SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क बोले, जब विधानसभा के पास अधिकार ही नहीं तो क्यों बुलाया गया सत्र ? महिला आरक्षण पर सियासी ड्रामा, सांसद बर्क का वार ,बिल पास फिर भी क्यों बुलाया सत्र?* SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क बोले, जब विधानसभा के पास अधिकार ही नहीं तो क्यों बुलाया गया सत्र ? महिला आरक्षण बिल को लेकर उत्तर प्रदेश विधानसभा में बुलाए गए विशेष सत्र के बीच समाजवादी पार्टी के संभल से सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने सीधे तौर पर सरकार की मंशा और महिला आरक्षण के मुद्दे पर उसकी कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं और पूरे विवाद का केंद्र यही बन गया है कि जब महिला आरक्षण कानून पहले ही पास हो चुका है तो अब इस सत्र की जरूरत क्यों पड़ी। संभल के दीपा सराय स्थित अपने आवास पर सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने सबसे पहले इसी मुद्दे को उठाया और कहा कि उनकी समझ से परे है कि महिला आरक्षण जैसे विषय पर विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने का औचित्य क्या है क्योंकि इस तरह का अधिकार संसद के पास होता है न कि राज्य विधानसभा के पास उन्होंने साफ कहा कि जब 2023 में संसद महिला आरक्षण विधेयक को मंजूरी दे चुकी है तो फिर इस तरह के सत्र से क्या हासिल किया जाएगा उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र सरकार बिल पास होने के बावजूद उसे लागू करने में नाकाम रही है और अब दोबारा उसी मुद्दे को उठाकर जनता खासकर महिलाओं को भ्रमित करने की कोशिश की जा रही है उनके मुताबिक यह पूरा मामला राजनीतिक लाभ लेने की रणनीति का हिस्सा लगता है न कि किसी ठोस फैसले का प्रयास बर्क ने विपक्ष का रुख भी स्पष्ट करते हुए कहा कि महिला आरक्षण को लेकर विपक्ष शुरू से समर्थन में रहा है और संसद में बिल पास कराने में उसकी अहम भूमिका रही है लेकिन परिसीमन के नाम पर जो नई राजनीति की जा रही है उस पर विपक्ष को आपत्ति है उनका कहना है कि मुद्दा महिलाओं को अधिकार देने का है न कि उसे राजनीतिक हथियार बनाने का बीजेपी द्वारा समाजवादी पार्टी पर लगाए जाने वाले आरोपों पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान की बात करने से पहले सत्ताधारी दल को अपने भीतर झांकना चाहिए उन्होंने दावा किया कि कई मामलों में भाजपा नेताओं पर गंभीर आरोप सामने आए हैं जिनकी अनदेखी नहीं की जा सकती इसके साथ ही उन्होंने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव के रुख को उदाहरण के तौर पर पेश करते हुए कहा कि उनकी पार्टी महिलाओं के सम्मान को व्यवहार में भी दिखाती है उन्होंने एक घटना का जिक्र करते हुए बताया कि विरोध के दौरान घायल हुई महिला विधायक से मिलने खुद अखिलेश यादव अस्पताल पहुंचे थे जो इस बात का संकेत है कि उनकी राजनीति सिर्फ बयान तक सीमित नहीं है बर्क ने केंद्र सरकार से सीधा सवाल किया कि जब बिल पास हो चुका है और केंद्र में उनकी ही सरकार है तो अब तक इसे लागू क्यों नहीं किया गया उन्होंने कहा कि 2023 से लेकर अब तक का समय बीत चुका है लेकिन जमीन पर कोई बदलाव नजर नहीं आता जिससे लोगों के मन में सवाल उठना स्वाभाविक है अंत में उन्होंने विशेष सत्र के मकसद पर फिर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को साफ करना चाहिए कि इस सत्र से आखिर हासिल क्या करना है अगर विधानसभा के पास महिला आरक्षण लागू करने का अधिकार ही नहीं है तो यह पूरा कदम सिर्फ राजनीतिक संदेश देने या श्रेय लेने की कोशिश नजर आता है और जनता अब इन सवालों के जवाब चाहती है।
SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क बोले, जब विधानसभा के पास अधिकार ही नहीं तो क्यों बुलाया गया सत्र ? महिला आरक्षण पर सियासी ड्रामा, सांसद बर्क का वार ,बिल पास फिर भी क्यों बुलाया सत्र?* SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क बोले, जब विधानसभा के पास अधिकार ही नहीं तो क्यों बुलाया गया सत्र ? महिला आरक्षण बिल को लेकर उत्तर प्रदेश विधानसभा में बुलाए गए विशेष सत्र के बीच समाजवादी पार्टी के संभल से सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने सीधे तौर पर सरकार की मंशा और महिला आरक्षण के मुद्दे पर उसकी कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं और पूरे विवाद का केंद्र यही बन गया है कि जब महिला आरक्षण कानून पहले ही पास हो चुका है तो अब इस सत्र की जरूरत क्यों पड़ी। संभल के दीपा सराय स्थित अपने आवास पर सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने सबसे पहले इसी मुद्दे को उठाया और कहा कि उनकी समझ से परे है कि महिला आरक्षण जैसे विषय पर विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने का औचित्य क्या है क्योंकि इस तरह का अधिकार संसद के पास होता है न कि राज्य विधानसभा के पास उन्होंने साफ कहा कि जब 2023 में संसद महिला आरक्षण विधेयक को मंजूरी दे चुकी है तो फिर इस तरह के सत्र से क्या हासिल किया जाएगा उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र सरकार बिल पास होने के बावजूद उसे लागू करने में नाकाम रही है और अब दोबारा उसी मुद्दे को उठाकर जनता खासकर महिलाओं को भ्रमित करने की कोशिश की जा रही है उनके मुताबिक यह पूरा मामला राजनीतिक लाभ लेने की रणनीति का हिस्सा लगता है न कि किसी ठोस फैसले का प्रयास बर्क ने विपक्ष का रुख भी स्पष्ट करते हुए कहा कि महिला आरक्षण को लेकर विपक्ष शुरू से समर्थन में रहा है और संसद में बिल पास
कराने में उसकी अहम भूमिका रही है लेकिन परिसीमन के नाम पर जो नई राजनीति की जा रही है उस पर विपक्ष को आपत्ति है उनका कहना है कि मुद्दा महिलाओं को अधिकार देने का है न कि उसे राजनीतिक हथियार बनाने का बीजेपी द्वारा समाजवादी पार्टी पर लगाए जाने वाले आरोपों पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान की बात करने से पहले सत्ताधारी दल को अपने भीतर झांकना चाहिए उन्होंने दावा किया कि कई मामलों में भाजपा नेताओं पर गंभीर आरोप सामने आए हैं जिनकी अनदेखी नहीं की जा सकती इसके साथ ही उन्होंने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव के रुख को उदाहरण के तौर पर पेश करते हुए कहा कि उनकी पार्टी महिलाओं के सम्मान को व्यवहार में भी दिखाती है उन्होंने एक घटना का जिक्र करते हुए बताया कि विरोध के दौरान घायल हुई महिला विधायक से मिलने खुद अखिलेश यादव अस्पताल पहुंचे थे जो इस बात का संकेत है कि उनकी राजनीति सिर्फ बयान तक सीमित नहीं है बर्क ने केंद्र सरकार से सीधा सवाल किया कि जब बिल पास हो चुका है और केंद्र में उनकी ही सरकार है तो अब तक इसे लागू क्यों नहीं किया गया उन्होंने कहा कि 2023 से लेकर अब तक का समय बीत चुका है लेकिन जमीन पर कोई बदलाव नजर नहीं आता जिससे लोगों के मन में सवाल उठना स्वाभाविक है अंत में उन्होंने विशेष सत्र के मकसद पर फिर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को साफ करना चाहिए कि इस सत्र से आखिर हासिल क्या करना है अगर विधानसभा के पास महिला आरक्षण लागू करने का अधिकार ही नहीं है तो यह पूरा कदम सिर्फ राजनीतिक संदेश देने या श्रेय लेने की कोशिश नजर आता है और जनता अब इन सवालों के जवाब चाहती है।
- Post by Harveer Yadav1
- Post by रवि मौर्या राज वंश1
- संभल से बड़ी खबर संभल से बड़ी खबर "जब संसद ने दे दी मंजूरी, तो UP में ड्रामा क्यों? SP सांसद बर्क का योगी सरकार पर हमला" नमस्कार दोस्तों, संभल से बड़ी सियासी खबर सामने आ रही है। समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने यूपी विधानसभा सत्र पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। बोले - ये सियासी मंचन क्यों? संभल से SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने यूपी सरकार पर हमला बोला है। बर्क ने कहा, "जब संसद इस मामले पर मंजूरी दे चुकी है, तो UP में ये सियासी मंचन क्यों किया जा रहा है?" बर्क का सीधा सवाल है - "जब विधानसभा के पास इस मुद्दे पर अधिकार ही नहीं है, तो सत्र क्यों बुलाया गया?" SP सांसद का इशारा साफ है कि राज्य सरकार सिर्फ सियासी माहौल बनाने के लिए विधानसभा का सत्र बुला रही है, जबकि कानून बनाने का अधिकार संसद के पास है। बता दें कि यूपी विधानसभा का सत्र हाल ही में बुलाया गया है। विपक्ष इसे केंद्र बनाम राज्य का मुद्दा बना रहा है। SP का आरोप है कि सरकार असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए ऐसे सत्र बुलाती है। अब देखना होगा कि योगी सरकार SP सांसद के इस हमले पर क्या जवाब देती है। आपको क्या लगता है, जियाउर्रहमान बर्क का सवाल सही है? कमेंट में अपनी राय बताइए। वीडियो को लाइक-शेयर करें और चैनल सब्सक्राइब करना न भूलें। --- *शॉर्ट्स/रील के लिए 25 सेकंड वर्जन:* "संभल से SP सांसद बर्क का योगी सरकार पर हमला! बोले - जब संसद मंजूरी दे चुकी, तो UP में सियासी मंचन क्यों? विधानसभा के पास अधिकार नहीं तो सत्र क्यों बुलाया? बड़ा सियासी बवाल।" और कोई एंगल जोड़ना है या टोन बदलनी है? नमस्कार दोस्तों, संभल से बड़ी सियासी खबर सामने आ रही है। समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने यूपी विधानसभा सत्र पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। बोले - ये सियासी मंचन क्यों? संभल से SP सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने यूपी सरकार पर हमला बोला है। बर्क ने कहा, "जब संसद इस मामले पर मंजूरी दे चुकी है, तो UP में ये सियासी मंचन क्यों किया जा रहा है?" बर्क का सीधा सवाल है - "जब विधानसभा के पास इस मुद्दे पर अधिकार ही नहीं है, तो सत्र क्यों बुलाया गया?" SP सांसद का इशारा साफ है कि राज्य सरकार सिर्फ सियासी माहौल बनाने के लिए विधानसभा का सत्र बुला रही है, जबकि कानून बनाने का अधिकार संसद के पास है। बता दें कि यूपी विधानसभा का सत्र हाल ही में बुलाया गया है। विपक्ष इसे केंद्र बनाम राज्य का मुद्दा बना रहा है। SP का आरोप है कि सरकार असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए ऐसे सत्र बुलाती है। अब देखना होगा कि योगी सरकार SP सांसद के इस हमले पर क्या जवाब देती है। आपको क्या लगता है, जियाउर्रहमान बर्क का सवाल सही है? कमेंट में अपनी राय बताइए। वीडियो को लाइक-शेयर करें और चैनल सब्सक्राइब करना न भूलें। *शॉर्ट्स/रील के लिए 25 सेकंड वर्जन:* "संभल से SP सांसद बर्क का योगी सरकार पर हमला! बोले - जब संसद मंजूरी दे चुकी, तो UP में सियासी मंचन क्यों? विधानसभा के पास अधिकार नहीं तो सत्र क्यों बुलाया? बड़ा सियासी बवाल।" और कोई एंगल जोड़ना है या टोन बदलनी है?1
- Post by MOHD ASIF ABBAS1
- बरेली के थाना सीबीगंज क्षेत्र में हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। वांछित आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। जानकारी के मुताबिक, 19 अप्रैल 2026 को ग्राम जोगीठेर में शराब के नशे में हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। आरोपी हरीश कुमार कश्यप उर्फ नन्होरी ने अपने पिता के साथ मिलकर हरिओम भटवारी पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल हरिओम की इलाज के दौरान मौत हो गई। इस मामले में मृतक की पत्नी की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसे बाद में हत्या की धारा में परिवर्तित किया गया। पुलिस ने 1 मई को मुखबिर की सूचना पर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और घटना में प्रयुक्त लाठी-डंडे भी बरामद किए हैं। फिलहाल आरोपी को न्यायालय में पेश कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। 👉 ऐसे ही क्राइम न्यूज़ अपडेट के लिए चैनल को Subscribe करें 👉 वीडियो को Like 👍 और Share जरूर करें1
- aonla mei aayi bayankar barish Hawa ki gati 70 kilometer prati ganta1
- Post by Imran Khan1
- Post by Harveer Yadav1
- यातायात पुलिस के आरक्षी को शौच के लिए जाना पडा भारी,लिख दी रपट। ------------------------- यातायात प्रभारी ने लिखी रपट,बोले तुम्हारी लैट्रीन का मेने ठेका ले रखा है,आडियो वायरल। ---------------------- सम्भल गंगा एक्सप्रेस वे का 29 अप्रैल यानी आज उद्घाटन होना है इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी हरदोई में करेंगे इसी क्रम में बहजोई के लहरावन टोल प्लाजा के पास इसी को लेकर कार्यक्रम रखा जा रहा है इस प्रोग्राम में प्रभारी मंत्री धर्मपाल प्रज्ञापति शिरकत कर रहे है,इसी के चलते 28 अप्रैल यानी कल से इंतज़ाम किया जा रहा है और सभी जगह थाना पुलिस के साथ साथ यातायात पुलिस व्यवस्था में लगाई गई है। वही यातायात पुलिस के एक जवान जो जयभगवान नाम की डियूटी लगाई गई,अचानक दुपहर को उसका पेट खराब हो गया और बह पास के पैट्रोल पंप पर शौच करने चला गया जैसे ही वह वापस लौटा तभी यातायात प्रभारी दुष्यंत वालियान का फोन उसके पास आया और उन्होंने ने उससे कहा की अपनी आमद करालो तब उसने पूछा क्यों तव जबाब आया कि मेंने तुम्हारी रपट लिख दी है तव उसने पूछा आखिर क्यूं उन्होंने कहा तुम डियूटी से गायब थे तब उसने अपवीती सुनाई कहा कि में सुबह जल्दी जल्दी में एक किलो दूध पीकर आ गया था और अचानक मेरा पेट खराब हो गया था मैं सौच के लिए गया था आप जानकारी निकाले की मैं मात्र कुछ ही समय के बाद अपने स्थान पर वापस आ गया था। *इस बात से ख़फ़ा प्रभारी ने दिया बडा जबाब* प्रभारी का ग़ुस्सा जब दीवान पर बरसा तब आप उन शब्दों की कल्पना नही कर सकते प्रभारी ने फ़ोन पर कहा की मेंने तुम्हारी लैट्रीन का ठेका ले रखा है क्या। यह शब्द अपने आप में अशोभनीय है अगर डियूटी पर किसी की तबियत बिगड़ जाती तब उसकी मदद की जाती है ना कि उसके साथ ऐसा व्यवहार कल से गंगा एक्सप्रेस वे पर केवल तैयारियां ही चल रही थी कोई वीआईपी या वीवीआईपी का कोई आवागमन या कोई प्रोग्राम नही था प्रोग्राम आज होना था पीड़ित सिपाही का कहना है कि में अपने उच्च अधिकारियों से इस बात की शिकायत करुंगा। *पीड़ित सिपाही ने खोले प्रभारी के राज* टी एस आई दुष्यंत वालियान हम से चिढे हुए हैं और अवैध तरीके से ट्रक चलवाते है और हम उनका चालान करते हैं तो नाराज़ होते हैं। मेरी आज सुबह आठ बजे से आठ बजे तक डियूटी लगा दी,आज जब में घर से आया तो दूध पीकर आया जब मुझे लैटरीन लगी तब मैं फ्रेश होने एच पी के पैट्रोल पंप पर चला गया इसको लेकर बह बहुत गुस्सा हो गये और मुझसे बोले कि मेने तुम्हारी लैट्रीन का ठेका ले रखा है। उन्होंने कहा एक बार कांवड़ का समय चल रहा था तब मेने इनका मिट्टी का एक डंपर रोक दिया था कि भाई इधर कांवड़ का रास्ता है इधर नहीं जाएगा,यह डंपर इन्होंने चलबा रखे थे मुझे मालूम नही था इसी बात को लेकर आज तक मुझसे नाराज़ हैं और लगातार मुझे परेशान करते हैं। यह आरोप उनके विभाग के ही हैड कांस्टेबल ने लगाए है *fm news* ने मिट्टी से लदे डंपर को रोक कर सेटिंग की बात करके छोड़ने के बाद मीडिया के कैमरे में कैद होने के बाद पीछा करके मिट्टी के ट्रक रोक कर चालन करने की खबर प्रमुखता से दिखाई थी । अब हैड कांस्टेबल ने *fm news* की खबर पर सही होने की मोहर लगा दी है *खबर का संज्ञान लेने के बाद कार्यवाही* सम्भल के ट्रैफिक प्रभारी दुष्यंत कुमार और जय भगवान हैड कांस्टेबल सहित कुणाल मालिक और सिपाही रवि कुमार को सम्भल के SP कृष्ण कुमार विश्नोई ने लाइन हाजिर किया है ट्रैफिक प्रभारी लगातार अपने अमानवीय व्यवहार के लिए चर्चा में रहते रहे है मिट्टी खनन करने वाले डंपरों के संचालकों से मिलीभगत के भी आरोप लगते रहे है और मुख्य आरक्षी जय भगवान ने भी यही आरोप लगाए है पुलिस महकमा अब विभागीय जांच करने की बात कह रहा है *बाइट - जय भगवान हैड कांस्टेबल ट्रैफिक पुलिस सम्भल* *ऑडियो कॉल रिकॉर्डिंग यातायात प्रभारी और हैड कांस्टेबल* ------------------------- यातायात प्रभारी ने लिखी रपट,बोले तुम्हारी लैट्रीन का मेने ठेका ले रखा है,आडियो वायरल। ---------------------- सम्भल गंगा एक्सप्रेस वे का 29 अप्रैल यानी आज उद्घाटन होना है इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी हरदोई में करेंगे इसी क्रम में बहजोई के लहरावन टोल प्लाजा के पास इसी को लेकर कार्यक्रम रखा जा रहा है इस प्रोग्राम में प्रभारी मंत्री धर्मपाल प्रज्ञापति शिरकत कर रहे है,इसी के चलते 28 अप्रैल यानी कल से इंतज़ाम किया जा रहा है और सभी जगह थाना पुलिस के साथ साथ यातायात पुलिस व्यवस्था में लगाई गई है। वही यातायात पुलिस के एक जवान जो जयभगवान नाम की डियूटी लगाई गई,अचानक दुपहर को उसका पेट खराब हो गया और बह पास के पैट्रोल पंप पर शौच करने चला गया जैसे ही वह वापस लौटा तभी यातायात प्रभारी दुष्यंत वालियान का फोन उसके पास आया और उन्होंने ने उससे कहा की अपनी आमद करालो तब उसने पूछा क्यों तव जबाब आया कि मेंने तुम्हारी रपट लिख दी है तव उसने पूछा आखिर क्यूं उन्होंने कहा तुम डियूटी से गायब थे तब उसने अपवीती सुनाई कहा कि में सुबह जल्दी जल्दी में एक किलो दूध पीकर आ गया था और अचानक मेरा पेट खराब हो गया था मैं सौच के लिए गया था आप जानकारी निकाले की मैं मात्र कुछ ही समय के बाद अपने स्थान पर वापस आ गया था। *इस बात से ख़फ़ा प्रभारी ने दिया बडा जबाब* प्रभारी का ग़ुस्सा जब दीवान पर बरसा तब आप उन शब्दों की कल्पना नही कर सकते प्रभारी ने फ़ोन पर कहा की मेंने तुम्हारी लैट्रीन का ठेका ले रखा है क्या। यह शब्द अपने आप में अशोभनीय है अगर डियूटी पर किसी की तबियत बिगड़ जाती तब उसकी मदद की जाती है ना कि उसके साथ ऐसा व्यवहार कल से गंगा एक्सप्रेस वे पर केवल तैयारियां ही चल रही थी कोई वीआईपी या वीवीआईपी का कोई आवागमन या कोई प्रोग्राम नही था प्रोग्राम आज होना था पीड़ित सिपाही का कहना है कि में अपने उच्च अधिकारियों से इस बात की शिकायत करुंगा। *पीड़ित सिपाही ने खोले प्रभारी के राज* टी एस आई दुष्यंत वालियान हम से चिढे हुए हैं और अवैध तरीके से ट्रक चलवाते है और हम उनका चालान करते हैं तो नाराज़ होते हैं। मेरी आज सुबह आठ बजे से आठ बजे तक डियूटी लगा दी,आज जब में घर से आया तो दूध पीकर आया जब मुझे लैटरीन लगी तब मैं फ्रेश होने एच पी के पैट्रोल पंप पर चला गया इसको लेकर बह बहुत गुस्सा हो गये और मुझसे बोले कि मेने तुम्हारी लैट्रीन का ठेका ले रखा है। उन्होंने कहा एक बार कांवड़ का समय चल रहा था तब मेने इनका मिट्टी का एक डंपर रोक दिया था कि भाई इधर कांवड़ का रास्ता है इधर नहीं जाएगा,यह डंपर इन्होंने चलबा रखे थे मुझे मालूम नही था इसी बात को लेकर आज तक मुझसे नाराज़ हैं और लगातार मुझे परेशान करते हैं। यह आरोप उनके विभाग के ही हैड कांस्टेबल ने लगाए है *fm news* ने मिट्टी से लदे डंपर को रोक कर सेटिंग की बात करके छोड़ने के बाद मीडिया के कैमरे में कैद होने के बाद पीछा करके मिट्टी के ट्रक रोक कर चालन करने की खबर प्रमुखता से दिखाई थी । अब हैड कांस्टेबल ने *fm news* की खबर पर सही होने की मोहर लगा दी है *खबर का संज्ञान लेने के बाद कार्यवाही* सम्भल के ट्रैफिक प्रभारी दुष्यंत कुमार और जय भगवान हैड कांस्टेबल सहित कुणाल मालिक और सिपाही रवि कुमार को सम्भल के SP कृष्ण कुमार विश्नोई ने लाइन हाजिर किया है ट्रैफिक प्रभारी लगातार अपने अमानवीय व्यवहार के लिए चर्चा में रहते रहे है मिट्टी खनन करने वाले डंपरों के संचालकों से मिलीभगत के भी आरोप लगते रहे है और मुख्य आरक्षी जय भगवान ने भी यही आरोप लगाए है पुलिस महकमा अब विभागीय जांच करने की बात कह रहा है *बाइट - जय भगवान हैड कांस्टेबल ट्रैफिक पुलिस सम्भल* *ऑडियो कॉल रिकॉर्डिंग यातायात प्रभारी और हैड कांस्टेबल*1