रायबरेली: शून्य से शिखर तक का सफर, डॉ. मनोज पांडेय का सियासी तिलस्म रायबरेली। राजनीति में 'सेल्फ मेड' (स्व-निर्मित) शब्द अगर किसी पर सटीक बैठता है, तो वह हैं डॉ. मनोज कुमार पांडेय। बिना किसी मजबूत राजनीतिक विरासत या पारिवारिक पृष्ठभूमि के, कांग्रेस के अभेद्य दुर्ग रायबरेली में अपनी स्वतंत्र पहचान बनाना किसी चुनौती से कम नहीं था। लेकिन डॉ. पांडेय ने न केवल इस चुनौती को स्वीकार किया, बल्कि छात्र राजनीति से लेकर कैबिनेट मंत्री तक का सफर तय कर खुद को एक कुशल राजनीतिक योद्धा साबित किया। नगर पालिका से शुरू हुआ 'पावर' का सफर निराला नगर निवासी डॉ. मनोज पांडेय के पिता स्व. डॉ. रमाकांत पांडेय एक साधारण दवा व्यवसायी थे। परिवार का राजनीति से दूर-दूर तक नाता नहीं था, लेकिन मनोज पांडेय के भीतर सेवा और नेतृत्व का जज्बा छात्र जीवन से ही उबल रहा था। वर्ष 2001 में उन्होंने भाजपा के टिकट पर नगर पालिका परिषद का चुनाव लड़कर अपनी पहली बड़ी जीत दर्ज की। पालिका अध्यक्ष के रूप में उनके कार्यों की गूँज इतनी रही कि उन्हें नगर पालिका परिषद का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया, जिसने उनके लिए प्रदेश की राजनीति के द्वार खोल दिए। ऊंचाहार के 'अजेय' योद्धा 2012 में डॉ. पांडेय ने समाजवादी पार्टी का दामन थामा और ऊंचाहार विधानसभा से उस समय के दिग्गज नेता स्वामी प्रसाद मौर्य को शिकस्त देकर सबको चौंका दिया। यह उनकी राजनीतिक दूरदर्शिता ही थी कि वे 2012, 2017 और 2022 में लगातार तीन बार विधायक निर्वाचित हुए। सपा सरकार में उन्होंने राज्यमंत्री से लेकर कैबिनेट मंत्री और मुख्य सचेतक जैसे महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी बखूबी निभाई। ऊंचाहार की जनता के बीच उनकी पैठ ने उन्हें इलाके का एक अपरिहार्य चेहरा बना दिया। बदला सियासी समीकरण: भाजपा के साथ नई पारी राजनीति संभावनाओं का खेल है, और डॉ. पांडेय इसके माहिर खिलाड़ी हैं। वर्ष 2024 के राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्होंने वैचारिक मतभेदों के चलते दल से बगावत की और भाजपा प्रत्याशी का समर्थन किया। इसके बाद देश के गृहमंत्री अमित शाह की मौजूदगी में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। वर्तमान में भाजपा सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में वे न केवल रायबरेली के विकास कार्यों को गति दे रहे हैं, बल्कि भाजपा की विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने में जुटे हैं।
रायबरेली: शून्य से शिखर तक का सफर, डॉ. मनोज पांडेय का सियासी तिलस्म रायबरेली। राजनीति में 'सेल्फ मेड' (स्व-निर्मित) शब्द अगर किसी पर सटीक बैठता है, तो वह हैं डॉ. मनोज कुमार पांडेय। बिना किसी मजबूत राजनीतिक विरासत या पारिवारिक पृष्ठभूमि के, कांग्रेस के अभेद्य दुर्ग रायबरेली में अपनी स्वतंत्र पहचान बनाना किसी चुनौती से कम नहीं था। लेकिन डॉ. पांडेय ने न केवल इस चुनौती को स्वीकार किया, बल्कि छात्र राजनीति से लेकर कैबिनेट मंत्री तक का सफर तय कर खुद को एक कुशल राजनीतिक योद्धा साबित किया। नगर पालिका से शुरू हुआ 'पावर' का सफर निराला नगर निवासी डॉ. मनोज पांडेय के पिता स्व. डॉ. रमाकांत पांडेय एक साधारण दवा व्यवसायी थे। परिवार का राजनीति से दूर-दूर तक नाता नहीं था, लेकिन मनोज पांडेय के भीतर सेवा और नेतृत्व का जज्बा छात्र जीवन से ही उबल रहा था। वर्ष 2001 में उन्होंने भाजपा के टिकट पर नगर पालिका परिषद का चुनाव लड़कर अपनी पहली बड़ी जीत दर्ज की। पालिका अध्यक्ष के रूप में उनके कार्यों की गूँज इतनी रही कि उन्हें नगर पालिका परिषद का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया, जिसने उनके लिए प्रदेश की राजनीति के द्वार खोल दिए। ऊंचाहार के 'अजेय' योद्धा 2012 में डॉ. पांडेय ने समाजवादी पार्टी का दामन थामा और ऊंचाहार विधानसभा से उस समय के दिग्गज नेता स्वामी प्रसाद मौर्य को शिकस्त देकर सबको चौंका दिया। यह उनकी राजनीतिक दूरदर्शिता ही थी कि वे 2012, 2017 और 2022 में लगातार तीन बार विधायक निर्वाचित हुए। सपा सरकार में उन्होंने राज्यमंत्री से लेकर कैबिनेट मंत्री और मुख्य सचेतक जैसे महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी बखूबी निभाई। ऊंचाहार की जनता के बीच उनकी पैठ ने उन्हें इलाके का एक अपरिहार्य चेहरा बना दिया। बदला सियासी समीकरण: भाजपा के साथ नई पारी राजनीति संभावनाओं का खेल है, और डॉ. पांडेय इसके माहिर खिलाड़ी हैं। वर्ष 2024 के राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्होंने वैचारिक मतभेदों के चलते दल से बगावत की और भाजपा प्रत्याशी का समर्थन किया। इसके बाद देश के गृहमंत्री अमित शाह की मौजूदगी में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। वर्तमान में भाजपा सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में वे न केवल रायबरेली के विकास कार्यों को गति दे रहे हैं, बल्कि भाजपा की विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने में जुटे हैं।
- उत्तर प्रदेश के रायबरेली में हथियारों के साथ गाड़ी पर स्टंट करते हुए एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर हथियारों के प्रदर्शन और वाहनों पर खतरनाक स्टंट न करने की चेतावनी देता है।1
- रायबरेली के लालगंज में दबंगों ने एक पीड़ित परिवार की जमीन पर बनी दीवार तोड़कर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया। पीड़ित शिवनाथ यादव की सूचना पर 112 पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर दबंगों को रोका और स्थिति को नियंत्रण में किया। यह घटना मुख्यमंत्री के भूमाफियाओं पर सख्त कार्रवाई के निर्देशों के बावजूद हुई।4
- ऊंचाहार में विधायक मनोज पांडेय की शिलापट्ट खाई में फेंकी गई, समर्थकों में नाराजगी रायबरेली जिले के दीनशाह गौरा ब्लॉक क्षेत्र स्थित धमधमा गांव में इंटरलॉकिंग सड़क के लोकार्पण से जुड़ी शिलापट्ट को खाई में फेंके जाने का मामला सामने आया है। यह शिलापट्ट ऊंचाहार विधानसभा क्षेत्र से विधायक मनोज पांडेय द्वारा लगभग एक माह पूर्व लोकार्पित सड़क पर लगाई गई थी। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। जानकारी के अनुसार, इंटरलॉकिंग सड़क निर्माण कार्य के लोकार्पण के दौरान विधायक मनोज पांडेय के नाम की शिलापट्ट लगाई गई थी। आरोप है कि अज्ञात लोगों ने रात के समय शिलापट्ट को उखाड़कर खाई में फेंक दिया। घटना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय लोगों और विधायक समर्थकों में नाराजगी देखी जा रही है। मामले को लेकर भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्ष देवेश वर्मा ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि विधायक मनोज पांडेय लगातार क्षेत्र में विकास कार्य करा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग राजनीतिक ईर्ष्या के चलते इस प्रकार की हरकत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मामला संज्ञान में आ गया है और इसकी जानकारी संबंधित लोगों को दे दी गई है। फिलहाल घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है। वहीं स्थानीय लोग मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।1
- रायबरेली के कहारों के अड्डे के पास तरबूज बेच रहे मोहम्मद सलीम पर अचानक एक जर्जर छज्जा गिर गया। गंभीर रूप से घायल सलीम को अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया, जिसके बाद इलाके में शोक फैल गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन की लापरवाही पर नाराजगी जताई है।1
- रायबरेली के ऊंचाहार से विधायक डॉ मनोज कुमार पाण्डेय को योगी सरकार के 2.0 में मंत्री मण्डल के विस्तार होने पर कैबिनेट मंत्री बनाए जाने पर रविवार की शाम को ऊंचाहार नगर के मुख्य चौराहे पर भाजपाई और उनके समर्थकों ने आतिशबाजी करते हुए एक दूसरे को मिठाई खिला कर अपनी खुशी का इजहार किया।इस मौके पे ओम प्रकाश साहू, सुनील पाण्डेय, राज जायसवाल, अभिषेक पांडेय, मोहन पांडेय, फिरोज जैसे तमाम समर्थक मौजूद रहे। रायबरेली के ऊंचाहार से विधायक डॉ मनोज कुमार पाण्डेय को योगी सरकार के 2.0 में मंत्री मण्डल के विस्तार होने पर कैबिनेट मंत्री बनाए जाने पर रविवार की शाम को ऊंचाहार नगर के मुख्य चौराहे पर भाजपाई और उनके समर्थकों ने आतिशबाजी करते हुए एक दूसरे को मिठाई खिला कर अपनी खुशी का इजहार किया।इस मौके पे ओम प्रकाश साहू, सुनील पाण्डेय, राज जायसवाल, अभिषेक पांडेय, मोहन पांडेय, फिरोज जैसे तमाम समर्थक मौजूद रहे।1
- हिमाचल प्रदेश की लाहौल लद्दाख़ शिंकुला में लगातार बर्फबारी,, हिमाचल प्रदेश की लाहौल घाटी को लद्दाख से जोड़ने वाले शिंकुला पास यातायात को खोलने के लिए BRO जुटा है, लेकिन लगातार बर्फबारी के कारण पास पर भारी बर्फ जमी हुई है।1
- रायबरेली के हरचंदपुर में एक तेज रफ्तार ट्रक ने कार को टक्कर मारी, जिससे कार आगे जा रही रोडवेज बस में जा घुसी। इस भीषण हादसे में कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों की हालत नाजुक बनी हुई है; पुलिस मामले की जांच कर रही है और ट्रक चालक की तलाश जारी है।1
- नौकरी का झांसा देकर लाखों की ठगी करने वाला आरोपी लखनऊ से गिरफ्तार रायबरेली की जगतपुर पुलिस ने नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक वांछित आरोपी को लखनऊ से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है। मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। जगतपुर कोतवाली प्रभारी पंकज कुमार त्यागी ने बताया कि यह मामला 17 अक्टूबर 2025 को दर्ज किया गया था। थाना मिलएरिया क्षेत्र निवासी एक युवक ने शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया था कि वर्ष 2023 में कुछ लोगों ने खुद को प्रशिक्षण एवं नियुक्ति कराने वाली संस्था से जुड़ा बताकर उसे नौकरी दिलाने का झांसा दिया। आरोपियों ने युवक को विश्वास में लेकर कई किश्तों में उससे लाखों रुपये ले लिए। इसके बाद उसे फर्जी नियुक्ति पत्र, प्रशिक्षण संबंधी दस्तावेज और अन्य कागजात देकर गुमराह किया गया। काफी समय बीतने के बावजूद जब नौकरी नहीं मिली, तब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। पीड़ित की तहरीर के आधार पर थाना जगतपुर में धारा 406, 420, 467, 468, 471, 504 और 506 के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस अधीक्षक रवि कुमार के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे अभियान के तहत जगतपुर पुलिस टीम ने 9 मई 2026 को वांछित आरोपी विष्णुप्रभाकर मिश्रा उर्फ सोनू को लखनऊ से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी अमेठी जिले के गौरीगंज थाना क्षेत्र के माधवपुर गांव का निवासी बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई करते हुए उसे जेल भेज दिया है। वहीं पुलिस इस पूरे गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी हुई है।1
- डॉ. मनोज पांडेय के कैबिनेट मंत्री बनने पर जगतपुर में जश्न जगतपुर, रायबरेली। ऊंचाहार विधायक डॉ. मनोज कुमार पांडेय को कैबिनेट मंत्री बनाए जाने पर क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। दोपहर बाद खबर मिलते ही समर्थकों ने जगतपुर चौराहे पर जश्न मनाया। लोगों ने एक-दूसरे को लड्डू खिलाकर बधाई दी और आतिशबाजी की। कार्यकर्ताओं ने “डॉ. मनोज पांडेय जिंदाबाद” के नारे लगाए। इस दौरान सुनील सिंह, हिमांशु, सौरभ, प्रांजल, दीपेश सहित कई लोग मौजूद रहे।1