारे, सहयोग और एकता बनाए रखने पर जोर दिया, कहा कि आपसी समन्वय और संस्कारों से ही समाज उन्नति कर सकता है। कार्यक्रम में सामाजिक, शैक्षणिक एवं व्यावसायिक क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले कई समाजजनों और संगठनों को सम्मानित किया गया। मंडल अध्यक्ष बच्चन सिंह भाटी ने अतिथियों का स्वागत किया, जबकि जितेंद्र सिंह अणवाणा एवं विजय प्रताप सिंह रायरा ने कार्यक्रम का संचालन किया और पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र सिंह कुम्पावत ने आभार व्यक्त किया। इस समारोह में बड़ी संख्या में समाजबंधुओं और गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति रही, जहां स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का संदेश गूंजा।
बेंगलूरु में महाराणा प्रताप नवयुवक मंडल द्वारा आयोजित महाराणा प्रताप जयंती समारोह में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप के शौर्य, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का भावपूर्ण स्मरण किया गया। इस अवसर पर बेंगलूरु में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित करने और राजस्थान के लिए संचालित किसी ट्रेन का नाम "महाराणा प्रताप एक्सप्रेस" रखने की मांग प्रमुखता से उठी। समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद पूर्व मंत्री दिनेश गुंडूराव ने कहा कि महाराणा प्रताप किसी एक समाज तक सीमित न होकर पूरे राष्ट्र के आदर्श हैं, और उनका संघर्ष व त्याग भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने बेंगलूरु में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना के लिए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। राजस्थान पर्यटन विकास निगम के पूर्व अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने हल्दीघाटी के इतिहास को वीरता और बलिदान की अमर गाथा बताया, साथ ही आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के आरक्षण में व्यावहारिक सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया। जेवरगी विधायक अजय धरम सिंह ने महाराणा प्रताप नवयुवक मंडल के 22 वर्षों के समाज को एकजुट करने और संस्कृति संरक्षण के कार्यों की सराहना की। दक्षिण पश्चिम
रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के सदस्य महेंद्र सिंधी ने बेंगलूरु-राजस्थान के बीच चलने वाली किसी ट्रेन का नाम "महाराणा प्रताप एक्सप्रेस" रखने और "महाराणा प्रताप एकता पुरस्कार" शुरू करने का सुझाव रखा। कांग्रेस नेता तनवीर अहमद, महावीर सिंह सुकरलाई, एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़, छात्र नेता अरविंद सिंह भाटी और उद्यमी रामसिंह कुल्हरी सहित कई अन्य वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के आदर्शों को समाज और नई पीढ़ी तक पहुंचाने का आह्वान किया। पुष्कर के संत समताराम ने अपने संदेश में समाज में भाईचारे, सहयोग और एकता बनाए रखने पर जोर दिया, कहा कि आपसी समन्वय और संस्कारों से ही समाज उन्नति कर सकता है। कार्यक्रम में सामाजिक, शैक्षणिक एवं व्यावसायिक क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले कई समाजजनों और संगठनों को सम्मानित किया गया। मंडल अध्यक्ष बच्चन सिंह भाटी ने अतिथियों का स्वागत किया, जबकि जितेंद्र सिंह अणवाणा एवं विजय प्रताप सिंह रायरा ने कार्यक्रम का संचालन किया और पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र सिंह कुम्पावत ने आभार व्यक्त किया। इस समारोह में बड़ी संख्या में समाजबंधुओं और गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति रही, जहां स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का संदेश गूंजा।
- जालौर लालगढ़ साबरमती स्पेशल ट्रेन जालौर पहुँच गई है, जिसका उत्साहपूर्वक स्वागत किया गया। इस अवसर पर, राजस्थान सरकार के मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग सहित अन्य अधिकारियों ने वर्चुअल माध्यम से ट्रेन का स्वागत और अभिनंदन किया। इसके उपरांत, शाम 5 बजे जब ट्रेन जालौर पहुँची, तो शहरवासियों ने बड़े उत्साह के साथ लोको पायलट का भी स्वागत-अभिनंदन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में शहरवासी मौजूद रहे।4
- जालौर जिले के आहोर कस्बे में 17 जून 2026 को व्यापारियों और नागरिकों ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा है। यह ज्ञापन कस्बे में लगातार बढ़ रही आपराधिक गतिविधियों, व्यापारियों के साथ हो रही मारपीट, वाहनों में तोड़फोड़ और अवैध कब्जों जैसे गंभीर मुद्दों को लेकर दिया गया है। समाचार नेशन ब्यूरो चीफ कयूम खान की रिपोर्ट के अनुसार, इस कदम का उद्देश्य इन समस्याओं पर तत्काल सरकारी ध्यान आकर्षित करना है। ज्ञापन में स्पष्ट आरोप लगाया गया है कि कुछ असामाजिक तत्व लगातार व्यापारियों को निशाना बना रहे हैं, जिसके कारण पूरे कस्बे में भय और असुरक्षा का माहौल व्याप्त है। व्यापारियों ने हाल ही में हुई मारपीट की घटनाओं और वाहनों को पहुँचाए गए नुकसान का विशेष उल्लेख किया है। संगठन एवं नागरिकों ने सरकार से आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी करने, सभी अवैध गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी भी दी है कि यदि इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो आहोर बंद कर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। व्यापारियों का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई से ही कस्बे में शांति और व्यापारिक माहौल फिर से बहाल हो सकेगा।1
- रेवतड़ा गांव में 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक सामूहिक योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में महिलाओं, युवाओं और ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में भाग लिया, जहाँ उन्होंने योग, ध्यान और प्राणायाम का अभ्यास किया। योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में उपस्थित लोगों ने विभिन्न योगासन कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी सायला मंडल महामंत्री नरपतसिंह राजपुरोहित (रेवतड़ा) ने योग को भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताया। उन्होंने कहा कि योग शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करता है, और नियमित योग से व्यक्ति शारीरिक रूप से स्वस्थ, मानसिक रूप से मजबूत तथा तनावमुक्त जीवन जी सकता है। उन्होंने सभी ग्रामीणों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया, और स्वस्थ व निरोगी समाज के निर्माण में योग की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया। कार्यक्रम के दौरान योग के प्रति जागरूकता फैलाने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश भी दिया गया। अंत में, सभी प्रतिभागियों ने नियमित रूप से योग करने का संकल्प लिया।3
- राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत आज (22 जून) जालोर से जोधपुर जाते समय पाली जिले के विभिन्न स्थानों पर आयोजित स्वागत कार्यक्रमों में शामिल हो रहे हैं। उनके इस दौरे को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है, जिसके लिए व्यापक तैयारियाँ की गई हैं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, गहलोत दोपहर 1:15 बजे तखतगढ़ पहुँचेंगे, जहाँ नगर कांग्रेस कमेटी द्वारा उनका भव्य स्वागत किया जाएगा। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता जेसीबी मशीनों से उन पर पुष्प वर्षा कर अभिनंदन करेंगे। स्वागत कार्यक्रम में कांग्रेस जिला अध्यक्ष, पार्टी पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहेंगे। तखतगढ़ में करीब 15 मिनट के प्रवास के दौरान गहलोत कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए संगठन को मजबूत करने और आगामी पंचायत राज तथा नगर निकाय चुनावों के लिए दिशा-निर्देश देंगे। इसके बाद, वे साण्डेराव, गुंदोज, पाली और रोहट में भी आयोजित स्वागत कार्यक्रमों में शिरकत करेंगे। कांग्रेस नेताओं ने बताया कि गहलोत के मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान तखतगढ़ क्षेत्र को कई महत्वपूर्ण सौगातें मिली थीं। इनमें उप तहसील की स्थापना, बालिका महाविद्यालय, तालाब का चौड़ीकरण, नगर की सीसी सड़कों का निर्माण और जवाई बांध के सहायक सेई बांध की सुरंग चौड़ीकरण के लिए लगभग 100 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रमुख थी। इसके अतिरिक्त, जवाई बांध के पुनर्भरण की महत्वाकांक्षी योजना के लिए लगभग 2700 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए थे। हालांकि, कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि सरकार बदलने के बाद यह महत्वाकांक्षी योजना आगे नहीं बढ़ सकी और ठंडे बस्ते में चली गई है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के इस पाली दौरे को लेकर पूरे क्षेत्र के कांग्रेस कार्यकर्ताओं में उत्साह और जोश का माहौल बना हुआ है।2
- राज्य सरकार ने किसान सम्मान निधि में ₹3,000 की वृद्धि की घोषणा की है, जिससे यह राशि ₹6,000 से बढ़कर अब ₹9,000 हो गई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि भविष्य में राज्य सरकार के ₹6,000 अंशदान के बाद किसानों को कुल ₹12,000 की सम्मान निधि प्राप्त होगी। इसके अतिरिक्त, पात्र लाभार्थियों को पेंशन के ₹1,500 और सम्मान निधि के ₹1,000 मिलाकर कुल ₹2,500 का मासिक लाभ मिलेगा। किसानों को राहत प्रदान करने के उद्देश्य से प्रदेश के 26 जिलों में दिन के समय बिजली आपूर्ति शुरू कर दी गई है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने पाँच वर्षों में 3,900 मेगावाट बिजली उत्पादन बढ़ाया था, जबकि वर्तमान सरकार ने सवा दो वर्षों में ही 12,000 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता विकसित की है। उन्होंने यह भी कहा कि किसानों और आमजन को उनकी आवश्यकतानुसार पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराना सरकार की मुख्य प्राथमिकता है।3
- आईएफडब्ल्यूजे पत्रकार संगठन के प्रदेश सचिव और उदयपुर संभाग प्रभारी विक्रम सिंह करणोत ने पत्रकार सुरक्षा कानून को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से सवाल पूछे, जिस पर गहलोत निरुत्तर रहे। इस घटना ने एक अहम सवाल उठाया है कि आखिर क्यों प्रत्येक सवाल का बेबाकी से जवाब देने वाले मंजे हुए नेता, पत्रकारों से जुड़े निजी सवालों पर या तो चुप्पी साध लेते हैं या टाल-मटोल करते दिखाई देते हैं।1
- राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बिलर गांव पहुँचे, जहाँ उन्होंने गौतम ऋषि ट्रस्ट सिरोही-पाली-जालौर मीणा समाज के पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय उमाराम मीणा को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस श्रद्धांजलि सभा में समाजबंधु, जनप्रतिनिधि और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। अशोक गहलोत ने स्वर्गीय उमाराम मीणा के सामाजिक योगदान को याद करते हुए उन्हें समाज का प्रेरणास्रोत बताया। कार्यक्रम में मौजूद अन्य लोगों ने भी पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए।1
- जालौर के मलकेश्वर मठ में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) महिला मोर्चा द्वारा एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर तथा भाजपा महिला मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष राखी राठौर की उपस्थिति में हुआ, जिसका मुख्य उद्देश्य खाद्य तेल संरक्षण, ऊर्जा बचत, ईंधन संरक्षण और श्री अन्न (मोटे अनाज) को बढ़ावा देना था। महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष मंजू सोलंकी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में महिलाओं ने इस कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान प्रदेशाध्यक्ष राखी राठौर का माला, शॉल, साफा और ढोल-नगाड़ों के साथ भव्य स्वागत किया गया। मंजू सोलंकी ने इस अवसर पर कहा कि कम तेल में भी स्वादिष्ट और पौष्टिक भोजन तैयार किया जा सकता है, वहीं अधिक तेल का सेवन मोटापा, हृदय रोग और अन्य गंभीर बीमारियों का कारण बनता है। प्रदेश उपाध्यक्ष विजयलक्ष्मी ने जोर देते हुए कहा कि यह कार्यक्रम केवल एक बैठक नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली और प्रधानमंत्री मोदी के जनकल्याणकारी संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का एक व्यापक अभियान है। उन्होंने उज्ज्वला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और तीन तलाक समाप्ति जैसे महिला सशक्तिकरण के कदमों की सराहना की। प्रदेशाध्यक्ष राखी राठौर ने अपने संबोधन में आज की युवा पीढ़ी के फास्ट फूड और जंक फूड की ओर बढ़ते रुझान पर चिंता व्यक्त की, जिससे कई स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। उन्होंने स्वस्थ समाज और मजबूत राष्ट्र की नींव के रूप में कम तेल, हरी सब्जियों, फलों, दालों और पौष्टिक आहार के महत्व पर बल दिया। इस विशाल जागरूकता कार्यक्रम का विषय "कम तेल की थाली, स्वच्छ भारत की खुशहाली" रहा।1