मध्य प्रदेश के देवास जिले की हाटपिपलिया विधानसभा के शिप्रा में किसान कांग्रेस के नेतृत्व में एक जंगी विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित किसानों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और प्रदेश के कृषि मंत्री एंदल सिंह कंसाना का पुतला फूंका। पुतला दहन के दौरान मौके पर मौजूद पुलिस और कांग्रेसियों के बीच जबरदस्त छीना-झपटी हुई, लेकिन इस तीखी झड़प के बावजूद किसान कांग्रेस के नेता शिप्रा में पुतला जलाने में कामयाब रहे। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान कांग्रेस व कांग्रेस के नेता, किसान और ग्रामीण जन उपस्थित थे। प्रदर्शन के दौरान किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष विश्वजीत सिंह चौहान ने किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर अपनी प्रमुख मांगें सामने रखीं। उन्होंने मांग की कि किसानों के लिए शुरू की गई ई-टोकन खाद व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए। इसके साथ ही, देवास जिले में विभिन्न योजनाओं जैसे लैंड पुलिंग, आउटर रिंग रोड, इंदौर-बुधनी रेलवे लाइन और विकास प्राधिकरण के लिए अधिग्रहित की गई जमीनों का किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। किसानों की अन्य प्रमुख मांगों में शिप्रा से लेकर बड़ा टिगरिया रोड का जल्द से जल्द निर्माण कराने, करोड़ों रुपये बर्बाद होने के बाद भी शिप्रा नदी की सफाई न होने के कारण फैली गंदगी को साफ करने, मूंग की 100 प्रतिशत सरकारी खरीदी सुनिश्चित करने और ओलावृष्टि के कारण फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग शामिल रही। इस जंगी प्रदर्शन में किसान कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष ईश्वरसिंह देवड़ा, प्रदेश सचिव उस्मान गनी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रेम नारायण पटेल, जिला उपाध्यक्ष डॉ. रजनीश पटेल, हंसराज मंडलोई, जसवंतपुरी पटलावदा, ब्लॉक अध्यक्ष जीवन पटेल, कालूसिंह राजपूत, युनुस ठेकेदार, कोषाध्यक्ष सुनील यादव और किसान नेता जितेन्द्र दा प्रमुख रूप से शामिल हुए। इसके साथ ही धर्मेन्द्र जायसवाल, प्रथम भोजक, केदार नेताजी, इमरान नेता, अमित पटेल, सेवादल के राकेश खुवारे, अनुसूचित ब्लॉक अध्यक्ष गोपी सरपंच, सौरभ पटेल, मोहनसिंह पटेल, संजय पटेल, इस्माईल भाई सहित किसान कांग्रेस व कांग्रेस के कई युवा नेता और कार्यकर्ता भी वहां उपस्थित रहे।
मध्य प्रदेश के देवास जिले की हाटपिपलिया विधानसभा के शिप्रा में किसान कांग्रेस के नेतृत्व में एक जंगी विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित किसानों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और प्रदेश के कृषि मंत्री एंदल सिंह कंसाना का पुतला फूंका। पुतला दहन के दौरान मौके पर मौजूद पुलिस और कांग्रेसियों के बीच जबरदस्त छीना-झपटी हुई, लेकिन इस तीखी झड़प के बावजूद किसान कांग्रेस के नेता शिप्रा में पुतला जलाने में कामयाब रहे।
इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान कांग्रेस व कांग्रेस के नेता, किसान और ग्रामीण जन उपस्थित थे। प्रदर्शन के दौरान किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष विश्वजीत सिंह चौहान ने किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर अपनी प्रमुख मांगें सामने रखीं। उन्होंने मांग की कि किसानों के लिए शुरू की गई ई-टोकन खाद व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए। इसके साथ ही, देवास जिले में विभिन्न योजनाओं जैसे लैंड पुलिंग, आउटर रिंग रोड, इंदौर-बुधनी रेलवे लाइन और विकास प्राधिकरण के लिए अधिग्रहित
की गई जमीनों का किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। किसानों की अन्य प्रमुख मांगों में शिप्रा से लेकर बड़ा टिगरिया रोड का जल्द से जल्द निर्माण कराने, करोड़ों रुपये बर्बाद होने के बाद भी शिप्रा नदी की सफाई न होने के कारण फैली गंदगी को साफ करने, मूंग की 100 प्रतिशत सरकारी खरीदी सुनिश्चित करने और ओलावृष्टि के कारण फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग शामिल रही। इस जंगी प्रदर्शन में किसान कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष ईश्वरसिंह देवड़ा, प्रदेश सचिव उस्मान
गनी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रेम नारायण पटेल, जिला उपाध्यक्ष डॉ. रजनीश पटेल, हंसराज मंडलोई, जसवंतपुरी पटलावदा, ब्लॉक अध्यक्ष जीवन पटेल, कालूसिंह राजपूत, युनुस ठेकेदार, कोषाध्यक्ष सुनील यादव और किसान नेता जितेन्द्र दा प्रमुख रूप से शामिल हुए। इसके साथ ही धर्मेन्द्र जायसवाल, प्रथम भोजक, केदार नेताजी, इमरान नेता, अमित पटेल, सेवादल के राकेश खुवारे, अनुसूचित ब्लॉक अध्यक्ष गोपी सरपंच, सौरभ पटेल, मोहनसिंह पटेल, संजय पटेल, इस्माईल भाई सहित किसान कांग्रेस व कांग्रेस के कई युवा नेता और कार्यकर्ता भी वहां उपस्थित रहे।
- देवास जिले के पीपलरावाँ और उसके आसपास के गांवों में 13 दिनों के लंबे अंतराल के बाद आखिरकार बादल बरसे हैं। इस बारिश के होने से क्षेत्र के किसानों के चेहरे खिल उठे हैं।1
- मध्य प्रदेश के इंदौर में युवाओं का शांतिपूर्ण प्रदर्शन लगातार जारी है। इस प्रदर्शन के दौरान युवाओं द्वारा लगाए जा रहे 'इंकलाब ज़िंदाबाद' के गगनभेदी नारों से पूरा इंदौर गूंज उठा है।1
- इंदौर में निमाड़ कोयला मोची समाज संगठन के अध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर नामांकन प्रक्रिया के तहत गुरु रविदास धर्मशाला में दो और प्रत्याशियों ने समर्थकों संग नामांकन पत्र जमा किया है। पहले प्रत्याशी के रूप में द्वारकापुरी के श्री ललित शंकरपुरे ने अध्यक्ष पद के लिए अपना पर्चा दाखिल किया, जिसके बाद वशुदेव नगर के श्री तुकाराम पगारे ने भी समर्थकों के साथ पहुंचकर अपना नामांकन पत्र जमा कराया। इन नए नामांकनों के साथ अब तक अध्यक्ष पद के लिए कुल तीन नामांकन पत्र जमा हो चुके हैं। इस चुनाव प्रक्रिया को लेकर समाज के लोगों में भारी उत्साह देखा जा रहा है और सभी की नजरें आगामी चरणों की गतिविधियों पर बनी हुई हैं। समाज के सदस्यों ने इस चुनाव के निष्पक्ष, पारदर्शी और लोकतांत्रिक तरीके से संपन्न होने की उम्मीद जताते हुए सभी प्रत्याशियों को अपनी शुभकामनाएं दी हैं।3
- इंदौर पुलिस कमिश्नर ने एक शॉर्ट फिल्म के माध्यम से सोच बदलने वाली एक कहानी साझा करते हुए संदेश दिया है कि नशा जिंदगी नहीं, बल्कि जिंदगी का अंत है। इस संदेश के जरिए लोगों से नशे को पूरी तरह से 'ना' कहने और एक स्वस्थ तथा सुरक्षित भविष्य की ओर आगे बढ़ने की अपील की गई है।1
- अखिल भारतीय वनवासी कृषि ग्रामीण मजदूर संघ के नीमच, मंदसौर और रतलाम प्रभारी तथा नीमच जिला अध्यक्ष चंद्रशेखर जायसवार ने जावरा तहसील में एक बैठक का आयोजन किया। इस बैठक में मुख्य रूप से मजदूर वर्ग की समस्याओं और जनहितैषी मुद्दों को लेकर चर्चा की गई।1
- इंदौर में एक राहगीर पर डंडा लेकर हमला करने वाले बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया है, वहीं इस मामले में शामिल तीसरे बदमाश की तलाश अभी भी जारी है।1