भिवाड़ी पुलिस ने आशियाना टाउन सोसायटी में संचालित एक अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में दिल्ली के मोहित गुप्ता व राहुल सिंह और कोलकाता का जैम्स अनिल मंडल शामिल हैं, जो फर्जी पहचान के साथ यहां रह रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से 7 लैपटॉप, 4 मोबाइल फोन और एक स्कॉर्पियो-एन कार (DL 3CDC 3191) बरामद की है। प्रारंभिक पूछताछ में इस गिरोह द्वारा करीब 1 लाख अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹96 लाख) की ठगी करने के पुख्ता साक्ष्य मिले हैं। यह गिरोह वीपीएन (VPN) के जरिए अपनी लोकेशन विदेशों की दिखाता था और खुद को अमेरिकी न्याय विभाग या अन्य सरकारी एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों को डिजिटल अरेस्ट, फर्जी वारंट और सेटलमेंट नोटिस का डर दिखाता था। ठगी की रकम क्रिप्टोकरेंसी के माध्यम से ली जाती थी और बाद में उसे भारतीय मुद्रा में बदला जाता था। आरोपियों ने आशियाना टाउन के दो फ्लैटों की दीवार तोड़कर एक बड़ा ऑपरेशन सेंटर बनाया हुआ था, जहां से हाई-स्पीड इंटरनेट और लैपटॉप की मदद से ठगी की जाती थी। मुख्यमंत्री की वीसी के बाद पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय (IPS) के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमन लाल मीणा, वृत्ताधिकारी कैलाश चौधरी के सुपरविजन और थाना प्रभारी सचिन शर्मा के नेतृत्व वाली टीम ने इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इसके साथ ही, भिवाड़ी पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे अपनी गोपनीय बैंक जानकारी साझा न करें और धोखाधड़ी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
भिवाड़ी पुलिस ने आशियाना टाउन सोसायटी में संचालित एक अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में दिल्ली के मोहित गुप्ता व राहुल सिंह और कोलकाता का जैम्स अनिल मंडल शामिल हैं, जो फर्जी पहचान के साथ यहां रह रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से 7 लैपटॉप, 4 मोबाइल फोन और एक स्कॉर्पियो-एन कार (DL 3CDC 3191) बरामद की है। प्रारंभिक पूछताछ में इस गिरोह द्वारा करीब 1 लाख अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹96 लाख) की ठगी करने के पुख्ता साक्ष्य मिले हैं। यह गिरोह वीपीएन (VPN) के जरिए अपनी लोकेशन विदेशों की दिखाता था और खुद को अमेरिकी न्याय विभाग या अन्य सरकारी एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों को डिजिटल अरेस्ट, फर्जी वारंट और सेटलमेंट नोटिस का डर दिखाता था। ठगी की रकम क्रिप्टोकरेंसी के माध्यम से ली जाती थी और बाद में उसे भारतीय मुद्रा में बदला जाता था। आरोपियों ने आशियाना टाउन के दो फ्लैटों की दीवार तोड़कर एक बड़ा ऑपरेशन सेंटर बनाया हुआ था, जहां से हाई-स्पीड इंटरनेट और लैपटॉप की मदद से ठगी की जाती थी। मुख्यमंत्री की वीसी के बाद पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय (IPS) के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमन लाल मीणा, वृत्ताधिकारी कैलाश चौधरी के सुपरविजन और थाना प्रभारी सचिन शर्मा के नेतृत्व वाली टीम ने इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इसके साथ ही, भिवाड़ी पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे अपनी गोपनीय बैंक जानकारी साझा न करें और धोखाधड़ी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
- मथुरा के पावन वृंदावन धाम से 17 जुलाई 2026 के दिव्य दर्शन कराए गए हैं। भक्तिमय भाव के साथ 'जय श्री राधे!' कहते हुए दर्शकों से अपील की गई है कि अगर उन्हें यह दिव्य दर्शन पसंद आए, तो वे इसे लाइक, शेयर और फॉलो जरूर करें।1
- मथुरा की साइबर सेल और थाना कोतवाली पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 15.07.2026 को एक साइबर फ्रॉड के अपराधी को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार अभियुक्त का नाम जसमीर है, जो जंगीर का पुत्र है। उसे विशाल मेगामार्ट के ऊपर स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र के एटीएम बूथ से चार अलग-अलग एटीएम कार्ड का उपयोग करके ₹1,25,000 निकालते हुए पकड़ा गया। पुलिस ने उसके पास से ₹1,25,000 की नकदी, 23 एटीएम कार्ड, घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल और दो एंड्रॉइड मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पूछताछ के दौरान आरोपी जसमीर ने खुलासा किया कि उसके दो अन्य साथी हारिस और जाहुल भी इस साइबर फ्रॉड में उसके साथ लिप्त हैं और इस काम में उसकी मदद करते हैं। ये दोनों सहयोगी राजस्थान के डीग के रहने वाले हैं। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।2
- उत्तर प्रदेश के मथुरा में धार्मिक उत्साह के साथ भगवान जगन्नाथ की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इस भव्य शोभायात्रा के दौरान लोगों का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा।1
- 7454888255 9756002593 6397919230 9956002593 63979192304
- राजस्थान के पाली जिले के देसूरी ब्लॉक में सरकार के हर माह निरीक्षण करने के आदेश के विरोध में सभी निजी विद्यालय बंद रहे। निजी शिक्षण संस्थान संघ देसूरी के तहसील अध्यक्ष मोहनसिंह राजपुरोहित के नेतृत्व में संघ के पदाधिकारियों और विद्यालय संचालकों ने सरकार की इस नीति का कड़ा विरोध किया। उन्होंने मुख्यमंत्री के नाम देसूरी उपखंड अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपकर सरकार की इस दमनकारी नीति के प्रति अपना कड़ा विरोध जताया। संघ के अध्यक्ष मोहनसिंह राजपुरोहित ने बताया कि सरकार द्वारा जारी यह नया आदेश निजी विद्यालयों की स्वायत्तता और पूरी शिक्षा व्यवस्था पर बेहद प्रतिकूल प्रभाव डाल रहा है। निजी शिक्षण संस्थान इन आदेशों का पुरजोर विरोध करते हैं और सरकार से इन्हें तत्काल वापस लेने की मांग कर रहे हैं। इसके साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि उनकी इन मांगों पर जल्द ही कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो इस आंदोलन को और अधिक तेज किया जाएगा।1
- उत्तर प्रदेश के मथुरा में थाना जैत क्षेत्र के राल गांव में गुरुवार, 16 जुलाई 2026 को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहाँ एक कॉलेज की बस की चपेट में आने से एक 8 वर्षीय मासूम बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। इस भीषण हादसे के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। पुलिस के अनुसार, यह कॉलेज बस बच्चों को लेकर राल गांव पहुंची थी। बच्चों को उतारने के बाद जब ड्राइवर बस को बैक कर रहा था, तब वह पीछे खड़े 8 वर्षीय बच्चे को नहीं देख पाया। इसी दौरान बच्चा बस के नीचे आ गया और गंभीर रूप से घायल होने के कारण उसकी मौके पर ही दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु हो गई। इस घटना से गुस्साए स्थानीय लोगों ने राल गांव में जाम लगा दिया। इस दौरान कॉलेज प्रबंधन के साथ लोगों की तीखी कहासुनी हुई और आक्रोशित भीड़ ने मौके पर हल्की तोड़-फोड़ भी की। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने भीड़ को समझा-बुझाकर शांत कराया और सड़क पर लगे जाम को खुलवाया। पुलिस ने मृत बच्चे के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जिसकी कार्रवाई जारी है। इस मामले में मथुरा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) का कहना है कि तहरीर प्राप्त होने पर मुकदमा पंजीकृत करते हुए अग्रिम विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।1
- मथुरा में बिजली संकट को लेकर किसानों का गुस्सा सड़क पर फूट पड़ा है। भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के बैनर तले बड़ी संख्या में किसानों ने कैंट स्थित मुख्य अभियंता कार्यालय पर प्रदर्शन किया। किसानों ने बिजली विभाग पर ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित कटौती, किसानों के उत्पीड़न और ट्रांसफॉर्मर बदलने के नाम पर अवैध वसूली करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। सोमवार को काली मंदिर से मुख्य अभियंता कार्यालय तक किसानों ने पैदल मार्च निकाला और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। किसानों का कहना है कि लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती से उनकी सिंचाई का कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। भारतीय किसान यूनियन चढूनी के प्रदेश प्रवक्ता एवं आगरा मंडल अध्यक्ष रामवीर सिंह तोमर, जिला अध्यक्ष संजय पाराशर और अन्य पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि बिजली विभाग के अधिकारी किसानों की समस्याओं की अनदेखी कर रहे हैं। उनका यह भी आरोप है कि ट्रांसफॉर्मर बदलने और मरम्मत के नाम पर उनसे चंदा मांगा जाता है, जिसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने विभाग को सख्त चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इन गंभीर आरोपों पर बिजली विभाग का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद खबर को अपडेट किया जाएगा।1
- उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में एक रास्ता विवाद ने इस कदर तूल पकड़ लिया कि उग्र भीड़ ने मौके पर पहुंची पुलिस की पीआरबी 112 गाड़ी पर पथराव और तोड़फोड़ कर दी। यह घटना गुरुवार सुबह थाना सुरीर क्षेत्र के गांव बेरा में हुई, जहां दो पक्षों के बीच रास्ता बंद करने को लेकर विवाद खड़ा हो गया था। विवाद की शुरुआत बेरा निवासी संदीप पुत्र गिर्राज प्रसाद के प्लॉट के सामने विधायक निधि से बने खरंजा मार्ग से हुई। आरोप है कि मोहल्ले के दूसरे पक्ष के लोगों ने रास्ता बंद करने की नीयत से वहां एक दीवार खड़ी कर दी थी। जब संदीप के पक्ष ने इसका विरोध किया, तो दोनों पक्षों के बीच तीखी कहासुनी शुरू हो गई और विवाद बढ़ गया। सूचना मिलने पर जब पीआरबी 112 और थाना सुरीर पुलिस मौके पर पहुंची, तो आक्रोशित भीड़ ने पुलिस के वाहन संख्या 8423 पर पथराव कर उसका शीशा तोड़ दिया। घटना की जानकारी मिलते ही सीओ मांट अमरनाथ यादव और थाना प्रभारी अरुण कुमार डागर भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित कराया। पुलिस का कहना है कि प्राप्त तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है और दोषियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। वर्तमान में गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियात के तौर पर पुलिस बल तैनात किया गया है।4