राजस्थान सरकार के कार्मिक (क-4) विभाग ने राज्यहित में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 19 जून, 2026 को जारी आदेश क्रमांक प.1 (1) कार्मिक/क-4/2026 के माध्यम से राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) के 178 अधिकारियों का तत्काल प्रभाव से स्थानांतरण और पदस्थापन किया है। इस व्यापक आदेश के तहत दीपांशु सागवान को उप निदेशक, महिला एवं बाल विकास विभाग, सवाई माधोपुर और गजेंद्र शर्मा को सरवाड़ के उपखंड अधिकारी की कमान सौंपी गई है। इस आदेश में मुकेश कुमार शर्मा को संयुक्त सचिव, मुख्य सचिव कार्यालय से सचिव, राज्य सूचना आयोग, जयपुर नियुक्त किया गया है, जबकि गौरव चतुर्वेदी कार्यकारी निदेशक, राजस्थान स्टेट बेवरेजेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड, जयपुर से प्रबंध निदेशक, राजस्थान बीज निगम, जयपुर बनाए गए हैं। प्रवीण कुमार लेखरा को संयुक्त शासन सचिव, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, जयपुर से रजिस्ट्रार, राजस्थान सिविल सेवा अपीलीय अधिकरण, जयपुर भेजा गया है। अनुराग भार्गव को अतिरिक्त जिला कलक्टर एवं अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट, झालावाड़ से रजिस्ट्रार, वर्द्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय, कोटा की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अतिरिक्त, राजपाल सिंह को रजिस्ट्रार, कोटा विश्वविद्यालय, कोटा से सचिव, उदयपुर विकास प्राधिकरण, उदयपुर स्थानांतरित किया गया है, और विनीता सिंह, प्रबंध निदेशक, राजस्थान बीज निगम, जयपुर से मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं मुख्य परिचालन प्रबंधक, राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद, जयपुर पदस्थ की गई हैं। मुरलीधर प्रतिहार को मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद्, सिरोही से रजिस्ट्रार, कोटा विश्वविद्यालय, कोटा बनाया गया है। आदेश में अन्य कई अधिकारियों को भी विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर नई जिम्मेदारियां दी गई हैं, जिनमें जिला कलक्टर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, उपखंड अधिकारी, रजिस्ट्रार और विभिन्न विभागों के अतिरिक्त निदेशक जैसे पद शामिल हैं। सरकार ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे बिना कार्यग्रहण काल का उपयोग किए अपने नवीन पद पर कार्यभार ग्रहण करें और इसकी रिपोर्ट कार्मिक विभाग के पोर्टल पर भेजें। साथ ही, 13 मई 2026 और 15 सितंबर 2025 के कुछ पूर्ववर्ती स्थानांतरण आदेशों को भी निरस्त कर दिया गया है। मुकेश कुमार मूंड अपने पद के साथ-साथ अतिरिक्त निदेशक, स्थानीय निकाय विभाग, जयपुर का अतिरिक्त कार्यभार भी संभालेंगे।
राजस्थान सरकार के कार्मिक (क-4) विभाग ने राज्यहित में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 19 जून, 2026 को जारी आदेश क्रमांक प.1 (1) कार्मिक/क-4/2026 के माध्यम से राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) के 178 अधिकारियों का तत्काल प्रभाव से स्थानांतरण और पदस्थापन किया है। इस व्यापक आदेश के तहत दीपांशु सागवान को उप निदेशक, महिला एवं बाल विकास विभाग, सवाई माधोपुर और गजेंद्र शर्मा को सरवाड़ के उपखंड अधिकारी की कमान सौंपी गई है। इस आदेश में मुकेश कुमार शर्मा को संयुक्त सचिव, मुख्य सचिव कार्यालय से सचिव, राज्य सूचना आयोग, जयपुर नियुक्त किया गया है, जबकि गौरव चतुर्वेदी कार्यकारी निदेशक, राजस्थान स्टेट बेवरेजेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड, जयपुर से प्रबंध निदेशक, राजस्थान बीज निगम, जयपुर बनाए गए हैं। प्रवीण कुमार लेखरा को संयुक्त शासन सचिव, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, जयपुर से रजिस्ट्रार, राजस्थान सिविल सेवा अपीलीय अधिकरण, जयपुर भेजा गया है। अनुराग भार्गव को अतिरिक्त जिला कलक्टर एवं अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट, झालावाड़ से रजिस्ट्रार, वर्द्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय, कोटा की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अतिरिक्त, राजपाल सिंह को रजिस्ट्रार, कोटा विश्वविद्यालय, कोटा से सचिव, उदयपुर विकास प्राधिकरण, उदयपुर स्थानांतरित किया गया है, और विनीता सिंह, प्रबंध निदेशक, राजस्थान बीज निगम, जयपुर से मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं मुख्य परिचालन प्रबंधक, राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद, जयपुर पदस्थ की गई हैं। मुरलीधर प्रतिहार को मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद्, सिरोही से रजिस्ट्रार, कोटा विश्वविद्यालय, कोटा बनाया गया है। आदेश में अन्य कई अधिकारियों को भी विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर नई जिम्मेदारियां दी गई हैं, जिनमें जिला कलक्टर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, उपखंड अधिकारी, रजिस्ट्रार और विभिन्न विभागों के अतिरिक्त निदेशक जैसे पद शामिल हैं। सरकार ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे बिना कार्यग्रहण काल का उपयोग किए अपने नवीन पद पर कार्यभार ग्रहण करें और इसकी रिपोर्ट कार्मिक विभाग के पोर्टल पर भेजें। साथ ही, 13 मई 2026 और 15 सितंबर 2025 के कुछ पूर्ववर्ती स्थानांतरण आदेशों को भी निरस्त कर दिया गया है। मुकेश कुमार मूंड अपने पद के साथ-साथ अतिरिक्त निदेशक, स्थानीय निकाय विभाग, जयपुर का अतिरिक्त कार्यभार भी संभालेंगे।
- एक स्कूटी के भीतर एक सांप घुस गया, जिसके बाद सर्प रक्षक दशरथ सिंह ने इसे सुरक्षित निकालने का प्रयास किया। दशरथ सिंह ने लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सांप को सफलतापूर्वक और सुरक्षित रूप से रेस्क्यू कर लिया।1
- कांग्रेस के छात्र संवाद कार्यक्रम में शामिल होने कोटा जाते समय पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का बूंदी में जोरदार स्वागत हुआ। बूंदी विधायक हरिमोहन शर्मा की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने उनका अभिनंदन किया। इस दौरान मीडिया से बात करते हुए गहलोत ने केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारों पर जमकर हमला बोला। गहलोत ने कहा कि नीट पेपर लीक प्रकरण ने लाखों युवाओं के सपनों को चकनाचूर कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि दोषियों पर कार्रवाई न करके सरकार ने छात्रों के साथ विश्वासघात किया है। इसके साथ ही, उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी के कार्यक्रम को विफल करने के लिए पोस्टर हटाए जा रहे हैं, छात्रों को रोका जा रहा है और कोचिंग संस्थानों पर दबाव बनाया जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इन सभी गतिविधियों को 'लोकतंत्र की हत्या' करार देते हुए भाजपा सरकार को पूरी तरह विफल बताया। उनके अनुसार, भाजपा लोकतंत्र की हत्या कर रही है और छात्रों की आवाज को दबाया जा रहा है।1
- पिपरवाला गाँव की सड़क की बदहाल स्थिति ने ग्रामीणों के जीवन को प्रभावित किया है। विशेष रूप से बारिश के मौसम में, इस खराब सड़क के कारण स्थानीय लोगों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनका दैनिक जीवन दूभर हो गया है।1
- अजमेर में साइबर ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहाँ एक महिला को डॉक्टर की अपॉइंटमेंट बुक कराने के नाम पर ₹5.80 लाख की ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार बनाया गया। जानकारी के अनुसार, पीड़िता ने गूगल पर एक डॉक्टर का नंबर खोजा था। इसके बाद साइबर अपराधियों ने महिला से व्हाट्सएप कॉल के ज़रिए संपर्क किया, उसे एक फ़र्ज़ी ऐप डाउनलोड करवाया और उससे वन टाइम पासवर्ड (OTP) साझा करने को कहा। इन तरीकों का इस्तेमाल करते हुए, ठगों ने महिला के बैंक खाते से लाखों रुपये विभिन्न ट्रांजेक्शन के ज़रिए निकाल लिए। बताया जा रहा है कि यह पूरी ठगी लगभग एक घंटे के भीतर अंजाम दी गई, जिसमें बैंक खाते से ₹5.80 लाख की राशि अलग-अलग लेन-देन से निकाल ली गई। घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद साइबर अपराध थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर अपनी जाँच शुरू कर दी है। इस घटना को देखते हुए, लोगों को सावधान रहने की अपील की गई है। सलाह दी गई है कि गूगल से प्राप्त नंबरों पर बिना पुष्टि के भरोसा न करें, किसी भी अनजान लिंक या ऐप को डाउनलोड न करें, और अपना OTP या बैंक डिटेल्स किसी के साथ साझा न करें। साइबर धोखाधड़ी का शिकार होने पर तुरंत 1930 पर शिकायत करने की भी सलाह दी गई है।1
- ब्यावर में महिलाओं के बीच स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से शिक्षा का संदेश दिया जा रहा है। इस पहल के तहत, महिलाओं को नियमित रूप से योग अभ्यास जारी रखने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है।1
- मदनगंज-किशनगढ़ के महेश विहार, अजमेर रोड पर श्री माहेश्वरी पंचायत संस्था द्वारा महेश नवमी महोत्सव 2026 के अंतर्गत आयोजित "एक शाम भोलेनाथ के नाम" भव्य श्री श्याम भजन संध्या श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत संगम बन गई। इस विशाल धार्मिक आयोजन में हजारों श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा, जिन्होंने देर रात तक भक्ति रस का आनंद लिया। कार्यक्रम में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। पूरे महेश विहार परिसर को आकर्षक विद्युत सज्जा, पुष्पों की भव्य सजावट और मनोहारी प्रकाश व्यवस्था से सजाया गया था। मंच पर सजे दिव्य श्याम दरबार, अखंड ज्योत और पुष्प वर्षा ने श्रद्धालुओं को अलौकिक आध्यात्मिक अनुभूति कराई। बाबा श्याम के श्रृंगार के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला, जिससे पूरा वातावरण भक्ति और श्रद्धा से सराबोर हो गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान श्री गणेश, भगवान शिव एवं खाटू श्याम जी के पूजन-अर्चन तथा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद भक्ति संगीत की अविरल धारा बही, जिसमें कोलकाता के सुप्रसिद्ध भजन गायक लव अग्रवाल और चंडीगढ़ के ख्यातनाम भजन गायक मयंक अग्रवाल ने अपनी मधुर वाणी और भावपूर्ण प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने "हारे के सहारे आजा मेरे श्याम...", "मेरे सिर पर रख दो बाबा अपने ये दोनों हाथ...", "भोलेनाथ से निराला कोई और नहीं..." और "तेरा नाम लेते ही हर कष्ट मिट जाता है..." जैसे भजनों की प्रस्तुति दी। इन भजनों पर श्रद्धालु भक्ति भाव में झूम उठे और पूरा पंडाल "जय श्री श्याम", "हर-हर महादेव", "खाटू नरेश की जय" एवं "बाबा श्याम की जय" के उद्घोषों से गूंज उठा। दिल्ली से आए प्रसिद्ध संगीतकार नरेश पुनिया एवं उनकी म्यूजिकल टीम ने ढोल, तबला, कीबोर्ड, गिटार एवं अन्य वाद्य यंत्रों की मधुर धुनें बजाकर संगीत और भक्ति का अद्भुत समन्वय प्रस्तुत किया, जिसने श्रद्धालुओं को देर रात तक बांधे रखा। विशिष्ट अतिथि भागीरथ चौधरी ने अपने संबोधन में ऐसे धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ये आयोजन समाज में संस्कार, संस्कृति और सामाजिक समरसता को सशक्त बनाते हैं तथा युवा पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ते हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि ऐसे कार्यक्रम आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करते हैं और समाज में एकता, सहयोग व संस्कारों को सुदृढ़ करते हैं। चौधरी ने श्री माहेश्वरी पंचायत संस्था द्वारा महेश नवमी महोत्सव के अंतर्गत आयोजित विभिन्न सामाजिक, धार्मिक एवं सेवा गतिविधियों की सराहना की और आयोजकों को शुभकामनाएं दीं। इस भजन संध्या में समाज के वरिष्ठजन, महिला मंडल, नवयुवक मंडल, तरुण मंडल और बड़ी संख्या में समाजबंधुओं ने परिवार सहित भाग लिया। श्रद्धालुओं ने बाबा श्याम के दरबार में शीश नवाकर परिवार की सुख-समृद्धि, समाज की उन्नति एवं राष्ट्र की खुशहाली की कामना की। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री माहेश्वरी पंचायत संस्था अध्यक्ष रामनारायण झंवर, मंत्री किशन बंग, उपाध्यक्ष एवं महेश नवमी महोत्सव समिति संयोजक विजय सारड़ा सहित रामरतन न्याती, भगवान स्वरूप बाहेती, अमित सोमाणी, राधामोहन सारड़ा, सुरेश कांकाणी, किशन गोपाल दरगड़, महेश राठी, व्यंकटेश तेला, निरंजन मुंदड़ा, अनिल लड्ढा, महेश काबरा, मनीष सोनी, दीपक मंत्री, कार्तिक तेला, सिद्धार्थ काबरा, नरेश सारड़ा, सुरेश सारड़ा, अनुराग सारड़ा एवं पंकज सारड़ा जैसे अनेक पदाधिकारियों व समाज बंधुओं की सक्रिय भूमिका रही। महिला मंडल अध्यक्ष सरिता मंत्री और मंत्री अलका मुंदड़ा सहित अन्य महिला मंडल, नवयुवक मंडल और तरुण मंडल के पदाधिकारी भी उपस्थित थे। आयोजन के दौरान अनुशासित व्यवस्थाएं, श्रद्धालुओं के लिए उत्कृष्ट बैठक व्यवस्था और स्वयंसेवकों की सक्रिय भूमिका सराहनीय रही। कार्यक्रम का समापन भव्य महाआरती और प्रसाद वितरण के साथ हुआ, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने एक साथ आरती कर भक्तिमय वातावरण का निर्माण किया। श्री माहेश्वरी पंचायत संस्था के पदाधिकारियों ने विशिष्ट अतिथि, भजन गायकों, संगीतकारों, सहयोगकर्ताओं एवं समस्त श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।3
- रामगंज थाना पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए एक परिवादी के मकान पर हमला करने वाले 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस मामले की जांच के दौरान उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज का बारीकी से विश्लेषण किया, जिससे आरोपियों की पहचान संभव हुई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज की मदद से इन सभी आरोपियों तक पहुंच बनाई और उन्हें हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया। इस घटना और पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई के बाद इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है।1
- मध्य प्रदेश के सोनकच्छ में एक सहायक उपकरण वितरण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर के माध्यम से कई दिव्यांगजनों को विभिन्न सहायक उपकरण वितरित किए गए, जिससे वे लाभान्वित हुए।1