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शासकीय पंडित शम्भुनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय, शहडोल में जैविक खेती विषय पर आधारित प्रशिक्षण आयोजित कृषि विज्ञान केन्द्र शहडोल के वरिष्ठ वैज्ञानिक सह प्रमुख डॉ. मृगेंद्र सिंह की उपस्थिति में शासकीय पंडित शम्भुनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय, शहडोल में जैविक खेती विषय पर आधारित प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रषिक्षण में कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. मृगेंद्र सिंह ने विद्यार्थियों को अवगत कराया कि जैविक खेती की विधि रासायनिक खेती की तुलना में मृदा की उर्वरता एवं कृषकों की उत्पादकता बढ़ाने में सहायक है। वर्षा आधारित क्षेत्रों में जैविक खेती की विधि और भी अधिक लाभदायक है। जैविक विधि द्वारा खेती करने से उत्पादन की लागत तो कम होती ही है। इसके साथ ही कृषको को आय अधिक प्राप्त होती हैै। प्रषिक्षण में वैज्ञानिक डॉ. ब्रजकिशोर प्रजापति ने विद्यार्थियों को जानकारी दी कि भारत वर्ष में ग्रामीण अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि है और कृषकों की मुख्य आय का साधन खेती है। संपूर्ण विश्व में बढ़ती हुई जनसंख्या एक गंभीर समस्या है। बढ़ती हुई जनसंख्या के साथ भोजन की आपूर्ति के लिए मानव द्वारा खाद्य उत्पादन की होड़ में अधिक से अधिक उत्पादन प्राप्त करने के लिए तरह-तरह की रासायनिक खादों, जहरीले कीटनाशकों का उपयोग, प्रकृति के जैविक और अजैविक पदार्थो के बीच आदान-प्रदान के चक्र को (इकोलाजी सिस्टम) प्रभावित करता है। जिससे भूमि की उर्वरा शक्ति खराब हो जाती है। साथ ही वातावरण प्रदूषित होता है, तथा मनुष्य के स्वास्थ्य में गिरावट आती है। प्राचीन काल में, मानव स्वास्थ्य के अनुकुल तथा प्राकृतिक वातावरण के अनुरूप खेती की जाती थी। जिससे जैविक और अजैविक पदार्थों के बीच आदान-प्रदान का चक्र निरन्तर चलता रहा था, जिसके फलस्वरूप जल, भूमि, वायु तथा वातावरण प्रदूषित नहीं होता था। उन्होंने बताया कि जैविक खेती को इन समस्याओं के लिए बेहतर विकल्प के रूप में देखा जाने लगा है। जैविक खेती के उपयोग से किसान अथवा उत्पादक को दूरगामी लाभ प्राप्त होने के साथ-साथ इसकी उत्पादन लगत भी 20-25 प्रतिशत तक कम हो जाती है। साथ ही यह भूमि की गुणवत्ता एवं उर्वरता बढ़ाकर, भूमि में कार्बन अवशेष की मात्रा को भी बढ़ाता है। इसके द्वारा फसल की उत्पादकता एवं उत्पादन बढ़ने के साथ ही स्वास्थ फसल प्राप्त होती है। कृषक मई-जून के महीने में मिट्टी पलटने वाले हल से खेतों की ग्रीष्मकालीन गहरी जुताई करते हैं तो किसानों को इसके अनेक लाभ प्राप्त होंगे। इस प्रकार की जुताई से मृदा का सूर्य की किरणों से सीधा उपचार होता है। इस जुताई से हानिकारक कीट व पौध रोगकारक नष्ट हो जाते हैं। मिट्टी की जल धारण क्षमता में वृद्धि होती है जिससे कि जड़ो की अच्छी वृद्धि होती है। ग्रीष्मकालीन जुताई के बाद खेती की लागत में कमी आती है। साथ ही उपज में लाभ औसतन 10 प्रतिशत तक बढ जाती है। ग्रीष्मकालीन गहरी जुताई रबी मौसम की फसल कटने के बाद शुरू हो जाती है, जो बरसात प्रारंभ होने तक चलती रहती है। गहरी जोताई का मृदा के भौतिक गुणों पर प्रभाव पड़ता है। इससे हानिकारक कीटों से बचाव तथा खरपतवार नियंत्रित होता है, साथ ही मृदा में वायु संचार में बढ़ोत्तरी होती है तथा मृदा संरक्षण में सहायक होता है।

2 hrs ago
user_JIYAUDDIN ANSARI
JIYAUDDIN ANSARI
Voice of people Budar, Shahdol•
2 hrs ago
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शासकीय पंडित शम्भुनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय, शहडोल में जैविक खेती विषय पर आधारित प्रशिक्षण आयोजित कृषि विज्ञान केन्द्र शहडोल के वरिष्ठ वैज्ञानिक सह प्रमुख डॉ. मृगेंद्र सिंह की उपस्थिति में शासकीय पंडित शम्भुनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय, शहडोल में जैविक खेती विषय पर आधारित प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रषिक्षण में कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. मृगेंद्र सिंह ने विद्यार्थियों को अवगत कराया कि जैविक खेती की विधि रासायनिक खेती की तुलना में मृदा की उर्वरता एवं कृषकों की उत्पादकता बढ़ाने में सहायक है। वर्षा आधारित क्षेत्रों में जैविक खेती की विधि और भी अधिक लाभदायक है। जैविक विधि द्वारा खेती करने से उत्पादन की लागत तो कम होती ही है। इसके साथ ही कृषको को आय अधिक प्राप्त होती हैै। प्रषिक्षण में वैज्ञानिक डॉ. ब्रजकिशोर प्रजापति ने विद्यार्थियों को जानकारी दी कि भारत वर्ष में ग्रामीण अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि है और कृषकों की मुख्य आय का साधन खेती है। संपूर्ण विश्व में बढ़ती हुई जनसंख्या एक गंभीर समस्या है। बढ़ती हुई जनसंख्या के साथ भोजन की आपूर्ति के लिए मानव द्वारा खाद्य उत्पादन की होड़ में अधिक से अधिक उत्पादन प्राप्त करने के लिए तरह-तरह की रासायनिक खादों, जहरीले कीटनाशकों का उपयोग, प्रकृति के जैविक और अजैविक पदार्थो के बीच आदान-प्रदान के चक्र को (इकोलाजी सिस्टम) प्रभावित करता है। जिससे भूमि की उर्वरा शक्ति खराब हो जाती है। साथ ही वातावरण प्रदूषित होता है, तथा मनुष्य के स्वास्थ्य में गिरावट आती है। प्राचीन काल में, मानव स्वास्थ्य के अनुकुल तथा प्राकृतिक वातावरण के अनुरूप खेती की जाती थी। जिससे जैविक और अजैविक पदार्थों के बीच आदान-प्रदान का चक्र निरन्तर चलता रहा था, जिसके फलस्वरूप जल, भूमि, वायु तथा वातावरण प्रदूषित नहीं होता था। उन्होंने बताया कि जैविक खेती को इन समस्याओं के लिए बेहतर विकल्प के रूप में देखा जाने लगा है। जैविक खेती के उपयोग से किसान अथवा उत्पादक को दूरगामी लाभ प्राप्त होने के साथ-साथ इसकी उत्पादन लगत भी 20-25 प्रतिशत तक कम हो जाती है। साथ ही यह भूमि की गुणवत्ता एवं उर्वरता बढ़ाकर, भूमि में कार्बन अवशेष की मात्रा को भी बढ़ाता है। इसके द्वारा फसल की उत्पादकता एवं उत्पादन बढ़ने के साथ ही स्वास्थ फसल प्राप्त होती है। कृषक मई-जून के महीने में मिट्टी पलटने वाले हल से खेतों की ग्रीष्मकालीन गहरी जुताई करते हैं तो किसानों को इसके अनेक लाभ प्राप्त होंगे। इस प्रकार की जुताई से मृदा का सूर्य की किरणों से सीधा उपचार होता है। इस जुताई से हानिकारक कीट व पौध रोगकारक नष्ट हो जाते हैं। मिट्टी की जल धारण क्षमता में वृद्धि होती है जिससे कि जड़ो की अच्छी वृद्धि होती है। ग्रीष्मकालीन जुताई के बाद खेती की लागत में कमी आती है। साथ ही उपज में लाभ औसतन 10 प्रतिशत तक बढ जाती है। ग्रीष्मकालीन गहरी जुताई रबी मौसम की फसल कटने के बाद शुरू हो जाती है, जो बरसात प्रारंभ होने तक चलती रहती है। गहरी जोताई का मृदा के भौतिक गुणों पर प्रभाव पड़ता है। इससे हानिकारक कीटों से बचाव तथा खरपतवार नियंत्रित होता है, साथ ही मृदा में वायु संचार में बढ़ोत्तरी होती है तथा मृदा संरक्षण में सहायक होता है।

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  • विवाहित को आत्महत्या के लिए उकसाने वाला आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने भेजा जेल ​शहडोल (मध्य प्रदेश): सोहागपुर थाना पुलिस ने नवविवाहिता को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। आरोपी पर अपनी पत्नी को जाति के नाम पर प्रताड़ित करने और उसे दूसरी शादी की धमकी देने का आरोप है। क्या है पूरा मामला? ​पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतिका संतोषी यादव (उम्र 22/23 वर्ष), निवासी ग्राम नवलपुर, की मृत्यु 15 अप्रैल 2026 को आग से जलने के कारण हुई थी। संतोषी पिछले तीन वर्षों से आरोपी राकेश बैगा के साथ पति-पत्नी के रूप में रह रही थी। घटना के बाद मेडिकल कॉलेज शहडोल से मिली तहरीर के आधार पर मर्ग कायम कर जांच शुरू की गई थी। जांच में हुआ खुलासा ​जांच के दौरान मृतिका की माता संजू यादव और बहन रानू यादव के बयानों से यह स्पष्ट हुआ कि राकेश बैगा, संतोषी को उसकी जाति को लेकर लगातार ताने देता था। वह उसे मानसिक रूप से परेशान करता था कि वह अपनी ही जाति की किसी अन्य महिला से शादी करेगा। इसी प्रताड़ना से तंग आकर संतोषी ने आत्मघाती कदम उठाते हुए खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली थी। पुलिस कार्रवाई ​साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी राकेश बैगा के खिलाफ धारा 108 बीएनएस (BNS) के तहत मामला दर्ज किया। 11 मई 2026 को थाना प्रभारी अरुण पाण्डेय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने नवलपुर से आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक अरुण पाण्डेय, सउनि. रामनारायण पाण्डेय और उनकी टीम की मुख्य भूमिका रही।
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    विवाहित  को आत्महत्या के लिए उकसाने वाला आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने भेजा जेल 
​शहडोल (मध्य प्रदेश): सोहागपुर थाना पुलिस ने नवविवाहिता को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। आरोपी पर अपनी पत्नी को जाति के नाम पर प्रताड़ित करने और उसे दूसरी शादी की धमकी देने का आरोप है।
क्या है पूरा मामला?
​पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतिका संतोषी यादव (उम्र 22/23 वर्ष), निवासी ग्राम नवलपुर, की मृत्यु 15 अप्रैल 2026 को आग से जलने के कारण हुई थी। संतोषी पिछले तीन वर्षों से आरोपी राकेश बैगा के साथ पति-पत्नी के रूप में रह रही थी। घटना के बाद मेडिकल कॉलेज शहडोल से मिली तहरीर के आधार पर मर्ग कायम कर जांच शुरू की गई थी।
जांच में हुआ खुलासा
​जांच के दौरान मृतिका की माता संजू यादव और बहन रानू यादव के बयानों से यह स्पष्ट हुआ कि राकेश बैगा, संतोषी को उसकी जाति को लेकर लगातार ताने देता था। वह उसे मानसिक रूप से परेशान करता था कि वह अपनी ही जाति की किसी अन्य महिला से शादी करेगा। इसी प्रताड़ना से तंग आकर संतोषी ने आत्मघाती कदम उठाते हुए खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली थी।
पुलिस कार्रवाई
​साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी राकेश बैगा के खिलाफ धारा 108 बीएनएस (BNS) के तहत मामला दर्ज किया। 11 मई 2026 को थाना प्रभारी अरुण पाण्डेय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने नवलपुर से आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक अरुण पाण्डेय, सउनि. रामनारायण पाण्डेय और उनकी टीम की मुख्य भूमिका रही।
    user_Policewala news
    Policewala news
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • कलेक्ट्रेट कार्यालय के विराट सभागार में समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक हुई संपन्न अधिकारी कर्मचारी रहे मौजूद शहडोल नगर पालिका क्षेत्र अंतर्गत नगर की जयस्तंभ चौक स्थित कलेक्ट्रेट कार्यालय के विराट सभागार में सोमवार को समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई है,बैठक में जिले के कलेक्टर डॉक्टर केदार सिंह ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सीएम हेल्पलाइन की प्रकरणों का समय सीमा पर निराकरण करने की निर्देश दिए हैं,इस दौरान जिले के अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे हैं।
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    कलेक्ट्रेट कार्यालय के विराट सभागार में समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक हुई संपन्न अधिकारी कर्मचारी रहे मौजूद

शहडोल नगर पालिका क्षेत्र अंतर्गत नगर की जयस्तंभ चौक स्थित कलेक्ट्रेट कार्यालय के विराट सभागार में सोमवार को समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई है,बैठक में जिले के कलेक्टर डॉक्टर केदार सिंह ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सीएम हेल्पलाइन की प्रकरणों का समय सीमा पर निराकरण करने की निर्देश दिए हैं,इस दौरान जिले के अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे हैं।
    user_Akhilesh Mishra
    Akhilesh Mishra
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के इंदौर में भारतीय श्रमजीवी पत्रकार महासंघ की जिला कार्यकारिणी की औपचारिक घोषणा की गई। विनोद शर्मा को जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया, जिन्होंने पत्रकार हितों की रक्षा का संकल्प लिया। इस समारोह में जिला और तहसील स्तर के पदाधिकारियों को भी शपथ दिलाई गई, जिससे संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूती मिलेगी।
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    मध्य प्रदेश के इंदौर में भारतीय श्रमजीवी पत्रकार महासंघ की जिला कार्यकारिणी की औपचारिक घोषणा की गई। विनोद शर्मा को जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया, जिन्होंने पत्रकार हितों की रक्षा का संकल्प लिया। इस समारोह में जिला और तहसील स्तर के पदाधिकारियों को भी शपथ दिलाई गई, जिससे संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूती मिलेगी।
    user_राहुल सिंह राणा
    राहुल सिंह राणा
    Newspaper advertising department सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • Post by पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
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    Post by पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    user_पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    Astrologer सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    23 hrs ago
  • चलती मालगाड़ी में लगी आग, बिरसिंहपुर स्टेशन पर रोकी गई ट्रेन चलती मालगाड़ी में लगी आग, बिरसिंहपुर स्टेशन पर रोकी गई ट्रेन उमरिया तपस गुप्ता (7999276090) जिले के बिरसिंहपुर रेलवे स्टेशन में रविवार देर रात एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। शहडोल की तरफ से आ रही कोयला लोड मालगाड़ी के तीन डब्बों में अचानक आग लग गई। चलते ट्रेन से धुआं और आग की लपटें उठती देख रेलवे कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि मालगाड़ी कोयला लेकर आगे की ओर जा रही थी। इसी दौरान ट्रेन के बीच वाले डब्बों से धुआं निकलता दिखाई दिया। लोको पायलट और गार्ड ने सतर्कता दिखाते हुए तुरंत रेलवे कंट्रोल को सूचना दी और मालगाड़ी को बिरसिंहपुर रेलवे स्टेशन पर रोक दिया। समय रहते ट्रेन रोक दिए जाने से बड़ा हादसा टल गया। मामले की जानकारी मिलते ही रेलवे प्रशासन और स्टेशन कर्मचारियों ने मोर्चा संभाल लिया। स्टेशन परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई और लोगों को डब्बों से दूर किया गया। वहीं नगरपालिका की दमकल गाड़ी को मौके पर बुलाया गया। दमकल टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगने के बाद डब्बों से तेज धुआं उठ रहा था, जिसे देखकर आसपास मौजूद लोग भी दहशत में आ गए। राहत की बात यह रही कि आग अन्य डब्बों तक नहीं पहुंची। यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती तो बड़ा नुकसान हो सकता था। प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण कोयले में गर्मी या घर्षण बताया जा रहा है, हालांकि रेलवे विभाग पूरे मामले की जांच कर रहा है। स्थानीय लोगों ने लोको पायलट, गार्ड और दमकल टीम की तत्परता की सराहना की है। उनकी सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा रेल हादसा टल गया।
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    चलती मालगाड़ी में लगी आग, बिरसिंहपुर स्टेशन पर रोकी गई ट्रेन
चलती मालगाड़ी में लगी आग, बिरसिंहपुर स्टेशन पर रोकी गई ट्रेन
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
जिले के बिरसिंहपुर रेलवे स्टेशन में रविवार देर रात एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। शहडोल की तरफ से आ रही कोयला लोड मालगाड़ी के तीन डब्बों में अचानक आग लग गई। चलते ट्रेन से धुआं और आग की लपटें उठती देख रेलवे कर्मचारियों में हड़कंप मच गया।
बताया जा रहा है कि मालगाड़ी कोयला लेकर आगे की ओर जा रही थी। इसी दौरान ट्रेन के बीच वाले डब्बों से धुआं निकलता दिखाई दिया। लोको पायलट और गार्ड ने सतर्कता दिखाते हुए तुरंत रेलवे कंट्रोल को सूचना दी और मालगाड़ी को बिरसिंहपुर रेलवे स्टेशन पर रोक दिया। समय रहते ट्रेन रोक दिए जाने से बड़ा हादसा टल गया।
मामले की जानकारी मिलते ही रेलवे प्रशासन और स्टेशन कर्मचारियों ने मोर्चा संभाल लिया। स्टेशन परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई और लोगों को डब्बों से दूर किया गया। वहीं नगरपालिका की दमकल गाड़ी को मौके पर बुलाया गया। दमकल टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगने के बाद डब्बों से तेज धुआं उठ रहा था, जिसे देखकर आसपास मौजूद लोग भी दहशत में आ गए। राहत की बात यह रही कि आग अन्य डब्बों तक नहीं पहुंची। यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती तो बड़ा नुकसान हो सकता था।
प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण कोयले में गर्मी या घर्षण बताया जा रहा है, हालांकि रेलवे विभाग पूरे मामले की जांच कर रहा है।
स्थानीय लोगों ने लोको पायलट, गार्ड और दमकल टीम की तत्परता की सराहना की है। उनकी सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा रेल हादसा टल गया।
    user_Tapas Gupta
    Tapas Gupta
    पाली, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के पेंड्रा में ‘ज्ञानभारतम’ अभियान के तहत 200 से 500 साल पुरानी दुर्लभ पांडुलिपियां मिली हैं। इनमें श्रीमद् भागवत गीता और जमींदारी वंशावली जैसे कई प्राचीन ग्रंथ शामिल हैं, जिन्हें कलेक्टर की उपस्थिति में डिजिटल रूप से संरक्षित किया गया। यह पहल अमूल्य ऐतिहासिक ज्ञान को भावी पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखेगी।
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    छत्तीसगढ़ के पेंड्रा में ‘ज्ञानभारतम’ अभियान के तहत 200 से 500 साल पुरानी दुर्लभ पांडुलिपियां मिली हैं। इनमें श्रीमद् भागवत गीता और जमींदारी वंशावली जैसे कई प्राचीन ग्रंथ शामिल हैं, जिन्हें कलेक्टर की उपस्थिति में डिजिटल रूप से संरक्षित किया गया। यह पहल अमूल्य ऐतिहासिक ज्ञान को भावी पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखेगी।
    user_Lovekesh singh dixit
    Lovekesh singh dixit
    Local News Reporter मरवाही, गौरेला पेंड्रा मरवाही, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के शहडोल नगर पालिका में आधी रात अधिकारियों और कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण फाइलें चुरा लीं। इस मिडनाइट स्कैम से पूरे राज्य में हड़कंप है और बड़े खुलासे की आशंका जताई जा रही है।
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    मध्य प्रदेश के शहडोल नगर पालिका में आधी रात अधिकारियों और कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण फाइलें चुरा लीं। इस मिडनाइट स्कैम से पूरे राज्य में हड़कंप है और बड़े खुलासे की आशंका जताई जा रही है।
    user_Ravindra chaturvedi News india
    Ravindra chaturvedi News india
    कोटमा, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • बिजली बिल वसूलने गए कर्मचारियों के साथ मलमाथर गांव के ग्रामीणों ने की मारपीट वीडियो वायरल शहडोल जिले के गोहपारू थाना क्षेत्र अंतर्गत मलमाथर गांव में बिजली बिल वसूलने गए कर्मचारियों के साथ ग्रामीणों ने की मारपीट वीडियो वायरल हुआ है,बता दें कि शहडोल जिले के मलमाथर गांव का यह मामला है,जहां बिजली बिल की वसूली करने गए कर्मचारियों के साथ यादव परिवार के लोगों ने मलमाथर गांव में जमकर मारपीट की है, मारपीट का वीडियो भी सोमवार को सोशल मीडिया में वायरल हुआ है।
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    बिजली बिल वसूलने गए कर्मचारियों के साथ मलमाथर गांव के ग्रामीणों ने की मारपीट वीडियो वायरल
शहडोल जिले के गोहपारू थाना क्षेत्र अंतर्गत मलमाथर गांव में बिजली बिल वसूलने गए कर्मचारियों के साथ ग्रामीणों ने की मारपीट वीडियो वायरल हुआ है,बता दें कि शहडोल जिले के मलमाथर गांव का यह मामला है,जहां बिजली बिल की वसूली करने गए कर्मचारियों के साथ यादव परिवार के लोगों ने मलमाथर गांव में जमकर मारपीट की है, मारपीट का वीडियो भी सोमवार को सोशल मीडिया में वायरल हुआ है।
    user_Akhilesh Mishra
    Akhilesh Mishra
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
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