झाबुआ जिले के छोटे से गांव परवलिया में आर्याव्रत पत्रकार संघ ने 'उड़ान' पत्रकार मिलन एवं प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन कर पत्रकार एकता और संगठन शक्ति का एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिसकी गूंज अब प्रदेश ही नहीं, देशभर में सुनाई देगी। इस ऐतिहासिक आयोजन में मध्य प्रदेश और राजस्थान के विभिन्न जिलों से सैकड़ों पत्रकारों ने भाग लेकर एकजुटता, सम्मान और संगठन के नए संकल्प को मजबूती प्रदान की। कार्यक्रम का शुभारंभ मां शारदा के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके बाद अतिथियों और पत्रकारों का तिलक लगाकर आत्मीय स्वागत किया गया। इस समारोह में आर्याव्रत पत्रकार संघ के राष्ट्रीय संरक्षक दिलीपसिंह चौहान, राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र अग्निहोत्री, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सलीम शेरानी, राष्ट्रीय सचिव कमलसिंह सोलंकी, राष्ट्रीय महासचिव राकेश सिंह चौहान, प्रदेश अध्यक्ष विजय नीमा, प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटीदार सहित अनेक पदाधिकारी और वरिष्ठ पत्रकार उपस्थित रहे। राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र अग्निहोत्री ने अपने संबोधन में कहा कि संगठन केवल नाम और सदस्य संख्या से नहीं, बल्कि अपने कार्यों और सक्रियता से पहचाने जाते हैं। उन्होंने घोषणा की कि आर्याव्रत पत्रकार संघ देशभर के पत्रकारों के लिए एक डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार कर रहा है, जहाँ पत्रकारों का प्रमाणित डाटा उपलब्ध होगा और जरूरत पड़ने पर उन्हें संगठनात्मक सहायता मिल सकेगी। अग्निहोत्री ने जोर दिया कि आर्याव्रत पत्रकार संघ का एक-एक पत्रकार हजार पत्रकारों के बराबर है, क्योंकि उनकी ताकत संख्या में नहीं, बल्कि संगठन, समर्पण और संघर्ष की भावना में है। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि संगठन पत्रकारों के सम्मान, सुरक्षा, मूलभूत सुविधाओं और आकस्मिक सहायता के लिए हमेशा अग्रणी भूमिका निभाएगा। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सलीम शेरानी ने इस पहल को गांव से राष्ट्रीय पहचान की ओर बढ़ते संगठन का संकेत बताया, जिसमें कमल सिंह सोलंकी, दिलीप सिंह चौहान और राकेश सिंह चौहान ने भी संबोधित किया। समारोह में ग्रामीण क्षेत्र की कई प्रतिभाओं को सम्मानित कर उनकी उपलब्धियों को नई पहचान दी गई, जिनमें कक्षा 10वीं की सुमन प्रभु भूरिया, कक्षा 12वीं के प्रदीप प्रेमसिंह निनामा, उभरती प्रतिभा रितिका पाटीदार, अधिवक्ता मयूरी राजू धानक, कवि आशीष नागर तथा सोशल मीडिया क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले राकेश डाबी एवं प्रफुल्ल धामनिया सुनील शर्मा शामिल थे। उपस्थित सभी पत्रकारों को भी सम्मानित करते हुए स्मृति चिन्ह स्वरूप बैग भेंट किए गए। इस विशाल आयोजन को सफल बनाने में जिला उपाध्यक्ष विवेक व्यास, तहसील अध्यक्ष धीरज वाघेला, इमरान खान, संदीप खत्री, कुलदीप वर्मा, नीलिमा डाबी, सोहनसिंह परमार, हितेश पंचाल, कौस्तुभ व्यास, माणकलाल जैन, बंटी भारती, पीयूष राठौड़, जीवन राठौड़, चिंटू देवाणा, अर्जुनसिंह राठौड़ एवं उमेश पाटीदार सहित पूरी टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम का संचालन प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटीदार एवं पवन नाहर ने किया, जबकि आभार तहसील अध्यक्ष धीरज वाघेला ने व्यक्त किया। परवलिया की धरती से शुरू हुई यह 'उड़ान' सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि पत्रकारों की एकता, सम्मान और अधिकारों के लिए शुरू हुए एक नए अभियान का प्रतीक बन गई है। इस आयोजन ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि जब पत्रकार संगठित होते हैं, तो वे न केवल खबरें लिखते हैं, बल्कि समाज और अपने अधिकारों के लिए भी एक सशक्त आवाज बनते हैं।
झाबुआ जिले के छोटे से गांव परवलिया में आर्याव्रत पत्रकार संघ ने 'उड़ान' पत्रकार मिलन एवं प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन कर पत्रकार एकता और संगठन शक्ति का एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिसकी गूंज अब प्रदेश ही नहीं, देशभर में सुनाई देगी। इस ऐतिहासिक आयोजन में मध्य प्रदेश और राजस्थान के विभिन्न जिलों से सैकड़ों पत्रकारों ने भाग लेकर एकजुटता, सम्मान और संगठन के नए संकल्प को मजबूती प्रदान की। कार्यक्रम का शुभारंभ मां शारदा के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके बाद अतिथियों और पत्रकारों का तिलक लगाकर आत्मीय स्वागत किया गया। इस समारोह में आर्याव्रत पत्रकार संघ के राष्ट्रीय संरक्षक दिलीपसिंह चौहान, राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र अग्निहोत्री, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सलीम शेरानी, राष्ट्रीय सचिव कमलसिंह सोलंकी, राष्ट्रीय महासचिव राकेश सिंह
चौहान, प्रदेश अध्यक्ष विजय नीमा, प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटीदार सहित अनेक पदाधिकारी और वरिष्ठ पत्रकार उपस्थित रहे। राष्ट्रीय अध्यक्ष धर्मेंद्र अग्निहोत्री ने अपने संबोधन में कहा कि संगठन केवल नाम और सदस्य संख्या से नहीं, बल्कि अपने कार्यों और सक्रियता से पहचाने जाते हैं। उन्होंने घोषणा की कि आर्याव्रत पत्रकार संघ देशभर के पत्रकारों के लिए एक डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार कर रहा है, जहाँ पत्रकारों का प्रमाणित डाटा उपलब्ध होगा और जरूरत पड़ने पर उन्हें संगठनात्मक सहायता मिल सकेगी। अग्निहोत्री ने जोर दिया कि आर्याव्रत पत्रकार संघ का एक-एक पत्रकार हजार पत्रकारों के बराबर है, क्योंकि उनकी ताकत संख्या में नहीं, बल्कि संगठन, समर्पण और संघर्ष की भावना में है। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि संगठन पत्रकारों के सम्मान, सुरक्षा, मूलभूत सुविधाओं और आकस्मिक सहायता
के लिए हमेशा अग्रणी भूमिका निभाएगा। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सलीम शेरानी ने इस पहल को गांव से राष्ट्रीय पहचान की ओर बढ़ते संगठन का संकेत बताया, जिसमें कमल सिंह सोलंकी, दिलीप सिंह चौहान और राकेश सिंह चौहान ने भी संबोधित किया। समारोह में ग्रामीण क्षेत्र की कई प्रतिभाओं को सम्मानित कर उनकी उपलब्धियों को नई पहचान दी गई, जिनमें कक्षा 10वीं की सुमन प्रभु भूरिया, कक्षा 12वीं के प्रदीप प्रेमसिंह निनामा, उभरती प्रतिभा रितिका पाटीदार, अधिवक्ता मयूरी राजू धानक, कवि आशीष नागर तथा सोशल मीडिया क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले राकेश डाबी एवं प्रफुल्ल धामनिया सुनील शर्मा शामिल थे। उपस्थित सभी पत्रकारों को भी सम्मानित करते हुए स्मृति चिन्ह स्वरूप बैग भेंट किए गए। इस विशाल आयोजन को सफल बनाने में जिला उपाध्यक्ष विवेक व्यास, तहसील
अध्यक्ष धीरज वाघेला, इमरान खान, संदीप खत्री, कुलदीप वर्मा, नीलिमा डाबी, सोहनसिंह परमार, हितेश पंचाल, कौस्तुभ व्यास, माणकलाल जैन, बंटी भारती, पीयूष राठौड़, जीवन राठौड़, चिंटू देवाणा, अर्जुनसिंह राठौड़ एवं उमेश पाटीदार सहित पूरी टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम का संचालन प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटीदार एवं पवन नाहर ने किया, जबकि आभार तहसील अध्यक्ष धीरज वाघेला ने व्यक्त किया। परवलिया की धरती से शुरू हुई यह 'उड़ान' सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि पत्रकारों की एकता, सम्मान और अधिकारों के लिए शुरू हुए एक नए अभियान का प्रतीक बन गई है। इस आयोजन ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि जब पत्रकार संगठित होते हैं, तो वे न केवल खबरें लिखते हैं, बल्कि समाज और अपने अधिकारों के लिए भी एक सशक्त आवाज बनते हैं।
- कुशलगढ़ में 15 जून को क्षेत्रीय विधायक रमीला खड़िया के नेतृत्व में कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने विद्युत विभाग कार्यालय पहुंचकर सहायक अभियंता कैलाश जाजोरिया को क्षेत्र की बिजली समस्याओं को लेकर एक ज्ञापन सौंपा। विधायक रमीला खड़िया ने ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में उपभोक्ताओं को हजारों रुपये के बिजली बिल मिलने, और विशेषकर एकल बत्ती कनेक्शनधारकों के भी 40 से 50 हजार रुपये तक के बिल आने पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि 16 जून तक इन समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो 17 जून को विद्युत विभाग कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा और चक्का जाम भी किया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल में शामिल हंसमुख लाल सेठ ने जर्जर खंभों और झूलते तारों को हादसों का कारण बताया, जबकि रजनीकांत खाब्या ने किसानों को मिल रहे भारी बिजली बिलों की जांच की मांग की। कैलाश पटेल ने अपने स्वयं के आवास का 35 हजार रुपये का बिजली बिल आने का उल्लेख करते हुए बताया कि कई ग्रामीणों के बिल 10 से 50 हजार रुपये तक पहुंच रहे हैं। विजय सिंह मईड़ा ने बिजली कटौती और भारी बिलों को जनता पर दोहरी मार बताया। इसके अतिरिक्त, प्रीति तलेसरा ने बिलों में अनियमितताओं की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की, और सुरेश गाड़िया ने लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करने की बात कही। इन शिकायतों के जवाब में, सहायक अभियंता कैलाश जाजोरिया ने बताया कि लाइनों के रखरखाव और मरम्मत का कार्य जारी है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि धरती आबा जनजातीय उत्कृष्ट ग्राम योजना के तहत लगभग 800 नए विद्युत कनेक्शनों के लिए टेंडर जारी किए गए हैं। सहायक अभियंता ने उच्च बिजली बिलों और कर्मचारियों की लापरवाही संबंधी शिकायतों की जांच का आश्वासन भी दिया। इस दौरान छगनलाल खड़िया, कैलाश पटेल, नर्जी भाई, भीमाभाई, सज्जाद मकरानी, करण भट्टा, हितेश रावत, सचिन तलेसरा सहित अनेक पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, किसान एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।2
- जनजाति मोर्चा के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष खेमराज गरासिया का आनंदपुरी में पहली बार आगमन होने पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य और ऐतिहासिक स्वागत किया। इस दौरान आयोजित बैठक में पंचायत चुनावों की रणनीति, संगठन विस्तार और जनकल्याणकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचाने जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। उपस्थित कार्यकर्ताओं ने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने का संकल्प भी लिया। अब यह देखना होगा कि खेमराज गरासिया के नेतृत्व में भाजपा पंचायत चुनावों में कितना बड़ा प्रदर्शन कर पाती है। पाठकों से अपनी राय कमेंट्स में बताने और इस पोस्ट को अधिक से अधिक साझा करने का आग्रह किया गया है।1
- डूंगरपुर जिले के सीमलवाड़ा एवं चिखली ब्लॉक में लंबे समय से खाली पड़े मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (सीबीईओ) के पदों पर राज्य सरकार ने नियुक्तियाँ कर दी हैं। इन नियुक्तियों से दोनों ब्लॉकों की शैक्षणिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को नई गति मिलने की उम्मीद है। राज्यपाल की आज्ञा से वरिष्ठ शासन उप सचिव के.आर. मीणा द्वारा जारी आदेश के अनुसार, मुकेश कोठारी को सीमलवाड़ा का नया मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी और मीनाक्षी शर्मा को चिखली ब्लॉक के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सीमलवाड़ा सीबीईओ कार्यालय में यह पद लंबे समय से रिक्त था, जिससे कई प्रशासनिक एवं शैक्षणिक कार्य प्रभावित हो रहे थे। मुकेश कोठारी की नियुक्ति से अब ब्लॉक के विद्यालयों में शैक्षणिक गतिविधियों की निगरानी, सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा शिक्षा विभाग के प्रशासनिक कार्यों में तेजी आने की संभावना है। मुकेश कोठारी वर्तमान में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बिलिया बड़गामा में प्रधानाचार्य थे और उन्हें शिक्षा प्रशासन का अच्छा अनुभव है, पहले वे सलूम्बर ब्लॉक में अतिरिक्त मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (एसीबीईओ) के रूप में भी सेवाएं दे चुके हैं। इसी तरह, चिखली ब्लॉक की सीबीईओ मीनाक्षी शर्मा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पाटिया, ब्लॉक गोगुन्दा (उदयपुर) में प्रधानाचार्य के पद पर कार्यरत थीं, और उनके अनुभव व कार्यशैली को देखते हुए उन्हें यह जिम्मेदारी दी गई है। शिक्षा विभाग से जुड़े अधिकारियों, शिक्षकों और क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने इन नियुक्तियों का स्वागत किया है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि इन अधिकारियों के नेतृत्व में शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार होगा, विद्यालयों की नियमित मॉनिटरिंग हो सकेगी, नामांकन बढ़ेगा, बोर्ड परीक्षा परिणामों में सुधार आएगा और विभिन्न शैक्षणिक योजनाओं का प्रभावी संचालन होगा। शिक्षकों एवं जनप्रतिनिधियों का मानना है कि लंबे समय से रिक्त पदों पर नियुक्तियां होने से शिक्षा विभाग के कार्यों में पारदर्शिता और गति आएगी, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिलेगा। दोनों अधिकारियों के जल्द ही कार्यभार ग्रहण करने की संभावना है।1
- खेड़ा खजुरिया, काला पीपल रोड पर स्थित जय माँ वैष्णो इंटरनेशनल स्कूल का शुभारंभ संतों के सान्निध्य में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह आयोजन संतों की गरिमामयी उपस्थिति में किया गया।1
- डूंगरपुर जिले के सीमलवाड़ा उपखंड स्थित मांडली भेसला गाँव के निवासी मयंक रमेश डामोर ने उत्तराखंड के चारधाम की 60 दिनों की कठिन पैदल यात्रा सफलतापूर्वक पूरी कर अपने क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया है। गाँव लौटने पर ग्रामीणों, परिजनों और मित्र मंडल ने धार्मिक धुनों, डीजे और जयघोषों के बीच उनका भव्य स्वागत और अभिनंदन किया, जिससे गाँव में उत्साह और श्रद्धा का माहौल छा गया। मयंक डामोर ने बताया कि उन्हें 9 अप्रैल को बाबा के दर्शन करने का विचार आया था, उस समय उनके पास मात्र चार हजार रुपये थे। इसके बावजूद, उन्होंने दृढ़ संकल्प के साथ पैदल यात्रा करने का निर्णय लिया और 10 अप्रैल को भगवान महादेव का स्मरण कर आवश्यक सामान के साथ अपनी यात्रा प्रारंभ की। उन्होंने गंगोत्री, यमुनोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम की संपूर्ण यात्रा पैदल तय करते हुए 60 दिनों में चारधाम यात्रा पूर्ण की। मयंक ने साझा किया कि यात्रा के दौरान उन्हें हर कदम पर ईश्वर की कृपा का अनुभव हुआ, जिससे वे सभी कठिनाइयों का सामना करते हुए सकुशल यात्रा पूरी कर सके। चारधाम पहुंचकर मिली आध्यात्मिक शांति और आत्मिक संतुष्टि को उन्होंने अविस्मरणीय बताया। इस अवसर पर मयंक डामोर ने युवाओं से शिक्षा और सामाजिक दायित्वों के साथ-साथ अपनी धर्म-संस्कृति एवं गौरवशाली विरासत को जानने का आह्वान किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रत्येक सनातनी परिवार को अपने धर्म, संस्कृति और इतिहास की जानकारी अवश्य होनी चाहिए तथा अवसर मिलने पर धार्मिक स्थलों की यात्रा करनी चाहिए। सीमलवाड़ा स्थित विश्वनाथ मंदिर परिसर में आयोजित स्वागत समारोह में कारीलाल ननोमा, प्रियकांत पंड्या, प्रकाश पंड्या, गोविंदराम पाटीदार, अनिल मिश्रा, रतन सिंह, हेमेंद्र सिंह, भरत त्रिवेदी, गोपाल त्रिवेदी, मधुसूदन पंड्या, दिलीप डामोर सहित सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे। वहीं, स्वागत कार्यक्रम में विनोद पटेल, भरत डामोर, मयूर सेवक, अजीत डायलाल, राजेश, सुरेश, पायल, भावना एवं समस्त ग्रामीणों और मित्र मंडल ने मयंक डामोर का सम्मान किया।4
- राजस्थान के बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ स्थित महर्षि वाल्मीकि रामनाम आश्रम में सोमवती अमावस्या के अवसर पर राष्ट्रीय मानव धर्म सक्षा संघ की एक महत्वपूर्ण बैठक आहूत की गई। इस बैठक के दौरान, संघ की तहसील कार्यकारिणी के पदाधिकारियों को प्रमाण पत्र जारी कर उनकी औपचारिक नियुक्ति की गई और सभी सदस्यों को शपथ दिलाई गई। इसी कार्यक्रम में, कुशलगढ़, बांसवाड़ा, राजस्थान से रिपोर्टर धर्मेंद्र कुमार सोनी को राष्ट्रीय मानव धर्म सक्षा संघ के राजस्थान प्रदेश मीडिया प्रभारी के पद पर नियुक्त किया गया। यह नियुक्ति संघ प्रमुख संत नरसिंह गिरी महाराज द्वारा घोषित की गई। संत नरसिंह गिरी महाराज ने बताया कि राष्ट्रीय मानव धर्म सक्षा संघ पूरे भारतवर्ष में कार्यरत है और बहुत जल्द ही मध्य प्रदेश, राजस्थान व गुजरात की राज्य कार्यकारिणी भी घोषित की जाएंगी, जो अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रूप से कार्य करेंगी। इस अवसर पर तहसील कार्यकारिणी के पदाधिकारी और अन्य संत-महात्मा मौजूद थे।4
- बांसवाड़ा भाजपा जिला अध्यक्ष पुंजीलाल गायरी की अध्यक्षता में आयोजित मासिक जिला संगठन बैठक में आगामी संगठनात्मक गतिविधियों और जनहित से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस बैठक में जिला पदाधिकारियों और मंडल अध्यक्षों ने भाग लिया, जहाँ संगठन को और अधिक मजबूत बनाने, आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करने तथा जनता के बीच पार्टी की नीतियों को प्रभावी ढंग से पहुँचाने के लिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए। जिला अध्यक्ष पुंजीलाल गायरी ने सभी कार्यकर्ताओं से समर्पण, अनुशासन और सेवा भाव के साथ काम करने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी कहा कि "संगठन की मजबूती ही हमारी सबसे बड़ी शक्ति है और इसी संकल्प के साथ हम आगे बढ़ रहे हैं।" अब देखना होगा कि इस नई रणनीति का आने वाले समय में संगठन पर कितना असर पड़ता है।1
- माँ भारती कॉलेज के डायरेक्टर करण सिंह राठौड़ पर एक छात्रा को बलात्कार की धमकी देने और उसके प्रति गलत शब्दों का प्रयोग करने का आरोप है। यह घटना तब सामने आई जब छात्रा अपनी बोर्ड फीस का भुगतान न कर पाने के कारण परीक्षा नहीं दे पाई थी। छात्रा ने बताया कि डायरेक्टर करण सिंह राठौड़ ने उससे सीधे तौर पर कहा, "अगर तुम्हारा रेप हो जाए या बलात्कार हो जाए तुम किसको पूछोगी?" छात्रा के अनुसार, डायरेक्टर ने उसे बलात्कार करने की धमकी भी दी और इस दौरान कई अन्य "गंदी-गंदी" और "गलत गलत" बातें भी कहीं। इस अपमानजनक व्यवहार और धमकियों के कारण छात्रा सदमे में और पूरी तरह से स्तब्ध रह गई।1