पूर्व मंत्री महेश जोशी से 8 घंटे पूछताछ, जल्द ही कई और बड़े चेहरे होंगे बेनकाब जयपुर। जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले में गिरफ्तार पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी से शनिवार को एसीबी की एसआइटी ने करीब 8 घंटे तक पूछताछ की। एसआइटी ने जोशी के सामने 40 से अधिक सवालों की फेहरिस्त रखी, जिसमें मुख्य रूप से टेंडर प्रक्रिया और चहेती कंपनियों को अनुचित लाभ पहुंचाने के आरोप शामिल थे। जांच एजेंसी ने विशेष रूप से उन 960 करोड़ रुपए के टेंडरों पर सवाल किए, जो 'इरकॉन' का फर्जी कार्य पूर्णता प्रमाण-पत्र लगाकर हासिल किए गए थे। पूछताछ के दौरान यह खंगाला गया कि टेंडर आवंटन के समय किन अधिकारियों ने नियमों की अनदेखी की और इस पूरी निर्णय प्रक्रिया में किसकी क्या भूमिका थी। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के दौरान पूर्व मंत्री अधिकांश समय जवाबों से बचते और अपना बचाव करते नजर आए। घोटाले से जुड़े बड़े नामों पर शिकंजा कसने की तैयारी! एसीबी अब जोशी के बयानों का मिलान विभाग से जब्त दस्तावेज से कर रही है, जिसके आधार पर जल्द ही घोटाले से जुड़े अन्य बड़े नामों और अधिकारियों पर शिकंजा कसा जा सकता है। एसीबी की विशेष जांच टीम (एसआइटी) ने शुक्रवार को भी पूर्व मंत्री महेश जोशी से करीब 8 घंटे तक पूछताछ की थी। जांच का मुख्य केंद्र 'इरकोन' की ओर से भेजी गई वह गोपनीय ई-मेल थी, जिसमें ठेकेदारों की ओर से किए जा रहे फर्जीवाड़े की जानकारी दी गई थी। सुबोध से मिले इनपुट के आधार पर जोशी से पूछताछ सुबोध अग्रवाल से पूछताछ में मिले इनपुट के आधार पर एसीबी अब महेश जोशी की भूमिका की पड़ताल में जुटी हुई है। एसीबी एसआइटी के सुपरविजन अधिकारी डॉ. रामेश्वर सिंह के नेतृत्व में मामले के हर पहलू की गहन जांच की जा रही है। एसीबी अब यह कड़ियां जोड़ रही है कि कैसे एक गोपनीय चेतावनी को नजरअंदाज कर फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र वाले ठेकेदारों को करोड़ों के वर्क ऑर्डर जारी किए गए। दोष सिद्ध हुआ तो होगी 10 साल की जेल एसीबी की चार्जशीट और प्रारंभिक जांच के आधार पर यह संकेत मिल रहे हैं कि यदि इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दोष सिद्ध होता है, तो पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी और सेवानिवृत्त आईएएस सुबोध अग्रवाल सहित अन्य आरोपियों को अधिकतम 10 वर्ष तक के कठोर कारावास की सजा हो सकती है। 11 मई तक रिमांड पर जोशी बहुचर्चित 960 करोड़ रुपए के जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले में पिछली कांग्रेस सरकार में जलदाय मंत्री रहे महेश जोशी को एसीबी ने 7 मई को उनकी शादी की सालगिरह के दिन गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद मेडिकल टेस्ट की प्रक्रिया पूरी की गई और एसीबी अदालत में पेश किया गया था। अदालत ने महेश जोशी को 11 मई तक एसीबी रिमांड पर भेज दिया था। इससे पहले इसी मामले में जलदाय विभाग के तत्कालीन अतिरिक्त मुख्य सचिव रहे सुबोध अग्रवाल की 9 अप्रेल को गिरफ्तारी हो चुकी है। अभी वे जेल में है।
पूर्व मंत्री महेश जोशी से 8 घंटे पूछताछ, जल्द ही कई और बड़े चेहरे होंगे बेनकाब जयपुर। जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले में गिरफ्तार पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी से शनिवार को एसीबी की एसआइटी ने करीब 8 घंटे तक पूछताछ की। एसआइटी ने जोशी के सामने 40 से अधिक सवालों की फेहरिस्त रखी, जिसमें मुख्य रूप से टेंडर प्रक्रिया और चहेती कंपनियों को अनुचित लाभ पहुंचाने के आरोप शामिल थे। जांच एजेंसी ने विशेष रूप से उन 960 करोड़ रुपए के टेंडरों पर सवाल किए, जो 'इरकॉन' का फर्जी कार्य पूर्णता प्रमाण-पत्र लगाकर हासिल किए गए थे। पूछताछ के दौरान यह खंगाला गया कि टेंडर आवंटन के समय किन अधिकारियों ने नियमों की अनदेखी की और इस पूरी निर्णय प्रक्रिया में किसकी क्या भूमिका थी। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के दौरान पूर्व मंत्री अधिकांश समय जवाबों से बचते और अपना बचाव करते नजर आए। घोटाले से जुड़े बड़े नामों पर शिकंजा कसने की तैयारी! एसीबी अब जोशी के बयानों का मिलान विभाग से जब्त दस्तावेज से कर रही है, जिसके आधार पर जल्द ही घोटाले से जुड़े अन्य बड़े नामों और अधिकारियों पर शिकंजा कसा जा सकता है। एसीबी की विशेष जांच टीम (एसआइटी) ने शुक्रवार को भी पूर्व मंत्री महेश जोशी से करीब 8 घंटे तक पूछताछ की थी। जांच का मुख्य केंद्र 'इरकोन' की ओर से भेजी गई वह गोपनीय ई-मेल थी, जिसमें ठेकेदारों की ओर से किए जा रहे फर्जीवाड़े की जानकारी दी गई थी। सुबोध से मिले इनपुट के आधार पर जोशी से पूछताछ सुबोध अग्रवाल से पूछताछ में मिले इनपुट के आधार पर एसीबी अब महेश जोशी की भूमिका की पड़ताल में जुटी हुई है। एसीबी एसआइटी के सुपरविजन अधिकारी डॉ. रामेश्वर सिंह के नेतृत्व में मामले के हर पहलू की गहन जांच की जा रही है। एसीबी अब यह कड़ियां जोड़ रही है कि कैसे एक गोपनीय चेतावनी को नजरअंदाज कर फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र वाले ठेकेदारों को करोड़ों के वर्क ऑर्डर जारी किए गए। दोष सिद्ध हुआ तो होगी 10 साल की जेल एसीबी की चार्जशीट और प्रारंभिक जांच के आधार पर यह संकेत मिल रहे हैं कि यदि इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दोष सिद्ध होता है, तो पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी और सेवानिवृत्त आईएएस सुबोध अग्रवाल सहित अन्य आरोपियों को अधिकतम 10 वर्ष तक के कठोर कारावास की सजा हो सकती है। 11 मई तक रिमांड पर जोशी बहुचर्चित 960 करोड़ रुपए के जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले में पिछली कांग्रेस सरकार में जलदाय मंत्री रहे महेश जोशी को एसीबी ने 7 मई को उनकी शादी की सालगिरह के दिन गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद मेडिकल टेस्ट की प्रक्रिया पूरी की गई और एसीबी अदालत में पेश किया गया था। अदालत ने महेश जोशी को 11 मई तक एसीबी रिमांड पर भेज दिया था। इससे पहले इसी मामले में जलदाय विभाग के तत्कालीन अतिरिक्त मुख्य सचिव रहे सुबोध अग्रवाल की 9 अप्रेल को गिरफ्तारी हो चुकी है। अभी वे जेल में है।
- जीवन मे मनोरंजन का भी एक आनंद है किन्तु मनोरंजन स्वस्थ होना चाहिए, मै इस एप्प के संस्थापको से अनुरोध करुँगा कि कृपया इसमें एक मनोरंजन का भी मंच बनाये चुटकले, किस्से कहानी कुछ मनोरजक वीडियो आदि के लिए एक मंच या एक टॉपिक होना चाहिए जिससे स्वस्थ मनोरंजन हो सके मै यहाँ प्रयास कर रहा हूं1
- #बंगाल में आजादी के बाद पहली बार बना भाजपा का मुख्यमंत्री अब बंगाल में लगेंगे जय श्री राम के नारे #suvenduadhikari #बंगाल में आजादी के बाद पहली बार बना भाजपा का मुख्यमंत्री अब बंगाल में लगेंगे जय श्री राम के नारे #suvenduadhikari #yogiadityanath #bangal #bangalelection #modi #pmmodi #amitshah #bhajanlalsharma #mamtabanerjee #tmc #tmcvsbjp #tmcnews #rahulgandhi #chiragpaswan #tejashwiyadav1
- राजस्थान सरकार की स्वास्थ्य योजना में नौ सौ करोड़ का घोटाला, काम संभाल रही एजेंसी के खिलाफ मुकदमा राजस्थान सरकार की स्वास्थ्य योजना में नौ सौ करोड़ का घोटाला, काम संभाल रही एजेंसी के खिलाफ मुकदमा जयपुर। राजस्थान के साढ़े चार लाख सरकारी कर्मचारियों और करीब आठ लाख पेंशनधारियों को निश्शुल्क उपचार और दवा सहित स्वास्थ्य की विभिन्न सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए चलाई जा रही राज्य सरकार की स्वास्थ्य योजना (आरजीएचएस) में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। योजना के क्रियान्वयन का जिम्मा संभाल रहे अधिकारियों, सरकारी चिकित्सकों, निजी अस्पतालों, दवा विक्रेताओं और लाभान्वितों ने मिलकर 900 करोड़ रुपये से अधिक का घोटाला किया है। चार साल में हुआ यह घोटाला सामने आने के बाद सरकार ने योजना के क्रियान्वयन का जिम्मा संभाल रही अधिकारी शिप्रा विक्रम को पद से हटाने के साथ ही 200 से अधिक चिकित्सकों, दवा विक्रताओं और लाभान्वितों के खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करवाया है1
- जयपुर मे 9वी क्लास की 15 साल की नाबालिग लड़की के साथ पड़ोसी ने होटल में किया रेप जयपुर में 9वी क्लास की 15 साल की नाबालिग लड़की के साथ पड़ोसी के होटल में दुष्कर्म करने का मामला सामने आया है। पड़ोसी युवक ने नाबालिग लड़की को बहला फुसला कर होटल ले जाकर उसे कॉफी में नशीला पदार्थ मिलकर रेप किया। वहीं पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया है। फिलहाल गिरफ्तार आरोपी से पुलिस पूछताछ करने में जुटी हुई है। पुलिस ने बताया कि 15 साल की लड़की के साथ रेप हुआ है। वह एक निजी स्कूलों में 9वीं क्लास में पढ़ती है। पड़ोसी होने के कारण आरोपी से उसकी बातचीत होती रहती थी। आरोपी की बातचीत के दौरान पड़ोसी ने उसे मिलने के लिए बुलाया,मिलने जाने पर पड़ोसी युवक ने बहला फुसलाकर उसे होटल ले गया। होटल में काफी के अंदर नशीला पदार्थ मिलाकर उसके साथ रेप किया। होश में आने पर विरोध करने पर पड़ोसी ने उसे धमकाया। डरी सहमी पीड़िता जैसे तैसे घर पहुंची तो उसने परिजनों को आप बीती सुनाई उसके बाद परिवार वालों ने आरोपी पड़ोसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आरोपी से पूछताछ करने में जुटी हुई है।1
- महाराष्ट्र के संभाजीनगर में प्रशासन ने एक विकलांग महिला की मिट्टी के बर्तन की दुकान पर बुलडोजर चला दिया। अतिक्रमण हटाने के नाम पर की गई इस कार्रवाई से महिला का परिवार आर्थिक संकट में आ गया है, क्योंकि यही उसकी आजीविका का एकमात्र सहारा थी। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों में भारी नाराजगी है और प्रशासन पर सवाल उठ रहे हैं।1
- Motercycle Chori RJ52SD7160 यह एक आम अनुभव हो सकता है, लेकिन पुलिस की जिम्मेदारी जनता की सुरक्षा और सहायता करना है। [1]2
- प्रहलाद सिंह खटाना ने भजनलाल को बताया कुएं का मेंढक....|| #PrahladSinghKhatana #BhajanlalSharma #RajasthanPolitics #BreakingNews #TrendingNews Vijay Bainsla Bhajanlal Sharma Prahlad Singh1
- आदरणीय शुभेन्दु जी, tmc क़ो जड़ो क़ो खोजो और फिर बुलडोजर से जड़ो सहित उखाड़ना हीं श्रेयस्कर होगा, बुलडोजर से इस तरह जमीन समतल करना है कि खान्ग्रेस tmc के कांटे दार झाड़ियां दुवारा नहीं उग सके आदरणीय शुभेन्दु जी निश्चित हीं इसके पीछे खान्ग्रेस tmc का हाथ होगा आप इनकी जाँच कराये सीबीआई इनकी सारी जडे खोद कर क्राइम क़ो शरण देने वाले राजनीतिज्ञ और इनके हेल्पर भी उतने हीं दोषी है जितने कि क्राइम करने वाले ये बांग्लादेश के मुस्लिम है हमारा सबका उदेश्य है कि बांग्लादेश के इन अवैध घुसपेठियो क़ो निकालना, और ये भी निश्चित है कि tmc की तरह हीं खान्ग्रेस भी इनको सपोर्ट कर रही होंगी1