गया जिले के सुदूर बांकेबाजार प्रखंड के मोनेया गांव में आज खुशियों का माहौल है, क्योंकि गांव के प्रशांत कुमार ने राज्य स्तर पर सफलता हासिल कर अपने माता-पिता और गांव का नाम रोशन किया है। सेवानिवृत प्रधानाध्यापक श्री महेश्वर प्रसाद सिंह जी के बेटे प्रशांत कुमार ने उनके जीवनभर के संस्कारों को गौरवान्वित करते हुए यह मुकाम पाया है। यह सफलता उनके माता-पिता के मूक समर्पण और एक शिक्षक पिता व संस्कारी माता की देखरेख में मिले पारिवारिक माहौल, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति दृढ़ता का परिणाम है, जो महंगी कोचिंग सुविधाओं से कहीं अधिक महत्वपूर्ण साबित हुई। प्रशांत जी ने 'प्रखंड विकास पदाधिकारी' (BDO) का पद हासिल किया है, जिसे केवल एक सरकारी नौकरी नहीं, बल्कि ग्रामीण विकास की रीढ़ बताया गया है। इस पद के साथ उन्हें सरकार की लोक-कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने, गरीबी उन्मूलन और ग्रामीण बुनियादी ढांचे जैसे सड़क, पानी और शिक्षा को सुधारने का सीधा अवसर मिलेगा। चूंकि प्रशांत खुद बांकेबाजार जैसे ग्रामीण परिवेश से आते हैं, इसलिए वे ग्रामीणों की समस्याओं और प्रशासनिक कमियों को बेहतर ढंग से समझकर समाधान कर सकेंगे। यह उपलब्धि बांकेबाजार और पूरे गया जिले के युवाओं के लिए एक 'प्रकाश स्तंभ' का काम करेगी। प्रशांत कुमार ने उस मिथक को तोड़ा है कि बड़े पदों पर सिर्फ बड़े शहरों या कॉन्वेंट स्कूलों में पढ़ने वाले ही जा सकते हैं। मोनेया जैसे गांव से निकलकर BPSC जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा को पास करना इस बात का उद्घोष है कि प्रतिभाएं किसी खास शहर या सुख-सुविधाओं की मोहताज नहीं होतीं। यह सफलता उनकी माता के आंसुओं, उनके पिता की जीवनभर की तपस्या और खुद प्रशांत की रातों की नींद का परिणाम है। मोनेया ग्राम के इस लाल को प्रशासनिक सेवा की इस नई पारी के लिए ढेर सारी शुभकामनाएं देते हुए यह उम्मीद जताई गई है कि वे अपनी कलम से बिहार के ग्रामीण विकास की एक नई और ईमानदार इबारत लिखेंगे।
गया जिले के सुदूर बांकेबाजार प्रखंड के मोनेया गांव में आज खुशियों का माहौल है, क्योंकि गांव के प्रशांत कुमार ने राज्य स्तर पर सफलता हासिल कर अपने माता-पिता और गांव का नाम रोशन किया है। सेवानिवृत प्रधानाध्यापक श्री महेश्वर प्रसाद सिंह जी के बेटे प्रशांत कुमार ने उनके जीवनभर के संस्कारों को गौरवान्वित करते हुए यह मुकाम पाया है। यह सफलता उनके माता-पिता के मूक समर्पण और एक शिक्षक पिता व संस्कारी माता की देखरेख में मिले पारिवारिक माहौल, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति दृढ़ता का परिणाम है, जो महंगी कोचिंग सुविधाओं से कहीं अधिक महत्वपूर्ण साबित हुई। प्रशांत जी ने 'प्रखंड विकास पदाधिकारी' (BDO) का पद हासिल किया है, जिसे केवल एक सरकारी नौकरी नहीं, बल्कि ग्रामीण विकास की रीढ़ बताया गया है। इस पद के साथ उन्हें सरकार की लोक-कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने, गरीबी उन्मूलन और ग्रामीण बुनियादी ढांचे जैसे सड़क, पानी और शिक्षा को सुधारने का सीधा अवसर मिलेगा। चूंकि प्रशांत खुद बांकेबाजार जैसे ग्रामीण परिवेश से आते हैं, इसलिए वे ग्रामीणों की समस्याओं और प्रशासनिक कमियों को बेहतर ढंग से समझकर समाधान कर सकेंगे। यह उपलब्धि बांकेबाजार और पूरे गया जिले के युवाओं के लिए एक 'प्रकाश स्तंभ' का काम करेगी। प्रशांत कुमार ने उस मिथक को तोड़ा है कि बड़े पदों पर सिर्फ बड़े शहरों या कॉन्वेंट स्कूलों में पढ़ने वाले ही जा सकते हैं। मोनेया जैसे गांव से निकलकर BPSC जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा को पास करना इस बात का उद्घोष है कि प्रतिभाएं किसी खास शहर या सुख-सुविधाओं की मोहताज नहीं होतीं। यह सफलता उनकी माता के आंसुओं, उनके पिता की जीवनभर की तपस्या और खुद प्रशांत की रातों की नींद का परिणाम है। मोनेया ग्राम के इस लाल को प्रशासनिक सेवा की इस नई पारी के लिए ढेर सारी शुभकामनाएं देते हुए यह उम्मीद जताई गई है कि वे अपनी कलम से बिहार के ग्रामीण विकास की एक नई और ईमानदार इबारत लिखेंगे।
- चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र के बिहिया गांव में पुरानी ज़मीनी रंजिश के चलते दो पक्षों के बीच बड़ा विवाद हो गया, जो जल्द ही हिंसक झड़प में बदल गया। जानकारी के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच ज़मीन को लेकर लंबे समय से चला आ रहा विवाद तब और बढ़ गया जब एक पक्ष द्वारा विवादित ज़मीन पर ईंटें गिराई जा रही थीं। इसी बात पर दोनों में कहासुनी शुरू हुई और देखते ही देखते वे आमने-सामने आ गए, एक-दूसरे पर जमकर ईंट-पत्थर फेंकने लगे। इस झड़प में छत पर रखे सोलर पैनल, सीमेंट एस्बेस्टस और कई अन्य सामान क्षतिग्रस्त हो गए। घटना की सूचना मिलते ही हंटरगंज थाना के एएसआई अजय कुमार महतो अपने दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए स्थिति को नियंत्रित किया और दोनों पक्षों को शांत कराया। मामले में दोनों पक्षों की ओर से हंटरगंज थाने में आवेदन दिए गए हैं, जिनके आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। थाना पुलिस ने बताया कि यह मामला पुरानी ज़मीनी रंजिश से जुड़ा है और वे पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर रहे हैं। जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी, वहीं गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस लगातार निगरानी कर रही है।1
- गया जिले में डोभी-शेरघाटी सड़क मार्ग पर पत्थलकट्टी के समीप शुक्रवार की शाम एक अज्ञात वाहन की चपेट में आने से एक युवती की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद मौके पर आसपास के लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि शाम साढ़े नौ बजे एक तेज रफ्तार वाहन ने युवती को टक्कर मार दी, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। समाचार लिखे जाने तक मृतका की पहचान नहीं हो सकी थी। उसकी पहचान के लिए मृतका के पहने हुए कपड़े एवं चप्पल से प्रयास किए जा रहे हैं। घटना की सूचना मिलने पर शेरघाटी थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पहचान कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और दुर्घटना में शामिल वाहन की पहचान के लिए जांच में जुट गई है। पुलिस ने यह भी बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की कार्रवाई की जा रही है, और मृतका की पहचान होने के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।1
- दिए गए पोस्ट में कई बार 'जय हनुमान' का उद्घोष किया गया है।1
- ग्राम रक्षा दल ने सरकार से मानदेय के भुगतान और उनकी सेवाओं के स्थायीकरण की मांग की है।1
- तेजस्वी यादव ने बिहार पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि पुलिस ने भरत तिवारी का 'फेक एनकाउंटर' किया है। उन्होंने इस बात पर कोई दो राय न होने की बात कही, जिससे आरोप की गंभीरता स्पष्ट होती है। यादव के अनुसार, यह कोई पहली घटना नहीं है, क्योंकि इससे पहले भी कई 'फेक एनकाउंटर' किए गए हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ये एनकाउंटर जाति को देखकर किए गए हैं, और पुलिस ने थाने के अंदर भी कई लोगों की हत्या की है।1
- हजारीबाग के चौपारण थाना परिसर में आगामी मुहर्रम पर्व-त्योहारों और क्षेत्र में शांति, सौहार्द तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में प्रखंड प्रमुख पूर्णिमा देवी, इंस्पेक्टर अनिल कुमार, थाना प्रभारी पंकज कुमार, सांसद प्रतिनिधि मुकुंद साव, रामस्वरूप पासवान, विधायक प्रतिनिधि राजदेव यादव और पूर्व मुखिया शंभू सिंह, जो बैठक के संचालक भी थे, सहित कई जनप्रतिनिधि, बुद्धिजीवी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभा को संबोधित करते हुए सभी समुदायों से आपसी भाईचारा, प्रेम और सौहार्द बनाए रखने की अपील की। उन्होंने विशेष रूप से किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने का आग्रह किया, जिसमें सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहें भी शामिल थीं। थाना प्रभारी पंकज कुमार ने लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन को सहयोग देने का अनुरोध किया और निर्देश दिए कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा कानून-व्यवस्था से संबंधित सूचना तत्काल पुलिस को दी जाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, और इसमें आम जनता की सहभागिता बेहद महत्वपूर्ण है। साथ ही, थाना प्रभारी ने यह भी सूचित किया कि प्रखंड के सभी 42 अखाड़ों पर पुलिस प्रशासन की पैनी नजर रहेगी। बैठक में मुखिया अर्जुन पाण्डेय, जानकी यादव, पूजा कुमारी, रेखा देवी, ममता कुमारी, गुलाबी यादव, मुखिया प्रतिनिधि अभिमन्यु प्रसाद भगत, हेलाल अख्तर, मो सफाल, विकास यादव, रेवाली पासवान, अनिल वर्णवाल, प्रदीप चन्द्रवंशी, बैजू गहलोत, शंभू शरण राणा समेत चौपारण प्रखंड के सभी पंचायतों के जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों, पत्रकारों और ग्रामीणों ने भी अपने-अपने सुझाव प्रस्तुत किए। सभी उपस्थित लोगों ने क्षेत्र में शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने का भरोसा दिलाया। अंत में, सभी ने मिलकर पर्व-त्योहारों को शांतिपूर्ण माहौल में मनाने का संकल्प लिया।1
- मुख्यमंत्री समग्र शहरी विकास योजना के अंतर्गत वार्ड 44 में एक नए पार्क निर्माण कार्य का शिलान्यास किया गया। यह शिलान्यास बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार द्वारा रुक्मिणी तालाब के निकट संपन्न हुआ।1
- गया जिले में, 'जय श्री राम जय श्री राम' और 'जय श्री हनुमान जय हनुमान' के जयकारे लगाए गए।1