कानपुर देहात के डेरापुर-रूरा मार्ग पर रविवार शाम एक भीषण सड़क हादसे में दो बाइक सवारों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। यह दर्दनाक घटना दो मोटरसाइकिलों की आमने-सामने की जोरदार टक्कर के कारण हुई, जिससे दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। जानकारी के अनुसार, यह हादसा रविवार शाम करीब छह बजे डेरापुर-रूरा रोड पर शारदा गेस्ट हाउस के सामने हुआ। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवारों को संभलने का मौका भी नहीं मिला। हादसे में हसनापुर निवासी 35 वर्षीय सूर्यभान सिंह पुत्र शिवनाथ सिंह और दूसरी मोटरसाइकिल चला रहे बलुआपुर भाऊपुर निवासी 30 वर्षीय कमल दोहरे पुत्र प्रकाश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इसी दुर्घटना में कमल दोहरे के साथ बाइक पर सवार रामपाल पुत्र पूसे गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलते ही रूरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल रामपाल को तत्काल अस्पताल भेजा, जहाँ उनका उपचार चल रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यह हादसा इतना भयावह था कि सड़क पर काफी दूर तक खून फैल गया। दुर्घटना के बाद कुछ समय के लिए डेरापुर-रूरा मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा, जिसे पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सुचारू कराया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
कानपुर देहात के डेरापुर-रूरा मार्ग पर रविवार शाम एक भीषण सड़क हादसे में दो बाइक सवारों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। यह दर्दनाक घटना दो मोटरसाइकिलों की आमने-सामने की जोरदार टक्कर के कारण हुई, जिससे दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और घटनास्थल
पर अफरा-तफरी मच गई। जानकारी के अनुसार, यह हादसा रविवार शाम करीब छह बजे डेरापुर-रूरा रोड पर शारदा गेस्ट हाउस के सामने हुआ। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवारों को संभलने का मौका भी नहीं मिला। हादसे में हसनापुर निवासी 35 वर्षीय सूर्यभान सिंह पुत्र शिवनाथ सिंह और दूसरी मोटरसाइकिल चला रहे बलुआपुर भाऊपुर निवासी
30 वर्षीय कमल दोहरे पुत्र प्रकाश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इसी दुर्घटना में कमल दोहरे के साथ बाइक पर सवार रामपाल पुत्र पूसे गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलते ही रूरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल रामपाल को तत्काल अस्पताल भेजा, जहाँ उनका उपचार चल रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों ने
बताया कि यह हादसा इतना भयावह था कि सड़क पर काफी दूर तक खून फैल गया। दुर्घटना के बाद कुछ समय के लिए डेरापुर-रूरा मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा, जिसे पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सुचारू कराया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
- कानपुर देहात के विकासखंड राजपुर अंतर्गत ग्राम अरसून बांगर में गंदगी और जलभराव की गंभीर समस्या ने ग्रामीणों को बुरी तरह परेशान कर रखा है। गांव की सड़कों के बीचों-बीच नालियों का गंदा पानी भरा रहने से न केवल स्थानीय निवासियों को, बल्कि स्कूल जाने वाले बच्चों को भी रोजाना इसी दूषित पानी से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने इस समस्या को लेकर ग्राम प्रधान और संबंधित अधिकारियों से कई बार शिकायत की है, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकाला गया है। वे ग्राम प्रधान पर लगातार शिकायतों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाते हुए कहते हैं कि गांव की कई गलियों और रास्तों पर गंदा पानी जमा होने से उनका निकलना तक दूभर हो गया है। इस स्थिति को प्रदेश और केंद्र सरकार द्वारा चलाए जा रहे स्वच्छता अभियान की जमीनी हकीकत के विपरीत बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। उन्हें आशंका है कि बरसात के मौसम में हालात और भी खराब हो सकते हैं। अब यह देखना होगा कि इस खबर के सामने आने के बाद अधिकारी और ग्राम प्रधान इस मामले पर संज्ञान लेकर कोई ठोस कदम उठाते हैं या ग्रामीणों को इसी तरह मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा।4
- कानपुर देहात के संदलपुर ब्लॉक सभागार में रविवार को भारतीय जनता पार्टी सरकार के सफल 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 'सेवा, संस्कार, सुशासन, सम्मान' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और बीते 12 वर्षों की उपलब्धियों पर विस्तार से प्रकाश डालना था। विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) अरुण पाठक ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर एमएलसी अरुण पाठक ने बताया कि केंद्र सरकार सेवा और सुशासन के संकल्प के साथ समाज के प्रत्येक वर्ग के उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने पिछले 12 वर्षों में देश और प्रदेश में बुनियादी ढांचे के विकास, कानून व्यवस्था में सुधार तथा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से आमजन के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के प्रयासों का विशेष उल्लेख किया। पाठक ने इस बात पर जोर दिया कि विकास की धारा को अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है, और उन्होंने उपस्थित लोगों से विभिन्न योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में खंड विकास अधिकारी आशुतोष शुक्ला, ब्लॉक प्रमुख मीनू तिवारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. अमित सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष विनय तिवारी, पूर्व मंडल अध्यक्ष सुमित दिवाकर सहित अन्य जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।1
- कानपुर देहात के राजपुर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) में बंदरों के एक झुंड ने जमकर उत्पात मचाया, जिससे मरीजों को मिलने वाली दवाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। बंदर इमरजेंसी कक्ष के रास्ते अस्पताल के अंदर दाखिल हुए और औषधि केंद्र में घुस गए। उन्होंने यहां रखी दवाइयां बिखेर दीं, कई जीवन रक्षक इंजेक्शन तोड़ दिए, और दवाओं के डिब्बे पेटियों से निकालकर फाड़ दिए तथा उन्हें गेट के सामने फेंक दिया। अस्पताल स्टाफ ने जब औषधि कक्ष का नजारा देखा तो वे दंग रह गए, क्योंकि बंदरों ने कई घंटों तक उत्पात मचाकर औषधि कक्ष को काफी क्षति पहुंचाई थी। मरीजों ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए बताया कि यदि केंद्र के गेट पर दरवाजे लगे होते तो शायद यह घटना नहीं होती। यह पहली बार नहीं है जब बंदरों ने अस्पताल में उत्पात मचाया हो; इससे पहले भी वे मरीजों की पर्चियां और कागजात उठाकर नुकसान पहुंचा चुके हैं। बंदर आए दिन मरीजों और तीमारदारों पर हमले करते रहते हैं, और स्वास्थ्य केंद्र परिसर के कई हिस्से अब उनके ठिकाने बन गए हैं। वे लोगों के हाथों में खाने का सामान देखते ही झपटते हैं और छीनकर भाग जाते हैं। अस्पताल के समीप रहने वाले दीपक मिश्रा, जीतू, रामू कटियार और अन्नू ने बताया कि बंदरों का बढ़ता खौफ आम जनता का जीना मुश्किल कर रहा है, क्योंकि उनके लगातार हमलों से लोग जख्मी हो रहे हैं और निजी व सरकारी संपत्तियों को भी नुकसान पहुंच रहा है। इस घटना के बाद राजपुर पीएचसी प्रभारी डॉ. सलिल सचान ने कहा है कि लापरवाही करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी। वहीं, ईओ नीति त्रिपाठी ने बताया कि बंदरों को पकड़ने के लिए वन विभाग को पत्राचार कर एक कार्ययोजना बनाई जा रही है।1
- जालौन के कुठौंद क्षेत्र में स्थित बांके बिहारी हॉस्पिटल एक बार फिर विवादों में घिर गया है, जहाँ प्रसव के बाद एक जच्चा और उसके नवजात बच्चे की मौत हो गई। नौरेजपुर निवासी जितेन्द्र ने आरोप लगाया है कि उनकी पत्नी रश्मी को सामान्य डिलीवरी के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सामान्य प्रसव के बाद जब रश्मी और बच्चे की हालत बिगड़ी, तो उन्हें औरैया रेफर किया गया। हालांकि, औरैया पहुँचने पर डॉक्टरों ने माँ और बच्चे दोनों को मृत घोषित कर दिया। इस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने भी अस्पताल का निरीक्षण किया और उसे सीज कर दिया। मृतका और नवजात का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है, जिसके बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।1
- कानपुर देहात के मंगलपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने ननद की हत्या कर शव को सेंगुर नदी में फेंकने के मामले में वांछित महिला आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी महिला ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि उसने देवर के साथ अपने अवैध संबंधों के उजागर होने के डर से यह हत्या की थी। पुलिस के मुताबिक, इस मामले में 12 जून 2026 को वादी की तहरीर पर मंगलपुर थाने में मुकदमा संख्या 156/2026, धारा 103(1)/238ए बीएनएस के तहत रेखा देवी सहित चार नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। आरोप था कि पड़ोस में रहने वाली ज्योति पुत्री मान सिंह की हत्या कर उसके शव को कार से ले जाकर सेंगुर नदी में फेंक दिया गया था। जांच के दौरान, पुलिस टीम ने शुक्रवार को ग्राम महोई स्थित टेंपो स्टैंड से मुख्य आरोपी रेखा देवी (26 वर्ष), पत्नी वीरू, निवासी ग्राम चंद्रकुरा, थाना मंगलपुर को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार महिला को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पूछताछ में रेखा देवी ने बताया कि उसका पति वीरू मजदूरी के लिए बाहर रहता है, और इस दौरान उसके अपने देवर मिलन के साथ अवैध संबंध बन गए थे। 5 जून को जब वे दोनों घर में आपत्तिजनक स्थिति में थे, तब ननद ज्योति ने उन्हें देख लिया और इसका विरोध करने लगी। पकड़े जाने के डर से रेखा देवी और मिलन ने धारदार चाकू से ज्योति की हत्या कर दी। इसके बाद उन्होंने अपने ससुर मान सिंह को घटना की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, मान सिंह, मिलन, सुनील उर्फ मौला और एक अज्ञात कार चालक की मदद से शव को एक दरी में लपेटकर कार से ले जाया गया और सेंगुर नदी में फेंक दिया गया। 8 जून को नदी से शव बरामद होने की खबर मिलते ही सभी आरोपी फरार हो गए थे। रेखा देवी ने पुलिस को यह भी बताया कि उसकी और मिलन की झींझक रेलवे स्टेशन पर मुलाकात तय थी, जहां से वे दोनों मुंबई भागने की तैयारी में थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी महेश कुमार दुबे के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने यह कार्रवाई की है और फरार अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।1
- उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद के दिबियापुर में डॉ. भीमराव अंबेडकर एजुकेशनल सोसाइटी द्वारा 14 जून 2026 को 'मेधावी छात्र/छात्रा सम्मान समारोह-2026' का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम जनपद औरैया स्थित बुद्धा स्टडी सेंटर पर हुआ, जिसमें मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करने के साथ-साथ उनके भविष्य के लिए महत्वपूर्ण मार्गदर्शन भी प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य और थीम 'मिशन सेंट्रल यूनिवर्सिटी' रही, जिसके तहत छात्र-छात्राओं को देश के केंद्रीय विश्वविद्यालयों में प्रवेश और भविष्य निर्धारण से संबंधित आवश्यक जानकारी देश के प्रतिष्ठित प्रोफेसरों द्वारा दी गई। इसका लक्ष्य विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के क्षेत्र में उपलब्ध सभी संभावनाओं से अवगत कराना था, ताकि वे समय रहते इसका लाभ उठा सकें। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विद्युत विभाग के वरिष्ठ अभियंता सुनील कुमार, अति विशिष्ट अतिथि सहकारी बैंक के सेवानिवृत्त महाप्रबंधक प्रेम प्रकाश जी और कानपुर से शिव पाल जी रहे। मुख्य वक्ताओं में जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अमित कुमार जी ऑनलाइन जुड़े, जबकि प्रोफेसर रॉबिंस दोहरे जी कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित रहे। डॉ. भीमराव अंबेडकर एजुकेशनल सोसाइटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष आनंद कुमार आर्य जी ने भी ऑनलाइन माध्यम से सबको संबोधित किया। सम्मान समारोह के लिए कुल 69 छात्र-छात्राओं ने आवेदन किया था, जिसमें से 45 विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में भाग लिया। इन सभी मेधावी छात्र-छात्राओं को शील्ड, प्रशस्ति पत्र और पेन-पेंसिल देकर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, जनपद में पंजीकृत हाई स्कूल और इंटरमीडिएट छात्रों में से सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली छात्रा और उसके परिवार के लिए 'अष्टांगिक मंगल कामना' की गई। कार्यक्रम के दौरान, मुख्य वक्ताओं ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से विद्यार्थियों को करियर से संबंधित अत्यंत महत्वपूर्ण और व्यावहारिक जानकारियां साझा कीं। अंत में, कार्यक्रम में उपस्थित सभी छात्र-छात्राओं, अभिभावकों और आगंतुकों का आभार व्यक्त किया गया और उन्हें जलपान के लिए आमंत्रित कर साधुवाद ज्ञापित करने के साथ ही कार्यक्रम के समापन की घोषणा की गई। इस पूरे कार्यक्रम का संचालन TEAM DBRAEG के संस्थापक इंजीनियर धर्मेन्द्र कुमार ने किया।4
- कानपुर देहात के थाना शिवली क्षेत्र स्थित मलिकपुर गांव में एक पारिवारिक विवाद ने खूनी रूप ले लिया। आरोप है कि सूरज सिंह पवार नामक व्यक्ति ने अपने चाचा प्रताप सिंह पवार पर कैंची से हमला कर उनकी हत्या कर दी। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने आरोपी सूरज सिंह पवार को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ जारी है। इस हत्या में इस्तेमाल की गई कैंची को भी बरामद कर लिया गया है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।1
- रविवार शाम कानपुर देहात के डेरापुर-रूरा मार्ग पर एक भीषण सड़क हादसे में दो बाइक सवारों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। यह दर्दनाक घटना शारदा गेस्ट हाउस के सामने लगभग छह बजे हुई, जहाँ दो मोटरसाइकिलों की आमने-सामने की जोरदार टक्कर हुई। टक्कर इतनी भयानक थी कि दोनों बाइक सवारों को संभलने का मौका भी नहीं मिला और दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। हादसे में हसनापुर निवासी 35 वर्षीय सूर्यभान सिंह पुत्र शिवनाथ सिंह और बलुआपुर भाऊपुर निवासी 30 वर्षीय कमल दोहरे पुत्र प्रकाश ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। कमल दोहरे के साथ बाइक पर सवार रामपाल पुत्र पूसे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही रूरा थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुँची और गंभीर घायल रामपाल को तुरंत अस्पताल भिजवाया, जहाँ उनका उपचार जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यह दुर्घटना इतनी भयावह थी कि सड़क पर काफी दूर तक खून फैल गया था। इस हादसे के कारण डेरापुर-रूरा मार्ग पर कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा, जिसे पुलिस ने मौके पर पहुँचकर सुचारु कराया। पुलिस ने दोनों शवों को भी अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।3