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दुमका जिले के जरमुंडी प्रखंड में स्थित विश्व स्तरीय बाबा बासुकीनाथ में आयोजित होने वाले श्रावणी मेले के मद्देनजर, बिजली विभाग के 'गम' ने एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है। पहले मेले के दौरान 5 MVA का ट्रांसफार्मर लगा होता था, जिसके कारण लगातार बिजली ओवरलोडिंग की समस्या बनी रहती थी। हालांकि, इस बार इस परेशानी को जड़ से खत्म करने के लिए 10 MVA का एक बड़ा ट्रांसफार्मर स्थापित किया जा रहा है। इस व्यवस्था से इस वर्ष श्रावणी मेले में स्थानीय लोगों और दुकानदारों को बिजली ओवरलोडिंग से जुड़ी कोई समस्या नहीं होगी।
The Samachar Point
दुमका जिले के जरमुंडी प्रखंड में स्थित विश्व स्तरीय बाबा बासुकीनाथ में आयोजित होने वाले श्रावणी मेले के मद्देनजर, बिजली विभाग के 'गम' ने एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है। पहले मेले के दौरान 5 MVA का ट्रांसफार्मर लगा होता था, जिसके कारण लगातार बिजली ओवरलोडिंग की समस्या बनी रहती थी। हालांकि, इस बार इस परेशानी को जड़ से खत्म करने के लिए 10 MVA का एक बड़ा ट्रांसफार्मर स्थापित किया जा रहा है। इस व्यवस्था से इस वर्ष श्रावणी मेले में स्थानीय लोगों और दुकानदारों को बिजली ओवरलोडिंग से जुड़ी कोई समस्या नहीं होगी।
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- बांका जिला प्रशासन श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को लेकर पूरी तरह अलर्ट है, जहाँ जिलाधिकारी अंशुल अग्रवाल और पुलिस अधीक्षक अमितेश कुमार ने कांवरिया पथ का संयुक्त रूप से सघन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कांवरियों की सुरक्षा और सुविधाओं में कोई कमी न रहे, यह सुनिश्चित करने के लिए विशेष ध्यान दिया। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, पेयजल, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, चिकित्सा सुविधा और यातायात प्रबंधन का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। प्रशासन का मुख्य लक्ष्य है कि लाखों श्रद्धालुओं को इस बार सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित यात्रा का अनुभव मिल सके। बांका प्रशासन की यह सक्रियता दिखाती है कि वे श्रावणी मेला 2026 से पहले सभी आवश्यक इंतज़ामों को पुख्ता करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।1
- झारखंड के गोड्डा जिला, महागामा प्रखंड के रहने वाले वासुदेव कुमार राय, जो जम्मू-कश्मीर बॉर्डर पर भारतीय सेना के एक जवान के रूप में तैनात हैं, पिछले छह दिनों से लापता बताए जा रहे हैं। उनके परिवार को अब तक उनके बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है, जिससे पूरे गांव में चिंता का माहौल है। यह स्थिति परिवार के लिए और भी दुखद है क्योंकि वासुदेव कुमार राय की शादी मात्र तीन महीने पहले ही हुई थी। उनकी पत्नी हर पल उनके सुरक्षित लौटने की उम्मीद लगाए बैठी हैं। माता-पिता, दोस्त और पूरा परिवार उनकी अनुपस्थिति से बुरी तरह प्रभावित है, और उनका रो-रो कर बुरा हाल है। परिवार प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से गुहार लगा रहा है कि जल्द से जल्द जवान का पता लगाया जाए और उन्हें न्याय मिले। इसके साथ ही, व्यापक स्तर पर अपील की जा रही है कि इस जानकारी को अधिक से अधिक साझा किया जाए, ताकि यह किसी महत्वपूर्ण जानकारी तक पहुंचने में मदद कर सके और वासुदेव कुमार राय सकुशल अपने परिवार के बीच लौट सकें।1
- धनबाद के निरसा स्थित लखीमाता कोलियरी में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब ड्यूटी के दौरान अटेंडेंस ऑफिस में एक बिना लाइसेंस वाले सूदखोर ने घुसकर एक ECL कर्मचारी को गाली दी और जान से मारने की धमकी दी। अटेंडेंस क्लर्क सुरेश कुमार श्रीवास्तव ने आरोपी अरविंद पासवान के खिलाफ निरसा पुलिस और ECL मैनेजमेंट में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। श्रीवास्तव ने आरोप लगाया है कि अरविंद ने सबल और नवल पासवान के साथ मिलकर ऑफिस में भय का माहौल पैदा किया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि अरविंद, जो कथित तौर पर ECL की कब्ज़ा की गई ज़मीन से अवैध रूप से पैसे उधार देने का धंधा चलाता है, पिछले छह महीनों से श्रीवास्तव को फोन पर और व्यक्तिगत रूप से लगातार धमका रहा है। वहीं, अरविंद पासवान ने अपने बचाव में एक पुराने पैसे के विवाद का हवाला दिया है। उसका दावा है कि उसके स्वर्गीय पिता बलराम पासवान ने पहले श्रीवास्तव को पैसे उधार दिए थे, और यह वर्तमान झगड़ा उसी अनसुलझे लेन-देन से जुड़ा है। इस घटना के बाद, श्रीवास्तव ने निष्पक्ष पुलिस जांच, दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और कोलियरी स्टाफ के लिए बेहतर सुरक्षा की मांग की है। फिलहाल, ECL मैनेजमेंट और निरसा पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। अधिकारियों ने कहा है कि कार्यस्थल पर उत्पीड़न के आरोपों की गहन कानूनी जांच के माध्यम से पुष्टि की जाएगी।5
- झारखंड में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) फॉर्म 2026 (SIR फॉर्म 2026) अब ऑफलाइन भरे जा रहे हैं, जो एक महत्वपूर्ण अपडेट है। इस संबंध में चेतावनी जारी की गई है कि इस फॉर्म को भरने में हुई एक छोटी सी चूक भी आपका नाम वोटर लिस्ट से हटा सकती है। हालांकि, नागरिकों को इस प्रक्रिया के लिए परेशान होने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि इसे बेहद आसान बना दिया गया है। अब मतदाता सीधे अपने घर पर ही फॉर्म भर सकते हैं, क्योंकि बूथ लेवल अधिकारी (BLO) खुद उनके घर पहुंचेंगे। वैकल्पिक रूप से, यह फॉर्म कागज़ पर मात्र 5 मिनट में आसानी से भरा जा सकता है। इस पूरी आसान प्रक्रिया को विस्तार से समझने के लिए, एक वीडियो के माध्यम से विस्तृत जानकारी उपलब्ध है, जिसमें फॉर्म भरने का सबसे सरल तरीका बताया गया है। लोकतंत्र के इस महापर्व में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने और अपने वोट को सुरक्षित रखने के लिए यह फॉर्म भरना अत्यंत आवश्यक है। सभी से आग्रह किया गया है कि वे पूरी जानकारी के लिए वीडियो को अंत तक देखें और इसे दूसरों के साथ भी साझा करें, ताकि कोई भी मतदाता अपने अधिकार से वंचित न रहे।1
- जिला पदाधिकारी अंशुल अग्रवाल और पुलिस अधीक्षक अमितेश कुमार ने आगामी श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को अंतिम रूप देने तथा श्रद्धालु कांवरियों की सुरक्षा एवं सुविधाओं को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कांवरिया पथ का संयुक्त रूप से सघन निरीक्षण किया। इस दौरान दोनों अधिकारियों ने विभिन्न पड़ावों और संवेदनशील स्थलों का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों ने कांवरिया पथ पर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात नियंत्रण, साफ-सफाई, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और चिकित्सा सुविधा सहित अन्य मूलभूत व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को यह निर्देश दिया कि श्रावणी मेले के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते पूरी कर ली जाएँ। जिला पदाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि कांवरिया पथ पर लगातार निगरानी रखी जाए, संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती सुनिश्चित हो तथा आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। इस निरीक्षण में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (बेलहर), बेलहर थानाध्यक्ष, सुईया थानाध्यक्ष समेत अन्य प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी तथा कर्मी भी उपस्थित थे।1
- ईसीएल के मुगमा क्षेत्र अंतर्गत निरसा थाना क्षेत्र में स्थित चापापुर आउटसोर्सिंग में बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। ड्यूटी खत्म कर घर लौट रहा आउटसोर्सिंग कंपनी का एक कर्मी साइड पर चल रहे डोजर की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान सोनाबाद निवासी दिलदार खान के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, काम कर रहा डोजर अचानक अनियंत्रित हो गया और पहले दिलदार खान की बाइक को क्षतिग्रस्त किया, फिर उसके शरीर के ऊपर चढ़ गया, जिससे घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई। घटना की खबर फैलते ही परिजन और आसपास के लोग बड़ी संख्या में जमा हो गए। आक्रोशित लोगों ने कंपनी की कोयला ट्रांसपोर्टिंग और उत्पादन को ठप कर दिया और मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। स्थिति बिगड़ती देख कंपनी प्रबंधन ने अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया, जिसने किसी तरह स्थिति को नियंत्रण में लिया। फिलहाल कंपनी प्रबंधन मृतक के परिजनों के साथ मुआवजे और नियोजन को लेकर वार्ता में जुटा हुआ है। इस संबंध में मुखिया पुष्पा बाउरी, निरसा प्रखंड अध्यक्ष कांग्रेस संतोष रॉय और स्थानीय ग्रामीण निसार अहमद ने भी अपनी बात रखी।5
- बंका नगर के मुख्य चौक से शिमरा मोड़ होते हुए लक्ष्मीपुर डैम पर्यटन स्थल तक जाने वाली डैम रोड की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है, जिससे इस मार्ग पर सफर करना राहगीरों और वाहन चालकों के लिए बेहद जोखिम भरा हो गया है। सड़क पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढों में बारिश का पानी भर जाने से वास्तविक स्थिति का अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़क की इस जर्जर स्थिति के कारण लगभग प्रतिदिन छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं, बावजूद इसके संबंधित विभाग मरम्मत को लेकर गंभीर नहीं दिख रहा है। बारिश के कारण पानी से भरे गड्ढे दिखते नहीं हैं, जिससे बाइक, टोटो और अन्य छोटे वाहन चालक अक्सर संतुलन खोकर दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। कई राहगीर तो चोटिल भी हो चुके हैं। यह मार्ग बौंसी से लक्ष्मीपुर डैम जैसे महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल को जोड़ता है और नए साल, छुट्टियों तथा पिकनिक सीजन में बड़ी संख्या में पर्यटक इसी रास्ते से डैम पहुंचते हैं। खराब सड़क के कारण पर्यटकों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है, जिससे क्षेत्र की छवि पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। डैम रोड के आसपास रहने वाले लोगों ने संबंधित विभाग से जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि निर्माण और मरम्मत कार्य शीघ्र शुरू नहीं किया गया, तो वे जिला प्रशासन के समक्ष अपना विरोध दर्ज कराएंगे और आंदोलन शुरू करने के लिए विवश होंगे। स्थानीय निवासियों का मानना है कि समय पर सड़क की मरम्मत होने से दुर्घटनाओं में कमी आएगी, आवागमन सुरक्षित होगा और लक्ष्मीपुर डैम आने वाले पर्यटकों को बेहतर सुविधा मिलेगी।1