चित्तौड़गढ़ जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन त्रिनेत्र’ के तहत 6 जून 2026 को निकुंभ थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के कई मामलों में संलिप्त तस्कर रतनलाल जाट की लगभग ₹1 करोड़ मूल्य की अवैध चल एवं अचल संपत्तियों को फ्रीज कर दिया है। नई दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकारी से स्थायी अनुमोदन मिलने के बाद आरोपी के एक आलीशान मकान सहित चार वाहनों को फ्रीज किया गया। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि पुलिस महानिरीक्षक, उदयपुर रेंज गौरव श्रीवास्तव के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकुल शर्मा और डीएसपी बड़ीसादड़ी देशराज कुलदीप के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई हुई। पुलिस जांच में सामने आया कि निकुंभ थाना क्षेत्र के उठेंल गांव निवासी रतनलाल पुत्र जमनालाल जाट के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत उदयपुर के डबोक, सिरोही के रेवदर, बाड़मेर के गुड़ामालानी और चित्तौड़गढ़ के भादसोड़ा पुलिस थानों में विभिन्न प्रकरण दर्ज हैं। इन मामलों की जांच के दौरान ही उसकी अवैध मादक पदार्थ तस्करी से अर्जित संपत्तियों का खुलासा हुआ। जांच में यह भी सामने आया कि रतनलाल ने पिण्ड पटवार हल्का क्षेत्र के खाता संख्या 184 और खसरा संख्या 210 में स्थित एक आवासीय भवन तथा अपने पुत्र राजमल के नाम पर पंजीकृत एक स्कॉर्पियो, एक मोटरसाइकिल, एक स्कूटी और एक ट्रैक्टर अवैध कमाई से खरीदा था। इन संपत्तियों को फ्रीज कराने के लिए 4 मई 2026 को नई दिल्ली स्थित Competent Authority & Administrator, SAFEM (FOP)A एवं NDPS Act को प्रस्ताव भेजा गया था। सुनवाई के बाद, भारत सरकार के सक्षम प्राधिकारी ने उक्त मकान और चारों वाहनों को स्थायी रूप से फ्रीज करने के आदेश जारी किए, जिसके उपरांत स्थानीय पुलिस ने विधिवत कार्रवाई कर संपत्तियों को फ्रीज कर दिया। इनकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग ₹1 करोड़ आंकी गई है। इस कार्रवाई में थानाधिकारी रामसिंह के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल उगमाराम तथा कांस्टेबल योगेश, प्रहलाद, थानसिंह, सूर्यपाल एवं टंवरसिंह की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। जिला पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की मादक पदार्थ तस्करी या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलती है, तो वे तत्काल निकटतम पुलिस थाने, पुलिस कंट्रोल रूम या नारकोटिक्स टिप हेल्पलाइन नंबर 94604-25643 पर सूचना दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
चित्तौड़गढ़ जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन त्रिनेत्र’ के तहत 6 जून 2026 को निकुंभ थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के कई मामलों में संलिप्त तस्कर रतनलाल जाट की लगभग ₹1 करोड़ मूल्य की अवैध चल एवं अचल संपत्तियों को फ्रीज कर दिया है। नई दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकारी से स्थायी अनुमोदन मिलने के बाद आरोपी के एक आलीशान मकान सहित चार वाहनों को फ्रीज किया गया। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि पुलिस महानिरीक्षक, उदयपुर रेंज गौरव श्रीवास्तव के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकुल शर्मा और डीएसपी बड़ीसादड़ी देशराज कुलदीप के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई हुई। पुलिस जांच में सामने आया कि निकुंभ थाना क्षेत्र के उठेंल गांव निवासी रतनलाल पुत्र जमनालाल जाट के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत उदयपुर के डबोक, सिरोही के रेवदर, बाड़मेर के गुड़ामालानी और चित्तौड़गढ़ के भादसोड़ा पुलिस थानों में विभिन्न प्रकरण दर्ज हैं। इन मामलों की जांच के दौरान ही उसकी अवैध मादक पदार्थ तस्करी से अर्जित संपत्तियों का खुलासा हुआ। जांच में यह भी सामने आया कि रतनलाल ने पिण्ड पटवार हल्का क्षेत्र के खाता संख्या 184 और खसरा संख्या 210 में स्थित एक आवासीय भवन तथा अपने पुत्र राजमल के नाम पर पंजीकृत एक स्कॉर्पियो, एक मोटरसाइकिल, एक स्कूटी और एक ट्रैक्टर अवैध कमाई से खरीदा था। इन संपत्तियों को फ्रीज कराने के लिए 4 मई 2026 को नई दिल्ली स्थित Competent Authority & Administrator, SAFEM (FOP)A एवं NDPS Act को प्रस्ताव भेजा गया था। सुनवाई के बाद, भारत सरकार के सक्षम प्राधिकारी ने उक्त मकान और चारों वाहनों को स्थायी रूप से फ्रीज करने के आदेश जारी किए, जिसके उपरांत स्थानीय पुलिस ने विधिवत कार्रवाई कर संपत्तियों को फ्रीज कर दिया। इनकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग ₹1 करोड़ आंकी गई है। इस कार्रवाई में थानाधिकारी रामसिंह के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल उगमाराम तथा कांस्टेबल योगेश, प्रहलाद, थानसिंह, सूर्यपाल एवं टंवरसिंह की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। जिला पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की मादक पदार्थ तस्करी या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलती है, तो वे तत्काल निकटतम पुलिस थाने, पुलिस कंट्रोल रूम या नारकोटिक्स टिप हेल्पलाइन नंबर 94604-25643 पर सूचना दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
- मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) एक नए सिस्टम पर काम कर रही है, जिसके तहत सवाल तैयार करने वाले विशेषज्ञों को भी यह जानकारी नहीं होगी कि उनके द्वारा बनाए गए प्रश्न किस परीक्षा में इस्तेमाल किए जाएंगे। NEET पेपर लीक की घटना के बाद परीक्षा व्यवस्था में यह बड़ा बदलाव किया जा रहा है, जिसका मुख्य लक्ष्य पेपर लीक को नामुमकिन बनाना है। यदि यह नई व्यवस्था सफल होती है, तो पेपर लीक करने वाले माफियाओं की कमर टूट जाएगी और दिन-रात मेहनत करने वाले छात्रों को उनका वास्तविक हक मिल पाएगा। इस पहल का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सफलता का रास्ता अब 'लीक' से नहीं, बल्कि केवल कड़ी मेहनत से तय हो, और छात्रों को 'जुगाड़' की बजाय किताबों पर भरोसा करने के लिए प्रेरित किया जा सके। ईमानदार तैयारी करने वाले छात्रों का भविष्य सुरक्षित हो और जनता का परीक्षा प्रणाली पर भरोसा भी बहाल हो, यही इस बदलाव से उम्मीद की जा रही है। इसका अंतिम लक्ष्य पेपर लीक की संस्कृति को खत्म कर मेहनत और योग्यता की जीत सुनिश्चित करना है।1
- चित्तौड़गढ़ पुलिस ने फिट इंडिया मिशन के तहत रविवार सुबह 'सन्डे ऑन साईकिल' कार्यक्रम और योग गतिविधियों का आयोजन किया। पुलिस उप अधीक्षक बृजेश सिंह ने सुभाष चौक से इंदिरा गांधी स्टेडियम तक आयोजित साइकिल रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जिसमें पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों, युवाओं और आमजन ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन, खासकर युवाओं में स्वास्थ्य, फिटनेस और नियमित व्यायाम के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन से ही एक स्वस्थ समाज और सशक्त राष्ट्र का निर्माण संभव है। पुलिस अधिकारियों और जवानों ने आमजन के साथ साइकिल चलाकर स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। साइकिल रैली के बाद, इंदिरा गांधी स्टेडियम में योग, रोप स्किपिंग और अन्य फिटनेस गतिविधियां आयोजित की गईं। सभी प्रतिभागियों ने इन गतिविधियों में पूरे जोश के साथ हिस्सा लिया और स्वास्थ्य के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दर्शाई। इस दौरान भी पुलिस अधिकारियों और जवानों ने आमजन के साथ सक्रिय रूप से जुड़कर फिटनेस को जीवन का अभिन्न अंग बनाने का संदेश दिया। चित्तौड़गढ़ पुलिस ने कार्यक्रम में शामिल सभी नागरिकों, युवाओं और खिलाड़ियों का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे आयोजनों में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।1
- राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले के निंबाहेड़ा में एक 'हाई वोल्टेज ड्रामा' सामने आया। यहाँ एक युवक अपनी मांगों को लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया, जिसकी मुख्य जिद यह थी कि वह विधायक से बात करना चाहता है।1
- श्रीनाथ जनकल्याण संस्था की सुनीता शर्मा के अनुसार, महिलाओं ने बिना प्रशासन के सहयोग या नेताओं के साथ के, अपने प्रयासों से एक कारोबार खड़ा कर दिखाया है। भ्रष्ट अधिकारियों की लापरवाही और उनकी ओर से डाली गई बाधाओं के बावजूद, महिलाओं की यह उपलब्धि उन सभी के लिए एक करारा जवाब है, जिन्होंने उन्हें आगे बढ़ने से रोकने की कोशिश की थी।1
- साड़ास मंडल के युवा नेता और भाजपा के ऊर्जावान श्री मोनू सोमानी को उनके जन्मदिवस पर हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएँ दी गई हैं। उन्हें हंसमुख स्वभाव, सरल व्यक्तित्व और मिलनसार व्यवहार के धनी व्यक्ति के रूप में सराहा गया है। शुभकामना देने वालों ने ईश्वर से उनके सदैव स्वस्थ, प्रसन्न और यशस्वी रहने की प्रार्थना की है। उनके जीवन में निरंतर सुख, समृद्धि, सम्मान और खुशियों के वास की कामना की गई है। साथ ही, यह भी प्रार्थना की गई है कि श्री सांवलिया सेठ जी की असीम कृपा उन पर और उनके परिवार पर सदैव बनी रहे, और उनके जीवन का प्रत्येक क्षण आनंद, सफलता तथा मंगलमय उपलब्धियों से परिपूर्ण हो।1
- सुप्रीम कोर्ट ने धारा 498A के बढ़ते दुरुपयोग पर गहरी चिंता व्यक्त की है, विशेष रूप से ठोस सबूतों के बिना रिश्तेदारों को आरोपी बनाने और कानूनी प्रक्रिया का इस्तेमाल परिवारों को परेशान करने के लिए किए जाने को लेकर। अदालत ने स्पष्ट किया कि न्याय व्यवस्था का उद्देश्य परिवारों को अनावश्यक विवादों में धकेलना नहीं, बल्कि न्याय सुनिश्चित करना है, और जहां संभव हो, परिवार बचाने तथा रिश्ते जोड़ने के प्रयासों को भी महत्व दिया जाना चाहिए। न्यायालय ने वकीलों और याचिकाकर्ताओं दोनों को जिम्मेदारी से काम करने की सख्त नसीहत दी है। फर्जी दहेज मामलों पर अपनी सख्ती दोहराते हुए, सुप्रीम कोर्ट ने साफ शब्दों में कहा है कि कानून को बदले या प्रताड़ना के हथियार के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।1
- चित्तौड़गढ़ शहर में कथित चोरी का एक और वीडियो सामने आया है, जो अब किला रोड क्षेत्र से जुड़ा है। यह घटना पहले एसपी आवास क्षेत्र से सामने आए इसी तरह के वीडियो के बाद हुई है। इस कथित चोरी के वीडियो को एक बिजली विभाग के कर्मचारी ने मीडिया को 'सबूत' के तौर पर भेजा है। शहर में लगातार बढ़ती चोरी और जघन्य आपराधिक घटनाओं पर अब गंभीर सवाल उठने लगे हैं।1