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अनुराग ढांडा ने मोदी से सीधा सवाल किया है। उन्होंने पूछा है कि अयोध्या राम मंदिर के चंदा चोरों को क्यों बचाया जा रहा है।
10 News Network
अनुराग ढांडा ने मोदी से सीधा सवाल किया है। उन्होंने पूछा है कि अयोध्या राम मंदिर के चंदा चोरों को क्यों बचाया जा रहा है।
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- Post by रवि मौर्या राज वंश1
- Post by 10 News Network1
- पश्चिमी दिल्ली के झबोला ग्राम पंचायत में प्रधान अशोक कुमार ने नवगठित पंचायत सदस्यों को पद की शपथ दिलाई। इस अवसर पर प्रसिद्ध समाजसेवी और महासचिव मोहिन्दर सिंह डोगरा ने सभी पंचायत सदस्यों को बधाई दी और अपनी शुभकामनाएं व्यक्त कीं। डोगरा ने नई पंचायत कमेटी को निष्पक्ष रूप से अपने कर्तव्य का निर्वहन करने का महत्वपूर्ण सुझाव भी दिया।1
- यह संदेश भगवान श्री तिरुपति बालाजी महाराज की जय का उद्घोष करता है, जिसमें भक्तों को उनके दर्शन करने और उनका आशीर्वाद प्राप्त करने का आह्वान किया गया है।1
- भारतीय जन क्रान्ति सेना (BJKS) ने संपूर्ण भारत के नागरिकों से 'राष्ट्र धर्म' निभाने और देश तथा प्रदेश को बचाने के अपने अभियान से जुड़ने की अपील की है। संगठन का नेतृत्व लोगों को इस मुहिम में शामिल होने के लिए प्रेरित कर रहा है। जो लोग इस 'जन क्रान्ति सेना' से जुड़ना चाहते हैं, वे दिए गए WhatsApp नंबर 9335966755 पर 'BJKS Join' लिखकर संपर्क कर सकते हैं।1
- नोएडा के फेस 2 स्थित इलाहाबास गाँव के सेक्टर 86 में एक आवारा गाय को छत पर घूमते हुए देखा गया है। यह घटना क्षेत्र में आवारा पशुओं की चिंताजनक स्थिति को उजागर करती है, जहाँ ऐसी गायें अक्सर सड़कों पर घूमती रहती हैं।1
- दिल्ली पुलिस की आउटर-नॉर्थ AATS टीम ने एक मुठभेड़ के बाद 39 आपराधिक मामलों में शामिल एक झपटमार को गिरफ़्तार किया है। यह कार्रवाई तब की गई जब पुलिस टीम को जानकारी मिली कि ज़मानत पर जेल से छूटा यह अपराधी रात में झपटमारी और लूट की वारदातें करता है। इस जानकारी के आधार पर, पुलिस टीम ने अपराधी को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। जब पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की, तो अपराधी ने पुलिस टीम पर गोली चला दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी, जिसके बाद उसे पकड़ लिया गया। अपराधी के पास से एक चोरी की मोटरसाइकिल भी बरामद की गई है।1
- पानीपत के कुटाइन रोड पर दो-तीन महीने पहले ही एक चमचमाती और मजबूत आरसीसी सड़क का निर्माण किया गया था, जिससे जनता बेहद खुश थी कि उन्हें गड्ढों से मुक्ति मिल गई है। लेकिन अब इस बनी-बनाई सड़क को पूरी तरह से फिर से फाड़ दिया गया है। सड़क को दोबारा खोदने का कारण यह बताया गया है कि अब अधिकारियों को याद आया है कि सड़क के नीचे सीवर पाइप भी डालने थे। इस कार्यप्रणाली पर प्रशासन से सीधा सवाल किया गया है कि क्या सीवर पाइप डालने की योजना सड़क बनने से पहले नहीं बनाई जा सकती थी। इस पर गहरा रोष व्यक्त किया जा रहा है कि पहले सड़क बनाई गई, फिर उसे खोद दिया गया और अब जनता को धूल तथा गड्ढों के हवाले छोड़ दिया गया है। इस पूरे घटनाक्रम पर यह तीखा सवाल उठाया जा रहा है कि आखिर यह कैसा इंजीनियरिंग का दिमाग है और किस प्रकार का विकास है, जहाँ पहले एक मजबूत सड़क बनाई जाती है और कुछ ही समय बाद उसे पूरी तरह से बर्बाद कर दिया जाता है।1