बुधवार को हजारीबाग नगर निगम की साधारण बोर्ड बैठक में हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल ने पदेन सदस्य के रूप में पहली बार हिस्सा लिया। इस बैठक में उन्होंने शहर के समग्र विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए। महापौर अरविंद कुमार राणा, उपमहापौर अविनाश कुमार यादव, और नगर आयुक्त ओमप्रकाश गुप्ता ने सांसद का स्वागत किया, जिसका अभिनंदन पार्षदों और अधिकारियों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ किया। सांसद जायसवाल ने कहा कि नगर निगम की पहली प्राथमिकता बेहतर सड़कें, मजबूत नालियां और प्रभावी जल निकासी व्यवस्था होनी चाहिए, और इन आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने के बाद ही अन्य विकास योजनाओं को गति दी जानी चाहिए। उन्होंने शहर की प्रमुख सड़कों के चौड़ीकरण को समय की आवश्यकता बताया, जिससे लगातार बढ़ रही जाम की समस्या से राहत मिलेगी। सांसद ने यह भी भरोसा दिलाया कि यदि नगर निगम को आवश्यक मशीन, उपकरण या अन्य संसाधनों की आवश्यकता होगी, तो उन्हें सांसद निधि से हरसंभव सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा। जल निकासी व्यवस्था के संबंध में, सांसद ने शिवपुरी से क्षितिज अस्पताल तक जाने वाले मुख्य नाले के दोनों किनारों पर शोल्डर निर्माण कराने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने सुझाव दिया कि इस योजना को राज्य सरकार के माध्यम से केंद्र सरकार को भेजा जाए, जिसके बाद इसे स्वीकृति दिलाने का प्रयास किया जाएगा। उनका मानना था कि इससे भविष्य में शहर को जलजमाव और बाढ़ जैसी समस्याओं से काफी हद तक राहत मिल सकेगी। बैठक के बाद सांसद ने कहा कि केंद्र, राज्य और नगर निगम के समन्वित प्रयासों से हजारीबाग को स्वच्छ, सुव्यवस्थित और आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा। इसी बैठक के दौरान महापौर अरविंद कुमार राणा ने 15वें वित्त आयोग की टाइड एवं अनटाइड निधि का उपयोग कर शहर के तालाबों के सौंदर्यीकरण और गहरीकरण की योजना तैयार करने का सुझाव दिया, जिससे जल संरक्षण के साथ शहर की सुंदरता भी बढ़ेगी। उन्होंने केशव हॉल के समीप नगर निगम की भूमि पर एक आधुनिक पार्किंग बनाने का भी प्रस्ताव रखा, ताकि शहर में पार्किंग की समस्या का स्थायी समाधान हो सके। इसके अतिरिक्त, महापौर ने पुराना बस स्टैंड स्थित सब्जी मंडी का विस्तार करने, जर्जर भवनों को हटाकर बाजार को व्यवस्थित रूप देने, तथा नगर निगम द्वारा चिन्हित स्ट्रीट वेंडरों को सुविधाजनक स्थानों पर बसाने का सुझाव दिया। उन्होंने खाता संख्या-140 से जुड़े होल्डिंग परिवर्तन के मामलों के शीघ्र निस्तारण पर भी विशेष जोर दिया।
बुधवार को हजारीबाग नगर निगम की साधारण बोर्ड बैठक में हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल ने पदेन सदस्य के रूप में पहली बार हिस्सा लिया। इस बैठक में उन्होंने शहर के समग्र विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए। महापौर अरविंद कुमार राणा, उपमहापौर अविनाश कुमार यादव, और नगर आयुक्त ओमप्रकाश गुप्ता ने सांसद का स्वागत किया, जिसका अभिनंदन पार्षदों और अधिकारियों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ किया। सांसद जायसवाल ने कहा कि नगर निगम की पहली प्राथमिकता बेहतर सड़कें, मजबूत नालियां और प्रभावी जल निकासी व्यवस्था होनी चाहिए, और इन आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने के बाद ही अन्य विकास योजनाओं को गति दी जानी चाहिए। उन्होंने शहर की प्रमुख सड़कों के चौड़ीकरण को समय की आवश्यकता बताया, जिससे लगातार बढ़ रही जाम की समस्या से राहत मिलेगी। सांसद ने यह भी भरोसा दिलाया कि यदि नगर निगम को आवश्यक मशीन, उपकरण या अन्य संसाधनों की आवश्यकता होगी, तो उन्हें सांसद निधि से हरसंभव सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा। जल निकासी व्यवस्था के संबंध में, सांसद ने शिवपुरी से क्षितिज अस्पताल तक जाने वाले मुख्य नाले के दोनों किनारों पर शोल्डर निर्माण कराने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने सुझाव दिया कि इस योजना को राज्य सरकार के माध्यम से केंद्र सरकार को भेजा जाए, जिसके बाद इसे स्वीकृति दिलाने का प्रयास किया जाएगा। उनका मानना था कि इससे भविष्य में शहर को जलजमाव और बाढ़ जैसी समस्याओं से काफी हद तक राहत मिल सकेगी। बैठक के बाद सांसद ने कहा कि केंद्र, राज्य और नगर निगम के समन्वित प्रयासों से हजारीबाग को स्वच्छ, सुव्यवस्थित और आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने की दिशा में काम किया जाएगा। इसी बैठक के दौरान महापौर अरविंद कुमार राणा ने 15वें वित्त आयोग की टाइड एवं अनटाइड निधि का उपयोग कर शहर के तालाबों के सौंदर्यीकरण और गहरीकरण की योजना तैयार करने का सुझाव दिया, जिससे जल संरक्षण के साथ शहर की सुंदरता भी बढ़ेगी। उन्होंने केशव हॉल के समीप नगर निगम की भूमि पर एक आधुनिक पार्किंग बनाने का भी प्रस्ताव रखा, ताकि शहर में पार्किंग की समस्या का स्थायी समाधान हो सके। इसके अतिरिक्त, महापौर ने पुराना बस स्टैंड स्थित सब्जी मंडी का विस्तार करने, जर्जर भवनों को हटाकर बाजार को व्यवस्थित रूप देने, तथा नगर निगम द्वारा चिन्हित स्ट्रीट वेंडरों को सुविधाजनक स्थानों पर बसाने का सुझाव दिया। उन्होंने खाता संख्या-140 से जुड़े होल्डिंग परिवर्तन के मामलों के शीघ्र निस्तारण पर भी विशेष जोर दिया।
- Lectrix ने अपनी नई इलेक्ट्रिक स्कूटर मॉडल Nduro 3.0 को बाज़ार में उतारा है, जिसे भारत की नई इलेक्ट्रिक क्रांति के प्रतीक के तौर पर पेश किया जा रहा है। यह नई सवारी लोगों से पेट्रोल को अलविदा कहकर भविष्य की सवारी अपनाने का आग्रह करती है। कंपनी का दावा है कि Lectrix Nduro 3.0 दमदार लुक और लंबी रेंज के साथ आती है, जिससे उपभोक्ताओं का हर सफर अब स्मार्ट और बेहतर बनेगा।1
- हजारीबाग नगर निगम की साधारण बोर्ड बैठक बुधवार को उस समय सुर्खियों में आ गई, जब शहर में लगातार बिगड़ती पेयजल व्यवस्था और विकास योजनाओं की धीमी रफ्तार को लेकर जनप्रतिनिधियों का गुस्सा खुलकर सामने आया। महापौर अरविंद राणा की अध्यक्षता में नगर निगम सभागार में हुई इस बैठक में सांसद मनीष जायसवाल ने पहली बार पदेन सदस्य के रूप में भाग लिया। स्वागत समारोह के बाद जैसे ही शहर की मूलभूत समस्याओं पर चर्चा शुरू हुई, सदन का माहौल पूरी तरह बदल गया और अधिकारियों से जवाब-तलब का दौर शुरू हो गया। इसी क्रम में कार्यपालक अभियंता के खिलाफ निंदा प्रस्ताव भी पारित किया गया।1
- रांची में हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा (सेक्युलर) की झारखंड राज्य परिषद् की बैठक में हरे कृष्ण महाराज को सर्वसम्मति से पार्टी का झारखंड प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं बिहार सरकार के माननीय मंत्री डॉ. संतोष कुमार सुमन ने उन्हें नियुक्ति-पत्र प्रदान कर शुभकामनाएँ दीं। प्रदेश अध्यक्ष बनने पर हरे कृष्ण महाराज ने डॉ. संतोष कुमार सुमन, राष्ट्रीय प्रधान महासचिव राजेश पांडेय, राष्ट्रीय महासचिव सह झारखंड प्रभारी सुनील कुमार चौबे, और पार्टी के समस्त राष्ट्रीय नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने राष्ट्रीय नेतृत्व द्वारा जताए गए विश्वास पर पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ खरा उतरने का संकल्प लिया। डॉ. संतोष कुमार सुमन ने विश्वास जताया कि हरे कृष्ण महाराज के नेतृत्व में पार्टी झारखंड के प्रत्येक जिला, प्रखंड, पंचायत और बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करेगी। साथ ही, सामाजिक न्याय, विकास और जनहित के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाएगी। नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष हरे कृष्ण महाराज ने घोषणा की कि शीघ्र ही पूरे झारखंड में सदस्यता अभियान, संगठन विस्तार, जनसंपर्क, बूथ सशक्तिकरण और कार्यकर्ता प्रशिक्षण अभियान चलाया जाएगा। उनका लक्ष्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचकर उसकी आवाज़ को मजबूती देना और जनसेवा के संकल्प को आगे बढ़ाना है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रधान महासचिव राजेश पांडेय और राष्ट्रीय महासचिव सह झारखंड प्रभारी सुनील कुमार चौबे ने भी हरे कृष्ण महाराज को बधाई दी। उन्होंने भरोसा व्यक्त किया कि उनके नेतृत्व में पार्टी झारखंड में संगठनात्मक रूप से और अधिक मजबूत होगी तथा जनता के बीच अपनी प्रभावी उपस्थिति दर्ज कराएगी। इस अवसर पर पार्टी के प्रदेश, जिला और प्रखंड स्तर के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भी हरे कृष्ण महाराज को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा (सेक्युलर) झारखंड में संगठन का तेजी से विस्तार करेगी और जनता के बीच एक मजबूत तथा जनविश्वास प्राप्त राजनीतिक विकल्प के रूप में अपनी पहचान स्थापित करेगी।1
- हाईवे पर गुंडागर्दी का एक मामला सामने आया है, जहाँ स्कॉर्पियो गाड़ी में सवार कुछ बदमाशों ने युवतियों की एक कार का पीछा किया। इस दौरान बदमाशों ने कार के शीशे भी तोड़ दिए।1
- झारखंड के लोहरदगा में एक युवक का कटा हुआ शव बोरी में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। इस सनसनीखेज घटना में, मृतक युवक का सिर और पैर तो बरामद कर लिया गया है, लेकिन उसके हाथ और धड़ अभी भी गायब हैं। यह मामला हुसैन अंसारी से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसकी गहन पुलिस जांच चल रही है।1
- यह एक कटु सत्य है कि मनुष्य के जीवन के लिए खाना अत्यंत आवश्यक है, लेकिन इस महत्वपूर्ण अन्न को उगाने वाला किसान वर्ग आज भी गरीबी में जी रहा है। यह स्थिति समाज में एक गहरी विडंबना और चिंता का विषय है, जहाँ जीवन के सबसे मूलभूत स्रोत का प्रदाता ही सबसे अधिक अभावग्रस्त है।1
- झारखंड के विष्णुगढ़ के चनों क्षेत्र में हुई एक घटना ने परियोजना की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार, यहाँ एक अधूरी नहर पहली ही जोरदार बारिश में ढह गई है। इस घटना के बाद, यह प्रश्न उठ रहा है कि क्या यह भ्रष्टाचार का खेल है जो उजागर हो गया है।1
- आदिवासी छात्र संघ ने हाल ही में अपना 26वां स्थापना दिवस मनाया, जहाँ छात्रों ने छात्रवृत्ति सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपनी आवाज़ बुलंद की। इस विशेष अवसर पर, विभिन्न मसलों पर छात्रों ने पुरज़ोर तरीक़े से अपनी बात रखी, जिसमें छात्रवृत्ति से जुड़े विषय प्रमुखता से उठाए गए।1