राजस्थान में गहराते जल संकट को लेकर पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने भाजपा सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि अगले 24 घंटों में पानी की समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो मुख्यमंत्री आवास और मंत्रियों के आवासों के पानी के कनेक्शन काट दिए जाएंगे। खाचरियावास ने सरकार पर कड़ा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि प्रदेश की जनता बूंद-बूंद पानी को तरस रही है, जबकि सरकार कुंभकर्णी नींद में सोई हुई है। उनके अनुसार, जयपुर सहित कई जिलों में स्थिति बद से बदतर हो गई है, और टैंकरों पर निर्भर इलाकों में भी पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इसके चलते महिलाओं को घंटों लंबी लाइनों में खड़ा रहना पड़ रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि गर्मी अपने चरम पर है और पानी के लिए त्राहि-त्राहि मची है, लेकिन सरकार केवल घोषणाओं में व्यस्त है। पूर्व मंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के शासन में जलदाय विभाग पूरी तरह से विफल हो गया है। उनके मुताबिक, हैंडपंप सूखे पड़े हैं, नलकूपों ने जवाब दे दिया है, और पानी की योजनाएं सिर्फ कागजों पर ही चल रही हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता की प्यास बुझाना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है, जिसमें वह नाकाम साबित हो रही है। यदि 24 घंटे के भीतर पानी की सुचारू व्यवस्था नहीं की गई, तो कांग्रेस कार्यकर्ता मुख्यमंत्री निवास और मंत्रियों के बंगलों के पानी के कनेक्शन काटने के लिए मजबूर होंगे।
राजस्थान में गहराते जल संकट को लेकर पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने भाजपा सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि अगले 24 घंटों में पानी की समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो मुख्यमंत्री आवास और मंत्रियों के आवासों के पानी के कनेक्शन काट दिए जाएंगे। खाचरियावास ने सरकार पर कड़ा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि प्रदेश की जनता बूंद-बूंद पानी को तरस रही है, जबकि सरकार कुंभकर्णी नींद में सोई हुई है। उनके अनुसार, जयपुर सहित कई जिलों में स्थिति बद से बदतर हो गई है, और टैंकरों पर निर्भर इलाकों में भी पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इसके चलते महिलाओं को घंटों लंबी लाइनों में खड़ा रहना पड़ रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि गर्मी अपने चरम पर है और पानी के लिए त्राहि-त्राहि मची है, लेकिन सरकार केवल घोषणाओं में व्यस्त है। पूर्व मंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के शासन में जलदाय विभाग पूरी तरह से विफल हो गया है। उनके मुताबिक, हैंडपंप सूखे पड़े हैं, नलकूपों ने जवाब दे दिया है, और पानी की योजनाएं सिर्फ कागजों पर ही चल रही हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता की प्यास बुझाना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है, जिसमें वह नाकाम साबित हो रही है। यदि 24 घंटे के भीतर पानी की सुचारू व्यवस्था नहीं की गई, तो कांग्रेस कार्यकर्ता मुख्यमंत्री निवास और मंत्रियों के बंगलों के पानी के कनेक्शन काटने के लिए मजबूर होंगे।
- पुलिस ने हाईवे पर सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से एक पहल की है। इस दौरान, दोपहिया वाहन चालकों को विशेष रूप से हेलमेट पहनने के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। पुलिस ने बताया कि हेलमेट न पहनने पर भारी चालान काटा जा सकता है। इसके साथ ही, यह भी स्पष्ट किया गया कि किसी भी दुर्घटना की स्थिति में, हेलमेट सिर को गंभीर चोटों से बचाने के लिए सबसे आवश्यक सुरक्षा कवच के रूप में कार्य करता है।1
- पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत की राजधानी क्वेटा में रविवार को एक बड़ा आत्मघाती बम विस्फोट हुआ, जिससे भारी जनहानि हुई है। शुरुआती स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में 32 लोगों की मौत और 94 से अधिक लोगों के घायल होने की बात कही गई थी, लेकिन बाद की अंतरराष्ट्रीय रिपोर्टों ने अब तक कम से कम 24 मौतों और 100 से अधिक घायलों की पुष्टि की है। आशंका जताई जा रही है कि मृतकों की संख्या में और वृद्धि हो सकती है। जानकारी के अनुसार, यह विस्फोट क्वेटा के चमन फाटक इलाके के पास रेलवे ट्रैक के नजदीक उस समय हुआ जब एक ट्रेन सैन्य क्षेत्र से यात्रियों को लेकर आगे बढ़ रही थी। धमाका इतना शक्तिशाली था कि ट्रेन के डिब्बे पटरी से उतर गए, और आसपास के वाहनों व इमारतों को भी गंभीर नुकसान पहुंचा। रिपोर्टों के मुताबिक, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। बताया जा रहा है कि हमला सुरक्षा बलों से जुड़े लोगों को निशाना बनाकर किया गया था। घटना के तुरंत बाद, पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है और सभी अस्पतालों में आपात स्थिति घोषित कर दी गई है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस दुखद घटना की कड़ी निंदा की है। क्वेटा और बलूचिस्तान क्षेत्र पहले भी ऐसे आत्मघाती हमलों का केंद्र रहे हैं।1
- अलवर जिले में भीषण गर्मी के कारण उच्च अलर्ट घोषित किया गया है, जहाँ सुबह 10 बजे तक ही सभी व्यावसायिक गतिविधियाँ बंद कर दी जाती हैं। इस क्षेत्र में तापमान 48.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच जाता है। जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश का बंधा गाँव इस समय देश के सबसे गर्म स्थानों में से एक है।1
- देश में एक नई 'कॉकरोच जनता पार्टी' के सामने आने का ज़िक्र किया गया है, जिसके प्रति जनता की ओर से तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की जा रही है। लोगों ने खुले तौर पर यह बात कही है कि अब ‘सफाई जरूरी’ है, जो मौजूदा स्थिति में बड़े बदलाव या किसी प्रकार के निवारण की स्पष्ट मांग को दर्शाता है।1
- आज बगड़ राजपूत गांव में सरकार की तरफ से एक महत्वपूर्ण आयोजन हुआ, जिसमें जोहड़ पूजन संपन्न किया गया। यह कार्यक्रम गांव की उन्नति और भागीदारी का प्रतीक बना। इस अवसर पर गांव की स्वयं सहायता समूह (SHG) की महिलाओं ने सक्रिय रूप से भाग लिया। उनके साथ सरकारी कर्मचारी जैसे इंसान फैक्ट्री की एलडीसी मैडम, ग्राम सेवक, पटवारी, नरेगा के जूनियर इंजीनियर (जयन) और वाटरशेड के जूनियर इंजीनियर (जयन) भी मौजूद रहे। इस पूरे आयोजन में बीडीओ साहब की उपस्थिति ने कार्यक्रम को और भी गरिमामय बना दिया।3
- भीषण गर्मी के इस दौर में जहाँ इंसानों के साथ-साथ पक्षियों का जीवन भी संकट में है, वहीं हरसोली गाँव में पक्षियों की प्यास बुझाने के लिए एक सराहनीय पहल देखने को मिली है। किशनगढ़ बास के विधायक दीपचंद खेरिया ने गाँव में विभिन्न स्थानों पर पक्षियों के लिए परिंडे लगवाए हैं। इस कार्यक्रम के दौरान विधायक खेरिया ने ज़ोर देकर कहा कि गर्मी के मौसम में पक्षियों को पानी उपलब्ध कराना मानवता और जीव सेवा का सबसे बड़ा कार्य है। उन्होंने आमजन से भी अपील की कि वे अपने घरों, दुकानों और सार्वजनिक स्थानों पर परिंडे लगाएं और उनमें नियमित रूप से पानी भरें। विधायक खेरिया ने यह भी स्पष्ट किया कि पक्षियों का संरक्षण और उनकी देखभाल हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।1
- राजस्थान पत्रिका के वरिष्ठ पत्रकार और कोटपूतली एडिशन (शाहपुरा) के ब्यूरो चीफ मुकेश कुमार प्रजापत और उनकी भाभी जी को शादी की वर्षगांठ की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी गई हैं। इस अवसर पर उनके लिए मंगलकामना की गई है कि उनकी जोड़ी हमेशा सलामत रहे और हर वर्ष नई खुशियों के साथ उनका यह रिश्ता और अधिक मजबूत होता जाए।1
- मुजफ्फरनगर से खतौली की ओर जा रही एक स्विफ्ट कार में भैंसी कट फ्लाईओवर के नीचे अचानक आग लग गई। कार चालक ने धुआं और लपटें उठती देख तुरंत कूदकर अपनी जान बचाई। घटना की सूचना मिलने पर दमकल टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है।1
- सरकार यह दावा करती है कि राशन कहीं से भी प्राप्त किया जा सकता है। इसके विपरीत, एक बुजुर्ग मां को तपती गर्मी में अपने गांव के बजाय दूसरे गांव से राशन लाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। यह स्थिति सवाल उठाती है कि आखिर सरकार के वादे के बावजूद उस बुजुर्ग मां को ऐसा क्यों करना पड़ रहा है।1