उदासीन धूणी पर 16 दिन का सोलह धूणा तप देखने उमड़ रहे लोग सीकर, जिले के रानोली इलाके के बेद की ढाणी स्थित पंचाली कोठी के पास बाबा प्रमोददास महाराज द्वारा 16 दिन तक प्रज्वलित सोलह धूणों के बीच की जा रही तपस्या को देखने एवं परिक्रमा करने के लिए इन दिनों काफी लोग उमड़ रहे है। सोमवार से शुरू हुई तपस्या में सातवें दिन बाबा ने उदासी पीठ की धूणी से भक्तों के कष्ट दूर होने की बात कही है। सूर्य की प्रचंड किरणों से तपती धरती एवं प्रज्वलित उपलों के बीच दोपहर 11 बजे से 3 बजे तक की जा रही कड़ी तपस्या लोगों के लिए कोतूहल बनी हुई हैं। सबसे खास बात है कि प्रतिदिन 16 उपलों की 16 जलती ढेरियां, जिन्हें हर दिन 16 के गुणज में प्रज्वलित किया जा रहा है। 16 दिन तक यह सिलसिला चलता रहेगा। भक्ति और शक्ति की इस तपस्या को देखने दिनभर लोगों का तांता लगा हुआ रहता है। वहीं धूणी महंत भक्त भागचंद ने बताया कि रैवासा और सुजावास के बाद प्रसिद्ध तीसरी धूणी बेद की ढाणी में है। यहां धूणी तपस्या के दौरान 13 मई से कलश यात्रा के बाद सात दिवसीय भागवत कथा भी शुरू होगी। तपस्या एवं कथा का समापन 21 मई को भंडारे के साथ होगा।
उदासीन धूणी पर 16 दिन का सोलह धूणा तप देखने उमड़ रहे लोग सीकर, जिले के रानोली इलाके के बेद की ढाणी स्थित पंचाली कोठी के पास बाबा प्रमोददास महाराज द्वारा 16 दिन तक प्रज्वलित सोलह धूणों के बीच की जा रही तपस्या को देखने एवं परिक्रमा करने के लिए इन दिनों काफी लोग उमड़ रहे है। सोमवार से शुरू हुई तपस्या में सातवें दिन बाबा ने उदासी पीठ की धूणी से भक्तों के कष्ट दूर होने की बात कही है। सूर्य की प्रचंड किरणों से तपती धरती एवं प्रज्वलित उपलों के बीच दोपहर 11 बजे से 3 बजे तक की जा रही कड़ी तपस्या लोगों
के लिए कोतूहल बनी हुई हैं। सबसे खास बात है कि प्रतिदिन 16 उपलों की 16 जलती ढेरियां, जिन्हें हर दिन 16 के गुणज में प्रज्वलित किया जा रहा है। 16 दिन तक यह सिलसिला चलता रहेगा। भक्ति और शक्ति की इस तपस्या को देखने दिनभर लोगों का तांता लगा हुआ रहता है। वहीं धूणी महंत भक्त भागचंद ने बताया कि रैवासा और सुजावास के बाद प्रसिद्ध तीसरी धूणी बेद की ढाणी में है। यहां धूणी तपस्या के दौरान 13 मई से कलश यात्रा के बाद सात दिवसीय भागवत कथा भी शुरू होगी। तपस्या एवं कथा का समापन 21 मई को भंडारे के साथ होगा।
- राजस्थान में भाजप महामंत्री राजेंद्र बाजिया के पति का अपहरण कर धारदार हथियार से हमला किया गया। असामाजिक तत्वों ने उनके पैर काटे और बेहोशी की हालत में छोड़कर भाग गए।1
- राजस्थान के गांवड़ी में ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस हाईवे के लिए आयोजित जनसुनवाई में किसानों ने भारी विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने परियोजना रद्द करने, जमीन के बदले जमीन और उचित मुआवजे की मांग करते हुए प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने चेतावनी दी है कि मांगें न मानी जाने पर आंदोलन और तेज किया जाएगा।1
- सीकर में 'मामी-भांजा' स्पेशल गाने पर हुए पारंपरिक डांस का एक वीडियो गुरुवार को सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इस वीडियो में महिलाएं और डांसर राजस्थानी वाद्ययंत्र मंजीरे के साथ नृत्य करते दिख रहे हैं, जिसे खूब पसंद किया जा रहा है।1
- सीकर में एक नए घर को 'धारा' पेंटिंग डिज़ाइन से सजाया गया है। यह अनोखी सजावट स्थानीय लोगों का ध्यान खींच रही है, जिस पर आपकी प्रतिक्रिया का इंतज़ार है।1
- हनुमान बेनीवाल साधु-संतों को न्याय दिलाने के लिए जयपुर की ओर कूच कर चुके हैं। राजस्थान में इस आंदोलन से राजनीतिक गहमागहमी बढ़ने की उम्मीद है।1
- महिला पत्रकार के परिवार पर हमले को लेकर गरजे हनुमान बेनीवाल, कालवाड़ पत्रकार हमला प्रकरण भी उठाया महिला पत्रकार के परिवार पर हमले को लेकर गरजे हनुमान बेनीवाल, कालवाड़ पत्रकार हमला प्रकरण भी उठाया “हमारे ही समाज के मंत्री ने आरोपी को बचाया, सरकार बचाने के लिए दबा दिया गया मामला” जयपुर। महिला पत्रकार के परिवार पर हुए हमले के मुद्दे को लेकर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के सुप्रीमो Hanuman Beniwal ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। बेनीवाल ने पत्रकारों और उनके परिवारों की सुरक्षा को लेकर सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि सत्ता और प्रभावशाली लोगों के दबाव में कई मामलों को दबा दिया जाता है। बेनीवाल ने 25 मई 2022 को झोटवाड़ा क्षेत्र के कालवाड़ इलाके में “हमारा समाचार” से जुड़े तीन पत्रकारों पर हुए हमले का भी जिक्र करते हुए कहा कि उस समय पूरे प्रदेश में पत्रकार सुरक्षा को लेकर बड़ा आंदोलन खड़ा हुआ था, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते आरोपियों को संरक्षण मिला। उन्होंने कहा कि “हमारे ही समाज के एक मंत्री ने आरोपी को बचा लिया। उस समय मंत्री इस्तीफा देने को तैयार हो गए थे, लेकिन सरकार अल्पमत में थी। यदि मंत्री इस्तीफा दे देते तो शायद सरकार भी गिर सकती थी।” उन्होंने कहा कि पत्रकारों पर हमले के मामले में निष्पक्ष कार्रवाई के बजाय सत्ता बचाने की राजनीति की गई। बेनीवाल ने आरोप लगाया कि उस दौरान पीड़ित पत्रकारों को न्याय दिलाने की बजाय मामले को शांत कराने के प्रयास किए गए। आरएलपी सुप्रीमो ने कहा कि कालवाड़ पत्रकार हमला प्रकरण को लेकर करीब 60 दिनों तक धरना चला था और पत्रकार संगठनों ने लगातार आवाज उठाई थी। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर हमला किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता और पत्रकारों तथा उनके परिवारों को सुरक्षा देना सरकार की जिम्मेदारी है। बेनीवाल ने महिला पत्रकार के परिवार पर हुए हालिया हमले को लेकर भी सरकार को घेरते हुए कहा कि यदि पत्रकार और उनके परिवार सुरक्षित नहीं रहेंगे तो भ्रष्टाचार और अपराध के खिलाफ आवाज कौन उठाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि पत्रकार उत्पीड़न की घटनाओं पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो प्रदेशभर में बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा।1
- युवा उदय सम्मेलन में NSUI President विनोद जाखड़ ने क्या कहा!1
- किरयाना खुदरा विक्रेता संघ की नई कार्यकारिणी ने शपथ ली किरयाना खुदरा विक्रेता संघ की नई कार्यकारिणी ने शपथ ली व्यापारिक संगठनों और जनप्रतिनिधियों ने दी शुभकामनाएं सूरतगढ़। किरयाना खुदरा विक्रेता संघ की नई कार्यकारिणी का रविवार को महेश्वरी भवन में शपथ ग्रहण समारोह आयोजित हुआ। कार्यक्रम में चुनाव अधिकारी मनोज सोमानी ने अध्यक्ष पद के लिए राघव गुप्ता,सचिव गोपाल कोठारी कोषाध्यक्ष सतपाल भटेजा को शपथ दिलाई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि भाजपा जिलाध्यक्ष शरणपाल सिंह मान पुर्व विधायक राजेंद्र सिंह भादू, पुर्व विधायक अशोक नागपाल, सुत व्यापार मंडल अध्यक्ष अवतार सिंह सरां नगरपालिका पुर्व अध्यक्ष आरती शर्मा, काजल छाबड़ा, ओमप्रकाश कालवा भाजपा मण्डल अध्यक्ष गोरव बलाना रहे। कार्यकारिणी पूर्व अध्यक्ष किशोर गाबा ने राघव गुप्ता का स्वागत किया। कार्यक्रम में शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यकारिणी के अध्यक्ष राघव गुप्ता के नेतृत्व में व्यापारियों की समस्याओं के समाधान और संगठन को नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।1