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चंदौली के चकिया में एक दलित महिला ने दबंगों पर उसकी जमीन कब्जाने और उसकी बेटी व नातिन को जबरन अपने साथ ले जाने का आरोप लगाया है। इस घटना के बाद पीड़ित महिला ने न्याय के लिए प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है और प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है।
राज कुमार सोनकर पत्रकार
चंदौली के चकिया में एक दलित महिला ने दबंगों पर उसकी जमीन कब्जाने और उसकी बेटी व नातिन को जबरन अपने साथ ले जाने का आरोप लगाया है। इस घटना के बाद पीड़ित महिला ने न्याय के लिए प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है और प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है।
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- जंतर-मंतर पर हुई कार्रवाई के खिलाफ सांसद चंद्रशेखर आज़ाद संसद में धरने पर बैठ गए हैं। उन्होंने इस कार्रवाई के विरोध में संसद में धरना दिया है।1
- चंदौली के शिकारगंज (चकिया) क्षेत्र स्थित बाबा जागेश्वर नाथ हेतिमपुर में आगामी सावन मेले की तैयारियों को लेकर एडिशनल एसपी सतीश शुक्ला ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने शाम 6 बजे मेला परिसर का भ्रमण किया और बाबा जागेश्वर नाथ के दर्शन-पूजन किए। इसके बाद ग्राम प्रधान राजेश कुमार भारती की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई, जिसमें क्षेत्राधिकारी अजीत चौहान, ट्रैफिक इंस्पेक्टर सुरेंद्र कुमार यादव और चकिया थाना अध्यक्ष अर्जुन सिंह सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान एडिशनल एसपी सतीश शुक्ला ने पेयजल, शौचालय, बिजली, मेडिकल सुविधाएं, सीसीटीवी कैमरे, बैरिकेडिंग और गोताखोरों की तैनाती जैसी महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने विशेष रूप से महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देने पर जोर दिया और मेला समिति के स्वयंसेवकों के माध्यम से विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए। इसके अलावा, उन्होंने कांवरियों के रात में ठहरने के लिए उचित प्रबंध सुनिश्चित करने के लिए भी निर्देशित किया। सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर क्षेत्राधिकारी अजीत चौहान ने स्पष्ट किया कि सावन के प्रत्येक सोमवार को मेला परिसर में सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा और पूरे क्षेत्र की सीसीटीवी कैमरों से विशेष निगरानी की जाएगी। वहीं, बाबा जागेश्वर नाथ मंदिर के महंत एवं प्रबंधक श्री अनूप गिरी जी ने जानकारी दी कि सावन के हर सोमवार को श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के कपाट भोर 3 बजे खोल दिए जाएंगे और स्वयंसेवकों का दल दर्शनार्थियों की सहायता के लिए तत्पर रहेगा। इस बैठक व निरीक्षण के दौरान समिति अध्यक्ष अरविंद सिंह, भरत माली, आजाद शर्मा, दिनेश मोदनवाल, राजू गिरी, दिनेश बहेलिया, धर्मेंद्र मोदनवाल सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।1
- वाराणसी के रामनगर क्षेत्र में बिजली विभाग सड़क किनारे खोदाई का कार्य कर रहा है, जिससे स्थानीय लोगों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस खोदाई के कारण कई स्थानों पर आवागमन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कार्य पूरा होने के बाद सड़क की शीघ्र मरम्मत कराई जानी चाहिए। इसके अलावा, किसी भी संभावित दुर्घटना से बचने के लिए सुरक्षा के लिहाज से बैरिकेडिंग और चेतावनी संकेत भी लगाए जाएं। गौरतलब है कि हाल के दिनों में वाराणसी में आधारभूत ढांचे से जुड़े कई अन्य कार्य भी चल रहे हैं।1
- चंदौली के धीना क्षेत्र में लगातार विद्युत कटौती, लो वोल्टेज और बार-बार ट्रिपिंग की गंभीर समस्या को लेकर पूर्व विधायक मनोज सिंह की चेतावनी के बाद आखिरकार विद्युत विभाग जागा है। इस चेतावनी के असर के बाद मंगलवार को विद्युत विभाग के अधिकारियों की एक टीम अमड़ा 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र पर निरीक्षण करने पहुंची। अधिकारियों ने उपकेंद्र का बारीकी से निरीक्षण किया और आवश्यक तकनीकी सुधारों के साथ-साथ भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पाया कि उपकेंद्र पर लगे एक कैपेसिटर की खराबी के कारण वोल्टेज में लगातार उतार-चढ़ाव और बार-बार ट्रिपिंग की समस्या आ रही है। इस समस्या के स्थाई समाधान के लिए विभाग ने वहां एक अतिरिक्त कैपेसिटर लगाने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही, अधिकारियों ने अमड़ा क्षेत्र में 132 केवी विद्युत उपकेंद्र की स्थापना के लिए भूमि का चिन्हांकन भी किया। अधिकारियों के अनुसार, इस नए उपकेंद्र की स्थापना की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है, जिससे भविष्य में क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति काफी सुदृढ़ हो जाएगी। निरीक्षण के दौरान ही पूर्व विधायक मनोज सिंह भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने अधिकारियों से वार्ता कर क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था में जल्द से जल्द सुधार करने की मांग की। इस पर अधिकारियों ने उन्हें आश्वस्त किया कि दो दिनों के भीतर अतिरिक्त कैपेसिटर लगाने का काम शुरू कर दिया जाएगा और लगभग 25 दिनों में इसे पूरी तरह पूरा कर लिया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को लो वोल्टेज और ट्रिपिंग से बड़ी राहत मिलेगी। इस मौके पर अधिशासी अभियंता नरेश कुमार, एसडीओ जय सिंह, अधीक्षण अभियंता जसमीर सिंह (वाराणसी द्वितीय), मुख्य अभियंता प्रवेश कुमार, चीफ टेक्निकल मनोज सोनकर, अधिशासी अभियंता भरत भूषण, अधिशाषी अभियंता टेस्ट शिवकुमार, एई (मीटर) सियाराम, जेई जवाहर सिंह और तकनीशियन कमलेश कुमार सहित विद्युत विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।3
- कैमूर जिले की कुदरा थाना पुलिस ने मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुसौली गोला इलाके में भारी पुलिस बल के साथ छापेमारी की। इस छापेमारी के दौरान पुलिस ने करीब 1.317 किलोग्राम गांजे के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान घंटाव ग्राम निवासी बिहारी राम के रूप में हुई है, जो स्वर्गीय मल्लू राम का पुत्र है। पुलिस को पुसौली गोला क्षेत्र में अवैध रूप से गांजे की बिक्री और तस्करी किए जाने की सूचना मिली थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। इस छापेमारी के दौरान मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए कुदरा प्रखंड विकास पदाधिकारी भी तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं और पूरी जांच-पड़ताल कर आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई का जायजा लिया।3
- उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के सकलडीहा स्थित अमड़ा पावर हाउस पर विद्युत विभाग के अधिकारियों ने निरीक्षण किया है। पूर्व विधायक की चेतावनी मिलने के बाद आखिरकार विद्युत विभाग जागा है, जिसके बाद अधिकारियों द्वारा यह निरीक्षण किया गया। इस निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता प्रवेश कुमार और चीफ टेक्निकल मनोज सोनकर मुख्य रूप से मौजूद रहे।1
- कैमूर जिले के भभुआ अंतर्गत अखिनी गांव में काफी दिनों से जलमग्न और खराब पड़े रोड का निर्माण कार्य आखिरकार पूरा हो गया है। इस सड़क के जर्जर होने के कारण स्थानीय ग्रामीण जनता और आने-जाने वाले लोग लगातार गिरते थे और बेहद परेशान रहते थे। अब जाकर माननीय विधायक पिंटू यादव जी के कार्यकाल में इस रोड का काम सफलतापूर्वक पूरा कराया गया है। लंबे समय से जलभराव की समस्या झेल रहे इस मार्ग का काम पूरा होने पर ग्रामीणों को बड़ी राहत मिली है और उन्होंने इसके लिए विधायक जी का आभार जताते हुए उन्हें धन्यवाद दिया है।1
- चंद्रशेखर आज़ाद रातभर संसद में बैठे रहे और इसके बाद वे दिल्ली के जंतर-मंतर पहुँचे हैं। युवाओं के आंदोलन पर विश्लेषण के बीच चंद्रशेखर आज़ाद रातभर संसद में बैठने के बाद सीधे जंतर-मंतर पहुँचे।1