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मलमास के महीने में बाबा विश्वनाथ की धरती काशी में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। इस दौरान बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं का हुजूम देखा गया।
Vinay kumar giri
मलमास के महीने में बाबा विश्वनाथ की धरती काशी में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। इस दौरान बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं का हुजूम देखा गया।
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- गोरखपुर के पिपराइच थाना क्षेत्र के जंगल धूषण (बड़की रेतवाहिया) गांव में सोमवार दोपहर 12:30 बजे एक बेहद दुखद और सनसनीखेज घटना सामने आई। मां के ब्रह्मभोज के खर्च और जमीन-जायदाद के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में बड़े भाई ने अपने ही छोटे भाई की गोली मारकर हत्या कर दी। इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम और दहशत का माहौल है। मिली जानकारी के अनुसार, गांव निवासी शुभम शर्मा और उसके बड़े भाई दुर्गविजय शर्मा के बीच उनकी मां के निधन के बाद होने वाले ब्रह्मभोज (तेरहवीं) के कार्यक्रम में खर्च को लेकर काफी दिनों से विवाद चल रहा था। इसी के साथ पैतृक संपत्ति को लेकर भी दोनों भाइयों के बीच लगातार कहासुनी होती रहती थी। बताया जा रहा है कि सोमवार को इसी बात को लेकर दोनों भाइयों के बीच फिर से कहासुनी शुरू हुई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि बड़े भाई दुर्गविजय शर्मा ने तमंचा निकाल लिया और छोटे भाई शुभम शर्मा पर फायर झोंक दिया। गोली सीधे उसके सीने में जा लगी, जिससे वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा। गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में शुभम को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी बड़ा भाई मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर पिपराइच पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू कर दी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है तथा फरार आरोपी की तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है। गांव के लोगों का कहना है कि मां के निधन के बाद से दोनों भाइयों के बीच ब्रह्मभोज और संपत्ति को लेकर तनाव बना हुआ था। किसी को अंदाजा नहीं था कि पारिवारिक विवाद इतनी बड़ी वारदात का रूप ले लेगा। घटना के बाद शुभम के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है तथा पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।3
- पुलिस, जिन्हें जनरक्षक माना जाता है, पर उस समय सवाल खड़े होने लगते हैं जब वे जन रक्षा करने के बजाय 'भक्षक' की भूमिका में प्रतीत होने लगें। यह गंभीर स्थिति शाहपुर थाना क्षेत्र के मोहनापुर इलाके से सामने आई है, जहाँ एक 30 वर्षीय युवक पिछले 20 दिनों से लापता है। इस घटना से पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और वे न्याय की तलाश में सरकारी कार्यालयों के लगातार चक्कर लगा रहे हैं। मोहनापुर क्षेत्र का रहने वाला यह 30 वर्षीय युवक बीते 20 दिनों से घर नहीं लौटा है, जिसके बाद उसका परिवार अपनी शिकायत और न्याय की गुहार लेकर सरकारी दफ्तरों के दर-दर भटकने को मजबूर है।1
- संतकबीरनगर से मिली जानकारी के अनुसार, विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश ने ऊर्जा निगमों में कर्मचारियों एवं अभियंताओं के विरुद्ध की जा रही कथित उत्पीड़नात्मक कार्यवाहियों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। समिति ने जॉइंट मैनेजमेंट काउंसिल (जेएमसी) के तत्काल गठन और सभी दमनात्मक कार्रवाइयों को तुरंत समाप्त करने की मांग की है। पदाधिकारियों का कहना है कि कर्मचारी संगठनों के साथ संवादहीनता और लंबित समस्याओं के कारण कार्य वातावरण बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, जिसका सीधा असर प्रदेश की विद्युत व्यवस्था पर पड़ रहा है। समिति के पदाधिकारी सत्येंद्र सिंह ने इस बात पर जोर दिया कि भीषण गर्मी के दौरान बिजली की मांग अपने उच्चतम स्तर पर है, ऐसे में कर्मचारियों और प्रबंधन के बीच बेहतर समन्वय अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि ऊर्जा निगमों में तत्काल जेएमसी का गठन हो ताकि नियमित संवाद स्थापित किया जा सके। योगेंद्र चौहान ने स्मरण कराया कि उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत परिषद के समय जेएमसी एक प्रभावी व्यवस्था थी, और वर्ष 2000 में हुए लिखित समझौते में भी इसके गठन का स्पष्ट प्रावधान था, जो कुछ वर्षों तक सफलतापूर्वक संचालित भी हुई थी। भास्कर पांडेय ने बताया कि जेएमसी में प्रबंधन एवं कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि शामिल होते हैं, जो प्रशासनिक, तकनीकी और कार्मिक मामलों पर नियमित विचार-विमर्श कर समस्याओं का समयबद्ध समाधान और समझौतों के अनुपालन की निगरानी सुनिश्चित करते हैं। चंद्र केश मौर्य ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव स्तर से कर्मचारी संगठनों के साथ नियमित वार्ता के निर्देश होने के बावजूद, संघर्ष समिति के साथ लगभग एक वर्ष से कोई औपचारिक बैठक नहीं हुई है। इसी के चलते कर्मचारियों में असंतोष बढ़ रहा है और कई महत्वपूर्ण समस्याएं लंबित पड़ी हैं। दिलीप मौर्य ने चेतावनी दी कि यदि संवाद और समाधान की लोकतांत्रिक प्रक्रिया को फिर से स्थापित नहीं किया गया और उत्पीड़नात्मक कार्यवाहियां बंद नहीं की गईं, तो कर्मचारियों का असंतोष और भी उग्र हो सकता है। उन्होंने प्रबंधन से टकराव के बजाय सहभागिता, संवाद और विश्वास की नीति अपनाने की अपील की। इस दौरान आयोजित विरोध प्रदर्शन में सुनील प्रजापति, सूरज प्रजापति, दिलीप मौर्य, रमेश प्रजापति, आर्यन कुमार, वीरेंद्र मौर्य, अशोक कुमार, भास्कर पांडेय, रितेश कुमार, मनोज यादव, नारायण चंद्र चौरसिया, संजय यादव, हरिप्रसाद, ओमप्रकाश राय, प्रिंस गुप्ता, संतोष गुप्ता, चंद्र केश मौर्य, सत्येंद्र सिंह, आशीष कुमार, विवेक पासवान, योगेंद्र चौहान, विकास पांचाल, धीरेन्द्र यादव सहित बड़ी संख्या में विद्युत कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- संतकबीरनगर में जिलाधिकारी आलोक कुमार और पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती परीक्षा-2025 को निष्पक्ष, पारदर्शी, सकुशल और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से जनपद के विभिन्न परीक्षा केंद्रों का संयुक्त रूप से औचक निरीक्षण किया। यह परीक्षा 09 जून 2026 को निर्धारित है। निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों ने आचार्य राम विलास इण्टर कालेज मगहर और मौलाना आजाद इण्टर कालेज खलीलाबाद सहित अन्य केंद्रों पर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था, व्यवस्थापन और परीक्षा संचालन संबंधी सभी तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों को परीक्षा की शुचिता बनाए रखने, अभ्यर्थियों के लिए सुगम एवं व्यवस्थित प्रवेश सुनिश्चित करने, संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी नज़र रखने और परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ जमा न होने देने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोकने के लिए सघन निगरानी व्यवस्था की गई है। इसके अतिरिक्त, सीसीटीवी कंट्रोल रूम, जनपदीय कंट्रोल रूम और डायल-112 को भी पूरी तरह अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट रूप से कहा है कि परीक्षा ड्यूटी में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जनपद पुलिस ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे समय पर अपने परीक्षा केंद्र पहुंचें और परीक्षा को शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में प्रशासन का सहयोग करें।4
- गोरखपुर के हरपुर बुदहट थाना क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहाँ एक महिला ने अपने साथ लिव-इन में रह रहे व्यक्ति पर उसकी 19 वर्षीय बेटी को बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप लगाया है। महिला की शिकायत पर पुलिस ने इस संबंध में मुकदमा दर्ज कर लिया है। महिला ने पुलिस को बताया कि आरोपी पिछले लगभग चार साल से उसके साथ रह रहा था और परिवार के एक सदस्य की तरह उसके बच्चों की देखभाल भी करता था। इसी भरोसे के चलते बच्चे भी उसे अपना मानते थे। महिला का आरोप है कि बीते 15 मई की रात आरोपी उसकी बेटी को लेकर फरार हो गया। इस घटना के बाद से महिला अपनी बेटी की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता में है और उसने पुलिस से मदद की गुहार लगाई है। पुलिस ने आरोपी की तलाश और युवती को बरामद करने के लिए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि दोनों का जल्द से जल्द पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं।1
- मुख्यमंत्री योगी की विशेष पहल पर गोरखपुर में एक व्यापारी संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के दौरान व्यापारियों के लिए GST पंजीकरण की प्रक्रिया और व्यापारी बीमा योजना जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।1
- संतकबीरनगर जिले के मेहदावल थाना क्षेत्र के बाराखाल गांव में दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। इस विवाद के दौरान लाठी-डंडे भी चले, जिससे कई लोग घायल हो गए। बताया जा रहा है कि इस घटना में एक व्यक्ति को गंभीर चोटें आई हैं। पूरी घटना का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1
- थाना कोतवाली खलीलाबाद पुलिस ने चोरी के मामलों से संबंधित 03 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई में चोरी की कुल 02 घटनाओं का अनावरण भी किया गया। यह जानकारी क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद द्वारा दी गई बाईट में सामने आई है।1
- संतकबीरनगर जिले में, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशन में चलाए गए अभियान के तहत कोतवाली खलीलाबाद पुलिस और एंटी थेफ्ट सेल की संयुक्त टीम ने चोरी के दो मामलों का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन आरोपियों को 08 जून 2026, सोमवार को कालिका होटल गली के अंदर रेलवे ट्रैक के पास से पकड़ा गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान मुजफ्फरुल हसन उर्फ पप्पू पुत्र स्व0 अबुल हसन निवासी अंसार टोला, थाना कोतवाली खलीलाबाद; शमीर पुत्र रसीद अहमद निवासी ग्राम मंझरिया, थाना कोतवाली खलीलाबाद; और मो0 जिसान पुत्र डा0 इरफान निवासी भिटवा टोला, हाल मुकाम जनता मार्ग, थाना खलीलाबाद के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी की एक पीली धातु की लॉकेटदार गले की माला, एक जोड़ी पीली धातु का कान का झुमका, पीली धातु की दो अंगूठियां, एक पीली धातु की गले की चेन और कुल ₹7100 नगद बरामद किए हैं। गिरफ्तारी करने वाली टीम में कोतवाली खलीलाबाद के कोतवाल जयप्रकाश दूबे और प्रभारी एंटी थेफ्ट सेल अभिमन्यु सिंह के नेतृत्व में उप निरीक्षक धर्मनाथ यादव, कांस्टेबल बलराम यादव, कांस्टेबल आकाश यादव, रिसर्व कांस्टेबल आशीष यादव, तथा एंटी थेफ्ट सेल से हेड कांस्टेबल आदित्य यादव, कांस्टेबल वीर बहादुर यादव, कांस्टेबल अरुण हलवाई और सर्विलांस सेल से कांस्टेबल पीयूष गुप्ता शामिल रहे।1