ओलावृष्टि से तबाही: जालौन में मुआवजे को लेकर सड़कों पर उतरी बसपा, प्रशासन से कार्रवाई की मांग जनपद जालौन में हाल ही में हुई ओलावृष्टि, तेज बारिश और आंधी से किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ा है। इस आपदा के बाद अब मुआवजे की मांग तेज होती जा रही है। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के कार्यकर्ता इस मुद्दे को लेकर सड़कों पर उतर आए हैं और प्रशासन से जल्द राहत देने की मांग कर रहे हैं। बीते शनिवार शाम अचानक बदले मौसम ने पूरे जनपद में कहर बरपा दिया। तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि ने खेतों में खड़ी हजारों एकड़ फसल को बर्बाद कर दिया। गेहूं, जौ और मूंग जैसी प्रमुख फसलें पूरी तरह चौपट हो गईं, जिससे किसानों के सामने आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। इसी गंभीर स्थिति को लेकर बसपा जिलाध्यक्ष अंतर सिंह पाल के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां उन्होंने प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। बसपा नेताओं का कहना है कि विकास खंड कुठौंद, रामपुरा, माधौगढ़ और कोंच तहसील सहित कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। पार्टी ने मांग की है कि प्रशासन तत्काल प्रभाव से फसल क्षति का पारदर्शी सर्वे कराए और किसानों को उनके नुकसान के अनुसार उचित मुआवजा उपलब्ध कराए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। फिलहाल प्रशासन की ओर से किसानों को आश्वासन दिया गया है कि शीघ्र ही सर्वे पूरा कर उचित मुआवजा दिलाया जाएगा। वाइट -अतर सिंह पाल (जिलाध्यक्ष बसपा)।
ओलावृष्टि से तबाही: जालौन में मुआवजे को लेकर सड़कों पर उतरी बसपा, प्रशासन से कार्रवाई की मांग जनपद जालौन में हाल ही में हुई ओलावृष्टि, तेज बारिश और आंधी से किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ा है। इस आपदा के बाद अब मुआवजे की मांग तेज होती जा रही है। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के कार्यकर्ता इस मुद्दे को लेकर सड़कों पर उतर आए हैं और प्रशासन से जल्द राहत देने की मांग कर रहे हैं। बीते शनिवार शाम अचानक बदले मौसम ने पूरे जनपद में कहर बरपा दिया। तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि ने खेतों में खड़ी हजारों एकड़ फसल को बर्बाद कर दिया। गेहूं, जौ और मूंग जैसी प्रमुख फसलें पूरी तरह चौपट हो गईं, जिससे किसानों के सामने आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। इसी गंभीर स्थिति को लेकर बसपा जिलाध्यक्ष अंतर सिंह पाल के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां उन्होंने प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। बसपा नेताओं का कहना है कि विकास खंड कुठौंद, रामपुरा, माधौगढ़ और कोंच तहसील सहित कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। पार्टी ने मांग की है कि प्रशासन तत्काल प्रभाव से फसल क्षति का पारदर्शी सर्वे कराए और किसानों को उनके नुकसान के अनुसार उचित मुआवजा उपलब्ध कराए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। फिलहाल प्रशासन की ओर से किसानों को आश्वासन दिया गया है कि शीघ्र ही सर्वे पूरा कर उचित मुआवजा दिलाया जाएगा। वाइट -अतर सिंह पाल (जिलाध्यक्ष बसपा)।
- जालौन में 8 साल बाद इंसाफ युवक की जलाकर हत्या मामले में ग्राम प्रधान समेत 4 दोषियों को उम्रकैद जालौन जनपद में बहुचर्चित हत्या मामले में आखिरकार 8 साल बाद न्याय मिल गया। कोंच कोतवाली क्षेत्र के चंदुररा गांव में युवक को जिंदा जलाकर मार डालने के मामले में जिला सत्र न्यायालय के SC/ST कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने ग्राम प्रधान समेत 4 आरोपियों को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही सभी दोषियों पर कुल 4.12 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। यह मामला पिछले 8 वर्षों से न्यायालय में लंबित था, जिसमें सुनवाई के दौरान कई अहम साक्ष्य और गवाह पेश किए गए। सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद अदालत ने यह कड़ा फैसला सुनाया। इस फैसले के बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद पूरी हुई है, वहीं इलाके में भी इस निर्णय को लेकर चर्चा तेज है।1
- थाना सिरसाकलार पुलिस द्वारा हत्या के प्रयास करने की घटना में प्रकाश में आये 02 अभियुक्तगण को गिरफ्तार कर विधिक कार्यवाही की गयी।1
- जालौन-औरैया मार्ग पर स्थित नए लोहिया पुल की जर्जर स्थिति को लेकर प्रकाशित खबर का असर अब साफ नजर आने लगा है। ग्रामीण सुबह न्यूज़ पेपर में प्रकाशित खबर को संज्ञान में लेते हुए पीडब्ल्यूडी विभाग हरकत में आया और मौके पर पहुंचकर तत्काल मरम्मत कार्य शुरू करा दिया। गौरतलब है कि ग्रामीण सुबह न्यूज़ पेपर के तहसील संवाददाता अखिलेश सोनी (जालौन) द्वारा इस समस्या को प्रमुखता से उठाया गया था, जिसमें पुल के शुरुआती हिस्से में सीसी उखड़ने और लोहे का सरिया बाहर निकलने की गंभीर स्थिति को उजागर किया गया था। खबर प्रकाशित होते ही विभाग ने तत्परता दिखाते हुए मरम्मत कार्य कराया, जिससे अब मार्ग पर आवागमन पहले की अपेक्षा सुरक्षित हो गया है। इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र के ग्रामीणों में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों ने कहा कि मीडिया के माध्यम से उठाई गई उनकी आवाज सुनी गई और समस्या का समाधान हुआ। उन्होंने पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारियों का धन्यवाद व्यक्त करते हुए कहा कि समय रहते कार्य होने से संभावित दुर्घटनाओं को टाला जा सका। ग्रामीणों ने ग्रामीण सुबह न्यूज़ पेपर एवं तहसील संवाददाता अखिलेश सोनी का भी आभार जताया, जिनके प्रयासों से यह मुद्दा प्रशासन तक पहुंचा और समाधान संभव हो सका।2
- जिला जालौन के AE साहब और JE साहब और सम्मानित जिम्मेदार अधिकारीगण। यह शिकायत नही है आप लोगो से विनम्र अनुरोध है । कुकरगावो फीडर से 4 गाँवो मकरंदपुरा'नैनपुरा 'करनपुरा 'शेखपुरा गावो की लाइन और लगभग 200 से 300 नलकूप की लाइन 40साल पुरानी लाइन से जुडी हुई है हर गाँवो की लाइन बदल चुकी है लेकिन इन गावो की लाइन नही बदली है झुके खममे जर जर तार हैआये दिन तार टूटते रहते है तार इतने नीचे कि हाथ से पकड लो जिसके कारण फसलो मे आग लग जाती है। 30 मार्च 26 को खजूरी गावो के कई किसान 11 हजार के करेंट से बचे' इसकी जानकरी JE साहब ने घटनास्थल का मुआयना किया औरDM साहब को काल करके और 'AE साहब को वाटसएप कर चुके है निवेदन है सम्मानित जिम्मेदार अधिकारीगण कुछ करने का कष्ट करे ताकि इस समस्या से बचा जा सके नही तो कोई दिन किसान और फसल के साथ हादसा हो सकता है।1
- खास खबर है जालौन जिले के ग्राम बोहदपुरा से जुड़ी हुई जहां आज़ जिलाधिकारी जालौन डॉ राजेश कुमार पाण्डेय ने छात्र छात्राओं को डिजिटल लाइब्रेरी की सौगात दी है देखें खास रिपोर्ट देवेश कुमार स्वर्णकार के साथ1
- Post by Bheem rajawat 96288004581
- कालपी (जालौन) कालपी के रावगंज क्षेत्र में मंगलवार शाम करीब 5 बजे जमीन विवाद को लेकर एक महिला पर कथित तौर पर हमला किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़ित महिला पार्वती अपने प्लॉट की सफाई कर रही थी, तभी पड़ोस की महिलाओं कविता (देवर की पत्नी) और पूजा (राजकुमार की पत्नी) से विवाद बढ़ गया। आरोप है कि विवाद के दौरान दोनों महिलाओं ने पार्वती के साथ मारपीट की, बाल खींचे और धक्का-मुक्की की, जिससे उसके चेहरे और कमर में चोटें आईं। घटना के दौरान आसपास मौजूद लोग बीच-बचाव करने के बजाय वीडियो बनाते रहे, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पीड़िता का कहना है कि उस पर समझौते का दबाव भी बनाया गया, लेकिन उसने इंकार कर दिया। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच पहले से ही प्लॉट की सीमा को लेकर विवाद चल रहा था, जो अब हिंसक रूप ले चुका है। पीड़ित पक्ष ने कोतवाली कालपी में शिकायत दर्ज कराई है, हालांकि स्थानीय स्तर पर पुलिस की कार्रवाई को लेकर सवाल उठ रहे हैं। मामले में पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है और लोगों में कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ी है।1
- जालौन में कदौरा में बड़ा हादसा—तेज रफ्तार हार्वेस्टर सड़क से उतरा, दो लोग घायल कदौरा क्षेत्र से एक बड़ी दुर्घटना की खबर सामने आई है। लहरा के पास तेज रफ्तार और अनियंत्रित हुआ हार्वेस्टर अचानक सड़क से नीचे उतर गया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। 🚨 कैसे हुआ हादसा? प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हार्वेस्टर अचानक असंतुलित हो गया और चालक के नियंत्रण से बाहर होकर सड़क किनारे गहरी ढलान में जा गिरा। हादसा इतना अचानक था कि आसपास मौजूद लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला। 😨 दो लोग गंभीर रूप से घायल इस दुर्घटना में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। 👉 हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने साहस दिखाते हुए: राहत और बचाव कार्य शुरू किया घायलों को बाहर निकाला नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद हालत नाजुक देखते हुए दोनों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। फिलहाल इलाज जारी है और स्थिति अब स्थिर बताई जा रही है। 🚓 पुलिस जांच में जुटी घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। 👉 प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि: तेज रफ्तार वाहन पर नियंत्रण खोना हादसे की मुख्य वजह हो सकती है। हालांकि पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। ⚠️ पहले भी हो चुके हैं हादसे ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग पर पहले भी कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम अब तक नहीं किए गए हैं। इससे लोगों में नाराजगी और डर का माहौल है। 📢 उठे बड़े सवाल क्या इस सड़क पर सुरक्षा इंतजाम बढ़ाए जाएंगे? क्या तेज रफ्तार पर लगाम लगेगी? कब जागेगा प्रशासन? 📌 निष्कर्ष: कदौरा का यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और लापरवाही की गंभीर तस्वीर सामने लाता है। समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो ऐसे हादसे आगे भी जानलेवा साबित हो सकते हैं।1
- यह जिला जालौन मे सातमील से लेकर सिहारी माइनर तक लगभग 7 किलोमीटर बना यह 2 माह चल जाये तो बहुत बडी बात है। आप वीडियो मे देख सकते है।1