शेखपुरा जिला पदाधिकारी शेखर आनंद ने बुधवार को अरियरी प्रखंड के विभिन्न पंचायतों और मौजों का सघन औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सरकारी योजनाओं में बड़े पैमाने पर लापरवाही और अनियमितता उजागर होने पर जिला पदाधिकारी ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और कर्मियों को कड़ी फटकार लगाई और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। निरीक्षण की शुरुआत डीहा पंचायत के फरपर गांव से हुई, जहाँ मनरेगा योजना के तहत कार्य चल रहा था। यहाँ मजदूरों के पास उपस्थिति पंजी (अटेंडेंस रजिस्टर) और जॉब कार्ड नहीं पाए गए, जिससे भारी लापरवाही सामने आई। इसी गांव में स्थानीय ग्रामीणों ने वार्ड नंबर 1, 2 और 3 में 'हर घर नल का जल' योजना के तहत पेयजल आपूर्ति न होने की शिकायत की, जिस पर जिला पदाधिकारी ने जल्द से जल्द शुद्ध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद कमालपुर मौजा में चल रही मनरेगा योजनाओं का जायजा लिया गया, जहाँ स्थिति और भी गंभीर पाई गई। ऐप (NMMS) पर दर्ज मजदूर कार्यस्थल से गायब थे और उनकी जगह अन्य लोग काम कर रहे थे। यहाँ भी किसी मजदूर के पास जॉब कार्ड नहीं मिला, जिससे जिला पदाधिकारी बेहद नाराज हुए और उन्होंने कार्य में लापरवाही बरतने वाले पदाधिकारियों व कर्मियों के खिलाफ तुरंत कानूनी व विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने मनरेगा से जुड़े सभी कर्मियों और लेबरों को कार्यस्थल की जियो-टैगिंग फोटो अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने की हिदायत भी दी। निरीक्षण के अगले चरण में, जिला पदाधिकारी ने रामपुर मौजा में किसान पंजीकरण कार्य की समीक्षा की। यहाँ किसानों के नाम और जमीन की रसीद में बड़े पैमाने पर त्रुटियां (मिसमैच) मिलीं, जिस पर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त की। जिला पदाधिकारी ने संबंधित अंचलाधिकारी के समन्वय से किसान समन्वयक को प्रतिदिन कम से कम 10 किसानों का डेटा अनिवार्य रूप से सुधारने का कड़ा निर्देश दिया, चेतावनी दी कि यदि इस कार्य में गति नहीं आई या लापरवाही मिली तो संबंधित कर्मियों पर सीधी कार्रवाई की जाएगी। इस महत्वपूर्ण औचक निरीक्षण के दौरान जिला पदाधिकारी के साथ उप विकास आयुक्त, भूमि सुधार उप समाहर्ता, डीआरडीए निदेशक, अरियरी के प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, मनरेगा पीओ और किसान समन्वयक सहित कई जिला व प्रखंड स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
शेखपुरा जिला पदाधिकारी शेखर आनंद ने बुधवार को अरियरी प्रखंड के विभिन्न पंचायतों और मौजों का सघन औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सरकारी योजनाओं में बड़े पैमाने पर लापरवाही और अनियमितता उजागर होने पर जिला पदाधिकारी ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और कर्मियों को कड़ी फटकार लगाई और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। निरीक्षण की शुरुआत डीहा पंचायत के फरपर गांव से हुई, जहाँ मनरेगा योजना के तहत कार्य चल रहा था। यहाँ मजदूरों के पास उपस्थिति पंजी (अटेंडेंस रजिस्टर) और जॉब कार्ड नहीं पाए गए, जिससे भारी लापरवाही सामने आई। इसी गांव में स्थानीय ग्रामीणों ने वार्ड नंबर 1, 2 और 3 में 'हर घर नल का जल' योजना के तहत पेयजल आपूर्ति न होने की शिकायत की, जिस पर जिला पदाधिकारी ने जल्द से जल्द शुद्ध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद कमालपुर मौजा में चल रही मनरेगा योजनाओं का जायजा लिया गया, जहाँ स्थिति और भी गंभीर पाई गई। ऐप (NMMS) पर दर्ज मजदूर कार्यस्थल से गायब थे और उनकी जगह अन्य लोग काम कर रहे थे। यहाँ भी किसी मजदूर के पास जॉब कार्ड नहीं मिला, जिससे जिला पदाधिकारी बेहद नाराज हुए और उन्होंने कार्य में लापरवाही बरतने वाले पदाधिकारियों व कर्मियों के खिलाफ तुरंत कानूनी व विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने मनरेगा से जुड़े सभी कर्मियों और लेबरों को कार्यस्थल की जियो-टैगिंग फोटो अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने की हिदायत भी दी। निरीक्षण के अगले चरण में, जिला पदाधिकारी ने रामपुर मौजा में किसान पंजीकरण कार्य की समीक्षा की। यहाँ किसानों के नाम और जमीन की रसीद में बड़े पैमाने पर त्रुटियां (मिसमैच) मिलीं, जिस पर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त की। जिला पदाधिकारी ने संबंधित अंचलाधिकारी के समन्वय से किसान समन्वयक को प्रतिदिन कम से कम 10 किसानों का डेटा अनिवार्य रूप से सुधारने का कड़ा निर्देश दिया, चेतावनी दी कि यदि इस कार्य में गति नहीं आई या लापरवाही मिली तो संबंधित कर्मियों पर सीधी कार्रवाई की जाएगी। इस महत्वपूर्ण औचक निरीक्षण के दौरान जिला पदाधिकारी के साथ उप विकास आयुक्त, भूमि सुधार उप समाहर्ता, डीआरडीए निदेशक, अरियरी के प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, मनरेगा पीओ और किसान समन्वयक सहित कई जिला व प्रखंड स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
- शेखपुरा जिले के महुली थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए स्थायी वारंटी अवधेश यादव को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान दाऊदपुर इटावा, थाना महुली निवासी माधो यादव के पुत्र अवधेश यादव के रूप में की गई है। महुली थानाध्यक्ष राम प्रवेश भारती के अनुसार, अवधेश यादव के खिलाफ न्यायालय से पूर्व में ही स्थायी वारंट जारी किया गया था। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि वारंटी अपने गांव में मौजूद है, जिसके आधार पर पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की और उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को थाना लाकर आवश्यक पूछताछ और कागजी प्रक्रिया पूरी की गई। बुधवार की शाम करीब 4:00 बजे उसे न्याय हिरासत में भेज दिया गया, और अग्रिम कानूनी कार्रवाई जारी है। पुलिस द्वारा लगातार चलाए जा रहे वारंटी गिरफ्तारी अभियान से क्षेत्र में फरार आरोपियों में हड़कंप मचा हुआ है। महुली थाना पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि न्यायालय से जारी वारंट वाले आरोपियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।1
- शेखपुरा जिला प्रशासन ने बकरीद पर्व को लेकर शहर में फ्लैग मार्च निकाला है। यह आयोजन कल, यानी 28 अप्रैल को मनाए जाने वाले बकरीद पर्व से ठीक एक दिन पहले किया गया। इस फ्लैग मार्च में जिला के कई वरिष्ठ अधिकारी और भारी संख्या में पुलिस बल ने हिस्सा लिया, जिससे शहर में प्रशासन की सक्रिय मौजूदगी दिखाई दी।1
- रामगढ़ चौक में ड्रग्स इंस्पेक्टर द्वारा भारी मात्रा में दवा जब्त की गई है। लखीसराय-शेखपुरा पथ पर दुरडीह गांव के निकट एक पिकअप मालवाहक वाहन से इन दवाओं को पकड़ा गया, जिनकी कीमत लगभग ₹10 लाख बताई जा रही है। यह खेप पटना से शेखपुरा के रास्ते लखीसराय आ रही थी। रामगढ़ चौक थाना अध्यक्ष चुन्नू कुमार ने वाहन की जांच के दौरान दवा लाने की प्रक्रिया को संदिग्ध पाया, जिसके बाद उन्होंने तत्काल इसकी सूचना लखीसराय ड्रग्स इंस्पेक्टर दीपक कुमार को दी। पिकअप वाहन को थाने ले जाया गया, जहां दीपक कुमार ने जांच के बाद दवाओं को जब्त कर लिया। इस मामले में लखीसराय बाजार समिति वार्ड संख्या 31 निवासी दवा दुकानदार जितेंद्र कुमार, जिसके नाम पर दवा आ रही थी, को न्यायालय से नोटिस जारी किया जाएगा और उससे पूछताछ होगी। ड्रग्स इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि सभी जब्त दवाओं को न्यायालय भेजा जाएगा। जांच में सहयोग के लिए शेखपुरा ड्रग्स इंस्पेक्टर पूजा किशोर और रंजन कुमार को भी बुलाया गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि यह दवा कहां से और किसने भेजी थी, और इतनी भारी मात्रा में दवा बिना लाइसेंस के कैसे आ रही थी। दीपक कुमार के अनुसार, जब्त की गई अंग्रेजी दवाओं में छह प्रकार की औषधियों को सील कर जांच के लिए लैब भेजा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि यह अवैध दवा तस्करी का मामला है, जिसमें कुल 28 व्यक्तियों को अभियुक्त बनाया गया है, जिसमें दवा दुकानदार जितेंद्र कुमार भी शामिल है। ड्रग्स इंस्पेक्टर ने इस दवा कांड में एक बहुत बड़े खेल की ओर इशारा किया, जिसके जल्द ही उजागर होने की बात कही गई है, और जोर दिया कि जीवन रक्षक दवाओं में इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।1
- लखीसराय जिले की तेतरहाट पुलिस ने बुधवार को थाना कांड संख्या 45/2026 से संबंधित एक मामले में फरार वारंटी के घर पर इश्तहार चिपकाए। यह कार्रवाई तेतरहाट थाना क्षेत्र के पारो यादव के खिलाफ की गई है, जो काफी समय से एक मामले में फरार चल रहा था। पारो यादव पर कई संगीन मामले दर्ज हैं। तेतरहाट थाना अध्यक्ष इलू उपाध्याय के नेतृत्व में फरार वारंटी के घर पर इश्तहार चिपकाए गए। इस दौरान, तेतरहाट पुलिस ने ढोल बजाकर ग्रामीणों को इश्तहार चिपकाए जाने की जानकारी भी दी।1
- आज आईपीएल 2026 का सबसे बड़ा और निर्णायक 'करो या मरो' मुकाबला खेला जाएगा, जहाँ Rajasthan Royals और Sunrisers Hyderabad मैदान में भिड़ेंगी। यह एलिमिनेटर मैच 27 मई 2026 को निर्धारित है, जिसका परिणाम सीधा टूर्नामेंट के भविष्य को तय करेगा: हारने वाली टीम प्रतियोगिता से बाहर हो जाएगी, जबकि जीतने वाली टीम अगले बड़े मुकाबले में अपनी जगह पक्की करेगी। सबकी नजरें युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी पर होंगी कि क्या वह फिर से तूफानी बल्लेबाजी का प्रदर्शन करेंगे, या फिर पैट कमिंस के नेतृत्व वाली सनराइजर्स हैदराबाद की खतरनाक गेंदबाजी राजस्थान का सफर खत्म कर देगी। इस मैच को सिर्फ एक मुकाबला नहीं, बल्कि एक 'महायुद्ध' के रूप में देखा जा रहा है, और दर्शकों से अपनी भविष्यवाणियां साझा करने तथा धमाकेदार IPL अपडेट्स के लिए चैनल को सब्सक्राइब करने का आह्वान किया गया है।1
- बुधवार को लखीसराय नगर परिषद की राजनीति उस समय गरमा गई, जब अनुमंडल कार्यालय परिसर में सशक्त स्थायी समिति के गठन को लेकर निर्वाचन प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू कर दी गई। सुबह 8 बजे से ही वार्ड पार्षदों और उनके समर्थकों की आवाजाही तेज हो गई थी, और पूरे परिसर में चुनावी हलचल स्पष्ट रूप से देखी गई। बिहार सरकार के नगर विकास एवं आवास विभाग के निर्देशानुसार, नगर निकायों में सशक्त स्थायी समिति के सदस्यों का चुनाव गुप्त मतदान और बहुमत के आधार पर करवाया जा रहा है। विभाग ने पहले स्थगित की गई प्रक्रिया को फिर से बहाल करते हुए 26 से 31 मई के बीच सभी नगर निकायों में चुनाव संपन्न कराने का आदेश जारी किया है। इसी कड़ी में, लखीसराय नगर परिषद में बुधवार को सुबह 8 बजे से नामांकन प्रक्रिया शुरू हुई। साथ ही, निर्वाचित सदस्यों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाने का कार्य भी बिना किसी रुकावट के जारी रहा। जानकारी के अनुसार, नगर परिषद की सशक्त स्थायी समिति में सदस्य के तीन पदों के लिए नामांकन दाखिल किए जा रहे हैं। निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान प्रशासन पूरी तरह सक्रिय दिखा, और अनुमंडल कार्यालय परिसर में सुरक्षा तथा व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए थे। खबर लिखे जाने तक, कुल छह लोगों ने नामांकन की प्रक्रिया पूरी कर ली थी।1
- लखीसराय के सैदपुरा गांव में खेत में लगे बोरिंग को क्षतिग्रस्त करने के मामले को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया। इस झड़प में एक व्यक्ति जख्मी हो गया है।1
- शेखपुरा जिले के चेवाड़ा थाना क्षेत्र में पुलिस ने शराब से जुड़े एक मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान कुशोखर गांव निवासी चनेसर बिंद और बीरजोधन बिंद के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, चनेसर बिंद को शराब पीने के आरोप में पकड़ा गया है, जबकि बीरजोधन बिंद को 5 लीटर देसी शराब के निर्माण और उसे रखने के मामले में गिरफ्तार किया गया। चेवाड़ा थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार ने बताया कि यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई थी, जिसके बाद दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया गया। पुलिस ने मौके पर जांच के दौरान देसी शराब भी बरामद की। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद उनके खिलाफ उत्पाद अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की जा रही है। आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी करने के उपरांत, बुधवार की शाम करीब 5 बजे दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद शराब कारोबारियों और शराब पीने वालों में हड़कंप मच गया है, वहीं स्थानीय लोगों ने पुलिस के इस कदम की सराहना की है।1