उत्तराखंड के खटीमा क्षेत्र में एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक उग्र हाथी ने तालाब में नहा रहे भैंसों के झुंड पर अचानक हमला बोल दिया। हाथी के इस आक्रामक व्यवहार से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और जान बचाने के लिए भैंसें इधर-उधर भागने लगीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गुस्साए हाथी ने एक भैंस को अपनी चपेट में लेकर कुचल दिया, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि उग्र अवस्था में जंगली हाथी सामने आने वाले किसी भी जीव पर हमला कर सकते हैं, और ऐसे समय में उनके करीब जाना या उन्हें उकसाना बेहद खतरनाक हो सकता है। घटना के बाद वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है, विशेषकर जंगल और हाथियों की आवाजाही वाले क्षेत्रों में। विभाग ने किसी भी आपात स्थिति की सूचना तत्काल उन्हें देने का निर्देश दिया है।
उत्तराखंड के खटीमा क्षेत्र में एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक उग्र हाथी ने तालाब में नहा रहे भैंसों के झुंड पर अचानक हमला बोल दिया। हाथी के इस आक्रामक व्यवहार से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और जान बचाने के लिए भैंसें इधर-उधर भागने लगीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गुस्साए हाथी ने एक भैंस को अपनी चपेट में लेकर कुचल दिया, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि उग्र अवस्था में जंगली हाथी सामने आने वाले किसी भी जीव पर हमला कर सकते हैं, और ऐसे समय में उनके करीब जाना या उन्हें उकसाना बेहद खतरनाक हो सकता है। घटना के बाद वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है, विशेषकर जंगल और हाथियों की आवाजाही वाले क्षेत्रों में। विभाग ने किसी भी आपात स्थिति की सूचना तत्काल उन्हें देने का निर्देश दिया है।
- अम्बेडकरनगर के लोहझरा में कैबिनेट मंत्री डॉक्टर संजय निषाद ने मीडिया के सवालों का जवाब दिया। इस दौरान कैबिनेट मंत्री डॉक्टर संजय निषाद मीडियाकर्मियों से रूबरू हुए और उनके द्वारा पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दिए।1
- अम्बेडकरनगर के जलालपुर क्षेत्र के आजनपारा गांव में एक घर से 25 से अधिक जहरीले कोबरा मिलने से हड़कंप मच गया है। घर में रखे एक प्लास्टिक के ड्रम से छोटे-बड़े सांपों को निकलते देख पूरे परिवार के होश उड़ गए। इस बात की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए। इसके बाद सपेरे को बुलाकर सभी सांपों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। समय रहते सांप दिखाई देने से एक बड़ा हादसा टल गया, लेकिन इस घटना के बाद से पूरे गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है।1
- उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर में शारदा सहायक नहर से खतरा बढ़ गया है। नहर का पानी लोगों के घरों की ओर बढ़ रहा है। पानी को घरों की ओर बढ़ता देख परेशान ग्रामीणों ने अंबेडकर नगर के जिलाधिकारी (डीएम) से मदद की गुहार लगाई है।1
- अम्बेडकर नगर जिले के अकबरपुर अंतर्गत मुबारकपुर दईयाडी के वार्ड नंबर 4 में भी यही समस्या बनी हुई है।1
- जीवन में हंसी को सबसे सस्ती, सरल और सबसे असरदार दवा माना गया है। खुलकर हंसने वाले व्यक्ति में मुश्किलों का सामना करने के लिए अधिक आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच का संचार होता है। हंसी केवल चेहरे की मुस्कान नहीं है, बल्कि यह मन और शरीर दोनों के लिए ऊर्जा का एक बड़ा स्रोत है। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में जहां तनाव, चिंता और व्यस्तता के कारण लोगों की मुस्कान खो गई है, वहीं स्वयं हंसना और दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाना आपसी रिश्तों में मधुरता घोलता है और मानसिक तनाव को कम करता है। वैज्ञानिक शोध भी इस बात की पुष्टि करते हैं कि हंसने से शरीर में सकारात्मक हार्मोन बढ़ते हैं, जिससे रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और हृदय भी स्वस्थ रहता है। अपने परिवार, मित्रों और समाज में खुशी, अपनेपन और सकारात्मकता का माहौल बनाना बेहद जरूरी है। छोटी-छोटी बातों पर मुस्कुराना, दूसरों की खुशियों में शामिल होना और किसी निराश व्यक्ति का हौसला बढ़ाना भी समाज की एक बहुत बड़ी सेवा है। ऐसे में, हर दिन खुलकर हंसने, दूसरों को हंसाने और एक स्वस्थ, प्रसन्न व सकारात्मक जीवन की ओर कदम बढ़ाने का संकल्प लेना चाहिए, क्योंकि मुस्कान बांटने से ही जीवन खुशहाल बनता है।1
- अम्बेडकरनगर के लोहझरा में डॉक्टर संजय निषाद, धर्मराज निषाद और जिलाधिकारी ने मिलकर पौधारोपण किया।1
- अंबेडकरनगर जिले के अकबरपुर में एक घर के अंदर रखा ड्रम कोबरा सांपों का अड्डा बन गया है। इस ड्रम से एक साथ कई सांप बाहर निकले हैं, जिसके बाद से पूरे गांव में सनसनी फैल गई है।1
- सुल्तानपुर के लम्भुआ-दुर्गापुर मार्ग पर क्रॉसिंग से पहले एक विशाल शीशम का पेड़ अचानक सड़क पर गिर गया है। यह भारी-भरकम पेड़ इस समय विद्युत विभाग के तारों के सहारे टिका हुआ है, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। पेड़ गिरने के कारण इस मार्ग पर आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया है और वहां से गुजरने वाले राहगीरों में दहशत का माहौल है। इस खतरनाक स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने विद्युत विभाग और संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से तत्काल मौके पर पहुंचने की मांग की है। लोगों का कहना है कि प्रशासन तुरंत पेड़ को हटाकर विद्युत आपूर्ति सुरक्षित करे, ताकि किसी भी तरह की जनहानि या दुर्घटना से बचा जा सके। इसके साथ ही एक अपील भी जारी की गई है कि जब तक पेड़ को नहीं हटाया जाता, तब तक वाहन चालक और राहगीर इस मार्ग पर अत्यंत सावधानी बरतें और बिजली के तारों के पास जाने से बचें।1