धौलपुर जिले के सरमथुरा क्षेत्र के हजारों मजदूरों, वाहन चालकों, मशीन ऑपरेटरों, छोटे ठेकेदारों और ग्रामीणजनों ने 25 मई 2026 को धौलपुर के खनिज अभियंता को एक ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन में सरमथुरा क्षेत्र में खनन कार्य को जनहित में पुनः शुरू करवाने की मांग की गई है, क्योंकि खनन गतिविधियों के बंद होने से क्षेत्र में गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो गया है। ज्ञापन के अनुसार, सरमथुरा क्षेत्र के हजारों परिवार अपनी आजीविका के लिए सीधे तौर पर खनन कार्य पर निर्भर हैं। खनन कार्य बंद होने के कारण इन सभी वर्गों के सामने रोजगार और भरण-पोषण का गंभीर संकट खड़ा हो गया है, जिससे क्षेत्र में आर्थिक संकट गहरा गया है। इस स्थिति के चलते प्रतिदिन मजदूरी कर अपने परिवार का पेट भरने वाले श्रमिकों के लिए जीवन-यापन मुश्किल हो गया है। साथ ही, स्थानीय व्यापार और परिवहन कार्य भी बुरी तरह प्रभावित हुए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। क्षेत्र की जनता और मजदूर वर्ग ने खनिज अभियंता से आग्रह किया है कि वे नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए सरमथुरा क्षेत्र में खनन कार्य को जल्द से जल्द पुनः प्रारंभ करवाएं। उनकी मांग है कि यह कदम हजारों परिवारों को रोजगार प्रदान करेगा और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को फिर से सुचारू करेगा, इसलिए जनहित और क्षेत्रहित को ध्यान में रखते हुए शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए।
धौलपुर जिले के सरमथुरा क्षेत्र के हजारों मजदूरों, वाहन चालकों, मशीन ऑपरेटरों, छोटे ठेकेदारों और ग्रामीणजनों ने 25 मई 2026 को धौलपुर के खनिज अभियंता को एक ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन में सरमथुरा क्षेत्र में खनन कार्य को जनहित में पुनः शुरू करवाने की मांग की गई है, क्योंकि खनन गतिविधियों के बंद होने से क्षेत्र में गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो गया है। ज्ञापन के अनुसार, सरमथुरा क्षेत्र के हजारों परिवार अपनी आजीविका के लिए सीधे तौर पर खनन कार्य पर निर्भर हैं। खनन कार्य बंद होने के कारण इन सभी वर्गों के सामने रोजगार और भरण-पोषण का गंभीर संकट खड़ा हो गया है, जिससे क्षेत्र में आर्थिक संकट गहरा गया है। इस स्थिति के चलते प्रतिदिन मजदूरी कर अपने परिवार का पेट भरने वाले श्रमिकों के लिए जीवन-यापन मुश्किल हो गया है। साथ ही, स्थानीय व्यापार और परिवहन कार्य भी बुरी तरह प्रभावित हुए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। क्षेत्र की जनता और मजदूर वर्ग ने खनिज अभियंता से आग्रह किया है कि वे नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए सरमथुरा क्षेत्र में खनन कार्य को जल्द से जल्द पुनः प्रारंभ करवाएं। उनकी मांग है कि यह कदम हजारों परिवारों को रोजगार प्रदान करेगा और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को फिर से सुचारू करेगा, इसलिए जनहित और क्षेत्रहित को ध्यान में रखते हुए शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए।
- धौलपुर जिले के सरमथुरा कस्बे में बंदरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दिनों-दिन बंदरों की संख्या बढ़ने से यह समस्या और गंभीर होती जा रही है। नगर पालिका प्रशासन ने बंदरों को पकड़ने के लिए ठेका भी दिया हुआ है, लेकिन लोगों ने आरोप लगाया है कि बंदर पकड़ने के नाम पर केवल खानापूर्ति की जा रही है। नगर पालिका क्षेत्र में बंदरों की बढ़ती संख्या के कारण उनका आतंक लगातार जारी है।1
- एक व्यापारी को 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगने को लेकर जान से मारने की धमकी दी गई है। यह धमकी रंगदारी की मांग से संबंधित है।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में स्थित जटावार गाँव में नलियाँ बंद पड़ी हैं। यह समस्या जिले के जटावार गाँव में सामने आई है।1
- शहर के कन्हैया रिसोर्ट में बाड़ी भारत विकास परिषद शाखा बाड़ी का कार्यशाला एवं दायित्व ग्रहण समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम के दौरान परिषद के सदस्यों ने शपथ ली। यह समारोह नवनियुक्त अध्यक्ष मनोज शिवहरे की अध्यक्षता में संपन्न हुआ।2
- मुरैना के पहाड़गढ़ जनपद क्षेत्र से सरकारी राशन वितरण में कथित धांधली का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहाँ एक राशन दुकान संचालित डीलर पर 'हिटलरशाही' का आरोप है। जनपद की ग्राम पंचायत बिश्नोई के आश्रित गाँव 'मुरली का पूरा' से राशन डीलर की मनमानी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने पूरे प्रशासनिक तंत्र पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालाँकि, हम इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करते कि यह कब का है या किसके द्वारा बनाया गया है। वायरल वीडियो के अनुसार, राशन डीलर पात्रताधारी ग्रामीणों से राशन देने के नाम पर मशीन में उनका अंगूठा लगवा लेता है और पर्ची भी काट देता है। इसके बाद ग्रामीणों को यह आश्वासन दिया जाता है कि उन्हें राशन के बदले पैसे दिए जाएंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि अंगूठा लगवाने के बाद डीलर द्वारा न तो राशन दिया जाता है और न ही पैसे। हद तो तब हो जाती है जब महीना पूरा होने पर उन पर्चियों को निरस्त (कैंसिल) कर दिया जाता है, जिसके कारण ग्रामीणों को उनके हक के राशन से वंचित होना पड़ रहा है। इस धोखाधड़ी को लेकर 'मुरली का पूरा' गांव के निवासियों में भारी रोष व्याप्त है। परेशान और आक्रोशित ग्रामीणों ने वायरल वीडियो के माध्यम से शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों से इस पूरे मामले की गहन जांच करने और क्षेत्र की राशन वितरण व्यवस्था को तुरंत दुरुस्त करने की गुहार लगाई है। ग्रामीणों ने यह भी मांग की है कि आरोपी राशन डीलर के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।1
- हिंडौन की चेतराम कॉलोनी में नलों से नाली जैसा बेहद गंदा पानी आ रहा है, जिससे इलाके के निवासियों में भारी परेशानी और चिंता है। एक वीडियो में भी इस गंदे पानी की स्थिति को स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अभी तो बरसात का मौसम भी शुरू नहीं हुआ है, ऐसे में आने वाले समय में कॉलोनीवासियों का क्या होगा, यह भगवान भरोसे ही है। इस गंभीर समस्या के लिए हिंडौन के जिम्मेदार वाटर बॉक्स कर्मचारियों, नगर परिषद हिंडौन और एसडीएम प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया गया है, क्योंकि इन पर ध्यान न देने का आरोप है।1
- हिंडौन सिटी के सूरौठ स्थित ताहरपुर गांव में शनिवार को पद दंगल का समापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में महवा विधायक राजेंद्र मीना ने मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत की। मीना समाज द्वारा आयोजित इस पद दंगल में शेखपुरा, लाला राम पुरा, झारेडा, पीपरी और डेडान का पुरा की पार्टियों ने भक्तिमय पदों की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। इस अवसर पर गांव के पांच पटेलों ने मुख्य अतिथि महवा विधायक का साफा और माला पहनाकर भव्य स्वागत-सत्कार किया। ग्रामीणों ने विधायक के समक्ष ताहरपुर से भुकरावली तक डामरीकृत सड़क बनवाने, 33 केवी जीएसएस और एक डिस्पेंसरी स्वीकृत करवाने की प्रमुख मांगें रखीं। पद दंगल के इस समापन कार्यक्रम में ताहरपुर सहित आसपास के गांवों के लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे।2
- धौलपुर जिले के सरमथुरा उपखंड क्षेत्र से होकर गुजर रहे राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 11 बी पर बरौली गाँव में, सरकारी विद्यालय के पास सड़क धंस गई है। यह धंसी हुई सड़क लगातार हादसों को खुला निमंत्रण दे रही है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में चिंता व्याप्त है। ग्रामीणों ने इस गंभीर समस्या को लेकर उच्च अधिकारियों और हाईवे प्रबंधन से सड़क की तत्काल मरम्मत कराए जाने की मांग की है।1