तुर्कपट्टी के ऐतिहासिक सूर्य मंदिर में तीन दिवसीय सूर्य प्राकट्य उत्सव का भव्य समापन 151 पवित्र नदियों के जल से हुआ भगवान सूर्य का महाजलाभिषेक, 5101 कन्याओं की कलश यात्रा बनी आकर्षण का केंद्र तुर्कपट्टी कुशीनगर। तुर्कपट्टी स्थित ऐतिहासिक गुप्तकालीन सूर्य मंदिर में आयोजित तीन दिवसीय सूर्य प्राकट्य उत्सव का शुक्रवार को वैदिक अनुष्ठानों, महाजलाभिषेक एवं विशाल महाभंडारे के साथ श्रद्धापूर्वक समापन हुआ। उत्सव के अंतिम दिन उत्खनन से प्राप्त भगवान सूर्य की प्राचीन प्रतिमा का देश की 151 पवित्र नदियों के जल से वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जलाभिषेक किया गया। आचार्य प्रद्युम्न पांडेय, श्रीप्रकाश पांडेय, शैलेश पांडेय, प्रवीण पांडेय और विनोद तिवारी के नेतृत्व में विधि-विधान से हवन-पूजन एवं वैदिक अनुष्ठान संपन्न हुआ। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति और आध्यात्मिकता का वातावरण बना रहा। उत्सव का प्रमुख आकर्षण 5,101 कन्याओं की भव्य कलश यात्रा रही। आजमगढ़ स्थित चंद्रमा ऋषि आश्रम से प्रारंभ हुई यह यात्रा विभिन्न धार्मिक स्थलों से होते हुए तुर्कपट्टी पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने भव्य स्वागत किया। समारोह के मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश के कारागार एवं कुशीनगर के प्रभारी मंत्री दारा सिंह चौहान ने कहा कि भारत की प्राचीन संस्कृति और धार्मिक परंपराओं का संरक्षण समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि अपनी सांस्कृतिक विरासत को सहेजकर ही भारत पुनः विश्वगुरु बनने की दिशा में आगे बढ़ सकता है। इस अवसर पर राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) मयंकेश्वर शरण सिंह ने समाज में एकता, सांस्कृतिक चेतना और सनातन परंपराओं के संरक्षण पर बल दिया। कार्यक्रम के समापन पर आयोजित विशाल महाभंडारे में लगभग 10 हजार श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन समिति के अध्यक्ष विनय राय ने सभी संत-महात्माओं, अतिथियों एवं श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश महामंत्री संजय राय, विधायक पी.एन. पाठक, भाजपा जिलाध्यक्ष दुर्गेश राय, स्वामी दिव्य सागर, भदंत महेंद्र महाथेरो, कनकेश्वरी नन्द गिरी, नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि राकेश जायसवाल, अध्यक्ष विनय जायसवाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि, संत-महात्मा एवं हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। उत्सव श्रद्धा, आस्था और सांस्कृतिक गौरव के माहौल में संपन्न हुआ।
तुर्कपट्टी के ऐतिहासिक सूर्य मंदिर में तीन दिवसीय सूर्य प्राकट्य उत्सव का भव्य समापन 151 पवित्र नदियों के जल से हुआ भगवान सूर्य का महाजलाभिषेक, 5101 कन्याओं की कलश यात्रा बनी आकर्षण का केंद्र तुर्कपट्टी कुशीनगर। तुर्कपट्टी स्थित ऐतिहासिक गुप्तकालीन सूर्य मंदिर में आयोजित तीन दिवसीय सूर्य प्राकट्य उत्सव का शुक्रवार को वैदिक अनुष्ठानों, महाजलाभिषेक एवं विशाल महाभंडारे के साथ श्रद्धापूर्वक समापन हुआ। उत्सव के अंतिम दिन उत्खनन से प्राप्त भगवान सूर्य की प्राचीन प्रतिमा का देश की 151 पवित्र नदियों के जल से वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जलाभिषेक किया गया। आचार्य प्रद्युम्न पांडेय, श्रीप्रकाश पांडेय, शैलेश पांडेय, प्रवीण पांडेय और विनोद तिवारी के नेतृत्व में विधि-विधान से हवन-पूजन एवं वैदिक अनुष्ठान संपन्न हुआ। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति और आध्यात्मिकता का वातावरण बना रहा। उत्सव का प्रमुख आकर्षण 5,101 कन्याओं की भव्य कलश यात्रा रही। आजमगढ़ स्थित चंद्रमा ऋषि आश्रम से प्रारंभ हुई यह यात्रा विभिन्न धार्मिक स्थलों से होते हुए तुर्कपट्टी पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने भव्य स्वागत किया। समारोह के मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश के कारागार एवं कुशीनगर के प्रभारी मंत्री दारा सिंह चौहान ने कहा कि भारत की प्राचीन संस्कृति और धार्मिक परंपराओं का संरक्षण समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि अपनी सांस्कृतिक विरासत को सहेजकर ही भारत पुनः विश्वगुरु बनने की दिशा में आगे बढ़ सकता है। इस अवसर पर राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) मयंकेश्वर शरण सिंह ने समाज में एकता, सांस्कृतिक चेतना और सनातन परंपराओं के संरक्षण पर बल दिया। कार्यक्रम के समापन पर आयोजित विशाल महाभंडारे में लगभग 10 हजार श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन समिति के अध्यक्ष विनय राय ने सभी संत-महात्माओं, अतिथियों एवं श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश महामंत्री संजय राय, विधायक पी.एन. पाठक, भाजपा जिलाध्यक्ष दुर्गेश राय, स्वामी दिव्य सागर, भदंत महेंद्र महाथेरो, कनकेश्वरी नन्द गिरी, नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि राकेश जायसवाल, अध्यक्ष विनय जायसवाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि, संत-महात्मा एवं हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। उत्सव श्रद्धा, आस्था और सांस्कृतिक गौरव के माहौल में संपन्न हुआ।
- ओआरएस सप्ताह: सीएचसी देवतहा में डायरिया से बचाव को लेकर जागरूकता अभियान1
- जमीन विवाद में ससुर की हत्या का खुलासा, बहू समेत चार गिरफ्तार चार घंटे में फरेंदा पुलिस ने किया सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा, हत्या में प्रयुक्त सामान भी बरामद महराजगंज, 31 जुलाई। फरेंदा थाना क्षेत्र के सोनबरसा गांव में जमीन के विवाद को लेकर हुई बुजुर्ग की हत्या का पुलिस ने मात्र चार घंटे में खुलासा करते हुए मुख्य अभियुक्ता (बहू) सहित चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त आलाकत्ल के साथ साक्ष्य मिटाने में इस्तेमाल किए गए वाइपर और पोछा भी बरामद किया है। पुलिस अधीक्षक महराजगंज शक्ति मोहन अवस्थी (आईपीएस) के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तथा क्षेत्राधिकारी फरेंदा दीपशिखा वर्मा के नेतृत्व में फरेंदा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए थाना फरेंदा पर दर्ज मुकदमा संख्या 210/2026 से संबंधित सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि मुख्य अभियुक्ता अपने ससुर पर जमीन का हिस्सा अपने नाम कराने का दबाव बना रही थी। इसी विवाद के चलते 30 जुलाई को उसने बातचीत के बहाने उन्हें अपने घर बुलाया। वहां पहले उनकी आंखों में मिर्च पाउडर डाला गया, फिर अन्य आरोपियों की मदद से पकड़कर कुदाल के बेंत से हमला किया गया, जिससे उनकी मौत हो गई। जांच में यह भी सामने आया कि वारदात के बाद आरोपियों ने शव को ठिकाने लगाने और साक्ष्य मिटाने का प्रयास किया। रात के समय शव को घसीटकर गांव के बाहर खाली प्लॉट में फेंक दिया गया। पुलिस ने वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर घटना का सफल अनावरण करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में मुख्य अभियुक्ता के अलावा रमेश गुप्ता, धनई यादव तथा श्रीकांत चौहान शामिल हैं। पुलिस ने सभी के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। फरेंदा पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की क्षेत्र में सराहना हो रही है।1
- फरेंदा में रहस्यमय मौत, परिजनों ने बहू पर लगाया साजिश का आरोप फरेंदा में रहस्यमय मौत, परिजनों ने बहू पर लगाया साजिश का आरोप महराजगंज जिले के फरेंदा थाना क्षेत्र के सोनबरसा गांव में एक अधेड़ व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। मृतक की पहचान सच्चा राम गुप्ता के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजनों ने जमीन विवाद को लेकर हत्या की आशंका जताई है और बहू पर कथित रूप से साजिश रचने का आरोप लगाया है। हालांकि पुलिस ने अभी किसी आरोप की पुष्टि नहीं की है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। 👉 पूरी खबर जानने के लिए वीडियो को अंत तक देखें।1
- कुशीनगर:नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के पटेरा बुजुर्ग गांव के सामने ड्रेन में तीन बच्चियां डूब गईं कुशीनगर:नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र के पटेरा बुजुर्ग गांव के सामने ड्रेन में तीन बच्चियां डूब गईं। डूबने वालों में दो सगी बहनें और उनकी एक चचेरी बहन शामिल हैं। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई है। तीनों बच्चियों की तलाश जारी है। घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। तीनों बच्चियां दुबौली गांव की रहने वाली हैं?2