लखीसराय में बिहार राज्य दफादार-चौकीदार पंचायत की एक महत्वपूर्ण बैठक 12 जून 2026, शुक्रवार को शिव मंदिर प्रांगण (कोर्ट परिसर) में आयोजित की गई। इस बैठक में संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों ने दफादार-चौकीदारों की विभिन्न समस्याओं के साथ-साथ पुस्तैनी बहाली से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा की। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी 18 जून 2026 को पटना के उत्तरी गांधी मैदान में होने वाले रोषपूर्ण प्रदर्शन को सफल बनाने का संकल्प लेना था। यह प्रदर्शन बिहार राज्य दफादार-चौकीदार पंचायत द्वारा दिवंगत पूर्व सांसद राम अवधेश सिंह की 89वीं जयंती के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है। वक्ताओं ने इस दौरान स्पष्ट किया कि दफादार-चौकीदारों के आश्रितों की पुस्तैनी बहाली बंद होने के बाद से संगठन लगातार अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा है। प्रदर्शन को सफल बनाने के उद्देश्य से, सभी कार्यरत चौकीदारों, एवजी कर्मियों और स्वैच्छिक सेवा निवृत्ति प्राप्त कर्मियों के आश्रितों से अधिक से अधिक संख्या में पटना पहुंचने और इस आंदोलन में भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की गई।
लखीसराय में बिहार राज्य दफादार-चौकीदार पंचायत की एक महत्वपूर्ण बैठक 12 जून 2026, शुक्रवार को शिव मंदिर प्रांगण (कोर्ट परिसर) में आयोजित की गई। इस बैठक में संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों ने दफादार-चौकीदारों की विभिन्न समस्याओं के साथ-साथ पुस्तैनी बहाली से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा की। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी 18 जून 2026 को पटना के उत्तरी गांधी मैदान में होने वाले रोषपूर्ण प्रदर्शन को सफल बनाने का संकल्प लेना था। यह प्रदर्शन बिहार राज्य दफादार-चौकीदार पंचायत द्वारा दिवंगत पूर्व सांसद राम अवधेश सिंह की 89वीं जयंती के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है। वक्ताओं ने इस दौरान स्पष्ट किया कि दफादार-चौकीदारों के आश्रितों की पुस्तैनी बहाली बंद होने के बाद से संगठन लगातार अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा है। प्रदर्शन को सफल बनाने के उद्देश्य से, सभी कार्यरत चौकीदारों, एवजी कर्मियों और स्वैच्छिक सेवा निवृत्ति प्राप्त कर्मियों के आश्रितों से अधिक से अधिक संख्या में पटना पहुंचने और इस आंदोलन में भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की गई।
- खगड़िया में भाजपा ने मोदी सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में जिला अतिथिगृह में एक मीडिया संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अवसर पर बिहार सरकार के पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेन्द्र ने केंद्र सरकार की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि पिछले 12 वर्षों में देश ने विकास, सुशासन और जनकल्याण के क्षेत्रों में ऐतिहासिक प्रगति हासिल की है। मंत्री शैलेन्द्र ने प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत, किसान सम्मान निधि और डिजिटल इंडिया जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इन सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ आम लोगों तक पहुंचा है। इस कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष शत्रुघ्न भगत सहित कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।1
- गिद्धौर प्रखंड क्षेत्र के दोघट मोड़ से गिद्धौर पुल तक बालू लदे ट्रकों की लंबी कतार ने आम लोगों के लिए भारी मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। आलम यह है कि सड़क पर ट्रकों का कब्जा हो गया है, जिससे स्थानीय ग्रामीण, वाहन चालक और राहगीर घंटों जाम में फंसने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या कोई नई नहीं है, बल्कि आए दिन बालू लदे ट्रकों की भीड़ से आवागमन बुरी तरह प्रभावित होता है। इसके बावजूद संबंधित विभाग और प्रशासन कोई प्रभावी कदम नहीं उठा रहा है। इस जाम से सबसे अधिक परेशानी उन लोगों को हो रही है जिन्हें बाजार, कार्यालय या अस्पताल जैसे जरूरी कामों से जाना पड़ता है। कई बार एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन वाहन भी जाम में फंस जाते हैं, जिससे मरीजों और राहगीरों की मुश्किलें और बढ़ जाती हैं। राहगीरों का कहना है कि कुछ किलोमीटर की दूरी तय करने में भी काफी समय लग रहा है और लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। बालू लदे भारी वाहनों की लगातार आवाजाही और सड़क पर लगी लंबी कतार से दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है, क्योंकि सड़क संकरी होने के कारण छोटे वाहनों को निकलने में दिक्कत होती है और सड़क किनारे खड़े ट्रक सामने से आने वाले वाहनों को देखने में बाधा उत्पन्न करते हैं। लगातार जाम की समस्या से ग्रामीणों और स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि प्रशासन केवल मूकदर्शक बना हुआ है, जबकि आम जनता रोजमर्रा की परेशानी झेल रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर समस्या का समाधान निकालने की मांग की है। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और परिवहन विभाग से मांग की है कि बालू लदे ट्रकों के संचालन के लिए एक स्पष्ट व्यवस्था बनाई जाए और सड़क पर अव्यवस्थित तरीके से खड़े वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाए ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। अब जनता यह सवाल पूछ रही है कि आखिर कब तक बालू लदे ट्रकों के कारण यह परेशानी झेलनी पड़ेगी और कब प्रशासन इस गंभीर समस्या का स्थायी समाधान निकालेगा।1
- मुंगेर के तारापुर में निर्माणाधीन सरकारी बस स्टैंड के लिए अवैध रूप से मिट्टी की ढुलाई कर रहे दो ट्रैक्टरों को माइनिंग विभाग ने रविवार को जब्त कर लिया। माइनिंग इंस्पेक्टर मो. अरमान ने तारापुर के शहीद चौक के पास कार्रवाई करते हुए मिट्टी से लदे दोनों ट्रैक्टरों को पकड़ा और थाना के सुपुर्द कर दिया। विभाग को सूचना मिली थी कि सरकारी बस पड़ाव के निर्माण कार्य में अवैध रूप से मिट्टी का खनन और परिवहन किया जा रहा है। इसी जानकारी के आधार पर जांच के दौरान दोनों ट्रैक्टरों को पकड़ा गया। माइनिंग इंस्पेक्टर ने बताया कि दोनों वाहनों पर कुल 2 लाख 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी सरकारी योजना में मिट्टी के खनन या परिवहन के लिए विभागीय अनुमति आवश्यक होती है और बिना अनुमति मिट्टी की आपूर्ति करना अवैध है। विभाग ने कहा कि जुर्माना राशि जमा करने के बाद ही दोनों ट्रैक्टरों को छोड़ा जाएगा। इस कार्रवाई के बाद अवैध खनन से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।1
- प्रिंस यादव के साथ नेपाल गए उनके दोस्तों द्वारा किसी बड़े खुलासे को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में, यह जानकारी सामने आई है कि रोशन आनंद को जमानत मिल गई है। इन घटनाओं के बाद, गाँवों में भारी भीड़ उमड़ने की बात भी कही जा रही है, जिससे क्षेत्र में उत्सुकता बनी हुई है।1
- ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद, जो हाल ही में जेल से बाहर आए हैं, एक बार फिर चर्चा में हैं। उन्होंने अपने भाई प्रिंस की मौत को लेकर एक बड़ा आरोप लगाया है और दावा किया है कि उनके भाई की हत्या हुई है। इस मामले में एक बड़ा ट्विस्ट तब आया जब रौशन आनंद ने कुछ लोगों की भूमिका की निष्पक्ष जांच की मांग की, जिससे पूरे प्रकरण में हड़कंप मच गया है।1
- गोगरी प्रखंड मुख्यालय में आगामी 17 और 18 जून को एक सहयोग शिविर का आयोजन किया जाएगा। इस शिविर को लेकर सोमवार दोपहर एक बजे तक मध्य बोरना पंचायत में व्यापक जागरूकता अभियान चलाया गया। आंगनबाड़ी सेविकाओं ने इस दौरान क्षेत्र में भ्रमण कर ग्रामीणों को शिविर के बारे में विस्तृत जानकारी दी, उनसे अपनी समस्याओं से संबंधित अधिक से अधिक आवेदन लेकर शिविर में पहुँचने की अपील की। सेविकाओं ने ग्रामीणों को बताया कि गोगरी प्रखंड मुख्यालय में आयोजित इस सहयोग शिविर में विभिन्न विभागों से जुड़ी समस्याओं के आवेदन स्वीकार किए जाएँगे और उनके समाधान की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी ग्रामीणों से निर्धारित तिथि पर पहुँचकर अपनी समस्याओं का निस्तारण कराने का आग्रह किया। इस जागरूकता अभियान का नेतृत्व महिला पर्यवेक्षिका वीणा कुमारी ने किया। उनके साथ सेविकाओं में आफरीन बानो, आसमा, जुलेखा खातून, ममता सुषमा, शहरेनाज प्रवीण, तबस्सुम सितारा, रौनक खातून और ललिता देवी शामिल थीं। अभियान में कई लाभार्थी भी उपस्थित रहे।1
- खगड़िया जिले में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। नई सरकार के 60 दिन पूरे होने के अवसर पर ऊर्जा विभाग ने राज्यभर में 2.5 लाख कुटीर ज्योति उपभोक्ताओं के घरों पर सोलर प्लांट लगाने की शुरुआत की है। इस योजना के पहले चरण में खगड़िया जिले में 4149 घरों पर नवंबर 2026 तक मुफ्त सोलर पैनल स्थापित किए जाएंगे। इसका उद्देश्य गरीब परिवारों को सस्ती और स्वच्छ बिजली उपलब्ध कराना है, जिससे उनके बिजली खर्च में भी कमी आएगी। यह पहल समाहरणालय सभाकक्ष में आयोजित एक कार्यक्रम के माध्यम से शुरू की गई, जिसमें जनप्रतिनिधि और जिला प्रशासन के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए।1
- भागलपुर के सन्हौला थाना क्षेत्र के गदरियाचक गांव के पास एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल की चपेट में आने से एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है। इस हादसे में युवक के सिर में गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे तत्काल प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए भागलपुर स्थित जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय, जिसे मायागंज भी कहा जाता है, रेफर कर दिया गया है। घायल युवक की पहचान गदरियाचक निवासी 35 वर्षीय मोहम्मद औरंगजेब के रूप में हुई है, जो मोहम्मद समी के पुत्र हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मोटरसाइकिल चालक ने लापरवाही पूर्वक वाहन चलाते हुए उन्हें जोरदार टक्कर मार दी थी। टक्कर इतनी भीषण थी कि औरंगजेब मौके पर ही घायल होकर गिर पड़े। घटना के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों की मदद से घायल औरंगजेब को सन्हौला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया। वहां डॉक्टरों ने सिर में आंतरिक चोट और गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें मायागंज रेफर करने का निर्णय लिया। उधर, घटना की सूचना मिलते ही सन्हौला थाना पुलिस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची और दुर्घटना में शामिल मोटरसाइकिल को जब्त कर लिया। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने सड़क पर लगातार बढ़ती लापरवाही और तेज रफ्तार से वाहन चलाने पर नियंत्रण की मांग की है। ग्रामीणों ने प्रशासन से अपील की है कि भविष्य में इस तरह की सड़क दुर्घटनाओं पर रोक लगाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।3