*घूरपुर–प्रतापपुर रोड में बड़ा खेल! बिना सरिया, बिना जाल हो रही ढलाई — ठेकेदार की मनमानी पर अधिकारी मौन* *मंदुरी आरसीसी रोड निर्माण में खुला भ्रष्टाचार का काला सच, मीडिया के कैमरे में कैद हुई घटिया ढलाई* लालापुर,प्रयागराज। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत घूरपुर से प्रतापपुर रोड का निर्माण कार्य इन दिनों सुर्खियों में है। इस सड़क को लेकर पहले भी कई बार खबरें प्रकाशित हो चुकी हैं, लेकिन इसके बावजूद हालात सुधरने के बजाय और भी संदिग्ध होते जा रहे हैं। अब इस सड़क निर्माण की हकीकत सामने आई है, जिसे देखने के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। यह पूरी कहानी आंखों देखी और मौके पर जुटाई गई जानकारी पर आधारित है, जिसने निर्माण कार्य की पोल खोल दी है। लालापुर क्षेत्र के ग्राम सभा मंदुरी में बन रही आरसीसी रोड पर इस समय सड़क की ढलाई का काम चल रहा है, लेकिन ढलाई जिस तरीके से की जा रही है, वह सीधे-सीधे सरकारी मानकों की धज्जियां उड़ाने जैसा है। मौके पर देखा गया कि सड़क निर्माण में न तो सरिया डाला जा रहा है और न ही लोहे का जाल बिछाया जा रहा है। केवल सीमेंट और गिट्टी का मिश्रण डालकर सड़क तैयार की जा रही है। सूत्रों की मानें तो अगर निष्पक्ष जांच हो जाए तो मसाले में भी भारी मिलावट सामने आ सकती है। स्थानीय लोगों द्वारा बनाए गए वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि सड़क को मजबूती देने के लिए आवश्यक कोई भी सामग्री इस्तेमाल नहीं की जा रही है। मीडिया द्वारा मौके पर काम कर रहे मजदूरों से जब पूछा गया कि सरिया और जाल क्यों नहीं डाला जा रहा, तो उन्होंने चौंकाने वाला जवाब दिया। मजदूरों ने कहा कि अगर सरिया डाल दिया जाएगा तो गाड़ियों के आने-जाने में दिक्कत होगी। अब सवाल यह उठता है कि सड़क की मजबूती से ज्यादा चिंता गाड़ियों की अस्थायी आवाजाही की क्यों की जा रही है। क्या ठेकेदार जानबूझकर कमजोर सड़क बना रहा है ताकि बाद में फिर से काम कराया जा सके। ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क के खराब होने से वर्षों से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही थी। इसी समस्या को देखते हुए बारा विधायक के प्रयासों से यह सड़क स्वीकृत हुई और निर्माण शुरू हुआ, लेकिन अब निर्माण के दौरान ही इतनी लापरवाही सामने आ रही है कि लोगों को लग रहा है कि बनने के बाद भी यह सड़क ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है। सबसे गंभीर बात यह है कि जहां-जहां डामरीकरण किया गया है, वहां भी सड़क जगह- जगह से उखड़ने लगी है। नाली का निर्माण नहीं किया जा रहा, पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है, और सड़क की गुणवत्ता पर कोई निगरानी नहीं दिख रही। सूत्रों के अनुसार संबंधित ठेकेदार की पकड़ इतनी मजबूत बताई जा रही है कि बार-बार खबरें प्रकाशित होने के बावजूद न तो विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंच रहे हैं और न ही काम रोकने की कोई कार्रवाई हो रही है। इससे साफ जाहिर होता है कि कहीं न कहीं जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी भी इस पूरे खेल में सवालों के घेरे में है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर इसी तरह घटिया निर्माण होता रहा तो भारी वाहन गुजरते समय सड़क धंस सकती है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ऐसे में सवाल उठता है कि अगर कोई दुर्घटना होती है तो उसकी जिम्मेदारी ठेकेदार लेगा या विभागीय अधिकारी। अब देखना यह है कि मीडिया में लगातार खुलासे के बाद भी क्या संबंधित विभाग कार्रवाई करेगा या फिर घूरपुर-प्रतापपुर रोड भ्रष्टाचार की एक और मिसाल बनकर रह जाएगी।
*घूरपुर–प्रतापपुर रोड में बड़ा खेल! बिना सरिया, बिना जाल हो रही ढलाई — ठेकेदार की मनमानी पर अधिकारी मौन* *मंदुरी आरसीसी रोड निर्माण में खुला भ्रष्टाचार का काला सच, मीडिया के कैमरे में कैद हुई घटिया ढलाई* लालापुर,प्रयागराज। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत घूरपुर से प्रतापपुर रोड का निर्माण कार्य इन दिनों सुर्खियों में है। इस सड़क को लेकर पहले भी कई बार खबरें प्रकाशित हो चुकी हैं, लेकिन इसके बावजूद हालात सुधरने के बजाय और भी संदिग्ध होते जा रहे हैं। अब इस सड़क निर्माण की हकीकत सामने आई है, जिसे देखने के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। यह पूरी कहानी आंखों देखी और मौके पर जुटाई गई जानकारी पर आधारित है, जिसने निर्माण कार्य की पोल खोल दी है। लालापुर क्षेत्र के ग्राम सभा मंदुरी में बन रही आरसीसी रोड पर इस समय सड़क की ढलाई का काम चल रहा है, लेकिन ढलाई जिस तरीके से की जा रही है, वह सीधे-सीधे सरकारी मानकों की धज्जियां उड़ाने जैसा है। मौके पर देखा गया कि सड़क निर्माण में न तो सरिया डाला जा रहा है और न ही लोहे का जाल बिछाया जा रहा है। केवल सीमेंट और गिट्टी का मिश्रण डालकर सड़क तैयार की जा रही है। सूत्रों की मानें तो अगर निष्पक्ष जांच हो जाए तो मसाले में भी भारी मिलावट सामने आ सकती है। स्थानीय लोगों द्वारा बनाए गए वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि सड़क को मजबूती देने के लिए आवश्यक कोई भी सामग्री इस्तेमाल नहीं की जा रही है। मीडिया द्वारा मौके पर काम कर रहे मजदूरों से जब पूछा गया कि सरिया और जाल क्यों नहीं डाला जा रहा, तो उन्होंने चौंकाने वाला जवाब दिया। मजदूरों ने कहा कि अगर सरिया डाल दिया जाएगा तो गाड़ियों के आने-जाने में दिक्कत होगी। अब सवाल यह उठता है कि सड़क की मजबूती से ज्यादा चिंता गाड़ियों की अस्थायी आवाजाही की क्यों की जा रही है। क्या ठेकेदार जानबूझकर कमजोर सड़क बना रहा है ताकि बाद में फिर से काम कराया जा सके। ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क के खराब होने से वर्षों से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही थी। इसी समस्या को देखते हुए बारा विधायक के प्रयासों से यह सड़क स्वीकृत हुई और निर्माण शुरू हुआ, लेकिन अब निर्माण के दौरान ही इतनी लापरवाही सामने आ रही है कि लोगों को लग रहा है कि बनने के बाद भी यह सड़क ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है। सबसे गंभीर बात यह है कि जहां-जहां डामरीकरण किया गया है, वहां भी सड़क जगह- जगह से उखड़ने लगी है। नाली का निर्माण नहीं किया जा रहा, पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है, और सड़क की गुणवत्ता पर कोई निगरानी नहीं दिख रही। सूत्रों के अनुसार संबंधित ठेकेदार की पकड़ इतनी मजबूत बताई जा रही है कि बार-बार खबरें प्रकाशित होने के बावजूद न तो विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंच रहे हैं और न ही काम रोकने की कोई कार्रवाई हो रही है। इससे साफ जाहिर होता है कि कहीं न कहीं जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी भी इस पूरे खेल में सवालों के घेरे में है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर इसी तरह घटिया निर्माण होता रहा तो भारी वाहन गुजरते समय सड़क धंस सकती है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ऐसे में सवाल उठता है कि अगर कोई दुर्घटना होती है तो उसकी जिम्मेदारी ठेकेदार लेगा या विभागीय अधिकारी। अब देखना यह है कि मीडिया में लगातार खुलासे के बाद भी क्या संबंधित विभाग कार्रवाई करेगा या फिर घूरपुर-प्रतापपुर रोड भ्रष्टाचार की एक और मिसाल बनकर रह जाएगी।
- राहुल गांधी के छोटे पैजामे को देखकर पूरा पार्लियामेंट हस्ता है- रवि किशन1
- यूपी में आज से दरोगा भर्ती की परीक्षा शुरू हो गई। प्रदेश भर के परीक्षा केंद्रों में प्रवेश से पहले कैंडिडेट्स की 3 लेयर में चेकिंग की गई। सिर्फ प्रवेश पत्र और आईडी के साथ ही उन्हें अंदर जाने दिया गया। ड्यूटी पर लगे पुलिसवालों के फोन भी जमा करा लिए गए।1
- Post by हिमांशु गुप्ता समाचार नेशन1
- प्रयागराज में दिखे लगाकू विमान,वीडियो वाइरल। यह वीडियो प्रयागराज का बताया जा रहा है। कई लोगों ने बताया कि बमरौली में एयरपोर्ट होने के कारण ऐसे ही दिखाई देते है।समाचार लिखे जाने तक इसकी पुष्टि की जानकारी नहीं हो सकी है।1
- प्रयागराज: संगम नगरी में अपराधी हुए बेखौफ,गुंडे ने सरेआम घर पर चढ़कर की फायरिंग,फायरिंग का लाइव वीडियो आया सामने,वीडियो में अपराधी हाथ में पिस्टल लेकर खुलेआम कर रहा है अंधाधुंध फायरिंग,एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के भीटी इलाके में अलविदा के नमाज के बाद फूजैल व नजर नाम के बीच हुआ विवाद,विवाद के बाद नजर नाम के अपराधी ने घर पर चढ़कर की अंधाधुंध फायरिंग,फायरिंग से दो लोग हुए घायल,गोली चलने से पास में खड़ी फूजैल की पत्नी व भतीजे को गोली लग गई,घायल के इलाज हॉस्पिटल चल रहा है,वहीं पुलिस गोली चलाने वाले अपराधी नजर की तलाश में जुटी।2
- प्रयागराज। प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भैया) विश्वविद्यालय में दिनांक 13/03/2026 शुक्रवार को परिणाम में कथित गड़बड़ी और जबरन फेल किए जाने के विरोध में छात्रों ने आंदोलन किया। बड़ी संख्या में छात्र विश्वविद्यालय परिसर में पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। छात्रों का कहना है कि मेहनत करने वाले विद्यार्थियों के साथ अन्याय किया जा रहा है और उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। छात्रों ने परिणाम की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। छात्र नेता हरगोविंद निषाद (आकाश) ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय को शिक्षा का व्यापार बना दिया गया है। इस दौरान आदित्य पासवान, आकांक्षा, आदर्श समेत कई छात्र मौजूद रहे।1
- Post by गुरु ज्ञान1
- बलिया। जहां बलिया में आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष सहित दर्जनों कार्यकर्ताओं ने गैस की किल्लत को लेकर गैस सिलेंडर को सिर पर रखकर विरोध प्रदर्शन किया। वही आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया कि देश में गैस की किल्लत चल रही है और जिला प्रशासन से लेकर प्रधानमंत्री तक कह रहे है कि कोई किल्लत नही है लेकिन मैं कह रहा हूं कि आज से दिन पहले गैस की कोई किल्लत नही थी। लेकिन अब गैस एजेंसियों पर जाकर देख लीजिए गैस के लिए लोग लाइन में लगकर इंतजार कर रहे है।जब भी भारतीय जनता पार्टी की सरकार आई है कुछ न कुछ त्राहिमाम हो रहा है।नोटबंदी किए, वैक्सीन का, आधार कार्ड का उसके बाद खाता खोलवाइए, गैस की किल्लत तमाम चीजें जो इनके आने के बाद भारत की जनता को लाइन में लगवाइए 15 लाख लीजिए यह मोदी का जुमला है। जबसे यह कुर्सी पर गए है तबसे भारत की जनता परेशान है आज गैस की इतनी किल्लत हो गई है कि लोगों के घरों में चूल्हा तक नही जल रहा है। जिलाधिकारी भी यह बात कह रहे है कि गैस की किल्लत नही है लेकिन मैं आपके चैनल के माध्यम से जिलाधिकारी महोदय से निवेदन करना चाहता हूं कि आप गैस एजेंसी पर लगभग 06 बजे जाइए,08 बजे जाइए मैं अभी नगरा से आ रहा हूं अभी बंद मिला। ये काला बाजारी है ये लोग अधिक पैसा लेकर ब्लैक कर रहे है।लखनऊ में मेरी बेटी रहती है और 2200 रुपए में उसको उसको सिलेंडर मिला है रात के समय दुकान खोलकर अधिक पैसे में लेकर सिलेंडर दे रहे है।सरकार दो लोगों की है शाह और मोदी की सरकार है बाकी पीछे चलने वाले लोग है।1
- Post by हिमांशु गुप्ता समाचार नेशन1