संत रविदास स्वरोजगार योजना से साकार हुआ तनसुख का सपना, खाद-बीज भंडार से प्रतिमाह 30–40 हजार रुपये की आय नीमच, 14 सितंबर 2026। शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं जरूरतमंदों को स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने का सशक्त माध्यम बन रही हैं। ऐसी ही एक योजना का लाभ लेकर नीमच जिले के ग्राम कराडिया महाराज निवासी श्री तनसुख लाल पिता श्री कैलाश चंद्र ने अपने स्वरोजगार का सपना साकार किया और आज सफलतापूर्वक खाद-बीज भंडार संचालित कर आत्मनिर्भर जीवन की ओर बढ़ रहे हैं। श्री तनसुख लाल को संत रविदास स्वरोजगार योजना के तहत जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के माध्यम से स्वरोजगार स्थापित करने के लिए सहायता मिली। योजना के अंतर्गत उन्हें भारतीय स्टेट बैंक, जीरन शाखा से 7 लाख रुपये का ऋण प्राप्त हुआ। इस राशि का उपयोग कर उन्होंने अपना खाद-बीज भंडार प्रारंभ किया। व्यवसाय शुरू होने के बाद श्री तनसुख लाल की आर्थिक स्थिति में निरंतर सुधार आया है। वर्तमान में वे अपने खाद-बीज भंडार से प्रतिमाह लगभग 30 से 40 हजार रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं। स्वरोजगार से प्राप्त नियमित आय ने न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया है, बल्कि उनमें आत्मविश्वास और स्वावलंबन की भावना को भी बढ़ाया है। श्री तनसुख लाल बताते हैं कि पहले स्वयं का व्यवसाय शुरू करना उनके लिए एक सपना था, लेकिन आर्थिक संसाधनों के अभाव में यह संभव नहीं हो पा रहा था। संत रविदास स्वरोजगार योजना और जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के सहयोग से उन्हें आवश्यक वित्तीय संबल मिला और उनका सपना साकार हो सका। आज वे अपने व्यवसाय का संचालन स्वयं कर रहे हैं और मेहनत से आगे बढ़ रहे हैं। जिले में कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के मार्गदर्शन में विभिन्न स्वरोजगार एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग स्वरोजगार से जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त एवं आत्मनिर्भर बन सकें। श्री तनसुख लाल ने स्वरोजगार स्थापित करने में सहयोग के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। वे कहते हैं कि शासन की योजना से मिले सहयोग ने उन्हें अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर दिया है। आज उनका खाद-बीज भंडार न केवल उनकी आय का माध्यम है, बल्कि उनके आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की नई पहचान भी बन गया है।
संत रविदास स्वरोजगार योजना से साकार हुआ तनसुख का सपना, खाद-बीज भंडार से प्रतिमाह 30–40 हजार रुपये की आय नीमच, 14 सितंबर 2026। शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं जरूरतमंदों को स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने का सशक्त माध्यम बन रही हैं। ऐसी ही एक योजना का लाभ लेकर नीमच जिले के ग्राम कराडिया महाराज निवासी श्री तनसुख लाल पिता श्री कैलाश चंद्र ने अपने स्वरोजगार का सपना साकार किया और आज सफलतापूर्वक खाद-बीज भंडार संचालित कर आत्मनिर्भर जीवन की ओर बढ़ रहे हैं। श्री तनसुख लाल को संत रविदास स्वरोजगार योजना के तहत जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के माध्यम से स्वरोजगार स्थापित करने के लिए सहायता मिली। योजना के अंतर्गत उन्हें भारतीय स्टेट बैंक, जीरन शाखा से 7 लाख रुपये का ऋण प्राप्त हुआ। इस राशि का उपयोग कर उन्होंने अपना खाद-बीज भंडार प्रारंभ किया। व्यवसाय शुरू होने के बाद श्री तनसुख लाल की आर्थिक स्थिति में निरंतर सुधार आया है। वर्तमान में वे अपने खाद-बीज भंडार से प्रतिमाह लगभग 30 से 40 हजार रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं। स्वरोजगार से प्राप्त नियमित आय ने न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया है, बल्कि उनमें आत्मविश्वास
और स्वावलंबन की भावना को भी बढ़ाया है। श्री तनसुख लाल बताते हैं कि पहले स्वयं का व्यवसाय शुरू करना उनके लिए एक सपना था, लेकिन आर्थिक संसाधनों के अभाव में यह संभव नहीं हो पा रहा था। संत रविदास स्वरोजगार योजना और जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के सहयोग से उन्हें आवश्यक वित्तीय संबल मिला और उनका सपना साकार हो सका। आज वे अपने व्यवसाय का संचालन स्वयं कर रहे हैं और मेहनत से आगे बढ़ रहे हैं। जिले में कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के मार्गदर्शन में विभिन्न स्वरोजगार एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि अधिक से अधिक लोग स्वरोजगार से जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त एवं आत्मनिर्भर बन सकें। श्री तनसुख लाल ने स्वरोजगार स्थापित करने में सहयोग के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। वे कहते हैं कि शासन की योजना से मिले सहयोग ने उन्हें अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर दिया है। आज उनका खाद-बीज भंडार न केवल उनकी आय का माध्यम है, बल्कि उनके आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की नई पहचान भी बन गया है।
- TMC के बागी सांसदों को झटका! बंगाल के निकाय चुनाव को लेकर BJP का बड़ा फैसला भाजपा ने बंगाल विधानसभा चुनाव में शानदार जीत दर्ज की थी. उसने ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस को बुरी तरह हराया था. इसी वजह से पार्टी आत्मविश्वास से भरी है और निकाय चुनाव में अकेले मैदान में उतरने की तैयारी में है. पार्टी के संयोजक नितेश तिवारी ने भी इस मामले पर अहम प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि केएमसी में भाजपा के पास लगभग कुछ भी नहीं था. लेकिन विधानसभा चुनाव के नतीजों में कोलकाता की ज्यादातर सीटों पर लोगों ने भाजपा को वोट दिया2
- सुनो कविता..... गजानन 🙏1
- फैक्ट्री में एक व्यक्ति कि मौत परिवार को बिना बताए अस्पताल1
- MP - सुवासरा अंडरपास में फिर फसी एक मारुति वेन..! जिसका विडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। सुवासरा अंडरपास में फिर फसी एक मारुति वेन..! जिसका विडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। यहां से गुजर रहे एक युवक ने इसका वीडियो बनाया और अपने इंस्टाग्राम पर पोस्ट कर दिया वीडियो में युवक विधायक से इस अंडरपास को सुधारने की मांग करता हुआ नजर आया वही रेलवे ट्रैक के ऊपर से महिला भी उतरती नजर आई। वास्तविक स्थिति को देखा जाए तो यहां पर बारिश के दिनों में जल भराव की वजह से आने जाने वाले राहगीरों एवं वाहनों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। शासन प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारी एवं जन प्रतिनिधियों को इस ओर ध्यान देना चाहिए। हर साल बारिश के दिनों में यही हाल होते हैं, कभी-कभी तो वाहन फस भी जाते हैं, बिच में ही। कभी-भी कोई हादसा या घटना हो सकती है। एक बच्चे ने हिम्मत करके वीडियो बना कर सोशल मीडिया पर डाला है, जो वायरल हुआ है देखिए आप सभी मित्र बंधु व कामेंट कर बताए की सुधार होना चाहिए या नहीं अपनी प्रतिक्रिया जरूर दें..! ✍️ सूचना जनहित में जारी1
- श्री सांवलिया सेठ की भंडार दानपेटी से दूसरे चरण में निकले ₹7.51 करोड़ श्री सांवलिया सेठ के भंडार की दूसरे चरण की गणना पूरी, अब तक 15 करोड़ 05 लाख 54 हजार रुपये की दानराशि प्राप्त1
- संगेसरा गांव के खटीक मोहल्ले में गणपति गणेश चतुर्थी को गणपति की स्थापना की थी उसमें सभी महिला वासियों ने धूमधाम के गणपति का आदर सत्कार किया4
- पुलिस थाना मनासा मैं करीब 200 मीटर की दुरी पर CCTV में कैद चड्डी-बनियान गैंग! रातभर दुकान को बनाया निशाना1
- पीएम मोदी के नेतृत्व में सफल हुआ BRICS समिट, जयशंकर बोले- भारत ने दिखाया कूटनीतिक कौशल विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि सफल BRICS शिखर सम्मेलन ने भारत की मजबूत आयोजन क्षमता और गहरे भू-राजनीतिक मतभेदों के बावजूद देशों के बीच आम सहमति बनाने की उसकी क्षमता को प्रदर्शित किया। उन्होंने कहा कि कई लोगों ने सम्मेलन के सफल होने पर सवाल उठाए थे, लेकिन नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में यह सफलतापूर्वक आयोजित हुआ। 32 प्रतिनिधिमंडलों ने लिया हिस्सा जयशंकर ने बताया कि शिखर सम्मेलन में 32 प्रतिनिधिमंडलों ने हिस्सा लिया। इनमें 11 BRICS सदस्य देशों, 10 पार्टनर देशों, चार क्षेत्रीय संगठनों और सात अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधि शामिल थे। कई देशों का प्रतिनिधित्व उनके राष्ट्राध्यक्षों या सरकार प्रमुखों ने किया। इनमें रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग, इंडोनेशियाई राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो, दक्षिण अफ्रीकी राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा, ईरान के राष्ट्रपति, इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबिय अहमद, यूएई के क्राउन प्रिंस और मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी शामिल थे। मध्य पूर्व संघर्ष पर बनी आम सहमति दुनियाभर में जारी तनाव के बीच सम्मेलन के महत्व पर जोर देते हुए जयशंकर ने कहा कि BRICS पश्चिम एशिया और मध्य पूर्व के संघर्ष पर आम सहमति बनाने में सफल रहा। सदस्य देशों ने शांति, सुरक्षा, स्थिरता और दीर्घकालिक समझ की अपील की। साथ ही निर्बाध वैश्विक व्यापार, सप्लाई चेन और ऊर्जा प्रवाह जारी रखने तथा नागरिकों और नागरिक बुनियादी ढांचे की सुरक्षा की जरूरत पर जोर दिया गया। नेताओं के बीच खुली बातचीत का माहौल विदेश मंत्री ने कहा कि सम्मेलन ने नेताओं के बीच खुली और सहज बातचीत का माहौल भी तैयार किया। उन्होंने कहा कि इसमें ऐसे नेताओं के बीच भी संवाद का अवसर बना, जो संभवत: अलग परिस्थितियों में कभी एक-दूसरे से नहीं मिल पाते। आर्थिक विकास और ग्लोबल साउथ पर फोकस जयशंकर के अनुसार, सम्मेलन का व्यापक एजेंडा आर्थिक विकास, तकनीक और ‘ग्लोबल साउथ’ की आवाज को मजबूत करने पर केंद्रित रहा। उन्होंने कहा कि सुधार और लचीलापन ऐसे प्रमुख विषय बनकर उभरे, जिन्होंने BRICS के सदस्य देशों को आम सहमति बनाने में मदद की। आतंकवाद के खिलाफ स्पष्ट रुख आतंकवाद के मुद्दे पर जयशंकर ने BRICS की आम सहमति को विशेष रूप से महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि समूह ने आतंकवाद के सभी रूपों और तरीकों की निंदा की, जिसमें सीमा-पार आतंकवाद भी शामिल है। उन्होंने 22 अप्रैल 2025 के पहलगाम आतंकी हमले को स्पष्ट रूप से अस्वीकार्य बताते हुए आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस और इससे निपटने में दोहरे मापदंडों को खारिज करने की समूह की अपील पर भी जोर दिया। ‘बातचीत, कूटनीति और विकास’ का संदेश जयशंकर ने कहा कि सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘बातचीत, कूटनीति और विकास’ के संदेश की झलक दिखाई दी, जिसकी दुनिया भर में सराहना हुई। उन्होंने कहा कि भारत ने संवाद और कूटनीति के माध्यम से विभिन्न मतभेदों के बीच साझा आधार तलाशने का प्रयास किया। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सफल हुआ सम्मेलन अपनी बात समाप्त करते हुए जयशंकर ने कहा कि कई लोगों ने पहले भविष्यवाणी की थी कि BRICS शिखर सम्मेलन सफल नहीं हो पाएगा, लेकिन यह सफल हुआ। उन्होंने कहा कि नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने इस महत्वपूर्ण सम्मेलन को सफलतापूर्वक आयोजित कर अपनी कूटनीतिक और आयोजन क्षमता का प्रदर्शन किया। (इनपुट: आईएएनएस)2
- MP - सागर जहरीली शराब कांड के दूसरे आरोपी का भी आज शॉर्ट एनकाउंटर किया गया है। ऐसे में अब हमारे राज्य में कानून-व्यवस्था को लेकर कोई चिंता की बात नहीं है। अब हर अपराधी के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी। डॉ. मोहन यादव, मुख्यमंत्री1