मध्यप्रदेश शासन एवं मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा आयोजित विशेष जन-जागरूकता अभियान "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" के सातवें दिन शासकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) इंदौर द्वारा एक विशाल जनभागीदारी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अभियान के तहत इंदौर रेल इकाई के अंतर्गत आने वाले 16 रेलवे स्टेशनों पर एक साथ मानव श्रृंखला बनाकर नशामुक्त समाज का संदेश दिया गया। यह विशेष अभियान 15 से 30 जुलाई 2026 तक संचालित किया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य कार्यक्रम इंदौर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म क्रमांक-1 पर आयोजित हुआ, जिसमें पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्री यशपाल सिंह राजपूत, उप पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्रीमती ज्योति शर्मा और स्टेशन अधीक्षक रवि बटवार शामिल हुए। इसी तरह रतलाम स्टेशन पर डीआरएम रतलाम श्री अश्विनी कुमार व कमांडेंट आरपीएफ श्री अमित मिश्रा, और उज्जैन रेलवे स्टेशन पर स्टेशन मास्टर श्री विनोद कुमार की गरिमामई उपस्थिति रही। इनके अतिरिक्त नागदा, नीमच, मेघनगर, शामगढ़, ब्यावरा, गुना, शिवपुरी, अशोकनगर, शाजापुर, मक्सी, देवास, डॉ. अम्बेडकर नगर और चंद्रावतीगंज सहित कुल 16 रेलवे स्टेशनों पर एक साथ मानव श्रृंखला बनाई गई। इन कार्यक्रमों में लगभग 4,000 से अधिक नागरिकों, रेलवे अधिकारियों, जीआरपी, रेलवे सुरक्षा बल (RPF), सफाई कर्मियों, कुलियों, वेंडरों, ऑटो चालकों और स्कूली छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। कार्यक्रम के दौरान सभी प्रतिभागियों ने हाथों में हाथ मिलाकर मानव श्रृंखला बनाई और "नशे से दूरी है ज़रूरी", "नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो" और "स्वस्थ युवा, सशक्त भारत" जैसे नारों के साथ समाज को जागरूक किया। इस अवसर पर सभी ने नशामुक्त जीवन की शपथ ली कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे, अपने परिवार और समाज को प्रेरित करेंगे तथा रेलवे परिसर एवं ट्रेनों में किसी को नशा करते देखने पर पुलिस को सूचित करेंगे। उपस्थित अधिकारियों ने युवाओं से सकारात्मक गतिविधियों को अपनाने का आह्वान किया। पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्री यशपाल सिंह राजपूत ने कहा कि नशे के खिलाफ यह लड़ाई समाज की सक्रिय सहभागिता से ही जीती जा सकती है और सभी के सहयोग से यह अभियान अब एक जनआंदोलन का रूप ले रहा है।
मध्यप्रदेश शासन एवं मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा आयोजित विशेष जन-जागरूकता अभियान "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" के सातवें दिन शासकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) इंदौर द्वारा एक विशाल जनभागीदारी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अभियान के तहत इंदौर रेल इकाई के अंतर्गत आने वाले 16 रेलवे स्टेशनों पर एक साथ मानव श्रृंखला बनाकर नशामुक्त समाज का संदेश दिया गया। यह विशेष अभियान 15 से 30 जुलाई 2026 तक संचालित किया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य कार्यक्रम इंदौर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म क्रमांक-1 पर आयोजित हुआ, जिसमें पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्री यशपाल सिंह राजपूत, उप पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्रीमती ज्योति शर्मा और स्टेशन अधीक्षक रवि बटवार शामिल हुए। इसी तरह रतलाम स्टेशन पर डीआरएम रतलाम श्री अश्विनी कुमार व कमांडेंट आरपीएफ श्री अमित मिश्रा, और उज्जैन रेलवे स्टेशन पर स्टेशन मास्टर श्री विनोद कुमार की गरिमामई उपस्थिति रही। इनके अतिरिक्त नागदा, नीमच, मेघनगर, शामगढ़, ब्यावरा, गुना, शिवपुरी, अशोकनगर, शाजापुर, मक्सी, देवास, डॉ. अम्बेडकर नगर और चंद्रावतीगंज सहित कुल 16 रेलवे स्टेशनों पर एक साथ मानव श्रृंखला बनाई गई। इन कार्यक्रमों में लगभग 4,000 से अधिक नागरिकों, रेलवे अधिकारियों, जीआरपी, रेलवे सुरक्षा बल (RPF), सफाई कर्मियों, कुलियों, वेंडरों, ऑटो चालकों और स्कूली छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। कार्यक्रम के दौरान सभी प्रतिभागियों ने हाथों में हाथ मिलाकर मानव श्रृंखला बनाई और "नशे से दूरी है ज़रूरी", "नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो" और "स्वस्थ युवा, सशक्त भारत" जैसे नारों के साथ समाज को जागरूक किया। इस अवसर पर सभी ने नशामुक्त जीवन की शपथ ली कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे, अपने परिवार और समाज को प्रेरित करेंगे तथा रेलवे परिसर एवं ट्रेनों में किसी को नशा करते देखने पर पुलिस को सूचित करेंगे। उपस्थित अधिकारियों ने युवाओं से सकारात्मक गतिविधियों को अपनाने का आह्वान किया। पुलिस अधीक्षक रेल इंदौर श्री यशपाल सिंह राजपूत ने कहा कि नशे के खिलाफ यह लड़ाई समाज की सक्रिय सहभागिता से ही जीती जा सकती है और सभी के सहयोग से यह अभियान अब एक जनआंदोलन का रूप ले रहा है।
- इंदौर में कॉलोनाइजर की मनमानी के कारण किसानों के खेत जलमग्न होकर तालाब में तब्दील हो गए हैं। कॉलोनाइजर के इस रवैये और खेतों के तालाब बनने से परेशान किसान अपनी शिकायत लेकर कलेक्टर की जनसुनवाई में पहुंचे हैं।1
- इंदौर के विजयनगर गैस पाइपलाइन ब्लास्ट मामले में मंगलवार को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान न्यायालय के निर्देश पर एसीपी ने पुलिस की जांच रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस दौरान मामले में क्षेत्रीय पार्षद को आरोपी बनाए जाने के मुद्दे पर भी अदालत में चर्चा हुई। हादसे में घायल लोगों के इलाज को लेकर भी हाईकोर्ट ने गंभीरता दिखाई है। जानकारी के अनुसार, हादसे में घायल एक महिला का इलाज अभी भी दिल्ली स्थित एम्स में चल रहा है। इस मामले की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट के अधिवक्ता रितेश ईनाणी ने मीडिया को पूरी सुनवाई की जानकारी दी।1
- इंदौर में देर रात तक चल रही बोरिंग मशीनों के शोर से शहर के लोग काफी परेशान हैं। 30 जून के बाद से बोरिंग पर लगा प्रतिबंध हटते ही पूरे शहर में रातभर बोरिंग का काम काफी तेज हो गया है। इस वजह से बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है, वहीं तेज आवाज के कारण बुजुर्गों और बीमार लोगों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसी समस्या को लेकर पूर्व भाजपा पार्षद संजय कटारिया के नेतृत्व में स्थानीय रहवासी कलेक्टर जनसुनवाई पहुंचे और अपनी शिकायत दर्ज कराई। लोगों ने देर रात चलने वाली बोरिंग पर तुरंत दोबारा प्रतिबंध लगाने की मांग की है। रहवासियों का कहना है कि देर रात बोरिंग होने से न सिर्फ लोगों की परेशानी बढ़ रही है, बल्कि शहर का जलस्तर भी लगातार नीचे गिर रहा है।1
- वंचित बहुजन आघाड़ी के प्रकाश अंबेडकर जी ने 23 जुलाई को पूरे महाराष्ट्र बंद का ऐलान किया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर बच्चों पर हुए लाठीचार्ज के खिलाफ यह कदम उठाया गया है। इस कार्रवाई के विरोध में मोर्चा निकाला जाएगा और पूरे महाराष्ट्र में प्रदर्शन किया जाएगा।1
- इंदौर की ग्राम पंचायत देवगुराड़िया स्थित मानसरोवर कॉलोनी में लंबे समय से मौत को दावत दे रहा एक जर्जर और झुका हुआ बिजली का खंभा आखिरकार बदल दिया गया है। यह क्षतिग्रस्त खंभा एक ओर काफी झुक चुका था और कभी भी गिर सकता था। स्थानीय रहवासियों के मुताबिक, कॉलोनी में हर दिन बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों की आवाजाही रहने के कारण यहां किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी रहती थी। इस गंभीर मामले को मीडियाकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर उजागर किया और दूधिया पावर हाउस के अधिकारी प्रशांत चतुर्वेदी से चर्चा कर उन्हें वास्तविक स्थिति से अवगत कराया। संभावित जनहानि को गंभीरता से लेते हुए अधिकारी ने तत्काल संज्ञान लिया और विभाग की टीम को मौके पर भेजने के निर्देश दिए। निर्देश मिलते ही बिजली विभाग की टीम सुरक्षा व्यवस्था के बीच मानसरोवर कॉलोनी पहुंची और जर्जर बिजली के खंभे को हटाकर उसकी जगह नया खंभा स्थापित कर दिया। बिजली विभाग की इस त्वरित कार्रवाई से कॉलोनीवासियों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय रहवासियों ने मीडिया की सक्रियता और बिजली विभाग के इस कदम की सराहना की है। इसके साथ ही, लोगों ने मांग की है कि क्षेत्र में लगे अन्य पुराने और खतरनाक बिजली के खंभों का भी जल्द से जल्द सर्वे कर उन्हें बदला जाए, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की जनहानि को टाला जा सके।1
- इंदौर के एमजी रोड स्थित कल्याण ज्वेलर्स पर डमी वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम और फायर सेफ्टी में खामियां पाए जाने पर नगर निगम ने 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। मंगलवार को जब निगम की टीम ने संस्थान पहुंचकर निरीक्षण किया, तो भवन के क्षेत्रफल और निर्माण के अनुरूप रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम नहीं मिला। जांच के दौरान अधिकारियों को परिसर में केवल डमी वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित मिला, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। नगर निगम के भवन अधिकारी और जोनल अधिकारी के अनुसार, संस्थान प्रबंधन को जल संचय संयंत्र और फायर सेफ्टी व्यवस्था को निर्धारित मानकों के अनुसार व्यवस्थित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए 5 दिन की समय सीमा तय की गई है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि तय अवधि में आवश्यक सुधार नहीं किए गए तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। दरअसल, नगर निगम शहर भर में रेन वाटर हार्वेस्टिंग और फायर सेफ्टी व्यवस्थाओं की लगातार जांच कर रहा है। गौरतलब है कि पिछले सप्ताह महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने एमजी रोड क्षेत्र का निरीक्षण कर दावा किया था कि अधिकांश प्रमुख इमारतों में वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित हैं। इसी अभियान के तहत निगम की टीम विभिन्न संस्थानों में नियमों का पालन सुनिश्चित करा रही है।1
- दिल्ली के लोक कल्याण मार्ग पर प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी की हिरासत ने एक बार फिर वही सवाल खड़ा कर दिया है। भारतीय राजनीति के इस घटनाक्रम और हिरासत की वजह से एक बार फिर वही पुरानी चर्चाएं और सवाल नए सिरे से सामने आ गए हैं।1