कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने शुक्रवार 10 जुलाई को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में राजस्व अधिकारियों की एक समीक्षा बैठक ली, जिसमें लंबित राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के कड़े निर्देश दिए गए। बैठक में अपर कलेक्टर श्री जी.एस. धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री एम.आर. कोल, डिप्टी कलेक्टर श्री प्रदीप कौरव और एसडीएम श्री गोपाल सोनी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे, जबकि जिले के सभी एसडीएम और तहसीलदार वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल हुए। समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्री मीना ने फार्मर रजिस्ट्री की तहसीलवार प्रगति का जायजा लिया। लांजी तहसील में प्रगति सबसे कम पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए एसडीएम लांजी और तहसीलदार को कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी अधिकारियों को फार्मर रजिस्ट्री का कार्य मिशन मोड में पूरा करने और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की चेतावनी दी। साथ ही, उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि वे गांवों में मुनादी कराकर किसानों को कीटनाशकों के सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक करें। बैठक में नजूल प्रकरणों, स्थायी पट्टों और राजस्व वसूली अभियान की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने राजस्व वसूली में तेजी लाने और ऑनलाइन प्रविष्टियां समय पर दर्ज करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, 500 दिनों से अधिक समय से लंबित 18 सीएम हेल्पलाइन शिकायतों और लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत लंबित प्रकरणों पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी विभाग शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें ताकि आम नागरिकों को परेशानी न हो।
कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने शुक्रवार 10 जुलाई को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में राजस्व अधिकारियों की एक समीक्षा बैठक ली, जिसमें लंबित राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के कड़े निर्देश दिए गए। बैठक में अपर कलेक्टर श्री जी.एस. धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री एम.आर. कोल, डिप्टी कलेक्टर श्री प्रदीप कौरव और एसडीएम श्री गोपाल सोनी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे, जबकि जिले के सभी एसडीएम
और तहसीलदार वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल हुए। समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्री मीना ने फार्मर रजिस्ट्री की तहसीलवार प्रगति का जायजा लिया। लांजी तहसील में प्रगति सबसे कम पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए एसडीएम लांजी और तहसीलदार को कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी अधिकारियों को फार्मर रजिस्ट्री का कार्य मिशन मोड में पूरा करने और इसमें
किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की चेतावनी दी। साथ ही, उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि वे गांवों में मुनादी कराकर किसानों को कीटनाशकों के सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक करें। बैठक में नजूल प्रकरणों, स्थायी पट्टों और राजस्व वसूली अभियान की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने राजस्व वसूली में तेजी लाने और ऑनलाइन प्रविष्टियां समय पर दर्ज करने के
निर्देश दिए। इसके अलावा, 500 दिनों से अधिक समय से लंबित 18 सीएम हेल्पलाइन शिकायतों और लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत लंबित प्रकरणों पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी विभाग शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें ताकि आम नागरिकों को परेशानी न हो।
- मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के किरनापुर में एक जर्जर छात्रावास की बदहाल स्थिति के कारण छात्रों का भविष्य खतरे के साये में है। इस छात्रावास की छत से लगातार कंक्रीट गिर रहा है, जिससे हर वक्त हादसे की आशंका बनी रहती है। इस बेहद गंभीर समस्या को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों से शिकायत भी की जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। जिम्मेदारों की इस अनदेखी के कारण छात्र असुरक्षित माहौल में रहने को मजबूर हैं।1
- बालाघाट जिले के किरनापुर की रहने वाली प्रीति डोहरे ने मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) की परीक्षा में शानदार सफलता हासिल करते हुए माइनिंग इंस्पेक्टर के पद पर चयन प्राप्त किया है। उनकी इस उपलब्धि से क्षेत्रवासियों, परिजनों और रिश्तेदारों में खुशी का माहौल है। माइनिंग इंस्पेक्टर का यह पद राज्य के खनिज संसाधनों के संरक्षण, अवैध खनन पर नियंत्रण और खनन गतिविधियों की निगरानी जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों से जुड़ा है। प्रीति डोहरे ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता यदुनाथ डोहरे एवं ललिता डोहरे, भाइयों सुमित डोहरे और पुष्कर डोहरे के साथ-साथ अपने गुरुजनों और मित्रों को दिया है। प्रीति का मानना है कि परिवार का विश्वास, शिक्षकों का मार्गदर्शन और मित्रों का सहयोग ही कठिन समय में उनके लिए प्रेरणा का स्रोत रहा। प्रीति की सफलता की खबर मिलते ही क्षेत्र के लोगों ने उन्हें बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। वरिष्ठ नागरिकों, सामाजिक संगठनों और जनप्रतिनिधियों ने इस उपलब्धि को पूरे बालाघाट जिले के लिए गर्व का विषय बताया है। लोगों का कहना है कि प्रीति की यह सफलता क्षेत्र के अन्य विद्यार्थियों में प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रति नया उत्साह और आत्मविश्वास जगाएगी।2
- खैरागढ़ थाना क्षेत्र में ₹8.65 करोड़ की साइबर ठगी के एक बड़े मामले में फरार चल रहे आरोपी को केसीजी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी की पहचान राकेश कुमार साहू उर्फ राहुल साहू (30 वर्ष) के रूप में की है, जो जिला दुर्ग के सुपेला का निवासी है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से घटना में इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन, सिम कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य जब्त किए हैं। यह मामला भारत सरकार के समन्वय पोर्टल से मिली सूचना के आधार पर खैरागढ़ थाने में अपराध क्रमांक 519/2025 के तहत दर्ज किया गया था। जांच के दौरान पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और आईटी एक्ट की धारा 66 डी के तहत कानूनी प्रक्रिया शुरू की थी। 9 जुलाई को हिरासत में लेकर की गई पूछताछ में राकेश कुमार साहू ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसे 10 जुलाई को न्यायालय में पेश किया गया और वहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार, इस गिरोह ने ऑनलाइन माध्यम से अलग-अलग राज्यों के लोगों से ₹8.65 करोड़ से अधिक की ठगी की थी, जिसे कई बैंक खातों में जमा कराया गया था। मामले में पूर्व में भी कुछ आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। फिलहाल पुलिस शेष फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और मामले की विवेचना जारी है।1
- छत्तीसगढ़ के भिलाई में पंडित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है। यह भव्य धार्मिक कार्यक्रम 17 अगस्त से 23 अगस्त तक जयंती स्टेडियम में आयोजित होगा।1
- बालाघाट में एक महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने का मामला सामने आया है। महिला के मुंह से झाग निकलने के बाद परिजन उसे इलाज के लिए अस्पताल ले गए थे, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इस बीच महिला के तकिये के नीचे से चूहामार दवा भी मिली है, जिससे पूरा मामला संदिग्ध बना हुआ है।1
- कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने शुक्रवार, 10 जुलाई को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक में लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। इस बैठक में अपर कलेक्टर श्री जी.एस. धुर्वे, संयुक्त कलेक्टर श्री एम.आर. कोल, डिप्टी कलेक्टर श्री प्रदीप कौरव और एसडीएम श्री गोपाल सोनी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे, जबकि जिले के सभी एसडीएम और तहसीलदार वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल हुए। बैठक के दौरान कलेक्टर ने फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति की तहसीलवार समीक्षा की, जिसमें लांजी तहसील की प्रगति सबसे कम पाए जाने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई और एसडीएम व तहसीलदार को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने फार्मर रजिस्ट्री को मिशन मोड में पूरा करने और लापरवाही न बरतने की सख्त हिदायत दी। इसके अलावा, सभी एसडीएम को अपने क्षेत्रों में मुनादी कराकर किसानों को कीटनाशकों के सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक करने के लिए भी निर्देशित किया गया। राजस्व मामलों पर चर्चा करते हुए कलेक्टर ने नजूल प्रकरणों, स्थायी पट्टों और राजस्व वसूली अभियान की समीक्षा की, साथ ही वसूली की समय पर ऑनलाइन प्रविष्टि सुनिश्चित करने को कहा। सीएम हेल्पलाइन की 500 दिनों से अधिक समय से लंबित 18 शिकायतों और लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत अटके मामलों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को स्पष्ट किया कि वे आम नागरिकों की परेशानियों को देखते हुए राजस्व प्रकरणों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें।1
- बालाघाट के वारासिवनी में शनिवार दोपहर लगभग एक बजकर पन्द्रह मिनट पर एक सड़क हादसा हो गया। यहाँ एफसीआई गोदाम के सामने सीमेंट से भरे एक खड़े डंपर में पीछे से एक बाइक जोरदार तरीके से घुस गई। इस दुर्घटना में बाइक सवार 30 वर्षीय युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके सिर में काफी गहरी चोट आई है। घायल युवक की पहचान ग्राम आमा टोला कासपुर निवासी हिमांशु (पिता रामचरण उइके) के रूप में हुई है, जो अपनी पल्सर बाइक से किसी काम के सिलसिले में वारासिवनी आ रहा था। एफसीआई गोदाम के पास अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे खड़े डंपर से टकरा गया। हादसे को देखकर मौके पर नागरिकों की भारी भीड़ जमा हो गई। इसी दौरान वहां से गुजर रहे राजू बोपचे ने घायल को तड़पते देखा और तत्काल अपनी निजी गाड़ी से उसे शासकीय चिकित्सालय वारासिवनी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसका प्राथमिक उपचार किया। प्राथमिक उपचार के दौरान ही घायल हिमांशु के परिजन भी अस्पताल पहुंच गए। युवक की नाजुक हालत को देखते हुए परिजन उसे बेहतर इलाज के लिए तत्काल गोंदिया लेकर रवाना हो गए।1