आगरा-खेरागढ़ तहसील में आज संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया, जहाँ जिलाधिकारी मनीष बंसल ने स्वयं जनसमस्याओं को सुना। इस दौरान कुल 162 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 8 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही बरतने पर तत्काल कार्रवाई की गई। गलत रिपोर्ट लगाने और पैमाइश के मामलों को लंबित रखने के आरोप में कागारौल के कानूनगो राकेश कुमार को तुरंत निलंबित कर दिया गया। वहीं, खेरागढ़ के कानूनगो चुन्नीलाल के खिलाफ जांच समिति गठित करने का आदेश दिया गया है। जिलाधिकारी ने राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीमें बनाने के निर्देश दिए, ताकि शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को जून माह के अंत तक लंबित मामलों को कम करने और शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि सुनिश्चित करने पर ज़ोर दिया। साथ ही, लेखपालों और बीट कॉन्स्टेबलों की संयुक्त बैठकें आयोजित करने और उनके संपर्क विवरण सार्वजनिक करने के आदेश भी दिए गए। तहसील दिवस में दर्ज की गई कुल 162 शिकायतों में राजस्व से संबंधित 62, पुलिस की 40, विकास की 26, चकबंदी की 6, पीडब्ल्यूडी की 6, विद्युत की 10 और अन्य 12 शिकायतें शामिल थीं। प्रमुख मुद्दों में चकरोड, अवैध कब्जा, पैमाइश, अतिक्रमण, नाली, बिजली, राशन और पेंशन से जुड़े मामले रहे।
आगरा-खेरागढ़ तहसील में आज संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया, जहाँ जिलाधिकारी मनीष बंसल ने स्वयं जनसमस्याओं को सुना। इस दौरान कुल 162 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 8 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही बरतने पर तत्काल कार्रवाई की गई। गलत रिपोर्ट लगाने और पैमाइश के मामलों को लंबित रखने के आरोप में कागारौल के कानूनगो राकेश कुमार को तुरंत निलंबित कर दिया गया। वहीं, खेरागढ़ के कानूनगो चुन्नीलाल के खिलाफ जांच समिति गठित करने का आदेश दिया गया है। जिलाधिकारी ने राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीमें बनाने के निर्देश दिए, ताकि शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को जून माह के अंत तक लंबित मामलों को कम करने और शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि सुनिश्चित करने पर ज़ोर दिया। साथ ही, लेखपालों और बीट कॉन्स्टेबलों की संयुक्त बैठकें आयोजित करने और उनके संपर्क विवरण सार्वजनिक करने के आदेश भी दिए गए। तहसील दिवस में दर्ज की गई कुल 162 शिकायतों में राजस्व से संबंधित 62, पुलिस की 40, विकास की 26, चकबंदी की 6, पीडब्ल्यूडी की 6, विद्युत की 10 और अन्य 12 शिकायतें शामिल थीं। प्रमुख मुद्दों में चकरोड, अवैध कब्जा, पैमाइश, अतिक्रमण, नाली, बिजली, राशन और पेंशन से जुड़े मामले रहे।
- क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह के निर्देशन में जसवंतनगर पुलिस ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस बल के साथ रूट मार्च किया। इस दौरान प्रमुख बाजारों, चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर पैदल गश्त कर लोगों में सुरक्षा का विश्वास बढ़ाया गया। रूट मार्च के साथ ही पुलिस ने एक विशेष वाहन चेकिंग अभियान भी चलाया, जिसमें कुल 28 वाहनों के चालान किए गए और एक वाहन को सीज कर दिया गया। अभियान के तहत पुलिस टीम ने संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की सघन जांच करते हुए कुल 150 वाहनों की चेकिंग की। इस दौरान प्रेशर हॉर्न, ड्रिंक एंड ड्राइव तथा अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई। चेकिंग के क्रम में, हेलमेट न पहनने वाले 5 चालकों के चालान किए गए, जबकि नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने पर 2 चालान काटे गए। वहीं, यातायात नियमों का उल्लंघन करते हुए प्रेशर हॉर्न का प्रयोग करने वाले 12 वाहन चालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। इसके अतिरिक्त, शराब पीकर वाहन चलाने के 9 मामलों में चालान किए गए और एक वाहन को सीज कर दिया गया। थानाध्यक्ष कमल भाटी ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने की सलाह दी और कहा कि सड़क सुरक्षा सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने, निर्धारित गति सीमा में वाहन चलाने तथा नशे की हालत में वाहन न चलाने की अपील की। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी प्रकार अभियान जारी रहेगा।1
- मुरैना पुलिस ने देवगढ़ थाना क्षेत्र के नंदपुरा गांव में 21 मई की रात हुई हाई-प्रोफाइल चोरी की वारदात का सफलतापूर्वक खुलासा किया है। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी, जहाँ बदमाशों ने घर से सोने-चांदी के आभूषण, नगदी, और एक लाइसेंसी रायफल व कारतूस तक चुराकर फरार हो गए थे। मामले को चुनौती के रूप में लेते हुए, पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर गहन जांच शुरू की। करीब 15 दिनों की लगातार मेहनत के बाद पुलिस ने एक अंतरराज्यीय चोर गिरोह तक पहुँचने में सफलता पाई। पुलिस ने 32,500 रुपये के इनामी 6 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिसमें गिरोह का सरगना भी शामिल है। पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि गिरोह ने चोरी की वारदात को अंजाम देने से पहले घर की रेकी की थी और फिर सुनियोजित तरीके से इस घटना को अंजाम दिया। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से करीब 45 लाख रुपये का चोरी का माल बरामद किया है। बरामद किए गए सामान में सोने-चांदी के आभूषण, नगदी, लाइसेंसी रायफल, 25 जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई क्रेटा कार शामिल है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों पर पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और कुछ पर इनाम भी घोषित था। हालांकि, इस मामले में एक अन्य आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश पुलिस द्वारा जारी है। इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अपराधी कितना भी शातिर क्यों न हो, पुलिस की जांच और तकनीकी निगरानी से बच पाना आसान नहीं है।1
- मध्य प्रदेश के भिंड जिले में सूरपुरा थाना पुलिस ने ग्राम रमा में हुई एक चोरी की घटना का त्वरित खुलासा करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उनके कब्जे से चोरी हुए सोने-चांदी के जेवरात और सिक्के भी बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 80 हजार रुपये आंकी गई है। यह मामला तब सामने आया जब गत 28 मई 2026 को फरियादी श्रीकृष्ण शर्मा ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया था कि अज्ञात चोरों ने उनके घर में रखी अलमारी का ताला तोड़कर उसमें रखे सोने-चांदी के जेवरात चुरा लिए। इस शिकायत पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 20/26 के तहत बीएनएस की धारा 305ए, 331(4), और 307 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। चोरी की इस घटना को गंभीरता से लेते हुए, पुलिस अधीक्षक भिंड सूरज कुमार वर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव पाठक के निर्देशन और एसडीओपी अटर रविन्द्र वास्कले के मार्गदर्शन में लगातार निगरानी की गई। चोरों के गिरोह का पता लगाने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया था। पुलिस टीम ने मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर संदिग्धों को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर उनके मेमो के मुताबिक चोरी किए गए सोने-चांदी के जेवरात व सिक्के बरामद किए। बरामद किए गए सामान में एक जोड़ी चांदी की तोड़िया, 21 नग चांदी के सिक्के और एक सोने का मंगलसूत्र शामिल है। इस चोरी के खुलासे में थाना प्रभारी सूरपुरा उपनिरीक्षक अरविन्द सिंह सिकरवार, प्रधान आरक्षक रामौतार सिंह, राजवीर सिंह भदौरिया, केशव यादव की मुख्य भूमिका रही। इसके अलावा, आरक्षक सुदीप, अलकेश, सतेन्द्र, रामनरेश, सुकेश, कुलदीप, चालक धर्मेंद्र, पुष्पेन्द्र, कर्मवीर, प्रवीण, सनीत, केशव, अभिषेक यादव और साइबर सेल के आरक्षक राहुल यादव ने भी इस पूरी कार्रवाई में महत्वपूर्ण योगदान दिया।1
- फतेहाबाद थाना क्षेत्र की विजय नगर कॉलोनी में एक संपत्ति विवाद का मामला सामने आया है, जहाँ एक महिला ने कुछ दबंग लोगों पर उसकी बाउंड्री वॉल तोड़कर ज़मीन पर क़ब्ज़ा करने की कोशिश का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता ने इस मामले में पुलिस से त्वरित कार्रवाई की माँग की है, ताकि उसे न्याय मिल सके। प्राप्त जानकारी के अनुसार, विजय नगर कॉलोनी निवासी गीता भोले ने फतेहाबाद थाने में दिए प्रार्थना पत्र में बताया है कि फतेहाबाद रोड स्थित उनके प्लॉट पर वर्ष 2020 से उनका क़ब्ज़ा है। उनका आरोप है कि कुछ लोग फ़र्ज़ी दस्तावेज़ों के आधार पर उनकी भूमि पर दावा कर रहे हैं, जिसकी सूचना वह पहले भी पुलिस को दे चुकी हैं। पीड़िता के अनुसार, बीती रात क़रीब 1:30 बजे कुछ दबंग लोग जेसीबी मशीन लेकर मौक़े पर पहुँचे और उनके प्लॉट की बाउंड्री वॉल को क्षतिग्रस्त कर दिया। इस घटना के बाद क्षेत्र में लोगों की भीड़ एकत्र हो गई और यह मामला चर्चा का विषय बन गया। गीता भोले ने फतेहाबाद पुलिस को लिखित शिकायत देकर दोषियों के ख़िलाफ़ सख़्त कार्रवाई की माँग की है। पुलिस ने इस तहरीर को स्वीकार कर लिया है और मामले की जाँच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जाँच पूरी होने और तथ्यों के आधार पर आवश्यक क़ानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- अमेरिका-ईरान तनाव के कारण संभावित ऊर्जा संकट को देखते हुए देश में ईंधन बचाने की चर्चाएं तेज़ हो गई हैं। इसी क्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नागरिकों से पेट्रोलियम उत्पादों का संयमित उपयोग करने की अपील की है। विभिन्न जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों द्वारा भी ईंधन बचत का संदेश देने के लिए प्रतीकात्मक कदम उठाए जा रहे हैं। इटावा में, गौ माता को "राष्ट्रीय माता" का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर देशभर में भ्रमण कर रहे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के आगमन पर, उनके साथ चल रहे वाहनों के बड़े काफिले को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। स्थानीय स्तर पर कुछ लोगों का कहना है कि जब देश ऊर्जा संरक्षण का संदेश दे रहा है, तब सार्वजनिक जीवन से जुड़े प्रमुख व्यक्तियों को भी ऐसे प्रयासों में सहभागिता दिखानी चाहिए। आलोचकों ने यह भी कहा है कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद समय-समय पर केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी की नीतियों पर मुखर टिप्पणी करते रहे हैं, ऐसे में ऊर्जा बचत संबंधी अपील के संदर्भ में उनके यात्रा प्रबंधन पर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, इस संबंध में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद या उनके प्रतिनिधियों की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक और सामाजिक विश्लेषकों का मानना है कि ऊर्जा संरक्षण जैसे विषयों पर सभी वर्गों और प्रभावशाली व्यक्तियों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है और सार्वजनिक संदेश तथा व्यवहार में सामंजस्य बनाए रखना जनजागरूकता के लिए आवश्यक है।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना में अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई के दौरान एक बार फिर खनन माफिया की दबंगई सामने आई है। अवैध खनन में लिप्त एक ट्रैक्टर-ट्रॉली के चालक ने परिवहन विभाग की टीम को कुचलने का प्रयास किया और फिर मौके से फरार हो गया। यह घटना सिविल लाइन थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-44 के पास नहर के करीब तब हुई, जब परिवहन उपनिरीक्षक मीनाक्षी गोखले अपनी टीम के साथ अवैध खनन में लगे वाहनों की जाँच कर रही थीं। टीम द्वारा एक संदिग्ध ट्रैक्टर-ट्रॉली को रोकने का प्रयास करने पर चालक ने वाहन रोकने के बजाय उसे तेज रफ्तार से भगाना शुरू कर दिया। परिवहन विभाग की टीम ने लगभग आधा किलोमीटर तक वाहन का पीछा किया, इस दौरान चालक ने टीम पर वाहन चढ़ाने का भी प्रयास किया। भागने की कोशिश में चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया और ट्रैक्टर-ट्रॉली एक दीवार से टकरा गई। हादसे के बाद चालक मौके से फरार हो गया, जिसे परिवहन विभाग की टीम ने जब्त कर लिया। सूचना मिलने पर सिविल लाइन थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुँची और जब्त की गई ट्रैक्टर-ट्रॉली को थाने में खड़ा कराया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन और बिना नंबर वाले वाहनों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा तथा कानून तोड़ने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर खनन माफियाओं के हौसले इतने बुलंद क्यों हैं कि वे अब सरकारी अमले पर हमला करने से भी नहीं डर रहे।1
- आगरा जिले के फतेहाबाद बाईपास पर एक शराब से लदा टेंपो पलट गया।1