logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

1 day ago
user_Royal Mirza
Royal Mirza
Voice of people पूरनपुर, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
1 day ago

More news from Uttar Pradesh and nearby areas
  • शेरपुर कला में जमीन पर अवैध कब्जा करने का प्रयास, विरोध करने पर मिली धमकी पूरनपुर तहसील क्षेत्र के गांव शेरपुर कला निवासी मोहम्मद असलम पुत्र लाल मोहम्मद ने जमीन पर अवैध कब्जे के प्रयास का आरोप लगाते हुए प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित ने रविवार दोपहर करीब 1 बजे जानकारी देते हुए बताया कि गांव में स्थित उनकी पुश्तैनी जमीन पर कुछ दबंग भूमाफिया अवैध रूप से कब्जा करने की नीयत से बुनियाद भरने का प्रयास कर रहे थे। मोहम्मद असलम के अनुसार जब उन्हें इस गतिविधि की जानकारी हुई और उन्होंने मौके पर पहुंचकर इसका विरोध किया तो आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और मारपीट पर आमादा हो गए। पीड़ित का कहना है कि दबंगों ने खुलेआम धमकी दी कि यदि उन्होंने दोबारा विरोध किया तो उन्हें और उनके परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इस घटना के बाद से पीड़ित और उसका परिवार भय और असुरक्षा के माहौल में रहने को मजबूर है। पीड़ित ने बताया कि उक्त लोग दबंग है और वह किसानों तरह के लड़ाई झगड़े में पड़ना नहीं चाहते हैं, इसी के चलते उक्त लोगों के होसले बुलंद हैं। मोहम्मद असलम ने मामले की शिकायत उपजिलाधिकारी व जिलाधिकारी से कर उक्त लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
    1
    शेरपुर कला में जमीन पर अवैध कब्जा करने का प्रयास, विरोध करने पर मिली धमकी
पूरनपुर तहसील क्षेत्र के गांव शेरपुर कला निवासी मोहम्मद असलम पुत्र लाल मोहम्मद ने जमीन पर अवैध कब्जे के प्रयास का आरोप लगाते हुए प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित ने रविवार दोपहर करीब 1 बजे जानकारी देते हुए बताया कि गांव में स्थित उनकी पुश्तैनी जमीन पर कुछ दबंग भूमाफिया अवैध रूप से कब्जा करने की नीयत से बुनियाद भरने का प्रयास कर रहे थे। मोहम्मद असलम के अनुसार जब उन्हें इस गतिविधि की जानकारी हुई और उन्होंने मौके पर पहुंचकर इसका विरोध किया तो आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और मारपीट पर आमादा हो गए। पीड़ित का कहना है कि दबंगों ने खुलेआम धमकी दी कि यदि उन्होंने दोबारा विरोध किया तो उन्हें और उनके परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इस घटना के बाद से पीड़ित और उसका परिवार भय और असुरक्षा के माहौल में रहने को मजबूर है। पीड़ित ने बताया कि उक्त लोग दबंग है और वह किसानों तरह के लड़ाई झगड़े में पड़ना नहीं चाहते हैं, इसी के चलते उक्त लोगों के होसले बुलंद हैं। मोहम्मद असलम ने मामले की शिकायत उपजिलाधिकारी व जिलाधिकारी से कर उक्त लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
    user_Firasat khan
    Firasat khan
    Pilibhit, Uttar Pradesh•
    35 min ago
  • पूरनपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव गुलड़िया खास में रविवार दोपहर एक पारिवारिक विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। गांव निवासी पार्वती पत्नी नेतराम ने रविवार दोपहर करीब तीन बजे जानकारी देते हुए बताया कि वह गांव में अपने दामाद के घर के सामने से निकल रही थीं। इसी बात को लेकर दामाद नाराज हो गया और कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आरोप है दामाद ने धारदार हथियार से पार्वती पर हमला कर दिया। हमले में पार्वती को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बीच-बचाव कर किसी तरह घायल महिला को अस्पताल भिजवाया। मामले में पुलिस से शिकायतकर कार्रवाई की मांग की गई है।
    1
    पूरनपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव गुलड़िया खास में रविवार दोपहर एक पारिवारिक विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। गांव निवासी पार्वती पत्नी नेतराम ने रविवार दोपहर करीब तीन बजे जानकारी देते हुए बताया कि वह गांव में अपने दामाद के घर के सामने से निकल रही थीं। इसी बात को लेकर दामाद नाराज हो गया और कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आरोप है दामाद ने धारदार हथियार से पार्वती पर हमला कर दिया। हमले में पार्वती को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बीच-बचाव कर किसी तरह घायल महिला को अस्पताल भिजवाया। मामले में पुलिस से शिकायतकर कार्रवाई की मांग की गई है।
    user_Nazim Khan
    Nazim Khan
    पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • डॉ रागिनी सोनकर ने सरकार के सामने रखी बड़ी मांगे विपक्ष को खड़ा किया सवालों के बड़े घेरे में
    1
    डॉ रागिनी सोनकर ने सरकार के सामने रखी बड़ी मांगे विपक्ष को खड़ा किया सवालों के बड़े घेरे में
    user_Munish Chaudhry
    Munish Chaudhry
    पत्रकार पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    12 hrs ago
  • Post by संदीप निडर
    1
    Post by संदीप निडर
    user_संदीप निडर
    संदीप निडर
    पत्रकार पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    15 hrs ago
  • पीलीभीत के निवासी रमेश सिकदार ने मात्र ₹5000 में पुरानी साइकिल को बाइक में बदलकर किया नया अविष्कार। #richhola #UttarPradesh #puranpur_pilibhit #माला
    1
    पीलीभीत के निवासी रमेश सिकदार ने मात्र ₹5000 में पुरानी साइकिल को बाइक में बदलकर किया नया अविष्कार। #richhola #UttarPradesh #puranpur_pilibhit #माला
    user_NARESH MALLICK
    NARESH MALLICK
    Insurance Agent पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    15 hrs ago
  • लखीमपुर खीरी ​मझगई वन रेंज के बेला कला गांव में उस वक्त अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बन गया, जब एक आदमखोर तेंदुए ने खेत में काम कर रहे युवक पर जानलेवा हमला कर दिया। इस घटना के बाद से ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति भारी आक्रोश है। ​खेत में बुवाई के दौरान हुआ हमला ​जानकारी के मुताबिक, बेला कला निवासी अरविंद कुमार अपने खेत में गन्ने की बुवाई कर रहा था। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे बैठे तेंदुए ने अचानक उस पर हमला बोल दिया। अरविंद के चीखने-चिल्लाने पर जब तक ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तेंदुआ उसे गंभीर रूप से घायल कर चुका था।
    1
    लखीमपुर खीरी ​मझगई वन रेंज के बेला कला गांव में उस वक्त अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बन गया, जब एक आदमखोर तेंदुए ने खेत में काम कर रहे युवक पर जानलेवा हमला कर दिया। इस घटना के बाद से ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति भारी आक्रोश है।
​खेत में बुवाई के दौरान हुआ हमला
​जानकारी के मुताबिक, बेला कला निवासी अरविंद कुमार अपने खेत में गन्ने की बुवाई कर रहा था। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे बैठे तेंदुए ने अचानक उस पर हमला बोल दिया। अरविंद के चीखने-चिल्लाने पर जब तक ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तेंदुआ उसे गंभीर रूप से घायल कर चुका था।
    user_News live 24
    News live 24
    पलिया, लखीमपुर खीरी, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • सबलपुर खास में बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी, डॉ. आर. सी. पाठक ने वैज्ञानिक गन्ना खेती अपनाने का किया आह्वान पूरनपुर, किसान सहकारी चीनी मिल के ग्राम सबलपुर खास में रविवार दोपहर तीन बजे आयोजित बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी में मुख्य गन्ना विकास सलाहकार, चीनी मिल संघ उत्तर प्रदेश डॉ. आर. सी. पाठक ने किसानों को वैज्ञानिक एवं उन्नत गन्ना खेती अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अधिक उत्पादन और बेहतर रिकवरी केवल रोग-कीट रहित प्रमाणित स्वस्थ बीज तथा वैज्ञानिकों द्वारा अनुशंसित स्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई से ही संभव है। डॉ. पाठक ने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि किसान अस्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई कदापि न करें। ऐसी किस्मों से न तो संतोषजनक पैदावार मिलती है और न ही चीनी की रिकवरी अच्छी होती है। उन्होंने बताया कि चीनी मिलों द्वारा अस्वीकृत किस्मों की खरीद नहीं की जाती, जिससे किसानों को गन्ना मिल तक ले जाने के बाद वापस लौटना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ किसान अस्वीकृत किस्मों का सर्वे अगेती किस्मों में दर्ज करा देते हैं, जो अंततः किसान और चीनी मिल—दोनों के लिए नुकसानदेह सिद्ध होता है। इस अवसर पर जिला गन्ना अधिकारी पीलीभीत खुशी राम भार्गव ने कहा कि वर्तमान समय बसंतकालीन गन्ना बुवाई के लिए अत्यंत उपयुक्त है। यदि किसान प्रमाणित बीज, वैज्ञानिक सलाह और अनुशंसित तकनीकों को अपनाएं तो उत्पादन के साथ-साथ आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। उन्होंने किसान सहकारी चीनी मिल पूरनपुर क्षेत्र के सभी किसानों से अपील की कि वे केवल स्वीकृत गन्ना किस्मों की ही बुवाई करें तथा गन्ना आधारित सहफसली प्रणाली अपनाएं। उन्होंने बताया कि अस्वीकृत किस्मों की बुवाई से न केवल किसानों को सीधा नुकसान होता है, बल्कि चीनी उद्योग की गुणवत्ता और उत्पादकता भी प्रभावित होती है। उन्होंने विशेष रूप से चेताया कि कोशा-21269, पीबी-95, को-1148 और बीओ-91 जैसी किस्मों की बुवाई न करें। गोष्ठी में संजय श्रीवास्तव (ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक पूरनपुर), अमित श्रीवास्तव (मुख्य गन्ना अधिकारी पूरनपुर), टी. पी. पाल (मुख्य रसायनविद) सहित सुरेश पाल सिंह, बादाम सिंह, कृष्ण देव बाजपेई, बहादुर सिंह, गुरभाग सिंह व बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
    2
    सबलपुर खास में बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी, डॉ. आर. सी. पाठक ने वैज्ञानिक गन्ना खेती अपनाने का किया आह्वान
पूरनपुर, किसान सहकारी चीनी मिल के ग्राम सबलपुर खास में रविवार दोपहर तीन बजे आयोजित बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी में मुख्य गन्ना विकास सलाहकार, चीनी मिल संघ उत्तर प्रदेश डॉ. आर. सी. पाठक ने किसानों को वैज्ञानिक एवं उन्नत गन्ना खेती अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अधिक उत्पादन और बेहतर रिकवरी केवल रोग-कीट रहित प्रमाणित स्वस्थ बीज तथा वैज्ञानिकों द्वारा अनुशंसित स्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई से ही संभव है। डॉ. पाठक ने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि किसान अस्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई कदापि न करें। ऐसी किस्मों से न तो संतोषजनक पैदावार मिलती है और न ही चीनी की रिकवरी अच्छी होती है। उन्होंने बताया कि चीनी मिलों द्वारा अस्वीकृत किस्मों की खरीद नहीं की जाती, जिससे किसानों को गन्ना मिल तक ले जाने के बाद वापस लौटना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ किसान अस्वीकृत किस्मों का सर्वे अगेती किस्मों में दर्ज करा देते हैं, जो अंततः किसान और चीनी मिल—दोनों के लिए नुकसानदेह सिद्ध होता है। इस अवसर पर जिला गन्ना अधिकारी पीलीभीत खुशी राम भार्गव ने कहा कि वर्तमान समय बसंतकालीन गन्ना बुवाई के लिए अत्यंत उपयुक्त है। यदि किसान प्रमाणित बीज, वैज्ञानिक सलाह और अनुशंसित तकनीकों को अपनाएं तो उत्पादन के साथ-साथ आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। उन्होंने किसान सहकारी चीनी मिल पूरनपुर क्षेत्र के सभी किसानों से अपील की कि वे केवल स्वीकृत गन्ना किस्मों की ही बुवाई करें तथा गन्ना आधारित सहफसली प्रणाली अपनाएं। उन्होंने बताया कि अस्वीकृत किस्मों की बुवाई से न केवल किसानों को सीधा नुकसान होता है, बल्कि चीनी उद्योग की गुणवत्ता और उत्पादकता भी प्रभावित होती है। उन्होंने विशेष रूप से चेताया कि कोशा-21269, पीबी-95, को-1148 और बीओ-91 जैसी किस्मों की बुवाई न करें। गोष्ठी में संजय श्रीवास्तव (ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक पूरनपुर), अमित श्रीवास्तव (मुख्य गन्ना अधिकारी पूरनपुर), टी. पी. पाल (मुख्य रसायनविद) सहित सुरेश पाल सिंह, बादाम सिंह, कृष्ण देव बाजपेई, बहादुर सिंह, गुरभाग सिंह व बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
    user_Firasat khan
    Firasat khan
    Pilibhit, Uttar Pradesh•
    37 min ago
  • पूरनपुर, किसान सहकारी चीनी मिल के ग्राम सबलपुर खास में रविवार दोपहर तीन बजे आयोजित बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी में मुख्य गन्ना विकास सलाहकार, चीनी मिल संघ उत्तर प्रदेश डॉ. आर. सी. पाठक ने किसानों को वैज्ञानिक एवं उन्नत गन्ना खेती अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अधिक उत्पादन और बेहतर रिकवरी केवल रोग-कीट रहित प्रमाणित स्वस्थ बीज तथा वैज्ञानिकों द्वारा अनुशंसित स्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई से ही संभव है। डॉ. पाठक ने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि किसान अस्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई कदापि न करें। ऐसी किस्मों से न तो संतोषजनक पैदावार मिलती है और न ही चीनी की रिकवरी अच्छी होती है। उन्होंने बताया कि चीनी मिलों द्वारा अस्वीकृत किस्मों की खरीद नहीं की जाती, जिससे किसानों को गन्ना मिल तक ले जाने के बाद वापस लौटना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ किसान अस्वीकृत किस्मों का सर्वे अगेती किस्मों में दर्ज करा देते हैं, जो अंततः किसान और चीनी मिल—दोनों के लिए नुकसानदेह सिद्ध होता है। इस अवसर पर जिला गन्ना अधिकारी पीलीभीत खुशी राम भार्गव ने कहा कि वर्तमान समय बसंतकालीन गन्ना बुवाई के लिए अत्यंत उपयुक्त है। यदि किसान प्रमाणित बीज, वैज्ञानिक सलाह और अनुशंसित तकनीकों को अपनाएं तो उत्पादन के साथ-साथ आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। उन्होंने किसान सहकारी चीनी मिल पूरनपुर क्षेत्र के सभी किसानों से अपील की कि वे केवल स्वीकृत गन्ना किस्मों की ही बुवाई करें तथा गन्ना आधारित सहफसली प्रणाली अपनाएं। उन्होंने बताया कि अस्वीकृत किस्मों की बुवाई से न केवल किसानों को सीधा नुकसान होता है, बल्कि चीनी उद्योग की गुणवत्ता और उत्पादकता भी प्रभावित होती है। उन्होंने विशेष रूप से चेताया कि कोशा-21269, पीबी-95, को-1148 और बीओ-91 जैसी किस्मों की बुवाई न करें। गोष्ठी में संजय श्रीवास्तव (ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक पूरनपुर), अमित श्रीवास्तव (मुख्य गन्ना अधिकारी पूरनपुर), टी. पी. पाल (मुख्य रसायनविद) सहित सुरेश पाल सिंह, बादाम सिंह, कृष्ण देव बाजपेई, बहादुर सिंह, गुरभाग सिंह व बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
    1
    पूरनपुर, किसान सहकारी चीनी मिल के ग्राम सबलपुर खास में रविवार दोपहर तीन बजे आयोजित बसंतकालीन गन्ना किसान गोष्ठी में मुख्य गन्ना विकास सलाहकार, चीनी मिल संघ उत्तर प्रदेश डॉ. आर. सी. पाठक ने किसानों को वैज्ञानिक एवं उन्नत गन्ना खेती अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अधिक उत्पादन और बेहतर रिकवरी केवल रोग-कीट रहित प्रमाणित स्वस्थ बीज तथा वैज्ञानिकों द्वारा अनुशंसित स्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई से ही संभव है। डॉ. पाठक ने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि किसान अस्वीकृत गन्ना किस्मों की बुवाई कदापि न करें। ऐसी किस्मों से न तो संतोषजनक पैदावार मिलती है और न ही चीनी की रिकवरी अच्छी होती है। उन्होंने बताया कि चीनी मिलों द्वारा अस्वीकृत किस्मों की खरीद नहीं की जाती, जिससे किसानों को गन्ना मिल तक ले जाने के बाद वापस लौटना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ किसान अस्वीकृत किस्मों का सर्वे अगेती किस्मों में दर्ज करा देते हैं, जो अंततः किसान और चीनी मिल—दोनों के लिए नुकसानदेह सिद्ध होता है। इस अवसर पर जिला गन्ना अधिकारी पीलीभीत खुशी राम भार्गव ने कहा कि वर्तमान समय बसंतकालीन गन्ना बुवाई के लिए अत्यंत उपयुक्त है। यदि किसान प्रमाणित बीज, वैज्ञानिक सलाह और अनुशंसित तकनीकों को अपनाएं तो उत्पादन के साथ-साथ आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। उन्होंने किसान सहकारी चीनी मिल पूरनपुर क्षेत्र के सभी किसानों से अपील की कि वे केवल स्वीकृत गन्ना किस्मों की ही बुवाई करें तथा गन्ना आधारित सहफसली प्रणाली अपनाएं। उन्होंने बताया कि अस्वीकृत किस्मों की बुवाई से न केवल किसानों को सीधा नुकसान होता है, बल्कि चीनी उद्योग की गुणवत्ता और उत्पादकता भी प्रभावित होती है। उन्होंने विशेष रूप से चेताया कि कोशा-21269, पीबी-95, को-1148 और बीओ-91 जैसी किस्मों की बुवाई न करें। गोष्ठी में संजय श्रीवास्तव (ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक पूरनपुर), अमित श्रीवास्तव (मुख्य गन्ना अधिकारी पूरनपुर), टी. पी. पाल (मुख्य रसायनविद) सहित सुरेश पाल सिंह, बादाम सिंह, कृष्ण देव बाजपेई, बहादुर सिंह, गुरभाग सिंह व बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
    user_Nazim Khan
    Nazim Khan
    पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • Post by संदीप निडर
    1
    Post by संदीप निडर
    user_संदीप निडर
    संदीप निडर
    पत्रकार पीलीभीत, पीलीभीत, उत्तर प्रदेश•
    15 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.