दरभंगा जिला परिषद अध्यक्ष पद के चुनाव में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है, जहाँ बुधवार को रेणु देवी को निर्विरोध जिला परिषद अध्यक्ष निर्वाचित घोषित किया गया। जिला मुख्यालय स्थित अंबेडकर सभागार में संपन्न चुनावी प्रक्रिया में, 47 सदस्यीय जिला परिषद में रेणु देवी अध्यक्ष पद के लिए एकमात्र उम्मीदवार रहीं। वह अपने 29 समर्थक जिला परिषद सदस्यों के साथ सदन पहुंचीं, जबकि निवर्तमान अध्यक्ष सीता देवी और उनके खेमे का कोई भी पार्षद इस चुनावी प्रक्रिया में शामिल नहीं हुआ। निर्धारित समय के दौरान, रेणु देवी ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी कौशल कुमार के समक्ष अपना नामांकन दाखिल किया, जहाँ उनकी प्रस्तावक हायाघाट की जिला परिषद सदस्य काजल देवी और समर्थक डॉ. नंदकिशोर झा 'बेचन' बने। नामांकन पत्रों की जांच के बाद, अधिकारियों ने अन्य उम्मीदवारों के लिए भी अवसर दिया, लेकिन तय समय सीमा तक किसी अन्य सदस्य ने नामांकन दाखिल नहीं किया, जिसके परिणामस्वरूप रेणु देवी को निर्विरोध अध्यक्ष निर्वाचित घोषित कर दिया गया। चुनाव के दौरान, समस्तीपुर के एडीएम आपदा प्रेक्षक के रूप में मौजूद रहे, वहीं सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अंबेडकर सभागार और समाहरणालय परिसर में पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की गई थी। रेणु देवी के इस निर्विरोध निर्वाचन को जिला परिषद की राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में जिले के राजनीतिक समीकरणों पर भी असर पड़ने की संभावना है।
दरभंगा जिला परिषद अध्यक्ष पद के चुनाव में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है, जहाँ बुधवार को रेणु देवी को निर्विरोध जिला परिषद अध्यक्ष निर्वाचित घोषित किया गया। जिला मुख्यालय स्थित अंबेडकर सभागार में संपन्न चुनावी प्रक्रिया में, 47 सदस्यीय जिला परिषद में रेणु देवी अध्यक्ष पद के लिए एकमात्र उम्मीदवार रहीं। वह अपने 29 समर्थक जिला परिषद सदस्यों के साथ सदन पहुंचीं, जबकि निवर्तमान अध्यक्ष सीता देवी और उनके खेमे का कोई भी पार्षद इस चुनावी प्रक्रिया में शामिल नहीं हुआ। निर्धारित समय के दौरान, रेणु देवी ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी कौशल कुमार के समक्ष अपना नामांकन दाखिल किया, जहाँ उनकी प्रस्तावक हायाघाट की जिला परिषद सदस्य काजल देवी और समर्थक डॉ. नंदकिशोर झा 'बेचन' बने। नामांकन पत्रों की जांच के बाद, अधिकारियों ने अन्य उम्मीदवारों के लिए भी अवसर दिया, लेकिन तय समय सीमा तक किसी अन्य सदस्य ने नामांकन दाखिल नहीं किया, जिसके परिणामस्वरूप रेणु देवी को निर्विरोध अध्यक्ष निर्वाचित घोषित कर दिया गया। चुनाव के दौरान, समस्तीपुर के एडीएम आपदा प्रेक्षक के रूप में मौजूद रहे, वहीं सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अंबेडकर सभागार और समाहरणालय परिसर में पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की गई थी। रेणु देवी के इस निर्विरोध निर्वाचन को जिला परिषद की राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में जिले के राजनीतिक समीकरणों पर भी असर पड़ने की संभावना है।
- समस्तीपुर में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्ष के कार्यकाल पूरे होने के उपलक्ष्य में भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा पूजा-अर्चना की गई। यह आयोजन एमएलसी डॉ. तरुण कुमार चौधरी के नेतृत्व में बहादुरपुर स्थित शिव दुर्गा मंदिर में संपन्न हुआ। इस अवसर पर, कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्व में देश द्वारा हासिल की गई उपलब्धियों का स्मरण किया और उनके दीर्घायु तथा स्वस्थ जीवन के लिए मंगल कामना की।1
- खान ग्लोबल के मालिक खान सर की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी गई है। इस संबंध में उनके वकील का बयान सामने आया है।1
- मध्य प्रदेश के शिवपुरी में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रचना गुर्जर के घर लाखों रुपये की चोरी की वारदात सामने आई है। चोरों ने कटर से तार काटकर घर में सेंध लगाई और गहने तथा नकदी मिलाकर लाखों रुपये का सामान चुरा लिया। बताया जा रहा है कि रचना गुर्जर द्वारा सोशल मीडिया पर रील्स में अपने गहने और कैश दिखाना ही इस चोरी की बड़ी वजह बना। घटना के बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है, जो सोशल मीडिया पर अपनी संपत्ति का प्रदर्शन करने के संभावित खतरों और साइबर सुरक्षा के महत्व पर गंभीर चिंताएं पैदा करती है।1
- दरभंगा जिला परिषद चुनाव के परिणामों को लेकर एक महत्वपूर्ण प्रश्न सामने आया है। इस चुनाव में सीता देवी की हार और रेणु देवी की जीत के पीछे के कारणों को लेकर जिज्ञासा व्यक्त की जा रही है।1
- समस्तीपुर जिले के 4.08 लाख पेंशनधारियों के बैंक खातों में कुल ₹47.15 करोड़ की राशि का हस्तांतरण किया गया है। यह राशि सीधे लाभार्थियों के खाते में भेज दी गई है।1
- समस्तीपुर जिला के सिंधिया प्रखंड क्षेत्र स्थित ग्राम भरड़ीया और आस-पास के नागरिकों ने स्थानीय पदाधिकारियों पर अपना गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। उनका कहना है कि क्षेत्र में कई दिनों से बिजली गुल है, जिसके कारण छात्रों को अपनी पढ़ाई करने में गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। नागरिकों का यह गुस्सा लगातार बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण बढ़ रहा है।1
- यह प्रश्न उठाया गया है कि भारत में आम नागरिक कैसे टैक्स के इस जटिल खेल में उलझते जा रहे हैं। इस मुद्दे पर चर्चा की गई है कि आखिर नागरिकों से किन-किन जगहों और माध्यमों से टैक्स की वसूली की जा रही है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर प्रभाव पड़ रहा है।1
- क्षेत्र के विकास के मुद्दे पर यह चिंता जताई गई है कि यदि हर दो साल के अंतराल पर अध्यक्ष बदला जाता रहेगा, तो संबंधित क्षेत्र का विकास कैसे संभव हो पाएगा।1
- समस्तीपुर जिले के सिंघिया प्रखंड में प्रखंड विकास पदाधिकारी विवेक रंजन द्वारा विकासशील कार्य योजनाओं की जानकारी दी गई। यह जानकारी प्रखंड बीस सूत्री सदस्यों की एक बैठक के दौरान प्रदान की गई, जो पंचायत समिति भवन सभागार में संपन्न हुई।1