शनिवार को हापुड़ के पिलखुवा में सिखेड़ा रोड पर एक कार और थ्रीव्हीलर की आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो गई, जिसके बाद ज़ोरदार हंगामा शुरू हो गया। मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया और दोनों पक्षों के लोग सड़क पर ही भिड़ गए। विवाद इतना बढ़ा कि दोनों ओर से एक-दूसरे पर लाठी-डंडे और लात-घूंसे चले, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई और राहगीरों में दहशत का माहौल पैदा हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना के बाद पहले दोनों वाहन चालकों के बीच कहासुनी शुरू हुई थी। कुछ ही देर में दोनों पक्षों के अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए और विवाद बढ़ता चला गया। देखते ही देखते सड़क रणक्षेत्र में बदल गई और दोनों ओर से एक-दूसरे पर हमला कर दिया गया। सड़क पर हुई इस मारपीट के कारण कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों को समझाकर शांत कराया और स्थिति पर काबू पाया। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों से घटना की जानकारी जुटाई है और विवाद के कारणों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और तहरीर मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
शनिवार को हापुड़ के पिलखुवा में सिखेड़ा रोड पर एक कार और थ्रीव्हीलर की आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो गई, जिसके बाद ज़ोरदार हंगामा शुरू हो गया। मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया और दोनों पक्षों के लोग सड़क पर ही भिड़ गए। विवाद इतना बढ़ा कि दोनों ओर से एक-दूसरे पर लाठी-डंडे और लात-घूंसे चले, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई और राहगीरों में दहशत का माहौल पैदा हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना के बाद पहले दोनों वाहन चालकों के बीच कहासुनी शुरू हुई थी। कुछ ही देर में दोनों पक्षों के अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए और विवाद बढ़ता चला गया। देखते ही देखते सड़क रणक्षेत्र में बदल गई और दोनों ओर से एक-दूसरे पर हमला कर दिया गया। सड़क पर हुई इस मारपीट के कारण कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों को समझाकर शांत कराया और स्थिति पर काबू पाया। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों से घटना की जानकारी जुटाई है और विवाद के कारणों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और तहरीर मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
- यह जानकारी कर्नाटक स्पेशल डोसा चटनी के विभिन्न पहलुओं पर केंद्रित है, जिसमें इसे बनाने की विधि और इसके विभिन्न प्रकार शामिल हैं। इसमें इडली डोसा चटनी, स्पाइसी डोसा चटनी, मसाला डोसा चटनी, मैसूर डोसा चटनी और लाल डोसा चटनी जैसी विविधताओं का उल्लेख किया गया है। जानकारी में डोसा और चपाती के लिए चटनी बनाने के तरीके, रेसिपी और सर्वश्रेष्ठ चटनी के सुझाव भी दिए गए हैं, जिसमें खास तौर पर 'गेटी चटनी' का जिक्र है।1
- सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में दिखा है कि सड़क पर जा रहे एक युवक के पास अचानक दो बाइक सवार संदिग्ध तरीके से पहुँचे। युवक ने उनके इरादों को गलत भाँप लिया और घबराने के बजाय सूझबूझ का परिचय देते हुए अपना बचाव किया। युवक ने तुरंत पलटवार करते हुए दोनों बाइक सवारों को वहाँ से खदेड़ दिया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है और लोग युवक की सतर्कता तथा हिम्मत की ख़ूब तारीफ़ कर रहे हैं।1
- गाज़ियाबाद में एक 'गोल्डधारी वर्दी वाले गुंडे' पर एक साँस में 33 बेहद गंदी गालियाँ देने का गंभीर आरोप लगाया गया है। इस घटना में, व्यक्ति ने कथित तौर पर “बुला अपनी माँ को” और “तुम्हारी माँ को #%€दो…” जैसे अपशब्दों का प्रयोग किया। शिकायतकर्ता ने इस वर्दीधारी व्यक्ति को उत्तर प्रदेश पुलिस का एक इंस्पेक्टर बताया है। इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए, शिकायतकर्ता ने सीधे डीजीपी उत्तर प्रदेश को टैग किया है। उन्होंने डीजीपी से पूछा है कि उनके इंस्पेक्टर को कितनी अच्छी ट्रेनिंग मिली है और सवाल उठाया है कि क्या ऐसी ही 'मित्र पुलिसिंग' पूरे प्रदेश में चल रही है।1
- लखनऊ में हुई अग्नि दुर्घटना में हुई जनहानि को अत्यंत दुःखद और हृदय विदारक बताया गया है। इस घटना को लखनऊ कोचिंग संस्थान के लिए 'काला दिवस' कहा गया है, जिसने 25 परिवारजनों के लिए हृदयाघात जैसा दुख दिया है। शोक संतप्त परिजनों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त की गई हैं, और प्रभु श्री राम से दिवंगत आत्माओं की शांति तथा घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की गई है। पंडित कुंजबिहारी वशिष्ठ, जो सूर्यदेव उपासक और अखिल भारतवर्षीय ब्राह्मण महासभा [पंजीकृत] एनसीआर भारत के मीडिया कार्यक्रम प्रभारी हैं, ने शोकाकुल राष्ट्र भारत और प्रदेश के साथ अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं, यह पूछते हुए कि ईश्वर ने यह दुखद क्षण कैसे लाए और परिजनों को इस असहनीय दुख को सहन करने की शक्ति कौन देगा।1
- अखिलेश यादव ने गंभीर बयान देते हुए कहा है कि अगर समय पर दीवार काट दी जाती, तो शायद बहुत बच्चों की जान बचाई जा सकती थी। उनका यह कथन उस संभावित नुकसान की ओर इशारा करता है, जो कथित लापरवाही या समय पर कार्रवाई न होने के कारण हुआ या हो सकता था।1
- मेरठ में मुख्यमंत्री के आदेश के बावजूद वर्षों से 'नल वाला रास्ता' नहीं बन पा रहा है, जिससे नगर निगम की घोर लापरवाही उजागर हुई है। बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और मेरठ दक्षिण 49 विधानसभा से पूर्व प्रत्याशी राजुद्दीन गादरे ने नगर निगम की इस निष्क्रियता और सफाई व्यवस्था की बदहाली की कड़ी निंदा की है। गादरे ने बताया कि उन्होंने 'नल वाला रास्ता' यानी फातिमा रोड को बनवाने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री को अनुरोध भेजा था। इसके साथ ही, उन्होंने मेरठ मंडल कमिश्नर को एक ज्ञापन भी सौंपा था, जिस पर वार्ड 86 और 87 के निवासियों के हस्ताक्षर थे। हालांकि, नगर निगम से मिली जानकारी के अनुसार, अभी तक सड़क निर्माण का टेंडर जारी नहीं हो पाया है, जिसके कारण यह रास्ता वर्षों से गड्ढे युक्त और अधर में लटका हुआ है। उनकी शिकायत है कि सफाई व्यवस्था भी पूरी तरह ठप पड़ी है। राजुद्दीन गादरे ने आरोप लगाया कि वार्ड 86 और 87 के वर्तमान पार्षद अपनी कमीशन के चक्कर में इस सड़क को नहीं बनने दे रहे हैं, जिससे वार्ड वासियों को गंभीर दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने यह भी बताया कि पहले वार्ड में दोनों ओर छोटी नालियां थीं, लेकिन पार्षदों की मनमर्जी से अब तीन से साढ़े तीन फीट गहरे और चौड़े नाले बना दिए गए हैं। ये नाले गंदगी के अंबार से भरे रहते हैं और इन्हें ढका भी नहीं गया है, जिससे किसी बच्चे या व्यक्ति के उनमें डूबने का डर बना रहता है। रास्तों पर कई दरियां भी पड़ती हैं और लोग पानी से गोबर तथा पशुओं का मल-मूत्र बहाते रहते हैं। उन्होंने सीवर लाइन की भी समस्या उठाई, जो सड़क के बीचों-बीच पड़ी होने के बावजूद इस्तेमाल नहीं हो रही है। गादरे ने नगर निगम से भैंसों की डेरी से गोबर उठाने के लिए ट्रॉली लगवाने का सुझाव दिया, जिससे पानी की भी बचत हो सकती है। उन्होंने जल संकट की आशंका भी जताई, क्योंकि समरसेबल पंपों से अनावश्यक पानी बहाने के कारण भूजल स्तर पहले 150-200 फीट पर था, जो अब 300, 400 या 500 फीट नीचे चला गया है। डॉ. जाकिर हुसैन कॉलोनी के वार्ड 86 और 87 के मुस्लिम बहुल क्षेत्र होने के बावजूद, जहां दोनों पार्षद मुस्लिम हैं, गादरे ने खेद व्यक्त किया कि एक ही मजहब के लोगों के लिए भी ऐसे 'मजाक के पार्षद' ध्यान नहीं दे रहे हैं, तो फिर शिकायत किससे की जाए, यह सवाल उठता है। उन्होंने प्रशासन से इस मामले में जल्द कार्रवाई करने की अपील की। इस ज्ञापन को सौंपते समय डॉक्टर जमीन खान, मोहम्मद इमरान, मोहम्मद आसिफ, महबूब, अमजद, रईस, सिराज, समरीन नाज, गुलशन, ओवर, अनबिया, तौसीफ, कारी मोहम्मद साबिर आज, मोहम्मद जीशान, डॉक्टर फुरकान, मेहताब, अंजुम, निजाम, तोशी, आलिया और शहजाद अली सहित कई अन्य लोग मौजूद थे।4
- यूलाइट अपडेट्स ने घर के इस्तेमाल के लिए एक बेहतरीन टॉर्च को 'बहुत सस्ते रेट पर' उपलब्ध कराने की घोषणा की है। यह टॉर्च फिलहाल बेहद किफायती दामों पर मिल रही है।1
- एक फिल्म की शूटिंग के दौरान आग वाले एक रोमांचक दृश्य को फिल्माया जा रहा था, तभी अचानक स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। इस घटना में सेट पर मौजूद एक्टर और एक्ट्रेस आग की लपटों के बेहद करीब आ गए, जिससे कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, मौके पर मौजूद क्रू मेंबर्स और सुरक्षा टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए कलाकारों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। समय रहते बचाव कार्य होने से एक बड़ा हादसा टल गया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इसे देखकर अपनी हैरानी जता रहे हैं।1
- माॅ गायत्री शक्तिपीठ मंदिर में 21 से 24 जून तक सत्संग, कीर्तन और यज्ञ का आयोजन किया गया। यह आयोजन युग निर्माण परिवर्तन के संस्थापक पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के लिए था, जिसमें हरिद्वार से आए पूज्य गुरुश्रेष्ठ कर्मकाण्ड पंडितजन शामिल हुए। इस कार्यक्रम के चल रहे सत्संग की पूर्णाहुति में ज्योतिषाचार्य और सूर्यदेव उपासक पंडित कुंजबिहारी वशिष्ठ को शामिल होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ, जिससे उनका परिवार गौरवान्वित महसूस कर रहा है। भगवान शिव से उनके लिए आशीर्वाद बनाए रखने की कामना की गई है।1