मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद हमीरपुर पहुंचकर ₹636 करोड़ से अधिक लागत की 75 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को टूल किट, प्रमाण-पत्र, चेक और लैपटॉप भी वितरित किए। मुख्यमंत्री ने इन परियोजनाओं को बुंदेलखंड के हमीरपुर के लिए नई पहचान बताते हुए कहा कि यह क्षेत्र अब विकास की मुख्यधारा में आ चुका है और विकास का एक मॉडल बन रहा है। इन 75 परियोजनाओं में सड़क, पुल, स्वास्थ्य केंद्र, स्कूल, बिजली और पेयजल से जुड़े कार्य शामिल हैं। लोकार्पित की गई परियोजनाओं में पहले से बनी सड़कें, पंचायत भवन और आंगनवाड़ी केंद्र शामिल हैं, जिन्हें अब जनता को समर्पित किया गया है। वहीं, शिलान्यास की गई परियोजनाओं में नए स्टेडियम, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, इंटर कॉलेज और वाटर सप्लाई योजनाएँ शामिल हैं, जिन पर आज से काम शुरू होगा। मुख्यमंत्री ने 'डबल इंजन सरकार' का लक्ष्य बताते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ आखिरी पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुँचे। कार्यक्रम के दौरान, विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के लाभार्थियों को कारीगरों का काम बेहतर बनाने के लिए टूल किट दिए गए। स्वरोजगार योजनाओं के तहत चेक और प्रमाण-पत्र भी बांटे गए, जबकि डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए छात्रों को लैपटॉप वितरित किए गए। एक लाभार्थी महिला ने सरकार की सराहना करते हुए कहा कि अब घर बैठे मदद मिल रही है। इन परियोजनाओं से हमीरपुर-कानपुर और हमीरपुर-महोबा की कनेक्टिविटी मजबूत होगी, निर्माण कार्यों और नई इकाइयों से स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, तथा नए अस्पताल और स्कूल भवनों से स्वास्थ्य व शिक्षा की बेहतर सुविधाएँ मिलेंगी। पेयजल और बिजली परियोजनाएँ 'हर घर नल' और '24x7 बिजली' के लक्ष्य को पूरा करने में सहायक होंगी। इस कार्यक्रम में स्थानीय सांसद, विधायक सहित हजारों की संख्या में जनता मौजूद रही, जिन्होंने 'हर-हर महादेव' और 'योगी जी जिंदाबाद' के नारे लगाकर अपना उत्साह व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद हमीरपुर पहुंचकर ₹636 करोड़ से अधिक लागत की 75 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को टूल किट, प्रमाण-पत्र, चेक और लैपटॉप भी वितरित किए। मुख्यमंत्री ने इन परियोजनाओं को बुंदेलखंड के हमीरपुर के लिए नई पहचान बताते हुए कहा कि यह क्षेत्र अब विकास की मुख्यधारा में आ चुका है और विकास का एक मॉडल बन रहा है। इन 75 परियोजनाओं में सड़क, पुल, स्वास्थ्य केंद्र, स्कूल, बिजली और पेयजल से जुड़े कार्य शामिल हैं। लोकार्पित की गई परियोजनाओं में पहले से बनी सड़कें, पंचायत भवन और आंगनवाड़ी केंद्र शामिल हैं, जिन्हें अब जनता को समर्पित किया गया है। वहीं, शिलान्यास की गई परियोजनाओं में नए स्टेडियम, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, इंटर कॉलेज और वाटर सप्लाई योजनाएँ शामिल हैं, जिन पर आज से काम शुरू होगा। मुख्यमंत्री ने 'डबल इंजन सरकार' का लक्ष्य बताते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ आखिरी पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुँचे। कार्यक्रम के दौरान, विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के लाभार्थियों को कारीगरों का काम बेहतर बनाने के लिए टूल किट दिए गए। स्वरोजगार योजनाओं के तहत चेक और प्रमाण-पत्र भी बांटे गए, जबकि डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए छात्रों को लैपटॉप वितरित किए गए। एक लाभार्थी महिला ने सरकार की सराहना करते हुए कहा कि अब घर बैठे मदद मिल रही है। इन परियोजनाओं से हमीरपुर-कानपुर और हमीरपुर-महोबा की कनेक्टिविटी मजबूत होगी, निर्माण कार्यों और नई इकाइयों से स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, तथा नए अस्पताल और स्कूल भवनों से स्वास्थ्य व शिक्षा की बेहतर सुविधाएँ मिलेंगी। पेयजल और बिजली परियोजनाएँ 'हर घर नल' और '24x7 बिजली' के लक्ष्य को पूरा करने में सहायक होंगी। इस कार्यक्रम में स्थानीय सांसद, विधायक सहित हजारों की संख्या में जनता मौजूद रही, जिन्होंने 'हर-हर महादेव' और 'योगी जी जिंदाबाद' के नारे लगाकर अपना उत्साह व्यक्त किया।
- कौशाम्बी के सराय अकिल स्थित संजीवनी हॉस्पिटल एवं ट्रामा सेंटर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में एक विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। अस्पताल संचालिका मनीषा चौधरी की पहल पर आयोजित इस शिविर में असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों, मरीजों के परिजनों और अस्पताल कर्मचारियों को उनके कानूनी अधिकारों और विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई, जिसका लाभ सैकड़ों लोगों ने उठाया। अस्पताल को स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों में भी अग्रणी भूमिका निभाते हुए देखा गया। शिविर में पराविधिक स्वयंसेवक ममता दिवाकर ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महिलाओं, बच्चों, दिव्यांगों, श्रमिकों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को निःशुल्क कानूनी सहायता, परामर्श और लोक अदालत के माध्यम से न्याय उपलब्ध कराता है। मुख्य वक्ता, मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज प्रयागराज के सर्जरी विभाग के प्रोफेसर राजकुमार चौधरी ने इस बात पर जोर दिया कि जानकारी के अभाव में लाखों श्रमिक सरकारी योजनाओं और अपने अधिकारों से वंचित रह जाते हैं, और ऐसे जागरूकता कार्यक्रम समाज को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण हैं। डॉ. अखिल चौधरी ने शिक्षा के अधिकार पर बल दिया, जबकि डॉ. नरेंद्र दिवाकर ने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताते हुए उन्हें सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। इस शिविर में प्रधानमंत्री श्रम योगी मान-धन योजना, ई-श्रम कार्ड, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना और आयुष्मान भारत योजना सहित कई जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई। क्षेत्रीय लोगों ने संजीवनी हॉस्पिटल संचालिका मनीषा चौधरी की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि अस्पताल न केवल उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहा है, बल्कि सामाजिक जागरूकता फैलाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। कार्यक्रम का संचालन पीएलवी अमरदीप दिवाकर ने किया, और धन्यवाद ज्ञापन पीएलवी ज्योत्सना सोनकर ने दिया। इस अवसर पर अस्पताल के मैनेजर संजय पाल, ब्लड बैंक इंचार्ज विमल चंद्र गुप्ता, लेखपाल शीलवंत सिंह सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।1
- jila prayagraj प्रयागराज जिला सदर तहसील थाना अंतर्गत पूरा मुक्ति सामूहिक बलात्कार कर एक मुस्लिम लड़का 14 वर्षीय हिंदू लड़की का गैंग रेप करके जान से करने के लिए धमकी1
- कौशाम्बी जनपद के कोखराज थाना क्षेत्र अंतर्गत चंदीपुर निवासी धर्म नारायण जी, जो एक भूतपूर्व सैनिक हैं, अपनी 50 वर्षों से भूमिधारी जमीन पर मकान निर्माण का कार्य करा रहे हैं। इसी दौरान, दबंग व्यक्ति आए दिन उनके मकान निर्माण कार्य में अवरोध उत्पन्न कर रहे हैं। ये दबंग खुद को उस भूमि का मालिक बताकर पूर्व सैनिक की संपत्ति पर अवैध कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। इस मामले को इंडियन नेशनल न्यूज (सच की खोज) के फाउंडर रिंकू राज ने रिपोर्ट किया है।1
- एक टिप्पणी में यह बात कही गई है कि भारत वर्तमान में चीन से 30 साल पीछे है। टिप्पणी में आगे कहा गया कि अगर मोदी जी पहले से किसी संबंधित पद पर होते, तो आज भारत चीन से 30 साल आगे होता।1
- प्रयागराज के करेली क्षेत्र में, पप्पू कपड़े वाले के बगल में स्थित मरहूम आगाह मोईनुद्दीन चाँद मियां नियाज़ी उर्फ चाँद चोटी के घर पर इमामे हुसैन की याद में एक महफिल-ए-मिलाद का आयोजन किया गया। इस महफिल की मेजबानी उनके पुत्र अशद नियाज़ी ने की, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने शिरकत की। अशद नियाज़ी ने बताया कि यह आयोजन हर साल मुहर्रम की चाँद 5 तारीख को उनके वालिद चाँद मियां नियाज़ी द्वारा किया जाता था। यह परंपरा सालों साल से चली आ रही है, जिसे अब उनके इंतकाल के बाद उनके पुत्र निभा रहे हैं। चाँद मियां नियाज़ी खानकाह-ए-नियाज़िया बरेली शरीफ से मुरीद और खलीफा थे, और अब उनके पुत्र उनकी विरासत को आगे बढ़ाते हुए इस महत्वपूर्ण धार्मिक आयोजन को जारी रखे हुए हैं।4
- कौशाम्बी जिले में NEET परीक्षा के संचालन के लिए हाई अलर्ट जारी किया गया है। परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश देने से पहले अभ्यर्थियों की तीन स्तरों पर सघन जांच की गई।1