ब्यावर में आयोजित पत्रिका इग्नाइटर्स-2026 कार्यक्रम में जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह रावत ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए सफलता के लिए कोई शॉर्टकट न होने की बात कही। उन्होंने सोमवार को वर्धमान कन्या महाविद्यालय सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने, अनुशासन बनाए रखने और कठिन परिश्रम को ही सफलता की वास्तविक कुंजी बताया। मंत्री रावत ने विद्यार्थियों को अपने जीवन में एक आदर्श चुनने और पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के जीवन से प्रेरणा लेने का सुझाव दिया, साथ ही सोशल मीडिया का सकारात्मक और सीमित उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने अभिभावकों से भी बच्चों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने और उन्हें सही दिशा देने का आग्रह किया। मंत्री रावत ने जल संरक्षण को समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताते हुए प्रत्येक नागरिक से वर्षा जल संचयन अपनाने, पानी का विवेकपूर्ण उपयोग करने और जल स्रोतों के संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने जोर दिया कि आज जल बचाने से ही आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित किया जा सकेगा, क्योंकि जल की प्रत्येक बूंद अमूल्य है और उसका संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में उपस्थित ब्यावर विधायक शंकर सिंह रावत ने युवाओं को अपनी ऊर्जा और प्रतिभा का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, सकारात्मक सोच और निरंतर अध्ययन को सफलता का आधार बताते हुए अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का आग्रह किया। विधायक रावत ने यह भी कहा कि कठिन परिश्रम, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। पुलिस अधीक्षक रतन सिंह ने विद्यार्थियों को अपने जीवन में आदर्श स्थापित करने, स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने और नशे से दूर रहने की सलाह दी। उन्होंने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने, साइबर अपराधों से बचाव के लिए डिजिटल माध्यमों का सावधानीपूर्वक उपयोग करने और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक एवं संवेदनशील रहने का आह्वान किया। पुलिस अधीक्षक ने अभिभावकों को बच्चों के साथ संवाद बनाए रखने का महत्व भी समझाया ताकि वे सुरक्षित, जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बन सकें। इस अवसर पर बड़ी संख्या में विद्यार्थी, शिक्षाविद्, अभिभावक और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
ब्यावर में आयोजित पत्रिका इग्नाइटर्स-2026 कार्यक्रम में जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह रावत ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए सफलता के लिए कोई शॉर्टकट न होने की बात कही। उन्होंने सोमवार को वर्धमान कन्या महाविद्यालय सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने, अनुशासन बनाए रखने और कठिन परिश्रम को ही सफलता की वास्तविक कुंजी बताया। मंत्री रावत ने विद्यार्थियों को अपने जीवन में एक आदर्श चुनने और पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के जीवन से प्रेरणा लेने का सुझाव दिया, साथ ही सोशल मीडिया का सकारात्मक और सीमित उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने अभिभावकों से भी बच्चों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने और उन्हें सही दिशा देने का आग्रह किया। मंत्री रावत ने जल संरक्षण को समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताते हुए प्रत्येक नागरिक से वर्षा जल संचयन अपनाने, पानी का विवेकपूर्ण उपयोग करने और जल स्रोतों के संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने जोर दिया कि आज जल बचाने से ही आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित किया जा सकेगा, क्योंकि जल की प्रत्येक बूंद अमूल्य है और उसका संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में उपस्थित ब्यावर विधायक शंकर सिंह रावत ने युवाओं को अपनी ऊर्जा और प्रतिभा का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, सकारात्मक सोच और निरंतर अध्ययन को सफलता का आधार बताते हुए अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का आग्रह किया। विधायक रावत ने यह भी कहा कि कठिन परिश्रम, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। पुलिस अधीक्षक रतन सिंह ने विद्यार्थियों को अपने जीवन में आदर्श स्थापित करने, स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने और नशे से दूर रहने की सलाह दी। उन्होंने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने, साइबर अपराधों से बचाव के लिए डिजिटल माध्यमों का सावधानीपूर्वक उपयोग करने और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक एवं संवेदनशील रहने का आह्वान किया। पुलिस अधीक्षक ने अभिभावकों को बच्चों के साथ संवाद बनाए रखने का महत्व भी समझाया ताकि वे सुरक्षित, जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बन सकें। इस अवसर पर बड़ी संख्या में विद्यार्थी, शिक्षाविद्, अभिभावक और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
- सापला में श्री केशव गोपाल मंदिर का भूमि पूजन एवं शिलान्यास समारोह बड़े ही धूमधाम और भव्यता के साथ सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु, संत-महात्मा और जनप्रतिनिधि शामिल हुए, जिससे पूरा सापला गांव गोपाल महाराज के जयकारों से गूंज उठा। समारोह के दौरान भव्य शिला पूजन, एक विशेष शिला भ्रमण यात्रा और शोभायात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। कई जनप्रतिनिधियों ने मंदिर निर्माण के लिए सहयोग राशि की घोषणा भी की। आयोजन का एक प्रमुख आकर्षण गोमती सागर पर काशी विश्वनाथ की तर्ज पर आयोजित भव्य महाआरती रही, जिसे देखने के लिए प्रदेश सहित देशभर से श्रद्धालु सापला पहुंचे। ड्रोन से हुई पुष्पवर्षा, ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। इस आध्यात्मिक महोत्सव में संत समागम, सम्मान समारोह और महाप्रसादी का भी आयोजन किया गया। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर पुलिस जाब्ता भी तैनात रहा। यह महोत्सव क्षेत्र के सबसे बड़े आध्यात्मिक आयोजनों में से एक रहा।1
- ब्यावर में वीर हिन्दू आर्मी ने मालवा क्षेत्र के 14 गौरक्षकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के मामले में मानवीय आधार पर राहत और पुनर्विचार की मांग करते हुए महामहिम राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन प्रेषित किया है। संगठन के संस्थापक पंकज वर्मा के नेतृत्व में भेजे गए इस ज्ञापन में कहा गया है कि भारत में गौमाता करोड़ों लोगों की आस्था, सनातन संस्कृति और भारतीय सभ्यता का महत्वपूर्ण प्रतीक है। ज्ञापन में इस बात पर जोर दिया गया कि 14 गौरक्षकों को आजीवन कारावास की सजा मिलने के बाद देशभर के गौभक्तों, सामाजिक संगठनों और नागरिकों में चिंता एवं पीड़ा का माहौल है। वीर हिन्दू आर्मी ने न्यायालय के निर्णय का सम्मान करते हुए भी मामले के मानवीय, सामाजिक एवं परिस्थितिजन्य पहलुओं पर गंभीरता से विचार करने की आवश्यकता जताई। संगठन के अनुसार, संबंधित गौरक्षकों के परिवार, जिनमें उनके माता-पिता, पत्नी, बच्चे एवं अन्य आश्रितजन शामिल हैं, इस समय आर्थिक, सामाजिक और मानसिक कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं और अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। इसलिए मानवीय संवेदनाओं और सामाजिक न्याय के दृष्टिकोण से इस प्रकरण की समीक्षा आवश्यक है। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि भारतीय संविधान न्याय, दया, करुणा और मानव गरिमा के मूल्यों पर आधारित है, और इसमें विशेष परिस्थितियों में मानवीय आधार पर राहत प्रदान करने के संवैधानिक प्रावधान मौजूद हैं। वीर हिन्दू आर्मी ने राष्ट्रपति से आग्रह किया है कि मालवा के 14 गौरक्षकों के मामले की निष्पक्ष एवं समुचित समीक्षा कराई जाए, और यदि संवैधानिक व विधिक प्रावधानों के तहत संभव हो तो दया याचिका, सजा में कमी अथवा अन्य उपयुक्त राहत पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाए। संगठन ने स्पष्ट किया कि उसका उद्देश्य किसी न्यायिक निर्णय पर टिप्पणी करना नहीं, बल्कि प्रभावित परिवारों की पीड़ा को देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक पहुंचाना है। इस अवसर पर मुकेश मानी, सुनील पालड़चा, शिवराज पांचरी, मनीष सिंह रावत, मयंक सेन सहित अन्य पदाधिकारियों ने भी ज्ञापन का समर्थन किया, और संगठन ने इस विषय पर मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए सकारात्मक निर्णय लिए जाने की आशा व्यक्त की है।1
- ब्यावर की वीर हिन्दू आर्मी ने मालवा क्षेत्र के 14 गोरक्षकों के लिए महामहिम राष्ट्रपति को एक प्रार्थना-पत्र सौंपा है। संगठन ने इस ज्ञापन के माध्यम से इन गोरक्षकों को मानवीय आधार पर राहत प्रदान करने और उनके प्रकरणों पर पुनर्विचार करने की मांग की है। वीर हिन्दू आर्मी ने राष्ट्रपति से अपील की है कि वे प्रभावित परिवारों की मौजूदा स्थिति पर विचार करते हुए इस मामले में एक संवेदनशील निर्णय लें।1
- मालवा क्षेत्र के 14 गौरक्षकों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। इस फैसले के बाद, 'वीर हिन्दू आर्मी' नामक संगठन ने देश के राष्ट्रपति से इन गौरक्षकों को मिली उम्रकैद की सजा माफ करने की गुहार लगाई है।1
- ब्यावर शहर से जुड़ी खबरें अब 'बात आपकी आवाज इंडिया न्यूज़' चैनल पर देखी जा सकेंगी। चैनल के संपादक साबुद्दीन खानभुट्टा ने जानकारी दी है कि मेड़तिया लौहार द्वारा ब्यावर की खबरें वीडियो फॉर्मेट में सुबह और शाम प्रसारित की जाएंगी।1
- अजमेर जिले के पीसांगन पुलिस थाना ने चोरी के एक मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसके कब्जे से लगभग ₹3 लाख मूल्य का चोरी का माल बरामद किया गया है। पुलिस अधीक्षक अजमेर के निर्देश पर क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी, नकबजनी और अन्य संपत्ति संबंधी अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए यह कार्रवाई की गई। घटना 6 अप्रैल 2026 की है, जब ग्राम मोवडिया, थाना पीसांगन निवासी रामस्वरूप पुत्र मांगीलाल रैगर ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि अज्ञात चोर उनके मकान से सोने-चांदी के आभूषण और नकदी चोरी कर ले गए हैं। इस रिपोर्ट के आधार पर पुलिस थाना पीसांगन में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस टीम ने तकनीकी सहायता और मुखबिर तंत्र के जरिए जांच करते हुए रोड मोहल्ला मेवड़िया, थाना पीसांगन निवासी 65 वर्षीय रामस्वरूप पुत्र भोजूजी रैगर को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने घर में घुसकर चोरी की वारदात को कबूल किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक जोड़ी चांदी की पायजेब, चांदी की पातला जोड़ी, चांदी की पट्टी, चांदी की अंगूठियां, चांदी की बिछुड़ियां, चांदी के सिक्के और सोने के आभूषण बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब ₹3 लाख बताई गई है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी सुरेश चौधरी के नेतृत्व में पुलिस टीम के एएसआई, कांस्टेबल सहित अन्य जवानों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।1
- ब्यावर जिले के एसपी रतन सिंह ने लोगों से सुरक्षित वाहन चलाने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट संदेश दिया कि नशा करके गाड़ी न चलाएं। इसके साथ ही, एसपी ने हेलमेट पहनने और सावधानी से वाहन चलाने पर जोर दिया, तथा सभी चालकों से सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने का आग्रह किया। ये ब्यावर जिले से जुड़ी खबरें हैं, जिसे संपादक साबुदीन खान भुटा मेड़तिया लोहार न्यूज़पेपर 'सत्य आपके सामने' के माध्यम से प्रस्तुत कर रहे हैं।1
- राजस्थान के मांगलियावास थाना क्षेत्र स्थित लामाना की एक फैक्ट्री में बकाया मजदूरी मांगना बिहार निवासी मजदूर जगदीश को भारी पड़ गया। रविवार रात करीब 10:30 बजे की इस घटना में फैक्ट्री के सुपरवाइजर आलोक दुबे और उनके तीन साथियों ने जगदीश को धारदार हथियार से पीटकर अधमरा कर दिया। विवाद तब शुरू हुआ जब जगदीश ने सुपरवाइजर आलोक दुबे से अपनी पिछली मजदूरी मांगी। आरोप है कि इसके बाद आलोक दुबे अपने तीन साथियों के साथ जगदीश को फैक्ट्री के ऊपर बने एक कमरे में ले गए, जहां कमरा बंद कर चारों ने मिलकर उस पर धारदार हथियार से हमला किया। हमले में गंभीर रूप से घायल जगदीश की हालत नाजुक बनी हुई है। उसे पहले ब्यावर के अमृत कौर अस्पताल ले जाया गया, जहाँ हालत बिगड़ने पर जेएलएन अजमेर और फिर जयपुर रैफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, जगदीश की हालत अभी भी गंभीर है। मारपीट के बाद का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें आरोपी मजदूर को गंभीर हालत में ले जाते हुए दिख रहे हैं। वीडियो में लोग उसकी जान बचाने की दुआ कर रहे हैं और घायल का भाई रोता-बिलखता नजर आ रहा है। पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि सुपरवाइजर ने जान से मारने की नीयत से हमला किया था। मांगलियावास थाने के एएसआई गोपाराम बिश्नोई ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में सुपरवाइजर आलोक दुबे (35 वर्षीय, पुत्र विद्याभूषण), विकास (32 वर्षीय, पुत्र दिलीप सिंह, निवासी उत्तर प्रदेश), ओम प्रताप (पुत्र समभेर बहादुर, निवासी मध्य प्रदेश) और बलवंत (पुत्र नूरा यादव, निवासी उत्तर प्रदेश) शामिल हैं। सभी को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार कर मंगलवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस वायरल वीडियो को सबूत के तौर पर जांच में शामिल कर रही है और मामले में हत्या के प्रयास की धाराएं बढ़ाई जा सकती हैं।1