कश्मीर से द्रास और लेह-लद्दाख के दुर्गम क्षेत्रों तक गूंजा आत्मरक्षा का संदेश, टिमरनी के रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने दिया प्रशिक्षण कश्मीर से द्रास और लेह-लद्दाख के दुर्गम क्षेत्रों तक गूंजा आत्मरक्षा का संदेश, टिमरनी के रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने दिया प्रशिक्षण हरदा/टिमरनी-शासकीय डिग्री कॉलेज द्रास के प्राचार्य नासिर शाबानी के नेतृत्व में विशेष आत्मरक्षा कार्यशाला आयोजित। सेना के मेजर पीटर, कर्नल विकास दीक्षित एवं लेफ्टिनेंट कर्नल जगन्नाथ पोडियल ने तिनका संस्था का किया सम्मान।छात्राओं को आत्मरक्षा एवं नशामुक्ति का दिया संदेश। मध्यप्रदेश के हरदा जिले के टिमरनी निवासी तिनका सामाजिक संस्था के प्रशिक्षक रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने कश्मीर, द्रास तथा लेह-लद्दाख के दुर्गम एवं सीमावर्ती क्षेत्रों में लगभग 500 बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देकर उन्हें सशक्त बनाने का संदेश दिया। इस दौरान भारत-पाकिस्तान सीमा पर स्थित सीमावर्ती क्षेत्रों में पहुंचकर भी बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण विशेष रूप से बालिकाओं के लिए आयोजित किया गया। 20 से 23 अगस्त 2026 तक शासकीय डिग्री कॉलेज द्रास के प्राचार्य नासिर शाबानी के नेतृत्व में प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान की लैंगिक समावेशी समानता पहल योजना के अंतर्गत विशेष आत्मरक्षा कार्यशाला आयोजित की गई। कॉलेज के अलावा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय द्रास, उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भिंबट, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, आर्मी गुडविल स्कूल द्रास और शासकीय हाई स्कूल कक्सार सहित विभिन्न संस्थानों में प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में बालिकाओं को खतरे की पहचान, हमले से बचाव, सही समय पर प्रतिक्रिया और स्वयं की सुरक्षा की व्यावहारिक तकनीकों का अभ्यास कराया गया। बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक प्रशिक्षण में भाग लिया। साथ ही नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करते हुए “स्वस्थ युवा, नशामुक्त समाज” का संदेश दिया गया। कश्मीर में बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन की शाखाओं का भी किया दौरा इसी दौरान रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन की तीन शाखाओं का दौरा किया एवं बालिकाओ को आत्मरक्षा के गुण सिखाये । उन्होंने नियंत्रण रेखा कुपवाड़ा, श्रीनगर और बीरवाह स्थित शाखाओं में संचालित सामाजिक कार्यों एवं गतिविधियों की जानकारी ली। बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन के संस्थापक अधिक कदम हैं। सेना के मेजर पीटर, कर्नल विकास दीक्षित एवं लेफ्टिनेंट कर्नल जगन्नाथ पोडियल ने रितेश तिवारी और मना मंडलेकर के आत्मरक्षा प्रशिक्षण एवं सामाजिक कार्यों की सराहना करते हुए उनका सम्मान किया। यह सम्मान टिमरनी और मध्यप्रदेश के लिए गौरव का विषय रहा। प्राचार्य नासिर शाबानी ने बालिकाओं की सुरक्षा, आत्मविश्वास और सशक्तिकरण के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण को महत्वपूर्ण बताते हुए दोनों प्रशिक्षकों के प्रयासों की सराहना की। टिमरनी से कश्मीर और भारत-पाकिस्तान सीमा तक पहुंचकर लगभग 500 बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देना बेटियों के सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
कश्मीर से द्रास और लेह-लद्दाख के दुर्गम क्षेत्रों तक गूंजा आत्मरक्षा का संदेश, टिमरनी के रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने दिया प्रशिक्षण कश्मीर से द्रास और लेह-लद्दाख के दुर्गम क्षेत्रों तक गूंजा आत्मरक्षा का संदेश, टिमरनी के रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने दिया प्रशिक्षण हरदा/टिमरनी-शासकीय डिग्री कॉलेज द्रास के प्राचार्य नासिर शाबानी के नेतृत्व में विशेष आत्मरक्षा कार्यशाला आयोजित। सेना के मेजर पीटर, कर्नल विकास दीक्षित एवं लेफ्टिनेंट कर्नल जगन्नाथ पोडियल ने तिनका संस्था का किया सम्मान।छात्राओं को आत्मरक्षा एवं नशामुक्ति का दिया संदेश। मध्यप्रदेश के हरदा जिले के टिमरनी निवासी तिनका सामाजिक संस्था के प्रशिक्षक रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने कश्मीर, द्रास तथा लेह-लद्दाख के
दुर्गम एवं सीमावर्ती क्षेत्रों में लगभग 500 बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देकर उन्हें सशक्त बनाने का संदेश दिया। इस दौरान भारत-पाकिस्तान सीमा पर स्थित सीमावर्ती क्षेत्रों में पहुंचकर भी बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण विशेष रूप से बालिकाओं के लिए आयोजित किया गया। 20 से 23 अगस्त 2026 तक शासकीय डिग्री कॉलेज द्रास के प्राचार्य नासिर शाबानी के नेतृत्व में प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान की लैंगिक समावेशी समानता पहल योजना के अंतर्गत विशेष आत्मरक्षा कार्यशाला आयोजित की गई। कॉलेज के अलावा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय द्रास, उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भिंबट, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, आर्मी गुडविल स्कूल द्रास और शासकीय हाई स्कूल कक्सार सहित
विभिन्न संस्थानों में प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में बालिकाओं को खतरे की पहचान, हमले से बचाव, सही समय पर प्रतिक्रिया और स्वयं की सुरक्षा की व्यावहारिक तकनीकों का अभ्यास कराया गया। बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक प्रशिक्षण में भाग लिया। साथ ही नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करते हुए “स्वस्थ युवा, नशामुक्त समाज” का संदेश दिया गया। कश्मीर में बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन की शाखाओं का भी किया दौरा इसी दौरान रितेश तिवारी और मना मंडलेकर ने बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन की तीन शाखाओं का दौरा किया एवं बालिकाओ को आत्मरक्षा के गुण सिखाये । उन्होंने नियंत्रण रेखा कुपवाड़ा, श्रीनगर और बीरवाह स्थित शाखाओं में संचालित सामाजिक कार्यों
एवं गतिविधियों की जानकारी ली। बॉर्डरलेस वर्ल्ड फाउंडेशन के संस्थापक अधिक कदम हैं। सेना के मेजर पीटर, कर्नल विकास दीक्षित एवं लेफ्टिनेंट कर्नल जगन्नाथ पोडियल ने रितेश तिवारी और मना मंडलेकर के आत्मरक्षा प्रशिक्षण एवं सामाजिक कार्यों की सराहना करते हुए उनका सम्मान किया। यह सम्मान टिमरनी और मध्यप्रदेश के लिए गौरव का विषय रहा। प्राचार्य नासिर शाबानी ने बालिकाओं की सुरक्षा, आत्मविश्वास और सशक्तिकरण के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण को महत्वपूर्ण बताते हुए दोनों प्रशिक्षकों के प्रयासों की सराहना की। टिमरनी से कश्मीर और भारत-पाकिस्तान सीमा तक पहुंचकर लगभग 500 बालिकाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देना बेटियों के सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
- खातेगांव के ग्राम पंचायत बुराडा का मामला युवा ग्रामीण ने लगाए कई आरोप.. सरपंच के रिश्तेदार के फर्जी बिल लगाकर लाखों रुपए का आहरण निकालने के आरोप.. युवा कर रहे हैं निष्पक्ष जांच की मांग.. कई निधि के पैसे निकाल कर दुरुपयोग जमीनी स्तर पर विकास कार्य अधूरा...1
- नर्मदा नदी ने लिया रौद्र रूप, लगातार बारिश से बढ़ा जलस्तर; कई इलाकों में जलभराव की स्थिति नर्मदा नदी ने लिया रौद्र रूप, लगातार बारिश से बढ़ा जलस्तर; कई इलाकों में जलभराव की स्थिति1
- थोड़ा सा पानी आ जाने पर रपटे पर आवा जाई बंद हो जाती है निपानिया की बड़ी समस्या निपानिया की समस्या1
- ऊपरी क्षेत्रों में हो रही बारिश और डैम के गेट खोले जाने के कारण नर्मदा नदी का पानी तेजी से बढ़ रहा है।नर्मदा का पानी सिध्दनाथ घाट के किनारे तक पहुंच चुका है और तेज बहाव के साथ मटमैला पानी बह रहा है। पुल के पिलर के पास पानी का स्तर बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है माँ नर्मदा नेमावर में एक बार फिर उफान पर है मध्यप्रदेश की जीवनदायिनी माँ नर्मदा नेमावर में एक बार फिर उफान पर है। मंगलवार को नर्मदा नदी के जलस्तर में अचानक काफी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बताया जा रहा है की ऊपरी क्षेत्रों में हो रही बारिश और डैम के गेट खोले जाने के कारण नर्मदा नदी का पानी तेजी से बढ़ रहा है।नर्मदा का पानी सिध्दनाथ घाट के किनारे तक पहुंच चुका है और तेज बहाव के साथ मटमैला पानी बह रहा है। पुल के पिलर के पास पानी का स्तर बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है स्थानीय नाविकों ने बताया कि सुबह से ही जलस्तर में लगातार इजाफा हो रहा था। लेकिन दोपहर बाद जल स्तर मे गिरावट दिखाई दे रही है इसलिए लोगों को घाट से दूर रहने की सलाह दी जा रही है।" प्रशासन ने भी श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों से अपील की है कि बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नदी में स्नान करने और नाव से सफर करने से बचें तथा बच्चों को घाट की ओर न जाने दें। फिलहाल स्थिति पर नजर रखी जा रही है।4
- शिक्षा का मंदिर या सीमेंट का गोदाम? 3 साल से सड़ रहा सरकारी माल, ताले में ग्राम पंचायत! | पीपलढाना ग्राउंड रिपोर्ट 2. डिस्क्रिप्शन (Description) मध्य प्रदेश के पीपलढाना से एक हैरान करने वाली तस्वीर सामने आई है! प्राथमिक शाला के अंदर ज्ञान की देवी के मंदिर में सरकारी सीमेंट की बोरियां पिछले तीन साल से सीलन खाकर पत्थर बन रही हैं, और मासूम बच्चे बाहर खुले में पढ़ने को मजबूर हैं। दूसरी तरफ, दोपहर के 12 बजने के बावजूद ग्राम पंचायत के ताले चैन की नींद सो रहे हैं—न सरपंच है, न सचिव, न पीने का पानी और चारों तरफ गंदगी का अंबार! देखिए 'इटारसी अपडेट' की यह ग्राउंड रिपोर्ट और बताइए कि इस लाचारी का जिम्मेदार कौन है? #ItarsiUpdate #PeopleDana #GroundReport #MadhyaPradeshNews #LocalNews शिक्षा का मंदिर या सीमेंट का गोदाम? 3 साल से सड़ रहा सरकारी माल, ताले में ग्राम पंचायत! | पीपलढाना ग्राउंड रिपोर्ट 2. डिस्क्रिप्शन (Description) मध्य प्रदेश के पीपलढाना से एक हैरान करने वाली तस्वीर सामने आई है! प्राथमिक शाला के अंदर ज्ञान की देवी के मंदिर में सरकारी सीमेंट की बोरियां पिछले तीन साल से सीलन खाकर पत्थर बन रही हैं, और मासूम बच्चे बाहर खुले में पढ़ने को मजबूर हैं। दूसरी तरफ, दोपहर के 12 बजने के बावजूद ग्राम पंचायत के ताले चैन की नींद सो रहे हैं—न सरपंच है, न सचिव, न पीने का पानी और चारों तरफ गंदगी का अंबार! देखिए 'इटारसी अपडेट' की यह ग्राउंड रिपोर्ट और बताइए कि इस लाचारी का जिम्मेदार कौन है? #ItarsiUpdate #PeopleDana #GroundReport #MadhyaPradeshNews #LocalNews1
- कलेक्टर की कलाई पर सजा बहनों का प्यार, राखी बांधकर खिल उठे छात्राओं के चेहरे रक्षाबंधन पर छात्राओं के बीच पहुंचे कलेक्टर और जिला पंचायत सीईओ, मिठाई-उपहार देकर बढ़ाया उत्साह नर्मदापुरम। रक्षाबंधन का पर्व उस समय और भी खास हो गया, जब नन्हीं छात्राओं ने अधिकारियों को भाई मानकर उनकी कलाई पर प्रेम और विश्वास का रक्षा सूत्र बांधा। पवारखेड़ा स्थित सांदीपनि विद्यालय, माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर और वीरांगना रानी दुर्गावती शासकीय संयुक्त सीनियर बालिका छात्रावास में आयोजित रक्षा सूत्र कार्यक्रम में कलेक्टर सोमेश मिश्रा और जिला पंचायत सीईओ छात्राओं के बीच पहुंचे। कलेक्टर और जिला पंचायत सीईओ को अपने बीच पाकर छात्राओं के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। बच्चियों ने पूरे उत्साह और आत्मीयता के साथ दोनों अधिकारियों की कलाई पर राखी बांधी और रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। कलेक्टर ने भी नन्हीं बहनों के स्नेह को स्वीकार करते हुए उन्हें आशीर्वाद दिया और मिठाई व उपहार भेंट किए। राखी के साथ जाना छात्राओं का हाल रक्षाबंधन के इस आत्मीय माहौल के बीच कलेक्टर ने छात्राओं से उनकी पढ़ाई और रोजमर्रा की व्यवस्थाओं को लेकर खुलकर बातचीत की। उन्होंने विद्यालय में मिल रही शिक्षा, आवासीय सुविधाओं, शिक्षकों के व्यवहार और छात्राओं को होने वाली किसी भी परेशानी के बारे में जानकारी ली।कलेक्टर ने छात्राओं से भोजन की गुणवत्ता को लेकर भी सीधे फीडबैक लिया। छात्राओं ने बेझिझक अपनी बात रखी और विद्यालय की व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी साझा की। मन लगाकर पढ़ो, सपनों को पूरा करो’ कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में सफलता के लिए शिक्षा के साथ अनुशासन भी जरूरी है। अनुशासन के बिना शिक्षा अधूरी है। उन्होंने छात्राओं से नियमित रूप से अनुशासन का पालन करने और पूरी लगन के साथ पढ़ाई करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आवासीय विद्यालयों में छात्राओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। छात्राएं इन सुविधाओं का पूरा लाभ उठाएं और मेहनत के साथ अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ें। उन्होंने कहा कि शिक्षा ऐसा सशक्त माध्यम है, जो जीवन की कठिन परिस्थितियों का सामना करने और चुनौतियों पर विजय पाने की ताकत देती है। दसवीं-बारहवीं की छात्राओं को खास संदेश कलेक्टर ने कक्षा दसवीं और बारहवीं की छात्राओं से परीक्षा की तैयारी को लेकर विशेष रूप से चर्चा की। उन्होंने छात्राओं को लक्ष्य तय कर निरंतर मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि छात्राएं सिर्फ परीक्षा पास करने का लक्ष्य न रखें, बल्कि बेहतर परिणाम हासिल करने के लिए मेहनत करें। उन्होंने उम्मीद जताई कि छात्राएं प्रथम श्रेणी से परीक्षा उत्तीर्ण करेंगी और कम से कम एक छात्रा मेरिट सूची में स्थान बनाकर विद्यालय और जिले का नाम रोशन करेगी। रक्षाबंधन के इस कार्यक्रम में नन्हीं छात्राओं की राखी ने जहां अधिकारियों की कलाइयों को स्नेह के धागे से बांधा, वहीं अधिकारियों का संवाद और प्रोत्साहन छात्राओं के लिए आत्मविश्वास का संदेश बन गया। कार्यक्रम ने भाई-बहन के रिश्ते की आत्मीयता के साथ शिक्षा, अनुशासन और बेहतर भविष्य का संकल्प भी दिया।1
- नन्हें हाथों से कलेक्टर की कलाई पर बंधा रक्षा सूत्र छोटी-छोटी बहनों ने स्नेह से कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ को बांधी राखी, उपहार पाकर खिल उठे नन्हीं छात्राओं के चेहरे नर्मदापुरम, 25 अगस्त 2026 रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर नर्मदापुरम में आयोजित रक्षा सूत्र कार्यक्रम आत्मीयता, स्नेह और अपनत्व से सराबोर रहा। कार्यक्रम के तहत कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा एवं जिला पंचायत सीईओ ने पवारखेड़ा स्थित सांदीपनि विद्यालय, माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर तथा वीरांगना रानी दुर्गावती शासकीय संयुक्त सीनियर बालिका छात्रावास पहुंचकर नन्हीं छात्राओं से अपनी कलाइयों पर राखियां बंधवाईं। स्कूली छात्राओं ने पूरे उत्साह और आत्मीयता के साथ कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ को भाई मानकर उनकी कलाइयों पर प्रेमपूर्वक राखियां बांधीं और रक्षाबंधन पर्व की शुभकामनाएं दीं। जैसे ही बच्चियों ने अधिकारियों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा, उनके चेहरे खुशी से खिल उठे। इस दौरान विद्यालय परिसर का वातावरण भाई-बहन के स्नेह और आत्मीयता से भर गया। कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ को अपने बीच पाकर छात्राओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया। बच्चियों ने जिस सहजता और अपनत्व के साथ अधिकारियों को राखी बांधी, वह पल भावुक और यादगार रहा। कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने भी छात्राओं के इस स्नेह को आत्मीयता से स्वीकार करते हुए उन्हें स्नेहाशीष दिया। उन्होंने बच्चियों को मिठाई एवं उपहार भेंट किए, जिससे छात्राओं की खुशी और बढ़ गई। कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर श्री मिश्रा ने छात्राओं से आत्मीय संवाद भी किया। उन्होंने विद्यालय में मिलने वाली शिक्षा, आवासीय सुविधाओं, शिक्षकों के व्यवहार और विद्यालय परिसर में किसी भी प्रकार की समस्या के संबंध में छात्राओं से सीधे जानकारी ली। कलेक्टर ने छात्राओं से विशेष रूप से विद्यालय में मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता के बारे में भी फीडबैक लिया। छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भोजन सहित विद्यालय की अन्य व्यवस्थाओं के संबंध में अपनी बात कलेक्टर के समक्ष रखी। कलेक्टर ने छात्राओं की बातों को गंभीरता से सुना और आवश्यक व्यवस्थाओं के संबंध में संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया। छात्राओं को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने कहा कि शिक्षा के साथ अनुशासन का होना अत्यंत आवश्यक है। अनुशासन के बिना शिक्षा अधूरी मानी जाती है। उन्होंने छात्राओं से नियमित रूप से अनुशासन का पालन करने और पूरे मन लगाकर पढ़ाई करने की अपील की। उन्होंने कहा कि आवासीय विद्यालयों में छात्राओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। छात्राएं इन सुविधाओं का अधिकतम लाभ उठाते हुए पूरी मेहनत और लगन से पढ़ाई करें। अपने जीवन में लक्ष्य निर्धारित करें और उसे हासिल करने के लिए निरंतर प्रयास करती रहें। कलेक्टर ने कहा कि छात्राएं अपने सपनों को साकार कर अपने माता-पिता और शिक्षकों को गौरवान्वित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा जीवन का ऐसा महत्वपूर्ण अस्त्र है, जिसके माध्यम से व्यक्ति जीवन में आने वाली कठिनाइयों और चुनौतियों का सामना करते हुए सफलता प्राप्त कर सकता है। कलेक्टर श्री मिश्रा ने विशेष रूप से कक्षा 10वीं एवं 12वीं की छात्राओं से परीक्षा की तैयारी पूरी लगन और मेहनत के साथ करने का आह्वान किया। उन्होंने छात्राओं को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि कम से कम एक-एक छात्रा मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करे और सभी छात्राएं प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण करें। उन्होंने छात्राओं से कहा कि परीक्षा के लिए नियमित अध्ययन, अनुशासन और समय का सदुपयोग सफलता की कुंजी है। छात्राएं अपने लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए निरंतर मेहनत करें और किसी भी चुनौती से घबराएं नहीं। रक्षाबंधन के अवसर पर नन्हीं बच्चियों द्वारा कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ की कलाइयों पर बांधा गया रक्षा सूत्र केवल एक पर्व की रस्म नहीं, बल्कि स्नेह, विश्वास और अपनत्व का प्रतीक बन गया। अधिकारियों ने भी बच्चियों को अपनेपन का अहसास कराते हुए उनका उत्साह बढ़ाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। रक्षा सूत्र कार्यक्रम में एक ओर जहां नन्हीं छात्राओं के चेहरों पर रक्षाबंधन की खुशी नजर आई, वहीं दूसरी ओर कलेक्टर ने छात्राओं को शिक्षा, अनुशासन और मेहनत के माध्यम से अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम ने रक्षाबंधन के पर्व को भाई-बहन के रिश्ते से आगे बढ़ाकर प्रशासन और छात्राओं के बीच आत्मीय संवाद एवं विश्वास का भाव भी मजबूत किया। NDPM NEWS TWENTY FOUR नर्मदापुरम की खास रिपोर्ट2
- थोड़ा सा पानी आने पर लपटें के उपर पानी आजाता है निपानिया की बड़ी समस्या1