प्रयागराज में माहे मोहर्रम की पांचवीं तारीख़ पर अज़ादारों ने इमाम हुसैन और उनके अहलेबैत की शहादत को याद करते हुए गहरा मातम किया। ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन और दरियाबाद स्थित इमामबाड़ा अबुल हसन खां में मजलिसें आयोजित की गईं, जहां नौहाख्वानी और पुरदर्द मातम से वातावरण शोकाकुल हो गया। इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन में मौलाना सैय्यद ज़मीर हैदर रिज़वी साहब क़िब्ला ने शहादत का बयान किया, जिसमें हमशक्ल-ए-पैगंबर और हुसैन-ए-मज़लूम के फ़रज़ंद जनाब अली अकबर को यज़ीदी लश्कर द्वारा बरछी से शहीद किए जाने का वाक़या सुनाया गया। इसे सुनकर अज़ादारों की आँखें नम हो गईं और वे सिसकियाँ लेकर रोते रहे। मजलिस के बाद, अंजुमन ग़ुन्चा-ए-क़ासिमिया बख्शी बाज़ार के नौहाख्वान हाशिम बांदवी, नेयाज़ुल हसन, जिब्रान रिज़वी, आबिद हुसैन, नाज़िर, मिर्ज़ा शीराज़, मिर्ज़ा राहिब, और मोहम्मद सादिक़ ने शायर-ए-अहलेबैत व ज़ाकिरा शबीह फात्मा जव्वादी का नौहा पढ़ा, जिसने सभी को अश्कबार कर दिया। अंजुमन ग़ुन्चा-ए-क़ासिमिया के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी के अनुसार, इस अवसर पर अंजुमन के जनरल सेक्रेटरी मिर्ज़ा अज़ादार हुसैन 'अब्बू', हसनैन अख़्तर, ज़हीर अब्बास नक़वी, शजीह अब्बास, हसन टाइगर, नय्यर आब्दी, अरशद नक़वी, अहसन भाई, ज़फ़र रज़ा, सलीम साहब, माहे आलम और मुर्तुज़ा बेग सहित कई सदस्य मौजूद रहे। वहीं, दरियाबाद के इमामबाड़ा अबुल हसन खां में, ज़ाकिर-ए-अहलेबैत रज़ा हसनैन एडवोकेट ने मजलिस को खिताब किया। यहाँ अंजुमन हाशिमिया दरियाबाद के नौहाख्वानों ने पुरदर्द नौहा पढ़ा, जिसके साथ शबीह-ए-ज़ुलजनाह भी निकाला गया। अंजुमन हाशिमिया के सदस्यों ने अपने अक़ीदत का इज़हार करते हुए तेज़ धार की छुरियों से लैस ज़ंजीरों से पुश्तज़नी की, जिससे वे लहूलुहान हो गए। ज़िया अब्बास अर्शी और यासिर सिबतैन ने भी पुरदर्द नौहा पढ़ा। इस दौरान मशहद अली खां, सैय्यद मोहम्मद अस्करी, शफ़क़त अब्बास पाशा और रानू सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। छठवीं मोहर्रम के विशेष अवसर पर, सोमवार, 22 जून को रात आठ बजे रौशन बाग़ स्थित इमामबाड़ा स्व. मुस्तफा हुसैन से हज़रत अली असग़र का झूला, दो विशाल अलम और हज़रत अली अकबर का ताबूत का जुलूस निकाला जाएगा। काज़िम अब्बास व उनके साथियों द्वारा सोज़ख्वानी की जाएगी, जबकि ज़ाकिर-ए-अहलेबैत रज़ा अब्बास ज़ैदी मजलिस को खिताब करेंगे। अंजुमन मोहाफ़िज़-ए-अज़ा क़दीम के नौहाख्वानों, जिनमें ग़ुलाम अब्बास भी शामिल हैं, नौहाख्वानी करते हुए जुलूस को रौशन बाग़, बख्शी बाज़ार, क़ाज़ी गंज और अहमदगंज होते हुए फूटा दायरा इमामबाड़े तक लेकर जाएंगे। इस संबंध में जानकारी सैय्यद मोहम्मद अस्करी ने दी, जिन्होंने "प्यासा है नवासा अहमद का ऐ दश्त-ए-बला ऐ दश्त-ए-बला" कहकर अपनी बात समाप्त की।
प्रयागराज में माहे मोहर्रम की पांचवीं तारीख़ पर अज़ादारों ने इमाम हुसैन और उनके अहलेबैत की शहादत को याद करते हुए गहरा मातम किया। ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन और दरियाबाद स्थित इमामबाड़ा अबुल हसन खां में मजलिसें आयोजित की गईं, जहां नौहाख्वानी और पुरदर्द मातम से वातावरण शोकाकुल हो गया। इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन में मौलाना सैय्यद ज़मीर हैदर रिज़वी साहब क़िब्ला ने शहादत का बयान किया, जिसमें हमशक्ल-ए-पैगंबर और हुसैन-ए-मज़लूम के फ़रज़ंद जनाब अली अकबर को यज़ीदी लश्कर द्वारा बरछी से शहीद किए जाने का वाक़या सुनाया गया। इसे सुनकर अज़ादारों की आँखें नम हो गईं और वे सिसकियाँ लेकर रोते रहे। मजलिस के बाद, अंजुमन ग़ुन्चा-ए-क़ासिमिया बख्शी बाज़ार के नौहाख्वान हाशिम बांदवी, नेयाज़ुल हसन, जिब्रान रिज़वी, आबिद हुसैन, नाज़िर, मिर्ज़ा शीराज़, मिर्ज़ा राहिब, और मोहम्मद सादिक़ ने शायर-ए-अहलेबैत व ज़ाकिरा शबीह फात्मा जव्वादी का नौहा पढ़ा, जिसने सभी को अश्कबार कर दिया। अंजुमन ग़ुन्चा-ए-क़ासिमिया के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी के अनुसार, इस अवसर पर अंजुमन के जनरल सेक्रेटरी मिर्ज़ा अज़ादार हुसैन 'अब्बू', हसनैन अख़्तर, ज़हीर अब्बास नक़वी, शजीह अब्बास, हसन टाइगर, नय्यर आब्दी, अरशद नक़वी, अहसन भाई, ज़फ़र रज़ा, सलीम साहब, माहे आलम और मुर्तुज़ा बेग सहित कई सदस्य मौजूद रहे। वहीं, दरियाबाद के
इमामबाड़ा अबुल हसन खां में, ज़ाकिर-ए-अहलेबैत रज़ा हसनैन एडवोकेट ने मजलिस को खिताब किया। यहाँ अंजुमन हाशिमिया दरियाबाद के नौहाख्वानों ने पुरदर्द नौहा पढ़ा, जिसके साथ शबीह-ए-ज़ुलजनाह भी निकाला गया। अंजुमन हाशिमिया के सदस्यों ने अपने अक़ीदत का इज़हार करते हुए तेज़ धार की छुरियों से लैस ज़ंजीरों से पुश्तज़नी की, जिससे वे लहूलुहान हो गए। ज़िया अब्बास अर्शी और यासिर सिबतैन ने भी पुरदर्द नौहा पढ़ा। इस दौरान मशहद अली खां, सैय्यद मोहम्मद अस्करी, शफ़क़त अब्बास पाशा और रानू सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। छठवीं मोहर्रम के विशेष अवसर पर, सोमवार, 22 जून को रात आठ बजे रौशन बाग़ स्थित इमामबाड़ा स्व. मुस्तफा हुसैन से हज़रत अली असग़र का झूला, दो विशाल अलम और हज़रत अली अकबर का ताबूत का जुलूस निकाला जाएगा। काज़िम अब्बास व उनके साथियों द्वारा सोज़ख्वानी की जाएगी, जबकि ज़ाकिर-ए-अहलेबैत रज़ा अब्बास ज़ैदी मजलिस को खिताब करेंगे। अंजुमन मोहाफ़िज़-ए-अज़ा क़दीम के नौहाख्वानों, जिनमें ग़ुलाम अब्बास भी शामिल हैं, नौहाख्वानी करते हुए जुलूस को रौशन बाग़, बख्शी बाज़ार, क़ाज़ी गंज और अहमदगंज होते हुए फूटा दायरा इमामबाड़े तक लेकर जाएंगे। इस संबंध में जानकारी सैय्यद मोहम्मद अस्करी ने दी, जिन्होंने "प्यासा है नवासा अहमद का ऐ दश्त-ए-बला ऐ दश्त-ए-बला" कहकर अपनी बात समाप्त की।
- पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार के नेतृत्व में 21 जून 2026 को कमिश्नरेट प्रयागराज के रिजर्व पुलिस लाइंस में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर एक भव्य सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह आयोजन “स्वस्थ आयु के लिए योग” (YOGA FOR HEALTHY AGEING) थीम के साथ हुआ, जिसका मुख्य संदेश शारीरिक, मानसिक और स्वस्थ जीवन शैली को अपनाते हुए स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के लिए योग को दैनिक दिनचर्या का अनिवार्य हिस्सा बनाना था। इस कार्यक्रम में अपर पुलिस आयुक्त मुख्यालय, अपर पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था, पुलिस उपायुक्त मुख्यालय/यमुनानगर/अपराध सहित कई अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।1
- मोहर्रम की पांचवीं तारीख पर प्रयागराज में विभिन्न इमामबाड़ों में शहादत की याद में अज़ादारों की आँखें नम हो गईं, जहाँ चक ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन में अज़ादारों ने सिसकियाँ लीं और दरियाबाद स्थित इमामबाड़ा अबुल हसन खां में कुछ अज़ादारों ने तेज धार की छुरियों से मातम कर अपने आप को लहूलुहान कर लिया। चक ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन में अशरए मोहर्रम की पांचवीं पर अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के नौहों पर अज़ादार सिसकियाँ ले कर रोते रहे। मौलाना सैय्यद ज़मीर हैदर रिज़वी साहब क़िब्ला ने शहादत का बयान करते हुए, पैगंबर के हमशक्ल और हुसैन ए मज़लूम के फरज़ंद जनाब ए अली अकबर के सीने पर यज़ीदी लश्कर द्वारा बरछी से वार कर शहीद करने का वाक़या सुनाया, जिससे अज़ादारों की आँखें छलछला उठीं। मजलिस के बाद शहर की अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार के नौहाख्वान हाशिम बांदवी, नेयाज़ुल हसन, जिब्रान रिज़वी, आबिद हुसैन, नाज़िर, मिर्ज़ा शीराज़, मिर्ज़ा राहिब और मोहम्मद सादिक आदि ने शायरे अहलेबैत व ज़ाकिरा शबीह फात्मा जव्वादी का नौहा पढ़ा, जिस पर हर आँख अश्कबार हो गई। अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी के अनुसार, इस मौके पर अन्जुमन के जनरल सेक्रेटरी मिर्ज़ा अज़ादार हुसैन 'अब्बू', हसनैन अख्तर, ज़हीर अब्बास नकवी, शजीह अब्बास, हसन टाइगर, नय्यर आब्दी, अरशद नक़वी, अहसन भाई, ज़फ़र रज़ा, सलीम साहब, माहे आलम और मुर्तुज़ा बेग आदि शामिल रहे। वहीं, दरियाबाद स्थित इमामबाड़ा अबुल हसन खां में माहे मोहर्रम की पांचवीं पर मजलिस को ज़ाकिर ए अहलेबैत रज़ा हसनैन एडवोकेट ने खिताब किया। इस दौरान अन्जुमन हाशिमया दरियाबाद के नौहाख्वानों ने पुरदर्द नौहा पढ़ा और शबीह ए ज़ुलजनाह भी निकाला गया। अन्जुमन हाशिमया के सदस्यों ने तेज धार की छुरियों से लैस जंजीरों से पुश्तज़नी कर अपने आप को लहूलुहान कर लिया। ज़िया अब्बास अर्शी और यासिर सिबतैन आदि ने पुरदर्द नौहा पढ़ा। इस कार्यक्रम में मशहद अली खां, सैय्यद मोहम्मद अस्करी, शफक़त अब्बास पाशा और रानू आदि शामिल रहे। माहे मोहर्रम की छठवीं (२२ जून सोमवार) पर एक विशेष जुलूस निकाला जाएगा। रात्रि आठ बजे रौशनबाग़ स्थित इमामबाड़ा स्व मुस्तफा हुसैन से हज़रत अली असग़र का झूला, दो विशाल अलम और हज़रत अली अकबर का ताबूत का जुलूस शुरू होगा। इसमें काज़िम अब्बास व उनके साथी सोज़ख्वानी करेंगे और ज़ाकिरे अहलेबैत रज़ा अब्बास ज़ैदी मजलिस को खिताब करेंगे। अन्जुमन मोहाफिज़े अज़ा क़दीम के नौहाख्वानो ग़ुलाम अब्बास आदि के साथ नौहाख्वानी करते हुए यह जुलूस रौशन बाग़, बख्शी बाज़ार, क़ाज़ी गंज और अहमदगंज होते हुए फूटा दायरा इमामबाड़े तक जाएगा। यह जानकारी सैय्यद मोहम्मद अस्करी ने दी है।1
- आज एक बार फिर गूगल मैप के कारण कई परीक्षार्थियों की परीक्षा छूट गई. उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में, कई NEET उम्मीदवार अपनी प्रवेश परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए. उन्हें गलत रास्ते पर निर्देशित किया गया, जिस वजह से वे निर्धारित परीक्षा केंद्र R.N. इंटर कॉलेज पर समय पर नहीं पहुंच सके. देर से पहुंचने के कारण उन्हें परीक्षा हॉल में प्रवेश नहीं दिया गया.1
- रविवार को नीट की पुनर्परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सफलतापूर्वक संपन्न हो गई। यह परीक्षा दोपहर दो बजे से शाम 5.15 बजे तक आयोजित की गई थी। जिले भर में कुल 47 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जहाँ परीक्षार्थियों की प्रवेश से पहले अत्याधुनिक तकनीकी का उपयोग कर सघन तलाशी ली गई। परीक्षा के दौरान अधिकारी लगातार केंद्रों का चक्रमण करते रहे और सुरक्षा एजेंसियों के साथ-साथ एसटीएफ ने भी पूरी प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी। इस पुनर्परीक्षा के लिए कुल 23,104 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया था।1
- प्रयागराज के जमुनीपुर स्थित नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय के शशि परिसर (शोध केंद्र) में 21 जून 2026 को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के प्राध्यापकों, एनसीसी कैडेट्स और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। विश्वविद्यालय के दर्शनशास्त्र एवं योग विभाग के सहायक आचार्य योगाचार्य संतोष शुक्ल के नेतृत्व में, सभी प्रतिभागियों ने सूर्य नमस्कार, विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। इस आयोजन का उद्देश्य योग के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली और मानसिक संतुलन के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। इस अवसर पर जमुनीपुर (मुख्य परिसर) के निदेशक डॉ. आलोक कुमार मिश्र, एसोसिएट एनसीसी ऑफिसर लेफ्टिनेंट (डॉ.) कृपा शंकर यादव, डॉ. संजय भारती, डॉ. राघवेन्द्र मालवीय, डॉ. रतन पांडेय, डॉ. आदि नाथ, संपत्ति अधिकारी सुरेन्द्र तिवारी, बृजेश सिंह, एनसीसी ट्रेनर मयंक यादव, विमलेश दुबे, विनोद मिश्रा और शकुंतला देवी सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और एनसीसी कैडेट्स उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए निदेशक डॉ. आलोक कुमार मिश्र ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ एवं संतुलित जीवन जीने की एक समग्र पद्धति है। वहीं, लेफ्टिनेंट (डॉ.) कृपा शंकर यादव ने जोर देकर कहा कि वर्तमान समय में योग हर व्यक्ति की आवश्यकता बन गया है और इसे दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाया जाना चाहिए। कार्यक्रम का समापन सभी प्रतिभागियों द्वारा नियमित योगाभ्यास और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के संकल्प के साथ हुआ।4
- देशभर में NEET-UG 2026 का री-एग्जाम आयोजित किया जा रहा है, जिसमें देश के 551 शहरों और विदेश के 14 शहरों में कुल 5,440 केंद्रों पर 22.79 लाख से अधिक छात्र हिस्सा ले रहे हैं। परीक्षा दोपहर 2 बजे शुरू हुई और शाम 5 बजकर 15 मिनट तक चलेगी। छात्रों को सुबह 11 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक परीक्षा केंद्रों में प्रवेश दिया गया, जहां उनके एडमिट कार्ड और पहचान पत्र की जांच के बाद तलाशी ली गई। हालांकि, मुंबई में 2 और बेंगलुरु में 4 छात्रों को देर से पहुंचने के कारण परीक्षा केंद्र में एंट्री नहीं दी जा सकी। इस बड़ी परीक्षा के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है, जिसमें देश के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर 2 लाख से अधिक सुरक्षाकर्मी, 674 सिटी कोऑर्डिनेटर और 6,669 ऑब्जर्वर तैनात किए गए हैं। पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने के लिए पहली बार भारतीय वायुसेना के विमानों और हेलिकॉप्टरों का इस्तेमाल किया गया है, जिन्होंने NEET-UG के प्रश्नपत्रों को देशभर के अलग-अलग ज़ोन तक पहुंचाने के लिए 200 से ज्यादा उड़ानें भरीं। NTA के अनुसार, 95 हजार से अधिक एग्जाम सेंटरों में CCTV निगरानी की व्यवस्था की गई है, जिसके तहत कुल 1,38,560 CCTV कैमरे लगाए गए हैं। इनकी निगरानी राष्ट्रीय, राज्य और मंत्रालय स्तर पर की जा रही है। इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से होने वाली किसी भी गड़बड़ी को रोकने के लिए 51,311 जैमर भी लगाए गए हैं। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के विभिन्न शहरों के परीक्षा केंद्रों पर संवाददाता मौजूद हैं, जो परीक्षा से संबंधित पूरी जानकारी साझा करेंगे।1
- प्रयागराज के मुंगरी चौराहे पर एक भीषण सड़क दुर्घटना हुई है। यहां एक बस और बाइक के बीच जोरदार टक्कर हो गई, जिसके परिणामस्वरूप बाइक सवार घायल हो गया।1