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पूरनपुर पुलिस ने खोला चोरी का राज, ई-रिक्शा समेत आरोपी गिरफ्तार चोरी के ई-रिक्शा के साथ अभियुक्त व बाल अपचारी पकड़े गए पूरनपुर पुलिस की कार्रवाई पीलीभीत। पुलिस अधीक्षक पीलीभीत के निर्देशन में थाना पूरनपुर पुलिस ने चोरी की घटना का खुलासा करते हुए एक अभियुक्त और एक बाल अपचारी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी का ई-रिक्शा बरामद किया। पुलिस द्वारा मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। हेडलाइन को और तीखी बनाएं
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पूरनपुर पुलिस ने खोला चोरी का राज, ई-रिक्शा समेत आरोपी गिरफ्तार चोरी के ई-रिक्शा के साथ अभियुक्त व बाल अपचारी पकड़े गए पूरनपुर पुलिस की कार्रवाई पीलीभीत। पुलिस अधीक्षक पीलीभीत के निर्देशन में थाना पूरनपुर पुलिस ने चोरी की घटना का खुलासा करते हुए एक अभियुक्त और एक बाल अपचारी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी का ई-रिक्शा बरामद किया। पुलिस द्वारा मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। हेडलाइन को और तीखी बनाएं
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- UPI ट्रांजेक्शन पर टैक्स के दावे को लेकर सुप्रिया श्रीनेत का सरकार पर निशाना कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने UPI ट्रांजेक्शन पर टैक्स लगाए जाने का दावा करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में कुल UPI ट्रांजेक्शन करीब ₹314 लाख करोड़ रहा, जिसमें 66% यानी लगभग ₹207 लाख करोड़ के लेनदेन ₹2,000 से अधिक राशि के थे। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे लेनदेन पर टैक्स लगाया गया तो बड़ी रकम की वसूली होगी।1
- फार्म हाउस में हत्या की साजिश का आरोप, सांसद ने मांगी निष्पक्ष जांच एक सांसद ने दावा किया है कि फार्म हाउस में उनकी हत्या की साजिश रची गई है। उन्होंने सरकार से मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। सांसद ने बाराबंकी हिंसा में शामिल लोगों की भूमिका सामने लाने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि मौत से डरकर जिया नहीं जा सकता और उनके खिलाफ साजिश करने वालों के मंसूबे कामयाब नहीं होंगे। साथ ही उन्होंने अपने समर्थकों से न डरने और संघर्ष जारी रखने की अपील की।1
- लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर ग्रामीणों ने माधोटांडा सड़क किया जाम, बीते दो दिन पूर्व बिजली कटौती को लेकर हो चुका है हंगामा, लगभग 6 घंटे से बिजली न होने से ग्रामीणों में रोष, सब्र का बांध टूटा लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर ग्रामीणों ने माधोटांडा सड़क किया जाम, बीते दो दिन पूर्व बिजली कटौती को लेकर हो चुका है हंगामा, लगभग 6 घंटे से बिजली न होने से ग्रामीणों में रोष, सब्र का बांध टूटा1
- 19 साल से जंगल में कटान पीड़ितों का ‘वनवास’,60 परिवारों को आबादी मिली, 125 आज भी आशियाने की आस में पूरनपुर/पीलीभीत।वर्ष 2007 में शारदा नदी के भीषण भू-कटान ने अशोक नगर गांव का अस्तित्व ही मिटा दिया था। देखते ही देखते पूरा गांव नदी की धारा में समा गया और सैकड़ों परिवार बेघर हो गए। मजबूरी में विस्थापित ग्रामीणों ने पास के जंगल में छप्परपोश घर बनाकर किसी तरह अपना जीवन शुरू किया। करीब 19 वर्ष गुजर जाने के बाद भी बड़ी संख्या में परिवारों की जिंदगी उसी बदहाल स्थिति में अटकी हुई है। आबादी उपलब्ध कराने की मांग के बावजूद करीब 200 परिवारों में से महज 60 परिवारों को ही आबादी मिल सकी, जबकि लगभग 125 परिवार आज भी अपने स्थायी आशियाने की राह देख रहे हैं। आबादी की मांग को लेकर ग्रामीण कई बार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के दरवाजे खटखटा चुके हैं, लेकिन हर बार आश्वासन मिलने के बाद मामला ठंडे बस्ते में चला जाता है। सोमवार को दर्जनों कटान पीड़ित अशोक नगर में एकत्र हुए और शासन-प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने जल्द आबादी उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो भूख हड़ताल शुरू करने को मजबूर होंगे।कटान पीड़ित राधेश्याम गुप्ता ने कहा कि 19 साल से परिवार जंगल में छप्परपोश घरों में रहने को मजबूर हैं। कई बार अधिकारियों से आबादी की मांग की गई, लेकिन अभी तक सिर्फ आश्वासन ही मिला है। उन्होंने कहा कि प्रशासन जल्द स्थायी आबादी उपलब्ध कराए, जिससे परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन मिल सके।ग्रामीणों का आरोप है कि चुनाव के दौरान राजनीतिक दलों के नेता गांव पहुंचकर आबादी और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन चुनाव खत्म होते ही ग्रामीणों की समस्याएं भुला दी जाती हैं।छप्परपोश घरों में रह रहे परिवारों के सामने सिर्फ मूलभूत सुविधाओं का संकट ही नहीं, बल्कि बाघ, तेंदुए और सांपों का खतरा भी बना रहता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार बाघ और तेंदुए पशुबाड़ों से बकरी, बछिया और पालतू कुत्तों को उठा ले गए हैं। शाम होते ही वन्यजीवों के भय से लोग घरों में कैद होकर रहने को मजबूर हो जाते हैं।ग्रामीणों का कहना है कि आबादी न होने के कारण उन्हें सरकारी योजनाओं और मूलभूत सुविधाओं का भी समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है। उनका कहना है कि देश विकास की ओर तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन अशोक नगर के कटान पीड़ित परिवार आज भी 19 साल पुरानी विस्थापन की पीड़ा झेल रहे हैं। ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से जल्द आबादी उपलब्ध कराने की मांग करते हुए मांग पूरी न होने पर भूख हड़ताल की चेतावनी दी है।1
- रोस्टिंग के नाम पर बिजली कटौती और उपभोक्ताओं का आक्रोश दृश्य (Visual):] एंकर स्क्रीन पर या रिपोर्टर現場 पर खड़ा है। पीछे बिजली के तार या ट्रांसफॉर्मर का विजुअल / अख़बार की कटिंग दिखाई जा सकती है। [एंकर/रिपोर्टर की आवाज़ (Audio/Voiceover):] "नमस्कार, मैं हूँ [आपका नाम]। पीलीभीत के पूरनपुर और कलीनगर क्षेत्र में बिजली की लचर व्यवस्था से जनता त्रस्त हो चुकी है। रोस्टिंग के नाम पर हो रही बेतहाशा बिजली कटौती और आसमान छू रहे बिजली के बिलों ने उपभोक्ताओं का जीना मुहाल कर दिया है।" मुख्य बिंदु (Bullets): घंटों बिजली गुल: भीषण गर्मी और उमस के बीच घंटों बिजली गायब रहने से बच्चों, बुजुर्गों और दुकानदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और भी बदतर है जहाँ फॉल्ट ठीक होने में काफी समय लग रहा है। स्मार्ट मीटर का रोना: उपभोक्ताओं का आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली की खपत और रीडिंग बहुत तेजी से बढ़ रही है, जिससे अनाप-शनाप और भारी-भरकम बिल आ रहे हैं। व्यापारी नेता की दो टूक चेतावनी: उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रांतीय मंत्री विजयपाल विक्की ने एक्सईएन (XEN) को चेतावनी दी है कि यदि पूरनपुर और शेरपुर क्षेत्र में रात-रात भर गायब रहने वाली बिजली और रोस्टिंग की समस्या में सुधार नहीं हुआ, तो जोरदार आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय अधिशासी अभियंता शाम 5 बजे ही बरेली निकल जाते हैं। अधिवक्ता संघ की चेतावनी: कलीनगर के निर्वाचित अध्यक्ष पूर्णेंद्र शर्मा एडवोकेट ने भी चेतावनी दी है कि व्यवस्था नहीं सुधरी तो विद्युत कर्मियों के खिलाफ उच्च अधिकारियों को लिखा जाएगा। विभाग का पक्ष: उपखंड अधिकारी विद्युत पूरनपुर, मोहित गुप्ता का कहना है कि भीषण गर्मी में बिजली की डिमांड अधिक है और कोयला न होने के कारण उत्पादन कम हो रहा है, जिस वजह से ऊपर से रोस्टिंग की जा रही है। [समापन दृश्य (Closing Visual):] प्रदर्शन में शामिल लोगों के नाम और एंकर की फाइनल बाइट। [एंकर/रिपोर्टर की आवाज़ (Audio/Voiceover):] "इस आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन के दौरान व्यापार मंडल के कई प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे, जिनमें— विजयपाल विक्की, मोहम्मद जाहिद खान, अशोक खंडेलवाल, संजय गुप्ता, सुरेंद्र अग्रवाल, श्याम नाथ भारद्वाज, गोपाल वर्मा, सचिन गुप्ता, दिलीप गुप्ता, अभिषेक गुप्ता, भूपेश, प्रमोद चंद मियां, रवि गुप्ता, प्रिंस गुप्ता और संजीव वर्मा प्रमुख रूप से शामिल रहे।" "अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस बढ़ते आक्रोश के बाद बिजली व्यवस्था को कब तक पटरी पर लाता है। देखते रहिए [चैनल/प्लेटफॉर्म का नाम]। धन्यवाद।"1
- बिजली की अघोषित कटौती से भड़के ग्रामीण: प्रधान नईम अली के नेतृत्व में माधोटांडा-खटीमा मुख्य मार्ग किया चक्काजाम क्या पीलीभीत का विद्युत विभाग पूरी तरह पंगु हो चुका है? घंटों से बिजली गुल रहने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हो रही? बार-बार झूठा समय देने का खेल कब बंद होगा? जब निर्धारित समय पर सप्लाई बहाल नहीं की जा सकती, तो ग्रामीणों को गुमराह क्यों किया जाता है? क्या जनता का धरने पर बैठना ही एकमात्र रास्ता बचा है? क्या लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण अपील और शिकायतों की कोई कीमत नहीं रह गई है? अधिकारियों की जवाबदेही कब तय होगी? गांव में फैली इस अव्यवस्था और प्रशासनिक नाकामी का जिम्मेदार आखिर कौन है? बिजली की अघोषित कटौती से भड़के ग्रामीण: प्रधान नईम अली के नेतृत्व में माधोटांडा-खटीमा मुख्य मार्ग किया चक्काजाम क्या पीलीभीत का विद्युत विभाग पूरी तरह पंगु हो चुका है? घंटों से बिजली गुल रहने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हो रही? बार-बार झूठा समय देने का खेल कब बंद होगा? जब निर्धारित समय पर सप्लाई बहाल नहीं की जा सकती, तो ग्रामीणों को गुमराह क्यों किया जाता है? क्या जनता का धरने पर बैठना ही एकमात्र रास्ता बचा है? क्या लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण अपील और शिकायतों की कोई कीमत नहीं रह गई है? अधिकारियों की जवाबदेही कब तय होगी? गांव में फैली इस अव्यवस्था और प्रशासनिक नाकामी का जिम्मेदार आखिर कौन है?2
- विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर भव्य आयोजन, संगठन के उद्देश्यों और कार्यों पर हुई चर्चा विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर भव्य आयोजन, संगठन के उद्देश्यों और कार्यों पर हुई चर्चा विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस के अवसर पर मंगलवार को भारत मुकुट बैंक्विट हॉल में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विश्व हिंदू परिषद के विभाग संगठन मंत्री देवेंद्र सोम ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए संगठन की स्थापना, उद्देश्यों और विभिन्न क्षेत्रों में किए जा रहे कार्यों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने धर्मांतरण, लव जिहाद, मठ-मंदिरों की सुरक्षा सहित विभिन्न विषयों पर संगठन के दृष्टिकोण और कार्यों को उपस्थित लोगों के समक्ष रखा। कार्यक्रम में जिला संगठन मंत्री ललित अग्रवाल ने भी अपने विचार व्यक्त किए। मंच का संचालन जिला मंत्री प्रवीण मोहन अग्रवाल ने किया। इस दौरान जिला अध्यक्ष अमरीश मिश्रा, बाबा संतोष गिरी, विभाग सहसंयोजक सोनी पटेल, नगर अध्यक्ष महेश पाठक, जिला मंत्री रणवीर पाठक, जिला शहर प्रचार प्रमुख संजीव गुप्ता तथा नगर मंत्री राहुल यादव सहित संगठन के अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम में परमजीत कौर, जिला संयोजक दुर्गा वाहिनी हरप्रीत कौर और दिव्या मौर्य की भी सहभागिता रही। कार्यक्रम के दौरान संगठन में विभिन्न दायित्वों की घोषणा भी की गई। अक्षत पांडे को नगर संयोजक बजरंग दल, सुलभ अग्रवाल को सहसंयोजक, अर्पित शर्मा को विद्यार्थी प्रमुख, अजय मौर्य को प्रखंड संयोजक अमरिया, आशीष दीक्षित को नगर प्रचार-प्रसार, रजनी देवी को मातृशक्ति संयोजक, महेंद्र कुमार को खंड अध्यक्ष तथा प्रिंस ठाकुर को खंड संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई। समारोह के अंत में करीब दर्जनभर अन्य कार्यकर्ताओं ने विश्व हिंदू परिषद की सदस्यता ग्रहण की। पदाधिकारियों ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए उन्हें संगठन के उद्देश्यों के अनुरूप कार्य करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और समर्थकों की उपस्थिति रही। #विश्वहिंदूपरिषद #VHP #स्थापनादिवस #विश्वहिंदूपरिषदस्थापनादिवस #हिंदूसंगठन #सामाजिककार्य #धर्मसंरक्षण #मंदिरसुरक्षा #बजरंगदल #दुर्गावाहिनी #मातृशक्ति #सनातनधर्म #हिंदूएकता #संगठन #कार्यकर्ता #पीलीभीत #Pilibhit #उत्तरप्रदेश #UPNews #LocalNews #PilibhitNews #BreakingNews #HindiNews1
- पूरनपुर तहसील में महिला वकीलों का हंगामा, बंद शौचालय का ताला तोड़ा पूरनपुर। तहसील परिसर में बंद पड़े महिला शौचालय को लेकर महिला वकीलों में नाराजगी देखने को मिली। समस्या से भड़कीं महिला वकीलों ने शौचालय का ताला तोड़ दिया। उनका आरोप है कि बंद शौचालय के कारण महिला अधिवक्ताओं और फरियादियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। घटना के बाद तहसील परिसर में हलचल मच गई।1