उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में शहीद डिप्टी कलेक्टर हिकमतुल्ला सेवा संस्थान के तत्वावधान में रविवार को 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी शहीद डिप्टी कलेक्टर हिकमतुल्ला खान का शहादत दिवस श्रद्धापूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर संस्थान के पदाधिकारियों और नागरिकों ने पत्थरकटा स्थित हिकमतुल्ला पार्क में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। इसके बाद सभी लोग कोतवाली थाना परिसर स्थित शहीद हिकमतुल्ला द्वार पहुंचे, जहां 12 जुलाई 1857 को अंग्रेजों ने उन्हें फांसी दी थी, और वहां भी माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम के दौरान अध्यक्ष एड. मोहिउद्दीन ने कहा कि शहीद हिकमतुल्ला खान ने डिप्टी कलेक्टर पद पर रहते हुए भी अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ विद्रोह का बिगुल फूंका था। उन्होंने फतेहपुर जेल का ताला तोड़कर कैदियों को मुक्त कराया था, जिससे घबराकर अंग्रेजी हुकूमत ने उन्हें गिरफ्तार कर 12 जुलाई 1857 को कोतवाली परिसर में सार्वजनिक रूप से फांसी दे दी थी। वक्ताओं ने उनके इस योगदान को इतिहास के स्वर्णिम पन्नों में दर्ज बताते हुए कहा कि उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। इस दौरान कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने शहीद के आदर्शों पर चलने और देशभक्ति की भावना को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। श्रद्धांजलि देने वालों में मुख्य रूप से अध्यक्ष मोहिउद्दीन, कैप्टन गुलशाद अहमद, फजलुर्रहमान, अमर सिंह, शमशाद, प्रमोद सिंह, राकेश श्रीवास्तव और जिलाध्यक्ष मोईनुद्दीन उपस्थित रहे।
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में शहीद डिप्टी कलेक्टर हिकमतुल्ला सेवा संस्थान के तत्वावधान में रविवार को 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी शहीद डिप्टी कलेक्टर हिकमतुल्ला खान का शहादत दिवस श्रद्धापूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर संस्थान के पदाधिकारियों और नागरिकों ने पत्थरकटा स्थित हिकमतुल्ला पार्क में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। इसके बाद सभी लोग कोतवाली थाना परिसर स्थित शहीद हिकमतुल्ला द्वार पहुंचे, जहां 12 जुलाई 1857 को अंग्रेजों ने उन्हें फांसी दी थी, और वहां भी माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम के दौरान अध्यक्ष एड. मोहिउद्दीन ने कहा कि शहीद हिकमतुल्ला खान ने डिप्टी कलेक्टर पद पर रहते हुए भी अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ विद्रोह का बिगुल फूंका था। उन्होंने फतेहपुर जेल का ताला तोड़कर कैदियों को मुक्त कराया था, जिससे घबराकर अंग्रेजी हुकूमत ने उन्हें गिरफ्तार कर 12 जुलाई 1857 को कोतवाली परिसर में सार्वजनिक रूप से फांसी दे दी थी। वक्ताओं ने उनके इस योगदान को इतिहास के स्वर्णिम पन्नों में दर्ज बताते हुए कहा कि उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। इस दौरान कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने शहीद के आदर्शों पर चलने और देशभक्ति की भावना को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। श्रद्धांजलि देने वालों में मुख्य रूप से अध्यक्ष मोहिउद्दीन, कैप्टन गुलशाद अहमद, फजलुर्रहमान, अमर सिंह, शमशाद, प्रमोद सिंह, राकेश श्रीवास्तव और जिलाध्यक्ष मोईनुद्दीन उपस्थित रहे।
- फतेहपुर जनपद के राधानगर थाना क्षेत्र में पुलिस द्वारा एक किन्नर को गिरफ्तार किए जाने के विरोध में करीब एक दर्जन किन्नरों ने थाने के सामने प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दी। अचानक हुए इस प्रदर्शन के कारण मार्ग पर वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं और आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने और जाम खुलवाने का प्रयास किया, लेकिन श्रेया गुट के किन्नर सड़क से हटने को तैयार नहीं हुए, जिससे मौके पर स्थिति तनावपूर्ण बनी रही। समाचार लिखे जाने तक सड़क जाम जारी था और पुलिस बल मुस्तैदी से डटा हुआ था। प्रशासन मामले को शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने के लिए लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।2
- फतेहपुर में एक पीड़ित महिला ने फतेहपुर के पुलिस अधीक्षक के पास पहुंचकर अपनी शिकायत दर्ज कराई है।1
- उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के थरियाव थाना क्षेत्र के मीसा गांव में जल जीवन मिशन के तहत बनी पानी की टंकी एक बार फिर चोरों का निशाना बन गई है। यहाँ अज्ञात चोरों ने टंकी पर लगे 11 सोलर पैनल उखाड़ लिए। हालांकि, चोर इन पैनलों को अपने साथ ले जाने में असफल रहे और उन्हें पास के ही एक बाग में छोड़कर भाग गए, जहां से ग्रामीणों ने इन्हें बरामद कर लिया है। इस घटना को लेकर स्थानीय ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है, क्योंकि पिछले 19 दिनों के भीतर यह दूसरी ऐसी वारदात है। लगातार दूसरी बार हुई इस चोरी की कोशिश ने सरकारी संपत्तियों की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कार्रवाई पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- रायबरेली के डलमऊ गंगा पुल पर प्रशासन की लापरवाही के कारण भीषण जाम लग गया है। इस यातायात जाम की वजह से वहाँ से आने-जाने वाले राहगीरों और सभी वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पुल पर लगा यह लंबा जाम लगभग एक से दो किलोमीटर तक फैल गया है, जिससे वाहन पूरी तरह से थमे हुए हैं। इस बड़ी आफत की मुख्य वजह सड़कों पर दौड़ रहे ओवरलोड डंफर हैं, जिनकी वजह से आम लोगों को काफी दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। इस पूरी अव्यवस्था को लेकर अब प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर क्या वजह है जिसके चलते जनता को इतने लंबे जाम का सामना करना पड़ रहा है।1
- रायबरेली के हरचंदपुर विधानसभा क्षेत्र में जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का भव्य स्वागत किया गया। इस स्वागत कार्यक्रम का नेतृत्व समाजवादी पार्टी के विधायक राहुल लोधी ने किया, जिसमें बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक राहुल लोधी ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा और राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी हुई है तो उसकी पारदर्शी जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। इसके साथ ही, उन्होंने हरचंदपुर के पूर्व विधायक की कार्यशैली और क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों पर भी सवाल उठाए। इस अवसर पर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने गौ संरक्षण का संदेश देते हुए कहा कि वे उत्तर प्रदेश की सभी विधानसभाओं का दौरा कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा दिलाने के लिए जनसमर्थन जुटाना और लोगों को इस अभियान से जोड़ना है। कार्यक्रम के दौरान धार्मिक और सामाजिक विषयों के साथ-साथ क्षेत्रीय विकास व जनहित के मुद्दों पर भी चर्चा हुई, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और समर्थकों की उपस्थिति से माहौल बेहद उत्साहपूर्ण रहा।1
- रायबरेली के साकेत नगर में सुमित बेकरी प्वाइंट से शशिकेश सिंह के घर तक इंटरलॉकिंग सड़क के निर्माण कार्य का शुभारम्भ हो गया है। सदर विधायक श्रीमती अदिति सिंह ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में त्वरित आर्थिक विकास योजना के अंतर्गत स्वीकृत ₹25.45 लाख की धनराशि से इस निर्माण कार्य का शुभारम्भ विधि-विधान और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भूमि पूजन करके किया। इस सड़क के बनने से क्षेत्रवासियों के लिए आवागमन बेहद सुलभ हो जाएगा। इस अवसर पर विधायक श्रीमती अदिति सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार नागरिकों को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। इस सड़क के निर्माण से स्थानीय लोगों को बरसात के समय होने वाली समस्याओं से काफी हद तक राहत मिलेगी। विधायक ने संबंधित कार्यदायी संस्था को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य में निर्धारित गुणवत्ता मानकों का पालन करते हुए इसे समयबद्ध रूप से पूरा कराया जाए। सड़क निर्माण कार्य शुरू होने से उत्साहित क्षेत्रीय नागरिकों ने खुशी व्यक्त करते हुए विधायक का आभार जताया है।4
- रायबरेली के ऊंचाहार नगर पंचायत वार्ड नंबर 1 में बस स्टॉप से रेलवे स्टेशन तक लाखों की लागत से बने नाले के निर्माण ने भ्रष्टाचार की पोल खोल दी है। इस पूरे मामले में भ्रष्टाचार उजागर होने के बाद भी नगर पंचायत अध्यक्ष ममता जायसवाल द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है, जिससे लोगों में नाराजगी है। ऊंचाहार नगर के बस स्टैंड से रेलवे स्टेशन तक की यह सड़क अत्यंत जर्जर और दयनीय स्थिति में पहुंच चुकी है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं और बरसात का पानी भरने से आए दिन लोग इसमें गिरकर घायल हो रहे हैं, जिससे यात्रियों और स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विशेष रूप से जीसस मेरी पब्लिक स्कूल के सामने सड़क की स्थिति बहुत गंभीर है, जहां कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इस जनमानस की समस्या को देखते हुए सभासद शैलेष गुप्ता ने अधिशाषी अभियन्ता को अपने लेटर पैड पर पत्र लिखकर इस जर्जर सड़क को तुरंत बनाने की मांग की है।2
- रायबरेली जिले के ऊंचाहार तहसील क्षेत्र के निगोहां सहित कई गांवों में 'एक पेड़ माँ के नाम' योजना के तहत वृक्षा रोपण किया गया। यह कार्य उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दिशा-निर्देशन में पर्यावरण को शुद्ध बनाए रखने, शुद्ध हवा देने और फैलते प्रदूषण की रोकथाम के लिए किया जा रही पहल का हिस्सा है। इसी क्रम में 12 जुलाई दिन रविवार को दोपहर करीब 12 बजे निगोहां गांव के ग्राम प्रधान ने पेड़ लगाकर समाज को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर ग्राम प्रधान आशीष तिवारी और ब्लॉक सचिव सहित अन्य लोग मौजूद रहे। ग्राम प्रधान ने कहा कि ऊंचाहार क्षेत्र के हर गांव में वृक्षा रोपण का कार्य किया जाना है, जिससे आने वाले समय में प्रदूषण से निजात मिल सके और लोगों को शुद्ध हवा मिल सके।1
- फतेहपुर के गाजीपुर थाना क्षेत्र के सुकेती गांव में 12 जुलाई रविवार को 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से एक बड़ा हादसा हो गया। गांव निवासी अयूब खान के पुत्र वकील की करीब 1.20 लाख रुपये कीमत की दुधारू भैंस घास के मैदान में चर रही थी। इसी दौरान जमीन पर गिरे हाईटेंशन तार की चपेट में आने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। अपनी भैंस को बचाने के लिए दौड़े दो सगे भाई इस्लाम और इरशाद भी करंट की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से झुलस गए। चीख-पुकार सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने सूझबूझ दिखाते हुए दोनों भाइयों को करंट से बाहर निकाला और तत्काल गाजीपुर के सरकारी अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज चल रहा है। इस घटना के बाद से गांव में बिजली विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि यह जर्जर हाईटेंशन तार पहले से ही टूटा हुआ पड़ा था, लेकिन बिजली विभाग ने इसे ठीक नहीं कराया, जिसके कारण यह हादसा हुआ। पीड़ित वकील कुरैशी ने इस मामले को लेकर गाजीपुर थाने में तहरीर दी है, जिसमें उन्होंने दोषी विद्युत कर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और भैंस की मौत व घायलों के इलाज के लिए उचित मुआवजे की मांग की है। पुलिस ने तहरीर लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।1