कानपुर नगर जिले की घाटमपुर तहसील के कल्याणपुर गाँव में एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ, जहाँ घर की छत पर खेल रही 10 वर्षीय किशोरी मानसी देवी की अचानक गिर जाने से मौत हो गई। यह घटना संजय सचान की पुत्री मानसी के साथ तब हुई, जब उसका पैर खेलते समय अचानक फिसल गया और वह ऊँचाई से नीचे पक्के फर्श पर जा गिरी। तेज गति से गिरने के कारण मानसी को सिर और शरीर में गंभीर चोटें आईं, जिससे वह तुरंत बेहोश हो गई। चीख-पुकार सुनकर परिजन और पड़ोसी तुरंत मौके पर पहुँचे और लहूलुहान हालत में बच्ची को फौरन बाबा राजनारायण घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों ने गहन जाँच के बाद मानसी को मृत घोषित कर दिया। मानसी की मौत की खबर मिलते ही घर में गहरा कोहराम मच गया और माँ-बाप का रो-रोकर बुरा हाल है। इस दुखद घटना से पूरे गाँव में भी शोक की लहर दौड़ गई है। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस भी मौके पर पहुँची और मामले की जानकारी ली है।
कानपुर नगर जिले की घाटमपुर तहसील के कल्याणपुर गाँव में एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ, जहाँ घर की छत पर खेल रही 10 वर्षीय किशोरी मानसी देवी की अचानक गिर जाने से मौत हो गई। यह घटना संजय सचान की पुत्री मानसी के साथ तब हुई, जब उसका पैर खेलते समय अचानक फिसल गया और वह ऊँचाई से नीचे पक्के फर्श पर जा गिरी। तेज गति से गिरने के कारण मानसी को सिर और शरीर में गंभीर चोटें आईं, जिससे वह तुरंत बेहोश हो गई। चीख-पुकार सुनकर परिजन और पड़ोसी तुरंत मौके पर पहुँचे और लहूलुहान हालत में बच्ची को फौरन बाबा राजनारायण घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों ने गहन जाँच के बाद मानसी को मृत घोषित कर दिया। मानसी की मौत की खबर मिलते ही घर में गहरा कोहराम मच गया और माँ-बाप का रो-रोकर बुरा हाल है। इस दुखद घटना से पूरे गाँव में भी शोक की लहर दौड़ गई है। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस भी मौके पर पहुँची और मामले की जानकारी ली है।
- कानपुर में एक आईटीबीपी जवान की मां का हाथ काटे जाने के मामले में अब पारस अस्पताल और कृष्णा अस्पताल के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। इसके साथ ही, कानपुर पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल ने आईटीबीपी कमांडेंट के व्यवहार पर भी गंभीर आपत्ति जताई है। कमिश्नर ने कहा कि कमांडेंट जिस तरह बड़ी संख्या में जवानों के साथ पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंचे और वहां फॉर्मेशन बनाकर खड़े हुए, उससे गलत संदेश गया है।1
- कानपुर नगर के बिल्हौर में एक बाइक सवार फिसलकर गिरा और अपनी मोटरसाइकिल तथा संदिग्ध सामान से भरा एक थैला छोड़कर मौके से फरार हो गया। स्थानीय लोगों की भीड़ जमा होने के बाद पुलिस को सूचना मिली। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और फरार व्यक्ति की तलाश जारी है।1
- कानपुर के यशोदा नगर बाईपास से रोड रेज की एक घटना का चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जो समाज में बढ़ती असहिष्णुता का एक भयावह उदाहरण प्रस्तुत करता है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि तीन गुंडे किस्म के लड़के एक बुजुर्ग व्यक्ति और उनके बेटों पर बेरहमी से हमला कर रहे हैं। हमलावर लगातार चाकू और हेलमेट से उन पर वार करते रहे, जबकि मौके पर मौजूद भीड़ बस खड़ी होकर यह पूरा तमाशा देखती रही। किसी ने भी पीड़ितों की मदद के लिए आगे बढ़ने की जहमत नहीं उठाई, जो मानवीय संवेदनाओं के पतन और मौजूदा समाज की उदासीनता को दर्शाता है।1
- पुलिस ने पिता-पुत्र की हत्या से जुड़े प्रकरण में त्वरित कार्रवाई की है। इस मामले में पुलिस द्वारा दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है।1
- कानपुर में हुई एक रोड रेज की घटना में घायल एक युवक ने अपनी आपबीती सुनाई है। युवक ने विस्तार से बताया है कि कैसे इस घटना में उसके पिता और भाई की हत्या कर दी गई।1
- उत्तरप्रदेश के उन्नाव जिले में स्थित गंगाघाट पुलिस थाने पर IGRS प्रणाली में बड़े फर्जीवाड़े का आरोप लगाया गया है। जानकारी के अनुसार, थाने में पीड़ित व्यक्तियों से बिना मुलाकात किए ही उनकी आख्या रिपोर्ट दाखिल कर दी जाती है, जिससे इस महत्वपूर्ण व्यवस्था की पारदर्शिता और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।1
- मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में अपने इतिहास का सबसे बड़ा जलसंकट देखा जा रहा है, जहाँ बूढ़े, बच्चे और जवान लोग पानी के लिए त्राहिमाम कर रहे हैं। जनता 'पानी दे दो.. सर पानी दे दो..' कहकर गुहार लगा रही है और आशंका जता रही है कि पानी न मिलने पर वे मर जाएंगे। इस गंभीर स्थिति के बीच, यह आरोप लगाया गया है कि 'राजा' अमृतकाल का उत्सव मना रहा है।1
- कानपुर के नौबस्ता में एक बाइक छूने के मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया, जहाँ तीन युवकों ने धारदार चाकू से हमला कर पिता शिवनारायण द्विवेदी और उनके बेटे शिवम की मौके पर ही हत्या कर दी। इस हमले में शिवनारायण का दूसरा बेटा सत्यम गंभीर रूप से घायल हो गया है और उसका इलाज जारी है। घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें सड़क पर हुए इस खूनी संघर्ष की तस्वीरें होने का दावा किया जा रहा है, हालांकि पुलिस ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। इस हृदय विदारक घटना के दौरान आरोप है कि आसपास मौजूद लोग मूकदर्शक बने रहे और तमाशा देखते रहे। इतना ही नहीं, एक नर्सिंग होम ने भी घायल सत्यम को इलाज देने से कथित तौर पर मना कर दिया। घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस कमिश्नर के अनुसार, मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी शिवा वर्मा सहित तीनों हमलावरों को देर रात पुलिस मुठभेड़ (एनकाउंटर) के बाद गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।1