उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने रायबरेली दौरे के दौरान विभिन्न संस्थानों का निरीक्षण कर महिला एवं बालिका कल्याण योजनाओं की व्यापक समीक्षा की। अपने इस निरीक्षण के तहत उन्होंने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, आंगनवाड़ी केंद्र, सीएचसी और बालिका निकेतन का जायजा लिया तथा वहां मौजूद व्यवस्थाओं को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। इस दौरान अपर्णा यादव ने नीट पेपर लीक मामले, विपक्ष के प्रदर्शन और कानून-व्यवस्था पर सरकार का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार व अराजकता के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही हैं और नीट पेपर लीक के दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। विपक्ष के प्रदर्शनों पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है, लेकिन अनुशासनहीनता स्वीकार्य नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने रायबरेली की जनता से भविष्य में सोच-समझकर मतदान करने की अपील की।
उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने रायबरेली दौरे के दौरान विभिन्न संस्थानों का निरीक्षण कर महिला एवं बालिका कल्याण योजनाओं की व्यापक समीक्षा की। अपने इस निरीक्षण के तहत उन्होंने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, आंगनवाड़ी केंद्र, सीएचसी और बालिका निकेतन का जायजा लिया तथा वहां मौजूद व्यवस्थाओं को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। इस दौरान अपर्णा यादव ने नीट पेपर लीक मामले, विपक्ष के प्रदर्शन और कानून-व्यवस्था पर सरकार का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार व अराजकता के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही हैं और नीट पेपर लीक के दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। विपक्ष के प्रदर्शनों पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है, लेकिन अनुशासनहीनता स्वीकार्य नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने रायबरेली की जनता से भविष्य में सोच-समझकर मतदान करने की अपील की।
- रायबरेली के सलोन में संगठन के पदाधिकारियों ने शोकाकुल परिवार से मुलाकात की और अपनी शोक संवेदना व्यक्त की।1
- रायबरेली में जिला कांग्रेस कार्यालय पर हंगामे से राजनीतिक माहौल गरमा गया है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि 12 से 15 लोग कार्यालय पहुंचकर नारेबाजी करने लगे और अभद्र भाषा का प्रयोग किया। शोर सुनकर बाहर आए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को वहां से हटाया। कांग्रेस का दावा है कि ये लोग भाजपा समर्थित थे और उसने भाजपा पर माहौल खराब करने तथा अराजकता फैलाने का आरोप लगाया है। दूसरी ओर, इस मामले पर भाजपा की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की जांच में जुटी है।3
- रायबरेली में कांग्रेस पार्टी के जिला अध्यक्ष पंकज तिवारी ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोलते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश और देश की जनता इस समय महंगाई, बेरोजगारी और कानून-व्यवस्था जैसी समस्याओं से जूझ रही है, लेकिन सरकार आम लोगों की इन तकलीफों का समाधान करने के बजाय खामोश बैठी है। पंकज तिवारी ने सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि "सरकार जनता के असली मुद्दों से ध्यान भटकाने में लगी है, जबकि आम लोगों की समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा।" उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों से आम जनता पूरी तरह परेशान हो चुकी है। उन्होंने ऐलान किया कि कांग्रेस जनता के मुद्दों को आगे भी मजबूती से उठाती रहेगी और आने वाले समय में जनता खुद भाजपा सरकार को इसका जवाब देगी।1
- रायबरेली के कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका की अध्यक्षता में सीएमआईएस के अंतर्गत जनपद में संचालित निर्माणाधीन व अन्य परियोजनाओं (सड़क को छोड़कर) की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में विभिन्न विभागों के निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता, वित्तीय स्थिति तथा निर्धारित समय-सीमा के अनुरूप कार्यों के निष्पादन की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी निर्माणाधीन परियोजनाओं को तय समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराया जाए और शासन की मंशा के अनुरूप जनहित से जुड़ी परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही न बरती जाए। कार्यदायी संस्थाओं को नियमित रूप से स्थलीय निरीक्षण कर कार्यों की प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने धीमी प्रगति वाली परियोजनाओं के अवरोधों का तत्काल निराकरण कर काम में तेजी लाने को कहा। उन्होंने पारदर्शिता बनाए रखते हुए नियमित मॉनिटरिंग करने तथा प्रत्येक परियोजना की अद्यतन प्रगति सीएमआईएस पोर्टल पर समय से दर्ज करने के निर्देश दिए। साथ ही निर्माण सामग्री की गुणवत्ता से समझौता न करने और कार्य पूरा होने पर गुणवत्ता परीक्षण कराने पर जोर दिया गया। बैठक में निर्माणाधीन विद्यालयों, स्वास्थ्य संस्थानों व अन्य सार्वजनिक उपयोग की परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए ताकि आमजन को शीघ्र बेहतर सुविधाएं मिल सकें। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अंजुलता, जिला अर्थ एवं सांख्यिकी अधिकारी सुधीर गिरी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।1
- रायबरेली जिले के ऊंचाहार में स्थित प्राचीन महादेवन गुप्तेश्वर धाम का जिक्र करते हुए जिला पंचायत सदस्य शैलेन्द्र गुप्ता ने अपना संदेश साझा किया है। शैलेन्द्र गुप्ता, ऊँचाहार के पूर्व चेयरमैन श्री प्रमोद गुप्ता के पुत्र हैं।1
- रायबरेली के पुलिस अधीक्षक रवि कुमार ने 24 जुलाई 2026 को लालगंज स्थित क्षेत्राधिकारी कार्यालय के जीर्णोद्धार कार्य का फीता काटकर उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने नवनिर्मित एवं सुव्यवस्थित कार्यालय परिसर का निरीक्षण भी किया। कार्यालय का जायजा लेने के बाद पुलिस अधीक्षक ने वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण में आमजन की समस्याओं का गुणवत्तापूर्ण तथा समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए।3
- रायबरेली में खीरों थाना क्षेत्र के लल्ला खेड़ा चौकी प्रभारी पर एक महिला ने हत्या, उत्पीड़न और संपत्ति हड़पने के गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई है। पुराना शिवली रोड स्थित चंदेल नगर निवासी स्वर्गीय मनोज सिंह की पत्नी पीड़िता रीतू सिंह ने उपनिरीक्षक (चौकी प्रभारी) राजकुमार यादव पर अपने पति की हत्या में शामिल होने का आरोप लगाया है। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी चौकी प्रभारी ने उनके ससुर के खाते से लाखों रुपये निकाल लिए। जब घर पर कोई नहीं रहता था, तो आरोपी कई बार पीड़िता के साथ छेड़खानी की कोशिश भी करता था। इसके अलावा पति की मौत के बाद पीड़िता की जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया गया और दलालों की मदद से एक कार भी अपने नाम ट्रांसफर करवा ली गई। पीड़िता के मुताबिक 24 मई की घटना के मामले में पीएम रिपोर्ट से खुलासा हुआ था कि उनके पति की मौत दो दिन पहले ही हो चुकी थी। आरोप है कि चौकी प्रभारी राजकुमार यादव द्वारा पीड़िता को झूठे मुकदमों में फंसाने की लगातार धमकियां भी दी जा रही हैं। पुलिस अधीक्षक ने इस पूरे मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच सीओ लालगंज को सौंप दी है।2
- नई दिल्ली में 22 जुलाई को हुए एक प्रदर्शन के दौरान हिंसा और अराजकता का मामला सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में कुछ प्रदर्शनकारी रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के एक जवान का पीछा करते, उसे गिराकर लात-घूंसों से पीटते और सुरक्षाबलों पर हमला करते दिखाई दे रहे हैं। इस घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने जवानों पर हमले के मामले में एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो और अन्य फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।1