*रक्षा मंत्री ने पहली बार त्रि-सेवा पूर्ण महिला समुद्री यात्रा अभियान को पूरा करने पर आईएएसवी त्रिवेनी के चालक दल को सम्मानित किया* *समुद्र प्रदक्षिणा तीनों सेनाओं की एकता और नारी शक्ति का प्रमाण है, यह हर भारतीय को प्रेरित करेगी: श्री राजनाथ सिंह* मनोज शर्मा,चंडीगढ़ : 30 जुलाई 2026 । रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 30 जुलाई, 2026 को तीनों सेनाओं की नौ महिला अधिकारियों को सम्मानित किया,जो भारतीय सेना के नौकायन पोत (आईएएसवी) त्रिवेनी से प्रथम त्रि-सेवा पूर्ण महिला समुद्री यात्रा 'समुद्र प्रदक्षिणा' को सफलतापूर्वक पूरा करके घर लौटी हैं। नई दिल्ली में इन महिला अधिकारियों से बातचीत करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने चार महासागरों में लगभग 25,500 समुद्री मील की 314 दिनों की यात्रा को सफलतापूर्वक पूरा करने में टीम के साहस और दृढ़ संकल्प की प्रशंसा की। उन्होंने इस अभियान को नारी शक्ति का प्रमाण और तीनों सेना की एकता तथा उनमें तालमेल का उत्कृष्ट उदाहरण बताया, जो प्रत्येक भारतीय को प्रेरित करेगा। महिला अधिकारियों ने राजनाथ सिंह के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इस अभियान की चुनौतीपूर्ण प्रकृति ने यात्रा को यादगार और फलदायी बनाया। उन्होंने कहा कि राष्ट्र को गौरवान्वित करने की उनकी अटूट प्रतिबद्धता ने उन्हें प्रेरित रखा और उन्हें शारीरिक तथा मानसिक चुनौतियों का सामना करने में सक्षम बनाया। रक्षा मंत्री ने कहा कि उनके समर्पण ने उन्हें प्रेरित किया और उनके स्वयं के संकल्प को और मजबूत किया। उन्होंने आगे कहा कि उनकी उपलब्धि यह दर्शाती है कि दृढ़ विश्वास और संकल्प जीवन में किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने में कैसे सहायक हो सकते हैं। राजनाथ सिंह ने इन अधिकारियों की क्षमता और आत्मविश्वास को "अविश्वसनीय" बताते हुए कहा कि 'समुद्र प्रदक्षिणा' की सफल समाप्ति ने उन रूढ़ियों को तोड़ दिया है जिनमें कहा जाता था कि महिलाएं कठिन सैन्य अभियानों को अंजाम नहीं दे सकतीं। उन्होंने अधिकारियों से कहा, "आपने यह साबित कर दिया है कि शारीरिक क्षमता,मानसिक दृढ़ता और नेतृत्व क्षमता महिला-पुरूष भेद से परे हैं। भारत की हर बेटी आपको देखकर यह विश्वास कर सकती है कि वह भी समुद्र पार कर दुनिया को जीत सकती है।" रक्षा मंत्री ने इस अभियान को 'त्रि-सेवा एकता' का एक उत्कृष्ट उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना, भारतीय नौसेना और भारतीय वायु सेना के अधिकारी एक ही ध्वज के नीचे एक ही पोत पर एक साझा मिशन को पूरा करने के लिए एक साथ रवाना हुए।” उन्होंने आगे कहा, “यह अभियान इस बात का प्रमाण है कि यदि हम साथ मिलकर आगे बढ़ें तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।” राजनाथ सिंह ने भारत की इंजीनियरिंग उत्कृष्टता,स्वदेशी क्षमताओं और तकनीकी प्रगति को उन देशों में प्रदर्शित करने के लिए टीम की सराहना की, जहां उन्होंने दौरा किया। उन्होंने कहा कि "आपने दुनिया को यह संदेश दिया कि भारत किसी भी क्षेत्र में किसी से कम नहीं है।" इस संवाद के दौरान सेना प्रमुख जनरल धीरज सेठ, रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह,वायुसेना के उप प्रमुख एयर मार्शल आशुतोष दीक्षित,नौसेना के उप प्रमुख वाइस एडमिरल अजय कोचर और तीनों सेनाओं के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। रक्षा मंत्री ने 22 जुलाई, 2026 को मुंबई में आगमन पर आईएएसवी त्रिवेनी की टीम का वर्चुअल रूप से स्वागत किया। उन्होंने 11 सितंबर, 2025 को आईएएसवी त्रिवेनी की टीम को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने के कार्यक्रम में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया था। इस मिशन की सफलता सावधानीपूर्वक योजना, लगभग दो वर्षों के गहन प्रशिक्षण, चौबीसों घंटे चलने वाले तट-आधारित समर्पित सहायता नेटवर्क और अनेक संगठनों एवं सहायक एजेंसियों की अटूट प्रतिबद्धता के कारण संभव हो पाई। इस अभियान ने देशांतर की सभी रेखाओं को पार करके, भूमध्य रेखा को दो बार पार करके, अंतर्राष्ट्रीय तिथि रेखा को पार करके और तीन महान केपों - केप लीउविन, केप हॉर्न और केप ऑफ गुड होप - का चक्कर लगाकर विश्व भ्रमण के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सभी मानदंडों को सफलतापूर्वक पूरा किया। दुर्गम ड्रेक पैसेज को सफलतापूर्वक पार करने और केप हॉर्न का चक्कर लगाने से चालक दल को केप हॉर्नर्स के प्रतिष्ठित समुदाय की सदस्यता प्राप्त हुई, यह सम्मान उन नाविकों के लिए आरक्षित है जो दुनिया के सबसे कठिन समुद्री मार्गों में से एक को पार करते हैं। अपनी उल्लेखनीय समुद्री उपलब्धि के अलावा, 'समुद्र प्रदक्षिणा' ने सैन्य कूटनीति के एक शक्तिशाली साधन के रूप में भी कार्य किया। विश्व भर के बंदरगाहों पर अपनी यात्राओं के दौरान, आईएएसवी त्रिवेनी ने भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, समुद्री परंपराओं, सैन्य व्यावसायिकता और चिरस्थायी मूल्यों का प्रदर्शन करते हुए मित्र देशों के साथ सद्भावना को मजबूत किया।
*रक्षा मंत्री ने पहली बार त्रि-सेवा पूर्ण महिला समुद्री यात्रा अभियान को पूरा करने पर आईएएसवी त्रिवेनी के चालक दल को सम्मानित किया* *समुद्र प्रदक्षिणा तीनों सेनाओं की एकता और नारी शक्ति का प्रमाण है, यह हर भारतीय को प्रेरित करेगी: श्री राजनाथ सिंह* मनोज शर्मा,चंडीगढ़ : 30 जुलाई 2026 । रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 30 जुलाई, 2026 को तीनों सेनाओं की नौ महिला अधिकारियों को सम्मानित किया,जो भारतीय सेना के नौकायन पोत (आईएएसवी) त्रिवेनी से प्रथम त्रि-सेवा पूर्ण महिला समुद्री यात्रा 'समुद्र प्रदक्षिणा' को सफलतापूर्वक पूरा करके घर लौटी हैं। नई दिल्ली में इन महिला अधिकारियों से बातचीत करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने चार महासागरों में लगभग 25,500 समुद्री मील की 314 दिनों की यात्रा को सफलतापूर्वक पूरा करने में टीम के साहस और दृढ़ संकल्प की प्रशंसा की। उन्होंने इस अभियान को नारी शक्ति का प्रमाण और तीनों सेना की एकता तथा उनमें तालमेल का उत्कृष्ट उदाहरण बताया, जो प्रत्येक भारतीय को प्रेरित करेगा। महिला अधिकारियों ने राजनाथ सिंह के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इस अभियान की चुनौतीपूर्ण प्रकृति ने यात्रा को यादगार और फलदायी बनाया। उन्होंने कहा
कि राष्ट्र को गौरवान्वित करने की उनकी अटूट प्रतिबद्धता ने उन्हें प्रेरित रखा और उन्हें शारीरिक तथा मानसिक चुनौतियों का सामना करने में सक्षम बनाया। रक्षा मंत्री ने कहा कि उनके समर्पण ने उन्हें प्रेरित किया और उनके स्वयं के संकल्प को और मजबूत किया। उन्होंने आगे कहा कि उनकी उपलब्धि यह दर्शाती है कि दृढ़ विश्वास और संकल्प जीवन में किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने में कैसे सहायक हो सकते हैं। राजनाथ सिंह ने इन अधिकारियों की क्षमता और आत्मविश्वास को "अविश्वसनीय" बताते हुए कहा कि 'समुद्र प्रदक्षिणा' की सफल समाप्ति ने उन रूढ़ियों को तोड़ दिया है जिनमें कहा जाता था कि महिलाएं कठिन सैन्य अभियानों को अंजाम नहीं दे सकतीं। उन्होंने अधिकारियों से कहा, "आपने यह साबित कर दिया है कि शारीरिक क्षमता,मानसिक दृढ़ता और नेतृत्व क्षमता महिला-पुरूष भेद से परे हैं। भारत की हर बेटी आपको देखकर यह विश्वास कर सकती है कि वह भी समुद्र पार कर दुनिया को जीत सकती है।" रक्षा मंत्री ने इस अभियान को 'त्रि-सेवा एकता' का एक उत्कृष्ट उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना, भारतीय नौसेना और भारतीय वायु सेना के अधिकारी
एक ही ध्वज के नीचे एक ही पोत पर एक साझा मिशन को पूरा करने के लिए एक साथ रवाना हुए।” उन्होंने आगे कहा, “यह अभियान इस बात का प्रमाण है कि यदि हम साथ मिलकर आगे बढ़ें तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।” राजनाथ सिंह ने भारत की इंजीनियरिंग उत्कृष्टता,स्वदेशी क्षमताओं और तकनीकी प्रगति को उन देशों में प्रदर्शित करने के लिए टीम की सराहना की, जहां उन्होंने दौरा किया। उन्होंने कहा कि "आपने दुनिया को यह संदेश दिया कि भारत किसी भी क्षेत्र में किसी से कम नहीं है।" इस संवाद के दौरान सेना प्रमुख जनरल धीरज सेठ, रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह,वायुसेना के उप प्रमुख एयर मार्शल आशुतोष दीक्षित,नौसेना के उप प्रमुख वाइस एडमिरल अजय कोचर और तीनों सेनाओं के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। रक्षा मंत्री ने 22 जुलाई, 2026 को मुंबई में आगमन पर आईएएसवी त्रिवेनी की टीम का वर्चुअल रूप से स्वागत किया। उन्होंने 11 सितंबर, 2025 को आईएएसवी त्रिवेनी की टीम को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने के कार्यक्रम में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया था। इस मिशन की सफलता सावधानीपूर्वक योजना, लगभग दो वर्षों के
गहन प्रशिक्षण, चौबीसों घंटे चलने वाले तट-आधारित समर्पित सहायता नेटवर्क और अनेक संगठनों एवं सहायक एजेंसियों की अटूट प्रतिबद्धता के कारण संभव हो पाई। इस अभियान ने देशांतर की सभी रेखाओं को पार करके, भूमध्य रेखा को दो बार पार करके, अंतर्राष्ट्रीय तिथि रेखा को पार करके और तीन महान केपों - केप लीउविन, केप हॉर्न और केप ऑफ गुड होप - का चक्कर लगाकर विश्व भ्रमण के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सभी मानदंडों को सफलतापूर्वक पूरा किया। दुर्गम ड्रेक पैसेज को सफलतापूर्वक पार करने और केप हॉर्न का चक्कर लगाने से चालक दल को केप हॉर्नर्स के प्रतिष्ठित समुदाय की सदस्यता प्राप्त हुई, यह सम्मान उन नाविकों के लिए आरक्षित है जो दुनिया के सबसे कठिन समुद्री मार्गों में से एक को पार करते हैं। अपनी उल्लेखनीय समुद्री उपलब्धि के अलावा, 'समुद्र प्रदक्षिणा' ने सैन्य कूटनीति के एक शक्तिशाली साधन के रूप में भी कार्य किया। विश्व भर के बंदरगाहों पर अपनी यात्राओं के दौरान, आईएएसवी त्रिवेनी ने भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, समुद्री परंपराओं, सैन्य व्यावसायिकता और चिरस्थायी मूल्यों का प्रदर्शन करते हुए मित्र देशों के साथ सद्भावना को मजबूत किया।
- *ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਦੇ ਸਮਰਥਨ ਵਿੱਚ ਸਾਹਮਣੇ ਆਏ, ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀਆਂ ਮੰਗਾਂ ਪੂਰੀਆਂ ਕਰਨ ਲਈ ਹਰ ਸੰਭਵ ਸਹਾਇਤਾ ਦਾ ਭਰੋਸਾ ਦਿੱਤਾ* *ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਦੇ ਸਮਰਥਨ ਵਿੱਚ ਸਾਹਮਣੇ ਆਏ, ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀਆਂ ਮੰਗਾਂ ਪੂਰੀਆਂ ਕਰਨ ਲਈ ਹਰ ਸੰਭਵ ਸਹਾਇਤਾ ਦਾ ਭਰੋਸਾ ਦਿੱਤਾ* ਜ਼ੀਰਕਪੁਰ, 31 ਜੁਲਾਈ, ਭਾਵਨਾ ਚੌਧਰੀ: ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਨੇ ਜ਼ੀਰਕਪੁਰ ਵਿੱਚ ਨਗਰ ਕੌਂਸਲ (ਐਮ.ਸੀ.) ਦਫ਼ਤਰ ਵਿਖੇ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕਰ ਰਹੇ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਨਾਲ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀਆਂ ਜਾਇਜ਼ ਮੰਗਾਂ 'ਤੇ ਜ਼ੋਰ ਦਿੱਤਾ। ਉਹ ਵਿਰੋਧ ਸਥਾਨ 'ਤੇ ਬੈਠੇ ਅਤੇ ਮਜ਼ਦੂਰਾਂ ਦੀਆਂ ਚਿੰਤਾਵਾਂ ਨੂੰ ਪੂਰੀ ਗੰਭੀਰਤਾ ਨਾਲ ਸੁਣਿਆ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਦ੍ਰਿਸ਼ਟੀਕੋਣ ਨੂੰ ਸਮਝਿਆ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੇ ਮਜ਼ਦੂਰਾਂ ਨੂੰ ਆਪਣੇ ਪੂਰੇ ਸਮਰਥਨ ਦਾ ਭਰੋਸਾ ਦਿੱਤਾ। ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਨੂੰ ਸੰਬੋਧਨ ਕਰਦੇ ਹੋਏ, ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਨੇ ਸਪੱਸ਼ਟ ਤੌਰ 'ਤੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਉਹ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਅਧਿਕਾਰਾਂ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀਆਂ ਜਾਇਜ਼ ਮੰਗਾਂ ਦੀ ਪੂਰਤੀ ਲਈ ਜੋ ਵੀ ਜ਼ਰੂਰੀ ਯਤਨ ਕਰਨ, ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਨਾਲ ਪੂਰੀ ਵਚਨਬੱਧਤਾ ਨਾਲ ਖੜ੍ਹੇ ਰਹਿਣਗੇ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਕਿਸੇ ਵੀ ਪੱਧਰ 'ਤੇ ਬੇਇਨਸਾਫ਼ੀ ਬਰਦਾਸ਼ਤ ਨਹੀਂ ਕੀਤੀ ਜਾਵੇਗੀ। ਇਸ ਮੁਸ਼ਕਲ ਸਮੇਂ ਦੌਰਾਨ, ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਦੀ ਮੌਜੂਦਗੀ ਨੇ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕਰ ਰਹੇ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਵਿੱਚ ਉਮੀਦ ਅਤੇ ਵਿਸ਼ਵਾਸ ਦੀ ਇੱਕ ਨਵੀਂ ਕਿਰਨ ਲਿਆਂਦੀ। ਸਾਰੇ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਨੇ ਸਰਦਾਰ ਗੁਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿੰਘ ਸੈਣੀ ਜੀ ਦਾ ਇਸ ਮੁਸ਼ਕਲ ਸਮੇਂ ਵਿੱਚ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਨਾਲ ਖੜ੍ਹੇ ਹੋਣ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਮਨੋਬਲ ਵਧਾਉਣ ਲਈ ਦਿਲੋਂ ਧੰਨਵਾਦ ਕੀਤਾ।4
- ਛੱਤੀਸਗੜ੍ਹ ਦੇ ਸਾਬਕਾ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਭੂਪੇਸ਼ ਬਘੇਲ ਨੇ ਆਪਣੇ ਪੰਜਾਬ ਦੌਰੇ ਦੇ ਪਹਿਲੇ ਦਿਨ ਫ਼ਤਿਹਗੜ੍ਹ ਸਾਹਿਬ ਦੇ ਸਰਹਿੰਦ ਵਿਖੇ ਪਹੁੰਚ ਕੇ ਪਾਰਟੀ ਵਰਕਰਾਂ ਵਿੱਚ ਨਵਾਂ ਜੋਸ਼ ਭਰਿਆ ਪੰਜਾਬ ਕਾਂਗਰਸ ਦੇ ਨਵੇਂ ਇੰਚਾਰਜ ਅਤੇ ਛੱਤੀਸਗੜ੍ਹ ਦੇ ਸਾਬਕਾ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਭੂਪੇਸ਼ ਬਘੇਲ ਨੇ ਆਪਣੇ ਪੰਜਾਬ ਦੌਰੇ ਦੇ ਪਹਿਲੇ ਦਿਨ ਫ਼ਤਿਹਗੜ੍ਹ ਸਾਹਿਬ ਦੇ ਸਰਹਿੰਦ ਵਿਖੇ ਪਹੁੰਚ ਕੇ ਪਾਰਟੀ ਵਰਕਰਾਂ ਵਿੱਚ ਨਵਾਂ ਜੋਸ਼ ਭਰਿਆ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਸਾਬਕਾ ਵਿਧਾਇਕ ਕੁਲਜੀਤ ਸਿੰਘ ਨਾਗਰਾ ਦੀ ਯੋਗ ਅਗਵਾਈ ਹੇਠ ਰੱਖੀ ਗਈ ਮੀਟਿੰਗ ਨੇ ਦੇਖਦੇ ਹੀ ਦੇਖਦੇ ਇੱਕ ਵਿਸ਼ਾਲ ਰੈਲੀ ਦਾ ਰੂਪ ਧਾਰ ਲਿਆ, ਜਿਸ ਵਿੱਚ ਜ਼ਿਲ੍ਹੇ ਭਰ ਤੋਂ ਵੱਡੀ ਗਿਣਤੀ ਵਿੱਚ ਕਾਂਗਰਸੀ ਵਰਕਰਾਂ ਨੇ ਸ਼ਮੂਲੀਅਤ ਕੀਤੀ।1
- ਦੋਰਾਹਾ ਦੇ ਨੇੜਲੇ ਪਿੰਡ ਅਜਨੋਦ ਵਿਖੇ ਕਰਵਾਇਆ ਗਿਆ ਤੀਆਂ ਦਾ ਮੇਲਾ ਪਿੰਡ ਦੀਆਂ ਮੁਟਿਆਰਾਂ ਨੇ ਲੋਕ ਗੀਤਾਂ ਤੇ ਪਾਈਆਂ ਧੂਮਾਂ ਦੋਰਾਹਾ ਦੇ ਨੇੜਲੇ ਪਿੰਡ ਅਜਨੋਦ ਵਿਖੇ ਕਰਵਾਇਆ ਗਿਆ ਤੀਆਂ ਦਾ ਮੇਲਾ ਪਿੰਡ ਦੀਆਂ ਮੁਟਿਆਰਾਂ ਨੇ ਲੋਕ ਗੀਤਾਂ ਤੇ ਪਾਈਆਂ ਧੂਮਾਂ1
- ਬ੍ਰਾਹਮਣ ਸਭਾ ਵਲੋਂ ਸਫ਼ਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਦੀ ਹੜਤਾਲ ਦਾ ਕੀਤਾ ਸਮਰਥਨ। ਗੜ੍ਹਸ਼ੰਕਰ (ਅਸ਼ਵਨੀ ਸ਼ਰਮਾ) ਬਰਨਾਲਾ ਵਿਖੇ ਪੁਲਿਸ ਵਲੋਂ ਸਫ਼ਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਤੇ ਕੀਤੇ ਤਸ਼ੱਦਦ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਸਾਰੇ ਪਾਸੇ ਵਿਰੋਧ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕੀਤੇ ਜਾ ਰਹੇ ਹਨ। ਬ੍ਰਾਹਮਣ ਸਭਾ ਵਲੋਂ ਮਾਸਟਰ ਪਵਨ ਸ਼ਰਮਾ ਨੇ ਸਫਾਈ ਕਰਮਚਾਰੀਆਂ ਦੀਆਂ ਮੰਗਾਂ ਨੂੰ ਲੈਕੇ ਉਹਨਾਂ ਦਾ ਹਰ ਤਰਾਂ ਦੀ ਮਦਦ ਕਰਨ ਦਾ ਐਲਾਨ ਕੀਤਾ।1
- ਸੁਣੋਂ – ਸੁਖਬੀਰ ਸਿੰਘ ਬਾਦਲ ਨੇ ਬਰਨਾਲਾ ਵਿਖੇ ਸਫ਼ਾਈ ਕਰਮੀਆਂ ਉੱਪਰ ਹੋਏ ਲਾਠੀ ਚਾਰਜ ਦੇ ਮਾਮਲੇ ਵਿੱਚ ਪੰਜਾਬ ਸਰਕਾਰ ਨੂੰ ਘੇਰਦਿਆਂ ਕੀ ਕਿਹਾ.... ਸੁਣੋਂ – ਸੁਖਬੀਰ ਸਿੰਘ ਬਾਦਲ ਨੇ ਬਰਨਾਲਾ ਵਿਖੇ ਸਫ਼ਾਈ ਕਰਮੀਆਂ ਉੱਪਰ ਹੋਏ ਲਾਠੀ ਚਾਰਜ ਦੇ ਮਾਮਲੇ ਵਿੱਚ ਪੰਜਾਬ ਸਰਕਾਰ ਨੂੰ ਘੇਰਦਿਆਂ ਕੀ ਕਿਹਾ.... #barnalacase #SukhbirSinghBadal #ShiromaniAkaliDal #punjabkhabar24 #PunjabNews #PunjabPolice #AamAdmiParty1
- ਬਲੱਡ ਗਰੁੱਪ ਨਾ ਮਿਲਣ ਦੇ ਬਾਵਜੂਦ ਸਫਲ ਕਿਡਨੀ ਟ੍ਰਾਂਸਪਲਾਂਟ,ਨਵੀਂ ਤਕਨੀਕ ਨਾਲ ਇਲਾਜ ਕਰਵਾ ਮਰੀਜ਼ ਨੂੰ ਮਿਲਿਆ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦਾ ਦੂਜਾ ਮੌਕਾ1
- ਨੀਟ ਪਾਸ ਕਰਨ ਵਾਲੇ ਹੁਸ਼ਿਆਰਪੁਰ ਦੇ ਇਰਫਾਨ ਖਾਨ ਦਾ ਸਮਾਜ ਸੇਵੀ ਅਤੇ ਡਾਕਟਰਾਂ ਵੱਲੋਂ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਸਨਮਾਨ ਪਿਤਾ ਨੇ ਸਬਜ਼ੀ ਵੇਚ ਕੇ ਪੁੱਤਰ ਨੂੰ ਪੜ੍ਹਾਇਆ -ਪੁਰੀ ਮੁੱਲਾਂਪੁਰ ਗਰੀਬਦਾਸ ਨਿਊ ਚੰਡੀਗੜ੍ਹ ਦੇ ਪਿੰਡ ਹੁਸ਼ਿਆਰਪੁਰ ਦੇ ਨੌਜਵਾਨ ਇਰਫਾਨ ਖਾਨ ਨੇ ਨੀਟ ਦਾ ਪੇਪਰ ਕਲੀਅਰ ਕਰਕੇ ਪੂਰੇ ਇਲਾਕੇ ਦਾ ਨਾਮ ਰੌਸ਼ਨ ਕੀਤਾ ਹੈ। ਇਰਫਾਨ ਦੀ ਇਸ ਵੱਡੀ ਪ੍ਰਾਪਤੀ 'ਤੇ ਇਲਾਕੇ 'ਚ ਖੁਸ਼ੀ ਦਾ ਮਾਹੌਲ ਹੈ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਸਮਾਜ ਸੇਵੀ ਪੂਰੀ ਟਰਸਟ ਦੇ ਚੇਅਰਮੈਨ ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਅਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਪਿਤਾ ਸ੍ਰੀ ਦੁਆਰਕਾ ਦਾਸਪੁਰੀ (95) ਜੇਰੇ ਇਲਾਜ ਨੇ ਇਰਫਾਨ ਖਾਨ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਪਿਤਾ ਜੁਮਾ ਖਾਨ ਨੂੰ ਵਿਸ਼ੇਸ਼ ਤੌਰ 'ਤੇ ਸਨਮਾਨਿਤ ਕੀਤਾ। ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਇਰਫਾਨ ਨੇ ਨਾ ਸਿਰਫ਼ ਨੀਟ ਪਾਸ ਕੀਤਾ, ਸਗੋਂ ਪੰਜਾਬ ਭਰ 'ਚੋਂ 5ਵਾਂ ਅਤੇ ਭਾਰਤ ਭਰ 'ਚੋਂ 3500ਵਾਂ ਰੈਂਕ ਹਾਸਿਲ ਕਰਕੇ ਇਲਾਕੇ ਦਾ ਮਾਣ ਵਧਾਇਆ ਹੈ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਡਾਕਟਰ ਹਰਸਿਮਰਨ ਸਿੰਘ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਲੈਂਡਮਾਰਕ ਹੋਸਪਿਟਲ ਅਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੀ ਟੀਮ ਅਤੇ ਡਾ. ਅਸੀਸ ਗੁਲੀਆ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਕੇ ਹੋਮੀ ਭਾਭਾ ਟਾਟਾ ਕੈਂਸਰ ਹੋਸਪਿਟਲ ਵੱਲੋਂ ਇਫਰਾਨ ਨੂੰ ਮੁਬਾਰਕਾ ਦਿੰਦੇ ਹੋਏ ਸਨਮਾਨਿਤ ਕੀਤਾ ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਨੇ ਇਹ ਵੀ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਇਸ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਇਰਫਾਨ ਦੀ ਭੈਣ ਨੇ ਵੀ ਨੀਟ ਦਾ ਪੇਪਰ ਕਲੀਅਰ ਕੀਤਾ ਸੀ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਹ ਪੂਰਾ ਪਰਿਵਾਰ ਹੀ ਮਿਹਨਤ ਅਤੇ ਲਗਨ ਦੀ ਮਿਸਾਲ ਹੈ। ਇੱਕ ਘਰ 'ਚੋਂ ਦੋ ਡਾਕਟਰ ਬਣਨ ਜਾ ਰਹੇ ਹਨ, ਇਹ ਇਲਾਕੇ ਲਈ ਮਾਣ ਵਾਲੀ ਗੱਲ ਹੈ। ਸਨਮਾਨ ਸਮਾਰੋਹ ਦੌਰਾਨ ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਨੇ ਇਰਫਾਨ ਨੂੰ ਫੁੱਲਾਂ ਦਾ ਹਾਰ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਪਿਤਾ ਜੁਮਾ ਖਾਨ ਨੂੰ ਵੀ ਫੁੱਲਾਂ ਦਾ ਹਾਰ ਪਾ ਕੇ ਸਨਮਾਨਿਤ ਕੀਤਾ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪਿਛਲੇ ਦਿਨੀਂ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਅਤੇ ਸਿੱਖਿਆ ਮੰਤਰੀ ਵੱਲੋਂ ਵੀ ਇਰਫਾਨ ਨੂੰ ਸਨਮਾਨਿਤ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਸੀ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਸਮਾਜ ਸੇਵੀ ਅਰਵਿੰਦ ਪੂਰੀ ਵੱਲੋ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਉੱਜਵਲ ਭਵਿੱਖ ਲਈ ਮੁਬਾਰਕਬਾਦ ਦਿੱਤੀ ਅਤੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਰਫਾਨ ਆਉਣ ਵਾਲੇ ਸਮੇਂ 'ਚ ਇਲਾਕੇ ਦੀ ਸਿਹਤ ਸੇਵਾ 'ਚ ਵੱਡਾ ਯੋਗਦਾਨ ਪਾਉਣਗੇ। ਇਰਫਾਨ ਨੇ ਆਪਣੀ ਮੁੱਢਲੀ ਪੜ੍ਹਾਈ ਮੁੰਨਾ ਲਾਲਪੁਰੀ ਸੀਨੀਅਰ ਸੈਕੰਡਰੀ ਸਕੂਲ, ਮੁੱਲਾਪੁਰ ਤੋਂ ਕੀਤੀ। ਇਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੇ ਦਿਨ-ਰਾਤ ਮਿਹਨਤ ਕਰਕੇ ਨੀਟ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਕੀਤੀ ਅਤੇ ਸਫਲਤਾ ਹਾਸਿਲ ਕੀਤੀ। ਸਮਾਜ ਸੇਵੀ ਅਰਵਿੰਦ ਪੁਰੀ ਨੇ ਬਾਕੀ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਸੰਦੇਸ਼ ਦਿੱਤਾ ਕਿ ਉਹ ਵੀ ਇਰਫਾਨ ਤੋਂ ਪ੍ਰੇਰਨਾ ਲੈ ਕੇ ਪੜ੍ਹਾਈ 'ਤੇ ਧਿਆਨ ਦੇਣ ਅਤੇ ਆਪਣੇ ਮਾਤਾ-ਪਿਤਾ ਤੇ ਇਲਾਕੇ ਦਾ ਨਾਮ ਰੌਸ਼ਨ ਕਰਨ।1
- ਰੋਪੜ ਪੁਲਿਸ ਦੀ ਵੱਡੀ ਕਾਰਵਾਈ: ਸੱਤ ਨਜਾਇਜ਼ ਹਥਿਆਰਾਂ ਸਮੇਤ ਦੋ ਵਿਅਕਤੀ ਕਾਬੂ ,ਨੰਗਲ ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਅੰਨੇ ਕਤਲ ਦੀ ਗੁਥਲੀ ਸੁਲਝਾਈ , ਦੋਸਤ ਇਹ ਨਿਕਲੇ ਕਾਤਲ ਰੋਪੜ ਪੁਲਿਸ ਦੀ ਵੱਡੀ ਕਾਰਵਾਈ: ਸੱਤ ਨਜਾਇਜ਼ ਹਥਿਆਰਾਂ ਸਮੇਤ ਦੋ ਵਿਅਕਤੀ ਕਾਬੂ ,ਨੰਗਲ ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਅੰਨੇ ਕਤਲ ਦੀ ਗੁਥਲੀ ਸੁਲਝਾਈ , ਦੋਸਤ ਇਹ ਨਿਕਲੇ ਕਾਤਲ1