सतना में 2013 से फरार चल रहा दुष्कर्म का आरोपी अर्जुन केवट गिरफ्तार, मैहर से दबोचकर पुलिस ने भेजा जेल सतना (मध्य भारत न्यूज़)। सतना जिले की कोलगवां थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वर्ष 2013 से नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे 10,000 रुपये के इनामी आरोपी अर्जुन केवट (उम्र 34 वर्ष) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को मैहर से हिरासत में लिया और मंगलवार को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। क्या है पूरा मामला? (2013 की घटना) पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मामला 8 नवंबर 2013 का है। पीड़िता की मां ने कोलगवां थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि अर्जुन केवट और करण केवट उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर घर से भगा ले गए हैं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपहरण और आपराधिक धमकी सहित भारतीय दंड संहिता (IPC) की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था। सूरत ले जाकर किया था दुष्कर्म मामले की जांच के दौरान पुलिस ने 2 फरवरी 2014 को नाबालिग को सकुशल बरामद किया था। न्यायालय में दर्ज कराए गए बयानों में पीड़िता ने बताया कि आरोपी उसे जबरन गुजरात के सूरत ले गए थे, जहाँ एक किराए के कमरे में रखकर अर्जुन केवट ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता किसी तरह मौका पाकर 30 जनवरी 2014 को ट्रेन से सतना वापस लौटी थी। पीड़िता के बयान के आधार पर पुलिस ने मामले में IPC की धारा 376 (दुष्कर्म), 34 (सामान्य आशय) और पॉक्सो (POCSO) एक्ट की धारा 3/4 भी जोड़ी थी। सह-आरोपी पहले ही जा चुके हैं जेल, अर्जुन 13 साल से बदल रहा था ठिकाना इस मामले में सह-आरोपी निर्मला केवट उर्फ कल्ली और करण केवट को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी थी, लेकिन मुख्य आरोपी अर्जुन केवट लगातार फरार चल रहा था। पुलिस अधीक्षक (SP) सतना द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी पर ₹10,000 का इनाम घोषित किया गया था। आरोपी अपनी पहचान छिपाकर लगातार ठिकाने बदल रहा था, लेकिन कोलगवां पुलिस की टीमें लगातार उसकी सुरागकशी में लगी हुई थीं। मैहर से हुई गिरफ्तारी, आरोपी ने कुबूला जुर्म कोलगवां थाना पुलिस को सटीक मुखबिर से सूचना मिली कि इनामी आरोपी अर्जुन केवट मैहर क्षेत्र में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे धर दबोचा। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। मंगलवार को कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पुलिस ने आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहाँ से अदालत के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। 13 साल बाद आरोपी की गिरफ्तारी से इस पुराने मामले की न्यायिक प्रक्रिया अब अंतिम पड़ाव की ओर बढ़ेगी। मध्य भारत न्यूज़ — निष्पक्ष और सटीक खबरें
सतना में 2013 से फरार चल रहा दुष्कर्म का आरोपी अर्जुन केवट गिरफ्तार, मैहर से दबोचकर पुलिस ने भेजा जेल सतना (मध्य भारत न्यूज़)। सतना जिले की कोलगवां थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वर्ष 2013 से नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे 10,000 रुपये के इनामी आरोपी अर्जुन केवट (उम्र 34 वर्ष) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को मैहर से हिरासत में लिया और मंगलवार को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। क्या है पूरा मामला? (2013 की घटना) पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मामला 8 नवंबर 2013 का है। पीड़िता की मां ने कोलगवां थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि अर्जुन केवट और करण केवट उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर घर से भगा ले गए हैं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपहरण और आपराधिक धमकी सहित भारतीय दंड संहिता (IPC) की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था। सूरत ले जाकर किया था दुष्कर्म मामले की जांच के दौरान पुलिस ने 2 फरवरी 2014 को नाबालिग को सकुशल बरामद किया था। न्यायालय में दर्ज कराए गए बयानों में पीड़िता ने बताया कि आरोपी उसे जबरन गुजरात के सूरत ले गए थे, जहाँ एक किराए के कमरे में रखकर अर्जुन केवट ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता किसी तरह मौका पाकर 30 जनवरी 2014 को ट्रेन से सतना वापस लौटी थी। पीड़िता के बयान के आधार पर पुलिस ने मामले में IPC की धारा 376 (दुष्कर्म), 34 (सामान्य आशय) और पॉक्सो (POCSO) एक्ट की धारा 3/4 भी जोड़ी थी। सह-आरोपी पहले ही जा चुके हैं जेल, अर्जुन 13 साल से बदल रहा था ठिकाना इस मामले में सह-आरोपी निर्मला केवट उर्फ कल्ली और करण केवट को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी थी, लेकिन मुख्य आरोपी अर्जुन केवट लगातार फरार चल रहा था। पुलिस अधीक्षक (SP) सतना द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी पर ₹10,000 का इनाम घोषित किया गया था। आरोपी अपनी पहचान छिपाकर लगातार ठिकाने बदल रहा था, लेकिन कोलगवां पुलिस की टीमें लगातार उसकी सुरागकशी में लगी हुई थीं। मैहर से हुई गिरफ्तारी, आरोपी ने कुबूला जुर्म कोलगवां थाना पुलिस को सटीक मुखबिर से सूचना मिली कि इनामी आरोपी अर्जुन केवट मैहर क्षेत्र में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे धर दबोचा। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। मंगलवार को कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पुलिस ने आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहाँ से अदालत के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। 13 साल बाद आरोपी की गिरफ्तारी से इस पुराने मामले की न्यायिक प्रक्रिया अब अंतिम पड़ाव की ओर बढ़ेगी। मध्य भारत न्यूज़ — निष्पक्ष और सटीक खबरें
- क्या आदिवासियों के अस्तित्व को नकार रही भाजपा सरकार ? #sntnewspinch क्या आदिवासियों के अस्तित्व को नकार रही भाजपा सरकार ? #sntnewspinch1
- खबर/अमरपाटन/ग्राम कोंतर खबर सुर्खियों में आने के बाद मौके पर पहुचा प्रसासन कोंतर गांव पहुंचा और बस्ती के लोगो से चर्चा कर रोड की नपाई की गई जिसमें रास्ते में अतिक्रमण सामने आने के बाद रास्ते में लगाई गई बाड़ी हटवाई खबर/अमरपाटन/ग्राम कोंतर खबर सुर्खियों में आने के बाद मौके पर पहुचा प्रसासन कोंतर गांव पहुंचा और बस्ती के लोगो से चर्चा कर रोड की नपाई की गई जिसमें रास्ते में अतिक्रमण सामने आने के बाद रास्ते में लगाई गई बाड़ी हटवाई गई और आम रास्ते को अतिक्रमण मुक्त कराया गया बताते चलें कि बीते दिनों चैनल में खबरें चलीं की आम रास्ते में अतिक्रमण के चलते शव बाहन मृतक के घर तक नहीं पहुंचा शव को मृतक के परिजन चार कन्धे में उठाकर ले गए मृतक का पार्थिव शरीर मामले को कलेक्टर मैहर ने लिया संज्ञान प्रसासन को किया आदेशित दरअसल पूरा मामला जनपद पंचायत अमरपाटन अन्तर्गत आने वाले गांव कोंतर का है मामला बताया गया था अतिक्रमण हटाने के दौरान दूसरा पक्ष भी सामने आया उसने कहा यह जमीन खरीदी गई है इसमें हमारी जमीन में कोई रास्ता नहीं प्रसासन जबरन हमारी जमीन में रास्ता बनवा रहा है बड़ी मसक्कत के बाद रास्ता खुल2
- खबर हम देग चित्रकूट न्यूज चैनल संपादक अरुण कुमार शर्मा खास खबर सतना के महादेवा वार्ड नंबर 30 जिगनहट रोड आंगनबाड़ी के पास कई घर जल मग्न है पानी इतना भरा कि रहवासियों को निकलने के लिए रास्ता बंद है लोग परेशान हैं, रहवासियों ने नगर निगम में संपर्क किया पर कोई सुनवाई नहीं, ये पानी आज से तीन दिन से भरा हुआ है, यदि इसी तरह रहा तो घर भी बैठ सकते हैं पर कोई सुनवाई नहीं, जिम्मेदार मौन है4
- *अमरकंटक में अनाथ बच्चों को स्कूल बैग-पेन वितरित करेगा राम अधारे तपोवन फाउंडेशन ट्रस्ट* *अमरकंटक में अनाथ बच्चों को स्कूल बैग-पेन वितरित करेगा राम अधारे तपोवन फाउंडेशन ट्रस्ट* अमरकंटक। राम अधारे तपोवन फाउंडेशन ट्रस्ट के माध्यम से 13 अगस्त 2026 को श्री हरि मंदिर, कोसमडीह गाड़ा सरई, अमरकंटक में अनाथ विद्यालय के बच्चों के लिए सेवा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में बच्चों को स्कूल बैग, पेन और कॉपियां वितरित की जाएंगी।ट्रस्ट अध्यक्ष डॉ. केशव मिश्र ने बताया कि ट्रस्ट द्वारा जरूरतमंद लोगों को चिन्हित कर लगातार सेवा कार्य किए जा रहे हैं। अमरकंटक के बाद मैहर जिले के कुछ ग्रामों को भी चिन्हित किया गया है, जहां जरूरतमंद बच्चों को शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी।उन्होंने बताया कि ट्रस्ट गरीब और जरूरतमंद परिवारों की हरसंभव मदद के लिए कार्य करेगा। इसी क्रम में बिना माता-पिता की कन्याओं को चिन्हित कर उनके विवाह में सहयोग देने की योजना भी बनाई जा रही है।कार्यक्रम में डिप्टी डायरेक्टर ER हर्षित चौकसे, बजरंग दल सतना के विभाग संयोजक राकेश प्रताप सिंह, मीडिया प्रभारी ऋषभ जी, ट्रस्ट सदस्य संदीप मिश्रा सहित अन्य सदस्य एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहेंगे।1
- स्टंटबाजों को ट्रैफिक पुलिस ने पकड़ा, माफी मांगते रहे युवक। दोबारा ऐसा न करने का लिया संकल्प। सतना - जिले में कुछ युुवा और नवयुवा स्टंटबाजी कर एनजॉय करना चाहते थे पर उनके इस घटिया दिमाग की बत्ती तब गुल हो गई जब यातायात पुलिस ने उनको ढूढ़ निकाला। बता दें कि सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल किया गया था। जिसमे कार लहराते हुए दिखाई गई थी। गाड़ी में नंबर प्लेट न होने के बावजूद पुलिस ने वीडियो के माध्यम से ढूढ़ निकाला और वाहनों को यातयात थाने में खड़ा करवाकर उसकी जांच की और आरोपियों को समझाया कि वे इस तरह की हरकतें करके अपने जीवन को बर्बाद न करें। स्टंट बाज की ब्लैक स्कॉर्पियो में एडवोकेट का स्टीकर लगा हुआ था। वहीं पुलिस के सामने स्टंट बाजो ने अपनी गलती स्वीकार की और माफी मांगते हुए दोबारा ऐसी गलती न करने की बात कही। विदित हो कि सतना-रीवा रोड फ्लाईओवर पर ब्लैक स्कॉर्पियो (एमपी 19 सीसी 7769) और क्रेटा (एमपी 19 जेड एम 011) से खतरनाक स्टंट करने वाले युवकों पर ट्रैफिक पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस ने दोनों वाहन जब्त कर स्कॉर्पियो पर 15,000 रुपये और क्रेटा पर 4,000 रुपये का चालान किया है इन पर पुलिस ने की कार्यवाही। यातायात पुलिस के अनुसार ब्लैक स्कॉर्पियो चालक, क्रेटा कार चालक रील बनाने वाले युवक में आयुष बागरी, धु्रव सिंह, अर्नव शुक्ला ने गलती स्वीकार की। मामले पर ट्रैफिक पुलिस ने कार्यवाही की । यह कोई पहला मामला नहीं है जहां पर स्टंटबाजों ने इस तरह की हरकतें की हों। कई मामले सामने आ चुके हैं और उन पर कार्यवाहियां भी हो चुकी हैं पर लोगों को स्टंटबाजी करने और रील बनाने का शौक सिर चढ़ गया है जिससे वे अपनी जान को खतरे में डालते हुए दूसरों के लिए भी खतरा उत्पन्न कर रहे हैं। क्या था मामला सतना के सेमरिया चौक स्थित शहर के मुख्य फ्लाईओवर पर रविवार रात एक काली स्कॉर्पियो से खतरनाक स्टंट किए गए। कार के पीछे चल रहे कार सवार लोगों के दोस्तों ने इसका वीडियो बनाया सोमवार को सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर किया गया। वीडियो में स्कॉर्पियो चालक तेज रफ्तार में वाहन को लहराते और सड़क पर खतरनाक तरीके से घुमाते हुए दिख रहा था। इस दौरान फ्लाईओवर से गुजर रहे दूसरे वाहन चालकों की जान भी जोखिम में पड़ गई। स्टंट के दौरान स्कॉर्पियो एक बाइक सवार पुलिसकर्मी से टकराते-टकराते बची। अचानक सामने आए वाहन से पुलिसकर्मी ने किसी तरह अपनी बाइक संभाली, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। मुख्य फ्लाईओवर जैसे व्यस्त मार्ग पर इस तरह की लापरवाही से स्थानीय लोगों में आक्रोश है। बताया जा रहा है कि स्कॉर्पियो सवार युवकों के दोस्तों ने इस घटना का वीडियो खुद रिकॉर्ड किया और सोशल मीडिया पर साझा किया। पूर्व में भी हो चुके हैं खतरनाक स्टंट पूर्व में भी कई खतरनाक स्टंट देखे जा चुके हैं। जिसमे अवयस्कों की कार पुल से लटक गई थी तो टे्रेन के दरवाजे पर पैर लटकाकर स्टंट करते देखा गया। कभी रेलवे परिसर में डांस करते देखा गया। वाहनों के साथ तरह तरह के स्टंट देखे जा चुके हैं। पर नव युवकों की अपनी धुन और पागलपन का कोई अर्थ नहीं है। एक्सपर्ट कहते हैं कि यह नकली एनजॉयमेंट है। इससे कोई एनजॉयमेंट उत्पन्न होना किसी कम दिमाग की उपज हो सकती है।1