राँची:बीआईटी मेसरा को सुप्रीम कोर्ट का झटका, छात्र की मौत के मामले में माता-पिता को देना होगा 20 लाख का मुआवजा सुप्रीम कोर्ट ने राँची स्थित शैक्षणिक संस्थान बीआईटी मेसरा को अपने एक छात्र राजा पासवान की मौत के मामले में उसके माता-पिता को 20 लाख रुपए का मुआवजा देने का झारखंड हाईकोर्ट का आदेश बरकरार रखा है।शीर्ष अदालत ने बीआईटी मेसरा को इस आदेश के पालन के लिए दो सप्ताह का समय दिया है। जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली बीआईटी मेसरी की विशेष अनुमति याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। सुनवाई के दौरान संस्थान के वकील ने अदालत को भरोसा दिलाया कि यदि कुछ समय दिया जाए तो बीआईटी मेसरा हाईकोर्ट के निर्देशों का पालन करते हुए मुआवजा राशि का भुगतान कर देगा।कोर्ट ने इस अनुरोध को स्वीकार करते हुए भुगतान के लिए दो सप्ताह की मोहलत दी और मामले की अगली सुनवाई 23 मार्च 2026 के लिए तय की है। यह पूरा मामला 14 नवंबर 2024 का है, जब बीआईटी मेसरा पॉलिटेक्निक के तीसरे सेमेस्टर के छात्र राजा पासवान के साथ एक 'फ्रेशर पार्टी' के दौरान कथित तौर पर मारपीट की गई थी।इस घटना में राजा गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे बाद में रिम्स में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी। झारखंड हाईकोर्ट ने 12 अगस्त 2025 को अपने फैसले में संस्थान को लापरवाही और संस्थागत खामियों का दोषी पाया था। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि छात्र की मौत के पीछे संस्थान की गंभीर चूक थी।अदालत ने पाया कि घायल छात्र को समय पर इलाज मुहैया कराने में देरी की गई, पुलिस को सूचना देने में कोताही बरती गई और कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था भी बेहद लचर थी। यहां तक कि परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे भी काम नहीं कर रहे थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने उन शुरुआती दावों को भी खारिज कर दिया था जिनमें कहा गया था कि छात्र की हालत शराब के सेवन के कारण बिगड़ी थी। रिपोर्ट में शरीर पर गंभीर चोटों के निशान पाए गए थे। अदालत ने 'टॉर्टियस लायबिलिटी' के सिद्धांत के तहत संस्थान को जिम्मेदार ठहराते हुए अंतरिम मुआवजे का आदेश दिया था।
राँची:बीआईटी मेसरा को सुप्रीम कोर्ट का झटका, छात्र की मौत के मामले में माता-पिता को देना होगा 20 लाख का मुआवजा सुप्रीम कोर्ट ने राँची स्थित शैक्षणिक संस्थान बीआईटी मेसरा को अपने एक छात्र राजा पासवान की मौत के मामले में उसके माता-पिता को 20 लाख रुपए का मुआवजा देने का झारखंड हाईकोर्ट का आदेश बरकरार रखा है।शीर्ष अदालत ने बीआईटी मेसरा को इस आदेश के पालन के लिए दो सप्ताह का समय दिया है। जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली बीआईटी मेसरी की विशेष अनुमति याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। सुनवाई के दौरान संस्थान के वकील ने अदालत को भरोसा दिलाया कि यदि कुछ समय दिया जाए तो बीआईटी मेसरा हाईकोर्ट के निर्देशों का पालन करते हुए मुआवजा राशि का भुगतान कर देगा।कोर्ट ने इस अनुरोध को स्वीकार करते हुए भुगतान के लिए दो सप्ताह की मोहलत दी और मामले की अगली सुनवाई 23 मार्च 2026 के लिए तय की है। यह पूरा मामला 14 नवंबर 2024 का है, जब बीआईटी मेसरा पॉलिटेक्निक के तीसरे सेमेस्टर के छात्र राजा पासवान के साथ एक 'फ्रेशर पार्टी' के दौरान कथित तौर पर मारपीट की गई थी।इस घटना में राजा गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे बाद में रिम्स में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी। झारखंड हाईकोर्ट ने 12 अगस्त 2025 को अपने फैसले में संस्थान को लापरवाही और संस्थागत खामियों का दोषी पाया था। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि छात्र की मौत के पीछे संस्थान की गंभीर चूक थी।अदालत ने पाया कि घायल छात्र को समय पर इलाज मुहैया कराने में देरी की गई, पुलिस को सूचना देने में कोताही बरती गई और कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था भी बेहद लचर थी। यहां तक कि परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे भी काम नहीं कर रहे थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने उन शुरुआती दावों को भी खारिज कर दिया था जिनमें कहा गया था कि छात्र की हालत शराब के सेवन के कारण बिगड़ी थी। रिपोर्ट में शरीर पर गंभीर चोटों के निशान पाए गए थे। अदालत ने 'टॉर्टियस लायबिलिटी' के सिद्धांत के तहत संस्थान को जिम्मेदार ठहराते हुए अंतरिम मुआवजे का आदेश दिया था।
- (11 मार्च) समर्पण दीप मलमाड़ू बी एड कॉलेज के सत्र 2025-27 के विद्यार्थियों का समूह मंगलवार को रांची से दिल्ली- जोधपुर -जैसलमेर- जयपुर -आगरा के शैक्षणिक भ्रमण के लिए रवाना हुए, बी एड के विद्यार्थियों को यह बताया गया है कि जिस को आप पुस्तकों में पढ़ते है उसे प्रायोगिक रूप से भी जनना अतिआवश्यक है यह कथन प्राचार्य महोदय ने ट्रेन चढ़ने से पहले यह बात कही,मौके पर सचिव नवल किशोर गुप्ता सर ने भी कहा कि विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ साथ शैक्षणिक भ्रमण पर भी जाना चाहिए ,क्योंकि इससे विद्यार्थियो के ज्ञान में वृद्धि होती है। इस शैक्षणिक भ्रमण में जाने वाले सहायक प्राध्यापकों में प्राचार्य डॉ दशरथ महतो, डॉ आनन्द कुमार भगत, शैलेश कुमार दास, डॉ मधु रंजन, अंकिता कुमारी और दिनेश महतो साथ में पर्यटन मार्गदर्शक संतोष रजक विद्यार्थियों में निशा,अर्चना,दीपिका,श्वेता,कंचन,सुषमा, पुष्पा, मंजु,मुस्कान, शशिकला, शशिका रुचिका,सिमरन अक्षय,नितेश, वीरेन्द्र, संदीप मोतीलाल, राहुल,रोहित, इत्यादि लोग शामिल है।1
- चतरा जिले के इटखोरी की महिला को के द्वारा एक मनचले को किस तरह से लाठी से मारकर घायल करती है लेकिन बात यह आती है कि सीआईए को आखिर लाठी क्यों उठानी पड़ी?1
- रांची का जेल चौक बना वसूली का अड्डा1
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजहार लातेहार में डॉक्टर श्रवण कुमार, सुनील कुमार BAM, संध्या अरुणा सिंह BDM, आदर्श कुमार MPW के द्वारा स्पर्श लेप्रोसी जागरूकता अभियान शुभारम्भ किया गया यह अभियान 9 मार्च से 23 मार्च 2026 तक चलेगा यह द्वितीय चरण लेप्रोसी खोजी अभियान के तहत नए लेप्रोसी मरीज को खोजा जाएगा शुभारंभ के बाद डॉक्टर श्रवण कुमार के द्वारा लोगों को जागरूक किया गया ऐसे अभियान के तहत1
- टाइगर का सदन में गर्जन! 🐯🔥 सदन में जयराम महतो ने झारखंडी अस्मिता पर जो दहाड़ लगाई है, उसने पूरे प्रदेश को हिला कर रख दिया है। सत्ता और विपक्ष दोनों निरुत्तर थे क्योंकि आज बात सिर्फ राजनीति की नहीं, बल्कि हर झारखंडी के हक और अधिकार की थी।1
- *भव्य उद्घाटन संपन्न आजसू (NDA) क्रिकेट टूर्नामेंट केरेडारी 2026 का भव्य उद्घाटन*1
- चंदवा। थाना क्षेत्र के इंदिरा गांधी चौक स्थित रांची-डालटेनगंज मुख्य पथ राष्ट्रीय राजमार्ग 39, जिला परिषद बस स्टैंड के पास एक भीषण सड़क हादसे में एक वृद्ध व्यक्ति की दर्दनाक मौत हो गयी। मृतक की पहचान महेश्वर मुंडा उम्र लगभग 55 वर्ष खुटकट्टी हुटाप, चंदवा निवासी बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार वृद्ध व्यक्ति राष्ट्रीय राजमार्ग सड़क पर पैदल पार कर रहा था, इसी दौरान तेज रफ्तार से आ रही बस राजरथ की चपेट में आ गया। हादसा इतना जबरदस्त था कि मौके पर ही उसकी मौत हो गयी। घटना के बाद आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जुट गयी और इसकी सूचना स्थानीय चंदवा पुलिस को दी गयी। सूचना मिलते ही चंदवा थाना प्रभारी रणधीर कुमार सिंह घटनास्थल पर पहुंचे,और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया के लिए लातेहार सदर अस्पताल भेज दिया गया है। पुलिस मृतक की शिनाख्त कर आवश्यक कार्रवाई हेतु मामले की जांच में जुट गयी है। वहीं बताते चले कि चंदवा प्रखंड के इंदिरा गांधी चौक चारों तरफ से यात्रियों के लिए गाड़ीयों का आना-जाना लगा रहता है,परंतु आने-जाने वाले बस हो, या छोटी गाड़ीयां बस स्टैंड रहने के बावजूद भी कोई भी यात्री बस रांची-डालटेनगंज मार्ग हो या रांची-चतरा मार्ग हो, अपने स्टैंड में जाकर खड़ी नहीं होती है। सभी बसें जल्दी बाजी में सड़क के किनारे ही खड़ी होकर यात्रियों को उतारती है और फिर यात्रियों को बस में भरकर रवाना हो जाती है । स्थानीय पुलिस प्रशासन के साथ-साथ परिवहन विभाग भी इस पर कोई ठोस पहल नहीं कर रही है, जिससे यह घटना आज घटीत हुआ है। और आने वाले दिनों में अगर यही स्थिति बनी रही तो कभी भी बड़ी घटना हो सकता है। राजरथ बस गाड़ी संख्या JH19A-8805 जो रांची से डालटेनगंज तक चलती है से दुर्घटना घटी है। राजरथ बस को चंदवा पुलिस अपने कब्जे में लेकर कानूनी कार्रवाई में जुट गयी है। वहीं मृतक के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।3
- Post by Sanjay Sahu1