राजस्थान के यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने मंगलवार को कोटा में शहरी सेवा शिविर का निरीक्षण किया और पात्र लाभार्थियों को मकानों के मालिकाना हक के पट्टे वितरित किए। इस दौरान उन्होंने हाई टेंशन लाइनों से लेकर नगर निकायों की आर्थिक स्थिति, निकाय चुनाव और यूनिफॉर्म सिविल कोड जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार का पक्ष प्रस्तुत किया। मीडिया से बातचीत में मंत्री खर्रा ने शहरी आवासीय इलाकों से गुजर रही हाई टेंशन विद्युत लाइनों के मामले पर कहा कि यदि ऐसा कोई प्रकरण सरकार के संज्ञान में आता है तो नियमानुसार उसका समाधान किया जाएगा। उन्होंने इस संबंध में जनता से जानकारी उपलब्ध कराने का भी आग्रह किया। नगर निकायों की आर्थिक स्थिति पर मंत्री ने पिछली कांग्रेस सरकार पर सीधे तौर पर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि 2018 से 2023 के दौरान कई निकायों में उपलब्ध बजट से कई गुना अधिक राशि के टेंडर जारी किए गए, जिससे उनकी वित्तीय स्थिति बुरी तरह प्रभावित हुई। साथ ही निकायों की परिसंपत्तियों का अनुचित वितरण भी आय के स्रोत कमजोर होने का एक कारण रहा। इन परिस्थितियों को देखते हुए ही वर्तमान सरकार ने नगर निकायों का सीमा विस्तार किया है, ताकि उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत किया जा सके। झाबर सिंह खर्रा ने जल जीवन मिशन में भी कांग्रेस सरकार पर अनियमितताओं का आरोप लगाया। वहीं, निकाय चुनावों को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार मार्च 2026 से पहले अपनी सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कर चुकी है और अब चुनाव कराना राज्य निर्वाचन आयोग का कार्य है। उन्होंने यह भी बताया कि परिसीमन से जुड़ी याचिकाएं निस्तारित हो चुकी हैं, लेकिन प्रशासनिक अमला एसआईआर और जनगणना कार्यों में व्यस्त होने के कारण पिछड़ा वर्ग आयोग के लिए आवश्यक आंकड़े जुटाने में समय लग रहा है। यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) पर बोलते हुए मंत्री खर्रा ने इसे लंबे समय से चला आ रहा चर्चा का विषय बताया और संकेत दिया कि राज्य सरकार इस दिशा में गंभीरता से काम कर रही है। उन्होंने आगामी विधानसभा सत्र में यूसीसी से संबंधित विधेयक लाने पर विचार किए जाने की संभावना व्यक्त की।
राजस्थान के यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने मंगलवार को कोटा में शहरी सेवा शिविर का निरीक्षण किया और पात्र लाभार्थियों को मकानों के मालिकाना हक के पट्टे वितरित किए। इस दौरान उन्होंने हाई टेंशन लाइनों से लेकर नगर निकायों की आर्थिक स्थिति, निकाय चुनाव और यूनिफॉर्म सिविल कोड जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार का पक्ष प्रस्तुत किया। मीडिया से बातचीत में मंत्री खर्रा ने शहरी आवासीय इलाकों से गुजर रही हाई टेंशन विद्युत लाइनों के मामले पर कहा कि यदि ऐसा कोई प्रकरण सरकार
के संज्ञान में आता है तो नियमानुसार उसका समाधान किया जाएगा। उन्होंने इस संबंध में जनता से जानकारी उपलब्ध कराने का भी आग्रह किया। नगर निकायों की आर्थिक स्थिति पर मंत्री ने पिछली कांग्रेस सरकार पर सीधे तौर पर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि 2018 से 2023 के दौरान कई निकायों में उपलब्ध बजट से कई गुना अधिक राशि के टेंडर जारी किए गए, जिससे उनकी वित्तीय स्थिति बुरी तरह प्रभावित हुई। साथ ही निकायों की परिसंपत्तियों का अनुचित वितरण भी आय के स्रोत
कमजोर होने का एक कारण रहा। इन परिस्थितियों को देखते हुए ही वर्तमान सरकार ने नगर निकायों का सीमा विस्तार किया है, ताकि उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत किया जा सके। झाबर सिंह खर्रा ने जल जीवन मिशन में भी कांग्रेस सरकार पर अनियमितताओं का आरोप लगाया। वहीं, निकाय चुनावों को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार मार्च 2026 से पहले अपनी सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कर चुकी है और अब चुनाव कराना राज्य निर्वाचन आयोग का कार्य है। उन्होंने यह भी बताया कि परिसीमन से
जुड़ी याचिकाएं निस्तारित हो चुकी हैं, लेकिन प्रशासनिक अमला एसआईआर और जनगणना कार्यों में व्यस्त होने के कारण पिछड़ा वर्ग आयोग के लिए आवश्यक आंकड़े जुटाने में समय लग रहा है। यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) पर बोलते हुए मंत्री खर्रा ने इसे लंबे समय से चला आ रहा चर्चा का विषय बताया और संकेत दिया कि राज्य सरकार इस दिशा में गंभीरता से काम कर रही है। उन्होंने आगामी विधानसभा सत्र में यूसीसी से संबंधित विधेयक लाने पर विचार किए जाने की संभावना व्यक्त की।
- कोटा ग्रामीण पुलिस ने 'ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग' के तहत रामगंजमंडी में एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। इस अभियान के तहत प्रशासन और पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए आरोपी भारत उर्फ कपिल शर्मा के फार्म हाउस की अवैध चारदीवारी और निर्माण को जेसीबी से ध्वस्त कर दिया। ध्वस्त की गई इस अवैध संपत्ति का मूल्य लगभग 20 लाख रुपये से अधिक बताया गया है, जिसे अवैध गतिविधियों से अर्जित किया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी भारत उर्फ कपिल शर्मा पिछले 21 दिनों से फरार चल रहा है और उसके खिलाफ कुल 5 मामले दर्ज हैं। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य अपराधियों पर नकेल कसना और अवैध रूप से अर्जित की गई संपत्तियों के खिलाफ एक कड़ा संदेश देना है।1
- राजस्थान में एक बेहद जघन्य घटना सामने आई है, जहां 30 लोगों ने मिलकर एक 13 साल की बच्ची की जिंदगी तबाह कर दी। इस खबर ने लोगों को अंदर तक हिला दिया है, जिसमें कहा गया है कि ऐसी घटनाओं के बावजूद हमारा सिस्टम सोता रहता है और अपराधियों में कानून का कोई डर बाकी नहीं है। जनता ने राजस्थान सरकार और पुलिस प्रशासन से कड़ी मांग की है कि इस मामले के सभी दोषियों को बिना किसी देरी के तुरंत गिरफ्तार किया जाए। साथ ही, फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से उन्हें फांसी की सजा दी जानी चाहिए। इस घटना के दोषियों के प्रति गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए यह भी कहा गया है कि कोई भी वकील उनका केस न लड़े, हालांकि यह जानते हुए भी कि वकीलों को फीस चाहिए, जैसा कि दिल्ली के निर्भया कांड में हुआ था। लोगों का कहना है कि अपराधियों के तो हाथ-पैर तोड़ दिए जाने चाहिए थे, ताकि वे खड़े भी न हो पाते, और आगे उनके साथ क्या होगा, इस पर भी संदेह व्यक्त किया गया है।1
- आज यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा कोटा विकास प्राधिकरण और निगम से जुड़े रहे।1
- शुक्रवार सुबह शहर के घंटाघर क्षेत्र में एक जर्जर और खंडहरनुमा मकान का अगला हिस्सा अचानक भरभराकर गिर गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह मकान चौथमल जी का बताया जा रहा है। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई। जानकारी के मुताबिक, जिस समय यह हादसा हुआ, उस दौरान आसपास की दुकानें बंद थीं और मकान भी काफी लंबे समय से खाली पड़ा था। यह मकान लंबे समय से बंद था क्योंकि इसके सभी निवासी अलग-अलग स्थानों पर रहने चले गए थे, जिसके चलते मकान की उचित देखरेख नहीं हो पा रही थी। देखरेख के अभाव में यह भवन लगातार जर्जर होता गया और आखिरकार उसका अगला हिस्सा ढह गया।1
- कोटा के बोरखेड़ा थाना पुलिस ने प्रगति नगर कॉलोनी में एक युवक के अपहरण, बेरहमी से मारपीट और तोड़फोड़ के सनसनीखेज मामले में बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिसके साथ ही अब तक कुल चार बदमाश सलाखों के पीछे पहुँच चुके हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने युवक का अपहरण करने के बाद उस पर सरियों और पाइपों से बेरहमी से हमला किया था। इसके अतिरिक्त, बदमाशों ने कॉलोनी में स्थित घरों और वाहनों में भी तोड़फोड़ की थी। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों को रिमांड पर लेकर उनसे गहन पूछताछ कर रही है, जबकि इस मामले से जुड़े अन्य फरार बदमाशों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है।1
- उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के रेउसा थाना क्षेत्र में इंस्टाग्राम के जरिए शुरू हुए प्रेम संबंध को लेकर एक विवाद सामने आया है। यह मामला तब और बढ़ गया जब प्रेमिका ने सड़क पर हंगामा किया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। जानकारी के अनुसार, मुंबई की युवती सगुप्ता और रेउसा निवासी तालिब के बीच प्रेम संबंध था। बताया जा रहा है कि दोनों लंबे समय तक लखनऊ में साथ रहे थे। आरोप है कि बाद में तालिब ने किसी बहाने से प्रेमिका को छोड़ दिया। मामला तब और गंभीर हो गया जब प्रेमिका सगुप्ता को तालिब की शादी के बारे में पता चला। इसके बाद वह रेउसा पहुंची और सार्वजनिक रूप से विरोध जताया, इस दौरान उसने कथित तौर पर प्रेमी का कॉलर पकड़कर फटकार भी लगाई।1
- कोटा शहर के विजय बाजार क्षेत्र में मंगलवार को एक पुराना और जर्जर मकान अचानक ढह गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी प्रकार की जनहानि या किसी के घायल होने की कोई सूचना नहीं है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह मकान काफी पुराना और बुरी तरह से जर्जर हो चुका था, जिसके कारण यह हादसा हुआ। इस घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में दहशत का माहौल है। स्थानीय नागरिकों ने चिंता व्यक्त की है कि पास में स्थित दो अन्य पुराने मकान भी जर्जर हालत में हैं और उनके भी कभी भी गिरने का खतरा बना हुआ है। इसको देखते हुए, स्थानीय लोगों ने नगर निगम के संबंधित अधिकारियों, विशेष रूप से ओपी मेहरा से तुरंत इस मामले का संज्ञान लेने की अपील की है। उन्होंने जर्जर भवनों का निरीक्षण कराने और भविष्य में किसी बड़े हादसे को टालने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।2