सत्ता संरक्षण में फैक्ट्रियों की मनमानी के खिलाफ जनाक्रोश का आगाज मानव श्रृंखला बनाकर ग्रामीणों ने किया धरोहर बचाने का आह्वान रविन्द्रनाथ टैगोर, सर जेसी बॉस और सत्यजीत रे की जुडी है स्मृति बंगाल के सैलानियों ने लगायी सरकार से गुहार गिरिडीह : बालमुकुंद फैक्ट्री द्वारा उसरी नदी से जल उठाने की तैयारी सहित इलाके में व्याप्त प्रदूषण व जल-जंगल-जमीन की खुली लूट के खिलाफ रविवार को आयोजित मानव श्रृंखला में सैकड़ो ग्रामीणों ने हिस्सा लिया. मानव श्रृंखला में जल जंगल जमीन ही नहीं बल्कि देश के महान कवि रविन्द्रनाथ टैगोर, सर जेसी बॉस और सत्यजीत रे की स्मृति को बचाने में लगे हुए है. बताया जाता है कि बालमुकुंद फैक्ट्री के द्वारा गैर कानूनी तरीके से उसरी नदी का जल उठाने की तैयारी की जा रही है। इसी उसरी जलप्रपात से देश के कई महानुभाव की यादें व स्मृति जुडी है. बंगाल से आये सैलानी अशोक कुमार राय और उनके परिवार के सदस्य ने बताया कि उसरी फॉल के बारे वह बचपन से किताबों में पढ़ा करते थे. महान कवि रविन्द्रनाथ टैगोर ने इसी जलप्रपात के किनारे बैठकर कई कविता लिखी है जो बंगाल के सरकारी स्कूलों में पठाया जाता है. रविन्द्रनाथ की लिखी कविता से ही उन्हें जिज्ञासा जगी कि वह भी उसरी फॉल जाकर प्राकृतिक के मनोरम दृश्य को देखे लेकिन यहाँ आने पर पता चला कि उसरी फॉल का आस्तित्व खतरे में है.. वह सरकार से मांग करते है कि उसरी फॉल के आस्तित्व को बचाने के लिए आगे आये.
सत्ता संरक्षण में फैक्ट्रियों की मनमानी के खिलाफ जनाक्रोश का आगाज मानव श्रृंखला बनाकर ग्रामीणों ने किया धरोहर बचाने का आह्वान रविन्द्रनाथ टैगोर, सर जेसी बॉस और सत्यजीत रे की जुडी है स्मृति बंगाल के सैलानियों ने लगायी सरकार से गुहार गिरिडीह
: बालमुकुंद फैक्ट्री द्वारा उसरी नदी से जल उठाने की तैयारी सहित इलाके में व्याप्त प्रदूषण व जल-जंगल-जमीन की खुली लूट के खिलाफ रविवार को आयोजित मानव श्रृंखला में सैकड़ो ग्रामीणों ने हिस्सा लिया. मानव श्रृंखला में जल जंगल जमीन ही
नहीं बल्कि देश के महान कवि रविन्द्रनाथ टैगोर, सर जेसी बॉस और सत्यजीत रे की स्मृति को बचाने में लगे हुए है. बताया जाता है कि बालमुकुंद फैक्ट्री के द्वारा गैर कानूनी तरीके से उसरी नदी का जल उठाने की तैयारी
की जा रही है। इसी उसरी जलप्रपात से देश के कई महानुभाव की यादें व स्मृति जुडी है. बंगाल से आये सैलानी अशोक कुमार राय और उनके परिवार के सदस्य ने बताया कि उसरी फॉल के बारे वह बचपन से
किताबों में पढ़ा करते थे. महान कवि रविन्द्रनाथ टैगोर ने इसी जलप्रपात के किनारे बैठकर कई कविता लिखी है जो बंगाल के सरकारी स्कूलों में पठाया जाता है. रविन्द्रनाथ की लिखी कविता से ही उन्हें जिज्ञासा जगी कि वह भी उसरी
फॉल जाकर प्राकृतिक के मनोरम दृश्य को देखे लेकिन यहाँ आने पर पता चला कि उसरी फॉल का आस्तित्व खतरे में है.. वह सरकार से मांग करते है कि उसरी फॉल के आस्तित्व को बचाने के लिए आगे आये.
- 3 से 4 लाख श्रद्धालु! बाबा वैद्यनाथ और बासुकीनाथ धाम में आस्था का महासैलाब1
- गिरिडीह के कालीबाड़ी चौक के समीप नाले से जलजमाव से बचाव के कार्य का मेयर और डिप्टी मेयर ने लिया जायजा यहां नाले का पानी जमा होने से लंबे समय से लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। जलजमाव के कारण सड़क पर यातायात भी बाधित हो रहा था और राहगीरों के साथ-साथ वाहन चालकों को काफी दिक्कतें हो रही थीं।1
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- स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने फुटबॉल खिलाड़ियों का बढ़ाया उत्साह, जर्सी और फुटबॉल किए वितरित। जामताड़ा, संवाददाता। झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्री एवं जामताड़ा विधायक डॉ. इरफान अंसारी ने अपने विधानसभा क्षेत्र के बरटन गांव के फुटबॉल खिलाड़ियों को जर्सी और फुटबॉल प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि खेल युवाओं को अनुशासन, आत्मविश्वास और बेहतर भविष्य की ओर प्रेरित करता है। राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयासरत है और ग्रामीण क्षेत्रों के खिलाड़ियों को भी हरसंभव सहयोग दिया जाएगा। खिलाड़ियों ने मंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के सहयोग से उन्हें बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और ग्रामीण भी मौजूद रहे।1
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- बिहार से बालू लेकर बोकारो जा रहे टेलर गाड़ी द्वारषिणी मोड़ के पास फंसा आवागमन हुआ बाधित। चंद्रपुरा थाना क्षेत्र के चंद्रपुरा-नावाडीह मुख्य सड़क मार्ग पर द्वारषिणी मोड़ के पास रविवार को बिहार से बोकारो बालू लेकर जा रहा एक टेलर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे फंस गया। इससे इस मार्ग पर करीब 10 घंटे तक आवागमन बाधित रहा। मोड़ घुमाते समय फिसली गाड़ी मिली जानकारी के अनुसार टेलर संख्या BR 02 GE 9106 बिहार से बालू लेकर बोकारो जा रहा था। द्वारषिणी मोड़ पर गाड़ी घुमाने के दौरान चालक नियंत्रण खो बैठा और गाड़ी सड़क से नीचे उतरकर किनारे जा फंसी हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। गाड़ी के फंसने से चंद्रपुरा-नावाडीह मुख्य मार्ग पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। स्थानीय लोगों और वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ाताल पुलिस ने जांच के बाद आवागमन बहाल कराया सूचना मिलते ही चंद्रपुरा थाना प्रभारी विक्रम कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। क्रेन की मदद से टेलर को सड़क से हटवाया गया। चंद्रपुरा थाना प्रभारी विक्रम कुमार ने बताया कि जांच में बालू और गाड़ी के कागजात सही पाए गए हैं। करीब 1 घंटे की मशक्कत के बाद आवागमन सामान्य किया गया। बिहार से बालू लेकर बोकारो जा रहे टेलर गाड़ी द्वारषिणी मोड़ के पास फंसा आवागमन हुआ बाधित। चंद्रपुरा थाना क्षेत्र के चंद्रपुरा-नावाडीह मुख्य सड़क मार्ग पर द्वारषिणी मोड़ के पास रविवार को बिहार से बोकारो बालू लेकर जा रहा एक टेलर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे फंस गया। इससे इस मार्ग पर करीब 10 घंटे तक आवागमन बाधित रहा। मोड़ घुमाते समय फिसली गाड़ी मिली जानकारी के अनुसार टेलर संख्या BR 02 GE 9106 बिहार से बालू लेकर बोकारो जा रहा था। द्वारषिणी मोड़ पर गाड़ी घुमाने के दौरान चालक नियंत्रण खो बैठा और गाड़ी सड़क से नीचे उतरकर किनारे जा फंसी हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। गाड़ी के फंसने से चंद्रपुरा-नावाडीह मुख्य मार्ग पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। स्थानीय लोगों और वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ाताल पुलिस ने जांच के बाद आवागमन बहाल कराया सूचना मिलते ही चंद्रपुरा थाना प्रभारी विक्रम कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। क्रेन की मदद से टेलर को सड़क से हटवाया गया। चंद्रपुरा थाना प्रभारी विक्रम कुमार ने बताया कि जांच में बालू और गाड़ी के कागजात सही पाए गए हैं। करीब 1 घंटे की मशक्कत के बाद आवागमन सामान्य किया गया।1