भाजपा के बाद कांग्रेस ने भी दिखाई एकजुटता, कार्यकर्ता सम्मेलन में पहुंचे सिसोदिया जाड़ावत से लिया आशीर्वाद। चित्तौड़गढ़। पुरानी कहावत है कि राजनीति में कोई स्थाई दोस्त या दुश्मन नहीं होता। समय आने पर या यूं कहिये कि गरज सबको झुकने पर मजबूर कर देती है। दो दिन पहले भाजपा में ऐसा एक दृश्य देखने को मिला। जहां राजवी और चन्द्रभान सिंह गलबहियां करते नजर आए जबकि आक्या राजवी के सामने निर्दलीय चुनाव लड़े थे। इससे पहले आक्या और सीपी जोशी के बीच ऐसी ही नजदीकियां देखी गई। अब ऐसा ही दृश्य कांग्रेस के कार्यकर्ता सम्मेलन में दिखा जहां लम्बे समय से एक दूसरे पर निशाना साध रहे और एक दूसरे को पटखनी देने के लिए तत्पर पूर्व विधायक सुरेन्द्र सिंह जाड़ावत और कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रमोद सिसोदिया एक मंच पर आ गए। कहने को तो सियासत में पार्टी के बीच एकजुटता का संदेश गया है लेकिन दोनों ही पार्टियों के नेताओं के चरित्र को देखकर मतदाता का सिर चकराने लगा है। बहरहाल भाजपा के बाद कांग्रेस भी उसी कतार में आकर खड़ी हो गई और दोनों ही दलों ने एकजुटता का संदेश देकर बताया कि हमारी पार्टियां मिलकर चुनाव लड़ेगी और मिलकर जीत हासिल करेगी। इन सब घटनाक्रम के बाद अब दोनों दलों के नेता और प्रमुख कार्यकर्ता टिकट बांटने के अंतिम मोड़ पर दिखाई दे रहे है। ज्यादातर वार्डों में दोनों ही दलों में चेहरे तय हो गए है और कई लोगों ने तो जनसम्पर्क के माध्यम से चुनाव की तैयारी शुरु कर दी है। कांग्रेस दिखी आक्रामक सिसोदिया और जाड़ावत के एक मंच पर आने के बाद कांग्रेस भी आक्रामक नजर आई और कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि सभी एकजुट होकर भाजपा का मुकाबला कर नगर परिषद का बोर्ड बनाये। कांग्रेस ने नगर परिषद क्षेत्र के 60 वार्डों में से करीब-करीब 50 में प्रत्याशी तय कर दिये है और शेष वार्डों में प्रत्याशियों पर चर्चा की जा रही है। गुणा-गणित में जुट गये प्रत्याशी चित्तौड़गढ़ नगर परिषद क्षेत्र के 60 वार्डों में दोनों ही दलों के अतिरिक्त निर्दलीय भाग्य आजमाने वाले प्रत्याशी जातीय समीकरण, क्षेत्रवार रिश्ते-नाते, व्यवहार जैसी गुणा-गणित में जुट गये है और चुनाव को जीतने के लिए हर संभव कोशिशों में जुटे है। चुनाव शुरु होने के साथ ही क्षेत्र के मतदाताओं में भी मौज हो गई है। 5 साल में आने वाले इस उत्सव को मतदाता मनाने को तैयार है और मतदान की जरिये शहर की सरकार बनाने को तैयार है। भाजपा में उठापटक, बागी बिगाड़ सकते है गणित सत्तारूढ़ दल होने और सामान्य वर्ग का सभापति पद होने के कारण भाजपा में उठापटक ज्यादा देखने को मिल रही है। भाजपा के हर वार्ड में चाहने वालों की संख्या भी ज्यादा दिखाई दे रही है और कहीं-कहीं तो एक दर्जन तक प्रत्याशी टिकट चाह रहे है। ऐसे में भाजपा में बागियों की आशंका भी अधिक हो गई है और चुनाव में बागियों के खड़े होने से मतदाताओं का गणित बिगड़ सकता है। ऐसे में आने वाले समय में इससे निपटने के लिए भी भाजपा को रणनीति तैयार करनी होगी। सिसोदिया बोले-बर्फ पिघली, खत्म होनी चाहिए गुटबाजी शहर की एक वाटिका में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में सुरेन्द्र सिंह जाड़ावत के मंच पर जिलाध्यक्ष प्रमोद सिसोदिया के पहुंचने के दौरान मौजूद कार्यकर्ताओं में उत्साह देखा गया वहीं सिसोदिया और जाड़ावत दोनों ने ही मंच से कहा कि टिकट एक व्यक्ति का होगा, लेकिन चुनाव पूरी पार्टी लड़ेगी। इसलिए मतभेद भुलाकर सभी लोग एक मंच पर आएं और कांग्रेस का बोर्ड बनायें। सम्मे सम्मेलन के बाद सिसोदिया ने मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए कहा कि लम्बे समय से जो दूरी थी वो अब खत्म होनी चाहिए और कांग्रेस का आम कार्यकर्ता इससे खुश है। उन्होंने कहा कि बर्फ कभी न कभी पिघलनी थी। आज पिघल गई है अच्छी बात है। अब एकजुट होकर चुनाव लड़ेंगे और भाजपा के कुशासन का खात्मा करेंगे।
भाजपा के बाद कांग्रेस ने भी दिखाई एकजुटता, कार्यकर्ता सम्मेलन में पहुंचे सिसोदिया जाड़ावत से लिया आशीर्वाद। चित्तौड़गढ़। पुरानी कहावत है कि राजनीति में कोई स्थाई दोस्त या दुश्मन नहीं होता। समय आने पर या यूं कहिये कि गरज सबको झुकने पर मजबूर कर देती है। दो दिन पहले भाजपा में ऐसा एक दृश्य देखने को मिला। जहां राजवी और चन्द्रभान सिंह गलबहियां करते नजर आए जबकि आक्या राजवी के सामने निर्दलीय चुनाव लड़े थे। इससे पहले आक्या और सीपी जोशी के बीच ऐसी ही नजदीकियां देखी गई। अब ऐसा ही दृश्य कांग्रेस के कार्यकर्ता सम्मेलन में दिखा जहां लम्बे समय से एक दूसरे पर निशाना साध रहे और एक दूसरे को पटखनी देने के लिए तत्पर पूर्व विधायक सुरेन्द्र सिंह जाड़ावत और कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रमोद सिसोदिया एक मंच पर आ गए। कहने को तो सियासत में पार्टी के बीच एकजुटता का संदेश गया है लेकिन दोनों ही पार्टियों के नेताओं के चरित्र को देखकर मतदाता का सिर चकराने लगा है। बहरहाल भाजपा के बाद कांग्रेस भी उसी कतार में आकर खड़ी हो गई और दोनों ही दलों ने एकजुटता का संदेश देकर बताया कि हमारी पार्टियां मिलकर चुनाव लड़ेगी और मिलकर जीत हासिल करेगी। इन सब घटनाक्रम के बाद अब दोनों दलों के नेता और प्रमुख कार्यकर्ता टिकट बांटने के अंतिम मोड़ पर दिखाई दे रहे है। ज्यादातर वार्डों में दोनों ही दलों में चेहरे तय हो गए है और कई लोगों ने तो जनसम्पर्क के माध्यम से चुनाव की तैयारी शुरु कर दी है। कांग्रेस दिखी आक्रामक सिसोदिया और जाड़ावत के एक मंच पर आने के बाद कांग्रेस भी आक्रामक नजर आई और कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि सभी एकजुट होकर भाजपा का मुकाबला कर नगर परिषद का बोर्ड बनाये। कांग्रेस ने नगर परिषद क्षेत्र के 60 वार्डों में से करीब-करीब 50 में प्रत्याशी तय कर दिये है और शेष वार्डों में प्रत्याशियों पर चर्चा की जा रही है। गुणा-गणित में जुट गये प्रत्याशी चित्तौड़गढ़ नगर परिषद क्षेत्र के 60 वार्डों में दोनों ही दलों के अतिरिक्त निर्दलीय भाग्य आजमाने वाले प्रत्याशी जातीय समीकरण, क्षेत्रवार रिश्ते-नाते, व्यवहार जैसी गुणा-गणित में जुट गये है और चुनाव को जीतने के लिए हर संभव कोशिशों में जुटे है। चुनाव शुरु होने के साथ ही क्षेत्र के मतदाताओं में भी मौज हो गई है। 5 साल में आने वाले इस उत्सव को मतदाता मनाने को तैयार है और मतदान की जरिये शहर की सरकार बनाने को तैयार है। भाजपा में उठापटक, बागी बिगाड़ सकते है गणित सत्तारूढ़ दल होने और सामान्य वर्ग का सभापति पद होने के कारण भाजपा में उठापटक ज्यादा देखने को मिल रही है। भाजपा के हर वार्ड में चाहने वालों की संख्या भी ज्यादा दिखाई दे रही है और कहीं-कहीं तो एक दर्जन तक प्रत्याशी टिकट चाह रहे है। ऐसे में भाजपा में बागियों की आशंका भी अधिक हो गई है और चुनाव में बागियों के खड़े होने से मतदाताओं का गणित बिगड़ सकता है। ऐसे में आने वाले समय में इससे निपटने के लिए भी भाजपा को रणनीति तैयार करनी होगी। सिसोदिया बोले-बर्फ पिघली, खत्म होनी चाहिए गुटबाजी शहर की एक वाटिका में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में सुरेन्द्र सिंह जाड़ावत के मंच पर जिलाध्यक्ष प्रमोद सिसोदिया के पहुंचने के दौरान मौजूद कार्यकर्ताओं में उत्साह देखा गया वहीं सिसोदिया और जाड़ावत दोनों ने ही मंच से कहा कि टिकट एक व्यक्ति का होगा, लेकिन चुनाव पूरी पार्टी लड़ेगी। इसलिए मतभेद भुलाकर सभी लोग एक मंच पर आएं और कांग्रेस का बोर्ड बनायें। सम्मे सम्मेलन के बाद सिसोदिया ने मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए कहा कि लम्बे समय से जो दूरी थी वो अब खत्म होनी चाहिए और कांग्रेस का आम कार्यकर्ता इससे खुश है। उन्होंने कहा कि बर्फ कभी न कभी पिघलनी थी। आज पिघल गई है अच्छी बात है। अब एकजुट होकर चुनाव लड़ेंगे और भाजपा के कुशासन का खात्मा करेंगे।
- उदयपुर से नीमच जाने वाली मातेश्वरी बस मीनार के पास भयानक एक्सीडेंट हुआ उसमें 4 से 5 आदमी घायल हो गए और एक ही वहीं पर मौत हो गई1
- ईद मिलादुन्नबी पर रक्तदान शिविर में 201 यूनिट रक्त संग्रहित मुबारक मंसूरी ने 39वीं बार रक्तदान कर दिया मानवता का संदेश विजयनगर/भीलवाड़ा:राजकुमार गोयल ईद मिलादुन्नबी पर रक्तदान शिविर में 201 यूनिट रक्त संग्रहित मुबारक मंसूरी ने 39वीं बार रक्तदान कर दिया मानवता का संदेश विजयनगर/भीलवाड़ा:राजकुमार गोयल ईद मिलादुन्नबी के पावन अवसर पर आम मुस्लिम समाज विजयनगर के नवयुवकों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों की ओर से बुधवार, 26 अगस्त को चंदा कॉलोनी स्थित सामुदायिक भवन, मस्जिद के पास रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। मंसूरी वेलफेयर सोसाइटी, मोयला समाज विकास समिति एवं अलनूर फाउंडेशन विजयनगर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित शिविर में लोगों ने बढ़-चढ़कर रक्तदान किया। शिविर में कुल 201 यूनिट रक्तदान हुआ। रक्त संग्रहण के लिए भीलवाड़ा ब्लड सेंटर एवं त्रिवेणी ब्लड सेंटर अजमेर की टीमें मौजूद रहीं। सुबह 8 बजे शुरू हुआ रक्तदान शिविर शाम 6 बजे तक चला। दोपहर 2 बजे तक ही 150 से अधिक यूनिट रक्त संग्रहित हो चुका था, जिसके बाद भी रक्तदाताओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। 39वीं बार रक्तदान कर दिया मानवता का संदेश भीलवाड़ा जिले के मंसूरी समाज के जाने-माने सामाजिक कार्यकर्ता मुबारक मंसूरी (उपरेड़ा) ने शिविर में पहुंचकर 39वीं बार रक्तदान किया। इससे पूर्व वे भीलवाड़ा में इमाम हुसैन की शहादत के अवसर पर आयोजित रक्तदान शिविर में 38वीं बार रक्तदान कर चुके हैं। मुबारक मंसूरी ने कहा कि रक्तदान किसी जाति, धर्म या संप्रदाय तक सीमित नहीं है। प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को समय-समय पर रक्तदान कर पीड़ित मानवता की सेवा में योगदान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि रक्तदान के माध्यम से किसी जरूरतमंद का जीवन बचाया जा सकता है। हमें ‘जियो और जीने दो’ तथा ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की भावना के साथ मानवता की सेवा करनी चाहिए। सामाजिक संगठनों ने निभाई अहम भूमिका शिविर को सफल बनाने में अलनूर फाउंडेशन के एडवोकेट अब्दुल मलिक, इलियास अंसारी, अनीस भाई, अमित भाई, संजय भाई, असलम भाई, अकरम मंसूरी, मुश्ताक भाई, महबूब आलम सहित अनेक कार्यकर्ताओं ने सहयोग किया। मोयला समाज की ओर से जिला सदर मेरुद्दीन, मुश्ताक अली, मीर, इकबाल, आजाद सहित कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं मंसूरी वेलफेयर सोसाइटी के सदर बाबुद्दीन, शहजाद भाई, शरीफ भाई, सद्दीक मंसूरी सहित पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। समाज के जिम्मेदार लोगों में हाजी उमर साहब, मोहम्मद आरिफ, इंद्रा कॉलोनी सदर चांद जी, अब्दुल अलीम, सलीम मंसूरी, मुबारक रायला वाले, अब्दुल हन्नान, नौशाद, मोइन, जावेद तथा अजमेर से हाजी मोहम्मद सहित कई लोगों ने शिविर को सफल बनाने में महत्वपूर्ण सहयोग दिया। रक्तदान शिविर में युवाओं सहित विभिन्न आयु वर्ग के लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। आयोजकों ने रक्तदाताओं एवं सहयोग करने वाले सभी सामाजिक कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार मानव सेवा के कार्यों को जारी रखने का संकल्प लिया।4
- बीलिया कला में पहली बार निकली कांवड़ यात्रा, पूरे गांव ने लिया भाग क्राईम न्यूज संपादक एवं राजस्थान धरा न्यूज संपादक कुमार प्रवीण सेन बीलिया कलां भीलवाड़ा। ग्राम सेवक कालू सेन ने बताया कि बीलिया कला गांव में पहली बार कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। कांवड़ यात्रा में पूरे गांव के श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ भाग लिया। श्रद्धालु बनास नदी से जल भरकर कांवड़ के साथ पूरे गांव में भ्रमण करते हुए बनास नदी स्थित महादेव मंदिर पहुंचे और भगवान शिव का जलाभिषेक किया। इस अवसर पर भगवान महादेव की विशेष पूजा-अर्चना कर पूरे गांव की सुख-समृद्धि एवं मंगलकामना के लिए प्रार्थना की गई। पूजा के बाद मालपुआ, खुर-पुड़ी सहित विभिन्न व्यंजनों का भोग लगाया गया और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। जर्जर मंदिर का हुआ कायाकल्प ग्राम सेवक कालू सेन ने बताया कि गांव में स्थित महादेव मंदिर लंबे समय से जर्जर अवस्था में था। राधेश्याम गुर्जर एवं कमलेश गुर्जर के मन में मंदिर के पुनर्निर्माण का विचार आया, जिसके बाद लाखों रुपये की लागत से मंदिर का जीर्णोद्धार एवं विकास कार्य करवाया गया। मंदिर परिसर में स्विमिंग पूल, बाउंड्री निर्माण के साथ पेड़-पौधे भी लगाए गए, जिससे परिसर का स्वरूप पूरी तरह बदल गया। मंदिर के कायाकल्प के बाद पहली बार बनास नदी से जल भरकर कांवड़ यात्रा निकाली गई। पूरे गांव में भ्रमण के बाद श्रद्धालुओं ने भगवान महादेव का जलाभिषेक किया और धार्मिक आयोजन के साथ प्रसाद वितरण किया। कांवड़ यात्रा को लेकर ग्रामीणों में खासा उत्साह देखने को मिला।3
- डिप्टी सीएम के भाई की प्रेस कॉन्फ्रेंस, सियासी गलियारे में हड़कंप, रामपुरा नगर परिषद पर लगे गंभीर आरोप, मुद्दा जनहित का हैं या मामला हैं कुछ ओर? मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री के गृह नगर रामपुरा जिला नीमच में उनके बड़े भाई और समाजसेवी मुरली देवड़ा ने मंगलवार को रामपुरा स्थित डाक बंगले में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर नगर परिषद पर भ्रष्टाचार व धांधली के गंभीर आरोप लगाए हैं। बड़ी संख्या में उपस्थित पत्रकारों के बीच समाजसेवी देवड़ा का कहना है कि, बीते वर्ष प्रदेश मुख्यमंत्री मोहन यादव ने रामपुरा के विकास कार्यों के लिए 5 करोड़ की घोषणा की थी, जिसकी पहली किस्त के रूप में नगर परिषद को 75 लाख मिले थे। मुरली देवड़ा का दावा है कि, इस 75 लाख की राशि के उपयोग में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी और अनियमितता की गई है। उप मुख्यमंत्री के अपने गृह नगर में उनके ही भाई द्वारा नगर परिषद की घेराबंदी करने से स्थानीय राजनीति और जनहित के मुद्दों को लेकर कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।1
- Post by श्याम कूमार वसीटा भीम आर्मी आईटी सेल जिला प्रभारी भीलवाड़ा1
- सिंगोली में जश्ने ईद मिलादुन्नबी हर्षोल्लास से मनाया गया, प्रशासनिक अधिकारी भी रहे मुस्तैद सिंगोली कस्बे में जश्ने ईद मिलादुन्नबी का पर बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। आका की आमद मरहब्बा मरहब्बा की आवाज गली गली गूंज रही थी। इस मौके पर प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे।1
- चित्तौड़गढ़ की बड़ी खबरें: अदालत का फैसला, विवाद, गिरफ्तारी और भव्य कांवड़ यात्रा चित्तौड़गढ़ में आज की बड़ी हलचल: चेक अनादरण में 1 साल की सजा, शहर में विवाद पर पुलिस का मोर्चा, निम्बाहेड़ा में कथित फर्जी दस्तावेजों की जांच, दो साल से फरार आरोपी गिरफ्तार और शंभूपुरा में हजारों शिवभक्तों की भव्य कांवड़ यात्रा1
- करजालीसे समेलिया महादेव जी कावड़ यात्रा निकल गई और जल और जल चढ़कर अभिषेक किया गया इसमें बारिश अच्छे आने के कारण2
- जावद के सांदीपनि स्कूल में बवाल: छात्रा को मैसेज मामले पर ABVP का प्रदर्शन, DEO का पुतला फूंका जावद। सांदीपनि स्कूल में छात्रा को शिक्षक द्वारा मैसेज किए जाने के मामले को लेकर मंगलवार को एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने छात्रा के परिजनों के साथ मिलकर स्कूल परिसर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने स्कूल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और मामले में कार्रवाई की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने **“स्कूल प्रशासन मुर्दाबाद”** के नारे लगाए तथा जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) का पुतला भी फूंका। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि शिक्षक द्वारा छात्रा को मैसेज किए जाने के मामले में उचित कार्रवाई नहीं होने से उनमें नाराजगी है। मामले को लेकर छात्रा के परिजनों और एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने संबंधित अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। शिक्षक द्वारा छात्रा को आपत्तिजनक व्हाट्सऐप संदेश भेजे जाने की शिकायत को लेकर कार्रवाई की खबरें भी सामने आई हैं।1