बिहार के बेतिया के मझौलिया से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां दहेज की मांग पूरी न होने पर एक गर्भवती विवाहिता की कथित तौर पर हत्या कर दी गई। आरोप है कि हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव का जल्दबाजी में अंतिम संस्कार भी किया जा रहा था। सूचना मिलने पर मझौलिया पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए रुलही सरेह स्थित श्मशान घाट पहुंचकर विवाहिता का अधजला शव बरामद किया। मृतका की पहचान मझौलिया थाना क्षेत्र के रुलही गांव निवासी श्याम यादव की 25 वर्षीय पत्नी पुष्पा देवी के रूप में हुई है। मृतका के मायके वालों, विशेषकर योगापट्टी थाना क्षेत्र के चौमुखा गांव निवासी पिता ईश्वर यादव ने पुलिस को दिए आवेदन में ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि करीब ढाई वर्ष पूर्व पुष्पा की शादी श्याम यादव से हुई थी और शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष भैंस खरीदने के लिए लगातार दहेज की मांग कर रहा था। मांग पूरी न होने पर पुष्पा को प्रताड़ित किया जाता था। मृतका के मौसेरे भाई चंदन कुमार यादव ने भी आरोप लगाया है कि पुष्पा गर्भवती थी और ससुराल वालों ने पहले उसका गला घोंटकर हत्या की, फिर साक्ष्य मिटाने के लिए मायके वालों को सूचना दिए बिना शव को जला दिया। पड़ोसियों के माध्यम से मायके पक्ष को घटना की जानकारी मिलने पर उन्होंने पुलिस को सूचित किया। मझौलिया थानाध्यक्ष अमर कुमार ने बताया कि पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच बेतिया भेज दिया है। पुलिस के पहुंचने से पहले ही ससुराल पक्ष के सभी लोग घर छोड़कर फरार हो गए थे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। थानाध्यक्ष के अनुसार, मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही हो पाएगा।
बिहार के बेतिया के मझौलिया से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां दहेज की मांग पूरी न होने पर एक गर्भवती विवाहिता की कथित तौर पर हत्या कर दी गई। आरोप है कि हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव का जल्दबाजी में अंतिम संस्कार भी किया जा रहा था। सूचना मिलने पर मझौलिया पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए रुलही सरेह स्थित श्मशान घाट पहुंचकर विवाहिता का अधजला शव बरामद किया। मृतका की पहचान मझौलिया थाना क्षेत्र के रुलही गांव निवासी श्याम यादव की 25 वर्षीय पत्नी पुष्पा देवी के रूप में हुई है। मृतका के मायके वालों, विशेषकर योगापट्टी थाना क्षेत्र के चौमुखा गांव निवासी पिता ईश्वर यादव ने पुलिस को दिए आवेदन में ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि करीब ढाई वर्ष पूर्व पुष्पा की शादी श्याम यादव से हुई थी और शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष भैंस खरीदने के लिए लगातार दहेज की मांग कर रहा था। मांग पूरी न होने पर पुष्पा को प्रताड़ित किया जाता था। मृतका के मौसेरे भाई चंदन कुमार यादव ने भी आरोप लगाया है कि पुष्पा गर्भवती थी और ससुराल वालों ने पहले उसका गला घोंटकर हत्या की, फिर साक्ष्य मिटाने के लिए मायके वालों को सूचना दिए बिना शव को जला दिया। पड़ोसियों के माध्यम से मायके पक्ष को घटना की जानकारी मिलने पर उन्होंने पुलिस को सूचित किया। मझौलिया थानाध्यक्ष अमर कुमार ने बताया कि पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच बेतिया भेज दिया है। पुलिस के पहुंचने से पहले ही ससुराल पक्ष के सभी लोग घर छोड़कर फरार हो गए थे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। थानाध्यक्ष के अनुसार, मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही हो पाएगा।
- अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, बाढ़ अनुमंडल के अगवानपुर खेल मैदान में एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बाढ़ विधायक डॉ. सियाराम सिंह ने भाजपा नेताओं, कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों के साथ मिलकर योगाभ्यास किया, और स्वस्थ जीवन जीने के महत्वपूर्ण संदेश को साझा किया। 21 जून की सुबह हुए इस सामूहिक योगाभ्यास में विधायक डॉ. सियाराम सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। उनके साथ भाजपा बाढ़ जिला अध्यक्ष शैलेन्द्र कुमार, मुकुंद कुमार, विश्वाकांत सिंह 'सिट्टू', बाढ़ नगर बीस सूत्री अध्यक्ष संजय शाह, संतोष कुमार, और अरविन्द कुमार सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय लोग उत्साहपूर्वक शामिल हुए। योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में सभी उपस्थित लोगों ने विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास किया, तथा अपनी दिनचर्या में नियमित योग को शामिल करने का संकल्प लिया। इस दौरान पूरे मैदान में एक ऊर्जावान और उत्साहपूर्ण माहौल देखा गया। इस अवसर पर, विधायक डॉ. सियाराम सिंह ने जोर देकर कहा कि योग केवल एक शारीरिक व्यायाम मात्र नहीं है, बल्कि यह भारत की प्राचीन जीवन पद्धति का एक अभिन्न अंग है। उन्होंने बताया कि नियमित योगाभ्यास से शरीर स्वस्थ रहता है, मन शांत होता है, और जीवन संतुलित बनता है। डॉ. सिंह ने आधुनिक जीवनशैली की भागदौड़ में योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह तनाव, मधुमेह, उच्च रक्तचाप जैसी अनेक बीमारियों से बचाव में अत्यंत सहायक है। उन्होंने सभी लोगों से प्रतिदिन कम से कम 30 मिनट तक योग करने की अपील की। कार्यक्रम के समापन पर, सभी प्रतिभागियों ने एक स्वस्थ, निरोग और जागरूक समाज के निर्माण का संकल्प लिया। यह आयोजन स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और योग को जन-जन तक पहुँचाने में एक प्रभावी माध्यम साबित हुआ।1
- जन सुराज पार्टी के व्यावसायिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र कुमार विभूति ने बिहारशरीफ, नालंदा में बातचीत के दौरान राज्य के पारंपरिक व्यापारियों द्वारा ऑनलाइन कारोबार के बढ़ते प्रभाव के कारण गंभीर आर्थिक संकट का सामना करने पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने सरकार से स्थानीय व्यापारियों के हितों की रक्षा के लिए एक ठोस और संतुलित व्यापार नीति बनाने की पुरजोर मांग की है। विभूति ने व्यापार नीति के अतिरिक्त, बिहार से जुड़े कई अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी अपने विचार साझा किए। इनमें रोजगार के अवसर पैदा करने, पलायन की समस्या को रोकने, राज्य में शराबबंदी के प्रभाव, फुटपाथ वेंडरों की दैनिक चुनौतियाँ और बिहार में फिल्म उद्योग को बढ़ावा देने की आवश्यकता जैसे विषय शामिल थे। उनका स्पष्ट मानना है कि बिहार को आर्थिक रूप से तभी सशक्त बनाया जा सकता है, जब व्यापार और उद्योग के लिए एक अनुकूल और सहायक माहौल तैयार किया जाए।1
- दरभंगा पुस्तक मेले के अंतर्गत एक भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें साहित्य प्रेमियों की भारी भीड़ उमड़ी। इस कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय कवयित्री अंकिता सिन्हा सहित कई प्रसिद्ध कवियों और साहित्यकारों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं का मन मोह लिया। समय इंडिया ट्रस्ट द्वारा आयोजित इस सम्मेलन में देश के विभिन्न हिस्सों से आए कवियों ने सामाजिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रीय विषयों पर अपनी प्रस्तुतियां दीं, जिन्होंने खूब तालियां बटोरीं। बड़ी संख्या में उपस्थित श्रोताओं ने इन काव्य प्रस्तुतियों का भरपूर आनंद लिया और कार्यक्रम की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजकों ने बताया कि पुस्तक मेले का मुख्य उद्देश्य लोगों में पढ़ने की संस्कृति को बढ़ावा देना और साहित्य तथा कला के प्रति रुचि विकसित करना है।1
- पुस्तक मेला के अंतर्गत एक भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें साहित्य प्रेमियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।1
- नालंदा ब्लड बैंक द्वारा बिहार शरीफ के टाउन हॉल में एक रक्तदान वीर सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में कॉंग्रेस नेता इंजीनियर टीपू ने शिरकत की।1
- प्रसिद्ध कृष्णा के दमदार प्रदर्शन के बाद रोहित शर्मा और यशस्वी जायसवाल की तूफानी बल्लेबाजी के दम पर भारत ने अफगानिस्तान को तीसरे वनडे मैच में हरा दिया है। इस मुकाबले में भारत ने अफगानिस्तान को 9 विकेट से मात दी। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने अफगानिस्तान का वनडे सीरीज में सूपड़ा साफ कर दिया है। यह भारत और अफगानिस्तान के बीच खेली गई पहली द्विपक्षीय वनडे सीरीज थी, जिसे टीम इंडिया ने 3-0 के क्लीन स्वीप के साथ ऐतिहासिक रूप से अपने नाम कर लिया है।1
- युगों-युगों से गंगा मैया धरती पर निरंतर प्रवाहित हो रही हैं, जिसकी धारा में गहरा विस्मय और श्रद्धा का भाव छिपा है।1
- बाढ़ अनुमंडल के एनटीपीसी थाना क्षेत्र में बिजली के कटे हुए तार की चपेट में आने से एक मजदूर की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान धनामा गांव निवासी तथा वर्तमान में गौरक्षणी में रह रहे विभु राम के रूप में हुई है। वह ईंट-भट्ठे पर मजदूरी कर अपने चार बच्चों का भरण-पोषण करते थे। इस घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राजमार्ग-31 (NH-31) को कुछ देर के लिए जाम कर दिया। बताया गया कि विभु राम अपने मवेशियों के लिए घास काटने एनटीपीसी के समीप गए थे, तभी वह बिजली के कटे हुए तार की चपेट में आ गए और उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए और बिजली विभाग की लापरवाही का आरोप लगाते हुए NH-31 पर जाम लगा दिया। सूचना मिलने पर बाढ़-1 के एसडीपीओ रामकृष्ण, एनटीपीसी थाना के सब-इंस्पेक्टर दुर्गा सिन्हा, एसआई ज्ञान प्रकाश तथा विनीत कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया और मुआवजे का आश्वासन मिलने के बाद जाम हटवाया। इसके उपरांत, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बाढ़ अनुमंडलीय अस्पताल भेज दिया। प्रशासन ने पीड़ित परिवार को सरकारी प्रावधानों के तहत उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि ग्रामीणों ने बिजली विभाग की लापरवाही की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।1
- आकांक्षा और उसके जैसे कई अन्य ईमानदार तथा मेहनती बच्चों के सपनों को एक 'क्रूर और अन्यायी' शिक्षा व्यवस्था ने छीन लिया है। अब समय आ गया है कि हम सब मिलकर इस पीड़ा और भय के चक्रव्यूह को समाप्त करें। इसके लिए एक ऐसी शिक्षा प्रणाली की स्थापना की मांग की गई है, जहाँ भविष्य में किसी भी बच्चे या किसी भी माता-पिता को इस तरह का असहनीय दुख दोबारा न सहना पड़े।2